बोड़ला में उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा के प्रवास के दौरान बलराम सदन के उद्घाटन का कार्यक्रम अंतिम समय में रद्द होने से क्षेत्र में गहरी चर्चा और सवालों का दौर शुरू हो गया है। प्रोटोकॉल में शामिल इस उद्घाटन के लिए प्रशासन ने टेंट, कुर्सियों और फीता काटने सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी कर ली थीं, और कर्मचारी सुबह से ही तैयारियों में जुटे थे। हालांकि, उपमुख्यमंत्री ने विश्राम गृह में कार्यकर्ताओं से मुलाकात की और भोजन भी किया, लेकिन विश्राम गृह से लगे अनुविभागीय कार्यालय परिसर में निर्मित बलराम सदन का लोकार्पण नहीं हो सका। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद बिना उद्घाटन के ही सभी व्यवस्थाएं हटा दी गईं, और अब तक इस अचानक रद्द होने के संबंध में कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। बलराम सदन का निर्माण मुख्य रूप से किसानों और ग्रामीणों की सुविधा के लिए किया गया था। तहसील और एसडीएम कार्यालय पहुँचने वाले किसानों को अक्सर गर्मी, बारिश और धूप में घंटों इंतजार करना पड़ता था, क्योंकि वहाँ बैठने की कोई समुचित व्यवस्था नहीं थी। ऐसे में इस सदन को उनके लिए एक बड़ी राहत और जनसुविधा के महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में देखा जा रहा था। स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्तमान सरकार की किसान हितैषी सोच के तहत तैयार इस भवन का उद्घाटन हो जाता तो यह केवल एक औपचारिक कार्यक्रम न होकर किसानों की एक बड़ी व्यावहारिक समस्या का समाधान होता। इससे सुशासन और जनहित के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता का सकारात्मक संदेश भी आम लोगों तक पहुँचता। मानसून की दस्तक से पहले किसान इस नई सुविधा के शुरू होने की उम्मीद लगाए बैठे थे, लेकिन उद्घाटन न होने से उनकी आशाओं को झटका लगा है। अब क्षेत्रवासियों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि बलराम सदन का उद्घाटन आखिर कब होगा और कब से किसानों को इसका बहुप्रतीक्षित लाभ मिल पाएगा।
बोड़ला में उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा के प्रवास के दौरान बलराम सदन के उद्घाटन का कार्यक्रम अंतिम समय में रद्द होने से क्षेत्र में गहरी चर्चा और सवालों का दौर शुरू हो गया है। प्रोटोकॉल में शामिल इस उद्घाटन के लिए प्रशासन ने टेंट, कुर्सियों और फीता काटने सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी कर ली थीं, और कर्मचारी सुबह से ही तैयारियों में जुटे थे। हालांकि, उपमुख्यमंत्री ने विश्राम गृह में कार्यकर्ताओं से मुलाकात की और भोजन भी किया, लेकिन विश्राम गृह से लगे अनुविभागीय कार्यालय परिसर में निर्मित बलराम सदन का लोकार्पण नहीं हो सका। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद बिना उद्घाटन के ही सभी व्यवस्थाएं हटा दी गईं, और अब तक इस अचानक रद्द होने के संबंध में कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। बलराम सदन का निर्माण मुख्य रूप से किसानों और ग्रामीणों की सुविधा के लिए किया गया था। तहसील और एसडीएम कार्यालय पहुँचने वाले किसानों को अक्सर गर्मी, बारिश और धूप में घंटों इंतजार करना पड़ता था, क्योंकि वहाँ बैठने की कोई समुचित व्यवस्था नहीं थी। ऐसे में इस सदन को उनके लिए एक बड़ी राहत और जनसुविधा के महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में देखा जा रहा था। स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्तमान सरकार की किसान हितैषी सोच के तहत तैयार इस भवन का उद्घाटन हो जाता तो यह केवल एक औपचारिक कार्यक्रम न होकर किसानों की एक बड़ी व्यावहारिक समस्या का समाधान होता। इससे सुशासन और जनहित के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता का सकारात्मक संदेश भी आम लोगों तक पहुँचता। मानसून की दस्तक से पहले किसान इस नई सुविधा के शुरू होने की उम्मीद लगाए बैठे थे, लेकिन उद्घाटन न होने से उनकी आशाओं को झटका लगा है। अब क्षेत्रवासियों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि बलराम सदन का उद्घाटन आखिर कब होगा और कब से किसानों को इसका बहुप्रतीक्षित लाभ मिल पाएगा।
- रायपुर स्थित राज टॉकीज ने दर्शकों के लिए अपनी सेवाएँ उपलब्ध कराई हैं। दर्शक अब बुक माय शो के माध्यम से ऑनलाइन टिकट बुक कर सकते हैं, जिसके लिए एक सीधा लिंक प्रदान किया गया है। किसी भी जानकारी के लिए सिनेमाघर से 0771-2229223 पर संपर्क किया जा सकता है। इसके साथ ही, राज टॉकीज ने एक व्हाट्सएप ग्रुप में शामिल होने का निमंत्रण भी दिया है, जिसके लिए एक लिंक साझा किया गया है। दर्शकों को यह लिंक अन्य लोगों के साथ साझा करके उन्हें भी ग्रुप से जोड़ने के लिए प्रोत्साहित किया गया है।1
- बोड़ला में उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा के प्रवास के दौरान बलराम सदन के उद्घाटन का कार्यक्रम अंतिम समय में रद्द होने से क्षेत्र में गहरी चर्चा और सवालों का दौर शुरू हो गया है। प्रोटोकॉल में शामिल इस उद्घाटन के लिए प्रशासन ने टेंट, कुर्सियों और फीता काटने सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी कर ली थीं, और कर्मचारी सुबह से ही तैयारियों में जुटे थे। हालांकि, उपमुख्यमंत्री ने विश्राम गृह में कार्यकर्ताओं से मुलाकात की और भोजन भी किया, लेकिन विश्राम गृह से लगे अनुविभागीय कार्यालय परिसर में निर्मित बलराम सदन का लोकार्पण नहीं हो सका। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद बिना उद्घाटन के ही सभी व्यवस्थाएं हटा दी गईं, और अब तक इस अचानक रद्द होने के संबंध में कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। बलराम सदन का निर्माण मुख्य रूप से किसानों और ग्रामीणों की सुविधा के लिए किया गया था। तहसील और एसडीएम कार्यालय पहुँचने वाले किसानों को अक्सर गर्मी, बारिश और धूप में घंटों इंतजार करना पड़ता था, क्योंकि वहाँ बैठने की कोई समुचित व्यवस्था नहीं थी। ऐसे में इस सदन को उनके लिए एक बड़ी राहत और जनसुविधा के महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में देखा जा रहा था। स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्तमान सरकार की किसान हितैषी सोच के तहत तैयार इस भवन का उद्घाटन हो जाता तो यह केवल एक औपचारिक कार्यक्रम न होकर किसानों की एक बड़ी व्यावहारिक समस्या का समाधान होता। इससे सुशासन और जनहित के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता का सकारात्मक संदेश भी आम लोगों तक पहुँचता। मानसून की दस्तक से पहले किसान इस नई सुविधा के शुरू होने की उम्मीद लगाए बैठे थे, लेकिन उद्घाटन न होने से उनकी आशाओं को झटका लगा है। अब क्षेत्रवासियों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि बलराम सदन का उद्घाटन आखिर कब होगा और कब से किसानों को इसका बहुप्रतीक्षित लाभ मिल पाएगा।1
- रायपुर जिले में छेरीखेड़ी रोड की अत्यंत खराब स्थिति से स्थानीय ग्रामीण बुरी तरह परेशान हैं। सड़क पर उड़ती धूल और जगह-जगह मौजूद गहरे गड्ढों के कारण ग्रामीणों को आवागमन में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है, जिससे उनकी परेशानी बढ़ गई है।1
- लापरवाही बरतने के गंभीर नतीजे सामने आए हैं, जहाँ एक युवक को इसी कारण अपनी जान गँवानी पड़ी है। इस दुखद घटना के मद्देनज़र, लोगों से अपील की गई है कि वे हमेशा सतर्क रहें और ऐसी गलतियाँ न करें जिससे जान का जोखिम पैदा हो।1
- शिवपुरी जिले के खोड़ चौकी क्षेत्र के चंदावनी गांव में एकतरफा प्यार के सनक भरे मामले ने एक नाबालिग लड़की की जिंदगी को मौत के करीब धकेल दिया है। आरोप है कि एक 22 वर्षीय युवक ने घर में घुसकर 17 साल की किशोरी पर पहले कुल्हाड़ी से जानलेवा हमला किया, और फिर उसके गले में रस्सी का फंदा डालकर उसे छत से लटका दिया। इस दर्दनाक वारदात का वीडियो सामने आने के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। घटना से आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने सड़कों पर उतरकर चक्का जाम कर दिया, आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी, उन्हें कड़ी से कड़ी सजा दिलाने और पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान करने की मांग की। मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी और उसके पिता को हिरासत में ले लिया है। पुलिस ने इस संबंध में कुल पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर विस्तृत जांच शुरू कर दी है।1
- धमतरी जिले के आमदी थाना क्षेत्र में फिल्म देखकर रात में अपने घर लौट रहे एक परिवार ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। परिवार का कहना है कि पोटियाडीह ओवरब्रिज के पास देर रात उनकी बाइक रोककर चाबी निकाल ली गई और उनके साथ अभद्र व्यवहार किया गया, जिससे उनका छोटा बच्चा भी डर गया। इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जो इलाके में तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में एक वर्दीधारी अधिकारी युवक से बहस करते हुए दिख रहे हैं और परिवार का आरोप है कि इसमें पुलिस का रवैया अभद्र था। इस पूरे मामले पर तीन बड़े सवाल उठ रहे हैं: क्या रात में परिवार को रोकने और चाबी निकालने का कोई ठोस वैधानिक कारण था? क्या पुलिस की कार्रवाई मोटर व्हीकल एक्ट और तय नियमों के अनुसार थी? और छोटे बच्चे की उपस्थिति में क्या पुलिस ने संवेदनशीलता बरती? फिलहाल, इस मामले में धमतरी पुलिस का कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। लोग पुलिस विभाग की प्रतिक्रिया और जांच का इंतजार कर रहे हैं। 'छग राज्य न्यूज़' वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता और मामले की स्थिति जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।1
- *RAJ TALKIES RAIPUR* ☎️- 0771-2229223 *_Book Online Ticket from Book My Show_* https://in.bookmyshow.com/cinemas/raipur/raj-talkies-raipur/buytickets/RTSR/20251207 *_हमारे व्हाट्सएप ग्रुप में जुड़ने के लिए नीचे दिए लिंक में क्लिक करे। किसी और को जोड़ने के लिए यह लिंक उन्हें भेजे🙏_* https://chat.whatsapp.com/BPpMQLgJrtjDsPO4VHm0i8?mode=hqrt31
- रायपुर के खमतराई क्षेत्र में एक गौ माता को ट्रेन की ठोकर लगने से जख्मी होने की सूचना मिली थी। इस पर जय मां शीतला गौ सेवा समिति खमतराई के गौ सेवक तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे और घायल गौ माता का उपचार किया। समिति की तत्परता से गौ माता अब सुरक्षित हैं। जय मां शीतला गौ सेवा समिति खमतराई, छत्तीसगढ़ ग्रुप ने गौ माता की सेवा के लिए लोगों से जुड़ने का आह्वान किया है, जिसके लिए 9981554132 पर संपर्क किया जा सकता है।1