फॉरेस्ट टीम के साथ मारपीट का शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाने के प्रकरण में चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर पहुंचाया जेल आरोन - गुना पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल के कुशल एवं संवेदनशील नेतृत्व में गुना पुलिस द्वारा जिले में अपराधियों के विरुद्ध लगातार प्रभावी एवं सख्त कार्यवाहियां की जा रही हैं । विशेष रूप से हिंसक, गंभीर एवं सनसनीखेज घटनाओं में त्वरित कार्यवाही करते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की जा रही है । इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री प्रशांत सिंह सुमन के मार्गदर्शन एवं एसडीओपी राघौगढ श्रीमती दीपा डोडवे के पर्यवेक्षण में आरोन थाना पुलिस द्वारा फॉरेस्ट टीम के साथ मारपीट कर शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाने के मामले में सक्रिय एवं प्रभावी कार्यवाही करते हुए प्रकरण के चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल पहुंचा दिया हैं । उल्लेखनीय है कि दिनांक 01 सितंबर 2026 को वनरक्षक प्रमोद कुमार गौर द्वारा आरोन थाने पर रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी कि आज वह अपने अन्य स्टाफ के साथ झाझोन गांव के जंगल के भ्रमण पर था, इस दौरान तीन लोगों के लकडी काटकर ले जाते हुए दिखाई देने पर उन्हें रोक कर नाम पता पूछा तो उनके द्वारा अपने नाम कल्याण अहिरवार, विजय अहिरवार एवं रघुनाथ अहिरवार निवासीगण ग्राम झाझोन के बताए एवं लकडियों के संबंध में पूछा गया तो उनके द्वारा एक और व्यक्ति सुनील अहिरवार को बुला लिया और जिनके द्वारा फारेस्ट टीम के साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट की और शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाई । फरियादी की रिपोर्ट पर पुलिस द्वारा आरोपियों के विरुद्ध आरोन थाने में अप.क्र. 328/26 धारा 132, 121(1), 221, 296(बी), 351(3), 3(5) इजाफा धारा 121(2) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना प्रारंभ की गई । घटना की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुए आरोन थाना पुलिस द्वारा तत्काल आरोपियों की गिरफ्तारी हेतु अपने मुखबिर तंत्र को सक्रिय कर सघन दबिशें दी गई । आरोपियों की तलाश के क्रम मे दिनांक 14 सितंबर 2026 को मुखबिर से प्राप्त सूचना के आधार पर पुलिस द्वारा तत्परता से कार्यवाही करते हुए फरार चारो आरोपियों 1-कल्याण पुत्र हमीरा अहिरवार उम्र 48 साल, 2-विजय पुत्र चंदना अहिरवार उम्र 48 साल, 3-रघुनाथ पुत्र बलदेवा अहिरवार उम्र 44 साल एवं 4-सुनील पुत्र कल्याण अहिरवार उम्र 34 साल निवासीगण ग्राम झाझोन थाना आरोन जिला गुना को गिरफ्तार कर लिया गया एवं विधिवत कार्यवाही उपरांत उन्हें माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया। आरोन थाना पुलिस की इस कार्यवाही में थाना प्रभारी उपनिरीक्षक पंकज कुशवाह, उपनिरीक्षक किशोर टोप्पो, प्रधान आरक्षक दिनेश शर्मा, प्रधान आरक्षक सचिन, प्रधान आरक्षक जितेन्द्र पाल, प्रधान आरक्षक इरशाद खान, प्रधान आरक्षक जितेन्द्र गुर्जर, आरक्षक सचिन, आरक्षक भूपेन्द्र एंव आरक्षक प्रताप मौर्य की विशेष भूमिका रही है ।
फॉरेस्ट टीम के साथ मारपीट का शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाने के प्रकरण में चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर पहुंचाया जेल आरोन - गुना पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल के कुशल एवं संवेदनशील नेतृत्व में गुना पुलिस द्वारा जिले में अपराधियों के विरुद्ध लगातार प्रभावी एवं सख्त कार्यवाहियां की जा रही हैं । विशेष रूप से हिंसक, गंभीर एवं सनसनीखेज घटनाओं में त्वरित कार्यवाही करते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की जा रही है । इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री प्रशांत सिंह सुमन के मार्गदर्शन एवं एसडीओपी राघौगढ श्रीमती दीपा डोडवे के पर्यवेक्षण में आरोन थाना पुलिस द्वारा फॉरेस्ट टीम के साथ मारपीट कर शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाने के मामले में सक्रिय एवं प्रभावी कार्यवाही करते हुए प्रकरण के चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल पहुंचा दिया हैं । उल्लेखनीय है कि दिनांक 01 सितंबर 2026 को वनरक्षक प्रमोद कुमार गौर द्वारा आरोन थाने पर रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी कि आज वह अपने अन्य स्टाफ के साथ झाझोन गांव के जंगल के भ्रमण पर था, इस दौरान तीन लोगों के लकडी काटकर ले जाते हुए दिखाई देने पर उन्हें रोक कर नाम पता पूछा तो उनके द्वारा अपने नाम कल्याण अहिरवार, विजय अहिरवार एवं रघुनाथ अहिरवार निवासीगण ग्राम झाझोन के बताए एवं लकडियों के संबंध में पूछा गया तो उनके द्वारा एक और व्यक्ति सुनील अहिरवार को बुला लिया और जिनके द्वारा फारेस्ट टीम के साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट की और शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाई । फरियादी की रिपोर्ट पर पुलिस द्वारा आरोपियों के विरुद्ध आरोन थाने में अप.क्र. 328/26 धारा 132, 121(1), 221, 296(बी), 351(3), 3(5) इजाफा धारा 121(2) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना प्रारंभ की गई । घटना की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुए आरोन थाना पुलिस द्वारा तत्काल आरोपियों की गिरफ्तारी हेतु अपने मुखबिर तंत्र को सक्रिय कर सघन दबिशें दी गई । आरोपियों की तलाश के क्रम मे दिनांक 14 सितंबर 2026 को मुखबिर से प्राप्त सूचना के आधार पर पुलिस द्वारा तत्परता से कार्यवाही करते हुए फरार चारो आरोपियों 1-कल्याण पुत्र हमीरा अहिरवार उम्र 48 साल, 2-विजय पुत्र चंदना अहिरवार उम्र 48 साल, 3-रघुनाथ पुत्र बलदेवा अहिरवार उम्र 44 साल एवं 4-सुनील पुत्र कल्याण अहिरवार उम्र 34 साल निवासीगण ग्राम झाझोन थाना आरोन जिला गुना को गिरफ्तार कर लिया गया एवं विधिवत कार्यवाही उपरांत उन्हें माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया। आरोन थाना पुलिस की इस कार्यवाही में थाना प्रभारी उपनिरीक्षक पंकज कुशवाह, उपनिरीक्षक किशोर टोप्पो, प्रधान आरक्षक दिनेश शर्मा, प्रधान आरक्षक सचिन, प्रधान आरक्षक जितेन्द्र पाल, प्रधान आरक्षक इरशाद खान, प्रधान आरक्षक जितेन्द्र गुर्जर, आरक्षक सचिन, आरक्षक भूपेन्द्र एंव आरक्षक प्रताप मौर्य की विशेष भूमिका रही है ।
- स्वामित्व योजना: 50 लाख रिकॉर्ड की मुफ्त रजिस्ट्री को कैबिनेट की हरी झंडी मध्य प्रदेश की मोहन यादव कैबिनेट ने स्वामित्व योजना के तहत बड़ा निर्णय लिया है। 17 सितंबर से प्रदेश के ग्रामीण इलाकों में 50 लाख संपत्तियों की मुफ्त रजिस्ट्री कराने का अभियान शुरू होगा। इस पर राज्य सरकार करीब 4 हजार करोड़ रुपये खर्च करेगी, जिससे ग्रामीणों को बैंक ऋण और संपत्ति के वैध अधिकार प्राप्त हो सकेंगे।1
- हमारी खबरें देखने के लिए सबसे पहले हमें फॉलो करें मक्सूदनगढ़ जिला गुना मध्य प्रदेश हमारी खबरें देखने के लिए सबसे पहले हमें फॉलो करें मक्सूदनगढ़ जिला गुना मध्य प्रदेश1
- सवारी ऑटो में खाद सीमेंट ढुलाई से लोडिंग वाहन चालक परेशान सवारी ऑटो में खाद-सीमेंट ढुलाई से लोडिंग वाहन चालक परेशान कलेक्ट्रेट में ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग, बोले- काम नहीं मिल रहा अशोकनगर में सवारी ऑटो में यात्रियों की जगह खाद, सीमेंट, सरिया और पाइप जैसे सामान की ढुलाई की जा रही है। इससे लोडिंग वाहन चालकों को काम नहीं मिल रहा है। मंगलवार को एकता लोडिंग यूनियन के चालकों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर तहसीलदार आलोक श्रीवास्तव को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया गया कि शहर के ज्यादातर ऑटो का इस्तेमाल सामान ढोने के लिए होता है। सवारी ऑटो चालक भी खाद की बोरी, सीमेंट, सरिया, बल्लियां और पाइप जैसे सामान भरकर ले जा रहे हैं। इससे लोडिंग वाहन चालकों को काम नहीं मिल पा रहा है। चालकों का कहना है कि सवारी ऑटो में क्षमता से ज्यादा सामान ले जाने से आए दिन विवाद भी होते हैं। उन्होंने ऑटो यूनियन के पदाधिकारियों को भी इसकी जानकारी दी थी, पर समस्या का कोई हल नहीं निकला। चालकों के मुताबिक, यूनियन ने कहा कि शिकायत करने से भी कुछ नहीं होगा। लोडिंग वाहन चालकों ने बताया कि काम न मिलने से उनके वाहनों की किस्तें जमा नहीं हो पा रही हैं। परिवार चलाना भी मुश्किल हो गया है। उन्होंने प्रशासन से सवारी ऑटो में सामान की ढुलाई और ओवरलोडिंग पर कार्रवाई की मांग की है, ताकि उन्हें काम मिल सके।2
- आंदोलन से नहीं तो अब गोली से होगी शराब बंद? शिवपुरी जिले मे जगह जगह शिवपुरी में शराब के खिलाफ महिलाओं का गुस्सा थमने का नाम नहीं ले रहा, कई गांवों में सड़क पर उतरी महिलाएं शिवपुरी। जिले में शराब बिक्री के खिलाफ महिलाओं का आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। पिछले कई दिनों से अलग-अलग गांवों में महिलाएं शराब दुकानों और कथित अवैध शराब कारोबार के खिलाफ मोर्चा खोल रही हैं। कहीं शराब की पेटियां सड़क पर रखकर तोड़ी गईं तो कहीं बोतलें फोड़कर विरोध जताया गया। अमोल, मनपुरा, थरखेड़ा और अन्य इलाकों में हुए प्रदर्शनों के बाद अब मामला प्रशासन और पुलिस के लिए गंभीर चुनौती बनता दिखाई दे रहा है। लाठी लेकर दुकान तक पहुंचीं महिलाएं भौंती क्षेत्र के मनपुरा में महिलाओं ने शराब बिक्री के विरोध में पैदल मार्च निकाला और हाथों में लाठियां तथा शराब की बोतलें लेकर थाने पहुंचीं। महिलाओं ने थाने के सामने बोतलें फोड़कर अपना विरोध जताया। उनका आरोप है कि क्षेत्र में शराब आसानी से उपलब्ध होने से परिवारों पर आर्थिक और सामाजिक असर पड़ रहा है। अमोल में पुलिस-आबकारी टीम से भिड़ंत अमोल गांव में शराब दुकान बंद कराने पहुंची महिलाओं और पुलिस-आबकारी टीम के बीच विवाद की स्थिति बन गई। रिपोर्टों के मुताबिक स्थिति इतनी बिगड़ी कि पुलिस और आबकारी कर्मचारियों के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट तक की नौबत आ गई। पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि भीड़ में कुछ उपद्रवी तत्व शामिल हो गए थे और कानून हाथ में लेने वालों की पहचान कर कार्रवाई की जाएगी। थरखेड़ा में शराब की पेटियां सड़क पर अमोला थाना क्षेत्र के थरखेड़ा गांव में भी महिलाओं ने शराब दुकान के खिलाफ प्रदर्शन किया। रिपोर्ट के अनुसार महिलाओं ने दुकान से शराब की पेटियां बाहर निकालकर सड़क पर रखीं और लाठियों से उन्हें तोड़ दिया। महिलाओं की मांग है कि शराब दुकान को गांव से हटाया जाए। कई जगहों पर सामने आया विरोध सिरसौद क्षेत्र में भी महिलाओं द्वारा शराब दुकान के विरोध में दुकान से शराब की पेटियां बाहर निकालने और विरोध प्रदर्शन की खबर सामने आई। लगातार सामने आ रहे इन घटनाक्रमों से संकेत मिल रहा है कि शराब बिक्री को लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं का असंतोष लगातार बढ़ रहा है। पुलिस के सामने कानून-व्यवस्था की चुनौती विरोध अब केवल ज्ञापन और शांतिपूर्ण प्रदर्शन तक सीमित नहीं रह गया है। कुछ स्थानों पर शराब की बोतलें तोड़ने, दुकानों में तोड़फोड़ और पुलिस-आबकारी टीम से टकराव की घटनाएं सामने आई हैं। एक रिपोर्ट के मुताबिक अलग-अलग घटनाओं में पुलिस ने एफआईआर भी दर्ज की है। सबसे बड़ा सवाल: महिलाओं का कहना है कि जब बार-बार शिकायत और आंदोलन के बावजूद शराब की बिक्री पर प्रभावी रोक नहीं लगती, तो आखिर प्रशासन कब ठोस कार्रवाई करेगा? वहीं दूसरी ओर, प्रदर्शन के दौरान कानून हाथ में लेने की घटनाएं भी चिंता बढ़ा रही हैं। नोट: “आंदोलन से नहीं तो अब गोली से होगी शराब बंद” पंक्ति को खबर में प्रश्न/आक्रोश के संकेतक शीर्षक के रूप में रखा गया है। उपलब्ध स्रोतों में महिलाओं द्वारा गोली चलाने या गोली से शराब बंद कराने की कोई पुष्ट घटना नहीं मिली है।1
- jamal Pur me rod bahot karab he motarsaekil nhi nikalti siti shironj ke par ग्राम जमाल पुर सरपंच से बोला तो भी रोड नहीं बनता1
- डोल एकादशी 22 सितंबर के पावन अवसर पर अलख निरंजन ज्योति ध्यान योग केंद्र, भुवाखेड़ी की ओर से एक विशेष सेवा का आयोजन किया जा रहा है। *बाबा खाटूश्याम मंदिर,भुवाखेड़ी।* *हारे का सहारा - बाबा श्याम हमारा।।* छबड़ा: बाबा खाटूश्याम मन्दिर, भुवाखेड़ी, कुछ ही दिनों में होने लगे बाबा के दर पर लोगो के साथ चमत्कार।आप नही आ पा रहे है ऑनलाइन जुड़िये।भक्तों मानव जीवन में आ रही है आध्यात्मिक या भौतिक जीवन से जुड़ी समस्या,जिंदगी हार-जीत का खेल है निराश ना हो।जब जीवन में हार दिखने लगे,जीवन का झंडा गिरने लगे तो जीवन में कई बार ऐसा समय आता है जब लगता है कि सब कुछ हाथ से निकल रहा है - चाहे वह कारोबार हो, नौकरी में रुकावट हो या घर-परिवार की परेशानी। ऐसे समय में भक्तों का विश्वास है कि खाटू वाले बाबा श्याम ही सहारा बनते हैं।इसी भाव को लेकर आगामी एकादशी 22 सितंबर के पावन अवसर पर अलख निरंजन ज्योति ध्यान योग केंद्र, भुवाखेड़ी की ओर से एक विशेष सेवा का आयोजन किया जा रहा है।एकादशी पर निशान अर्पण का महत्व - खाटू धाम में निशान अर्पित करना संकल्प और श्रद्धा का प्रतीक माना जाता है। मान्यता है कि अपने नाम और गोत्र से अर्पित किया गया निशान बाबा तक अपनी प्रार्थना पहुंचाता है।सेवा में क्या मिलेगा? मात्र 251 रुपये की सेवा में - आपके नाम से बाबा का निशान अर्पण, अर्पण का वीडियो आपको WhatsApp पर।तो आप क्या करें - निशान की राशि PhonePe 7742139222 पर भेजें और स्क्रीनशॉट हमारे योग केंद्र के WhatsApp 9413006192 पर भेज दें, साथ ही आपका नाम,गोत्र, मनोकामना और आपका WhatsApp नंबर लिख भेजें।जय श्री श्याम - हारे का सहारा,बाबा श्याम हमारा।3
- जरंग दल वालों ने भैंस चुराई ओबीसी एससी एसटी हो जाओ तैयार साथियों बजरंग दल के गुंडो को जूता मारो सालों को ग्राम पिपरई लोधी ओबीसी एससी एसटी हिंदू परिवार के कपड़े जलाने वाले गुंडो को जूता मारो सालों को पुलिस प्रशासन देख रही दंगा इन गुंडो पर कड़ी से कड़ी कार्यवाही करो नहीं तो आंदोलन किया जाएगा एक बड़ा अशोकनगर में ओबीसी महासभा भीम आर्मी जायस संगठन हो जाओ तैयार साथियों और लोधी समाज के व्यक्ति को नंगा करके घुमाया जिला अशोकनगर के ग्राम पिपरई में लोधी समाज के व्यक्ति ने हनुमान जी की मूर्ति तोड़ी पर उसकी सजा कानूनी रूप से मिलनी चाहिए ठीक है लेकिन बजरंग दल वालों ने उसके साथ मारपीट की पूरे गांव में नंगा घुमाया गया बजरंग दल वालों ने भैंस चोरी की पूरे परिवार के साथ मारपीट की गई मासूम बच्चों के साथ मारपीट की गई उसके मकान पर बुलडोजर चलाया गया यह क्या संवैधानिक न्याय हैं उन अपराधियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई हो सुप्रीम कोर्ट का आदेश है अपराधी के परिवार को प्रताड़ित नहीं किया जा सकता या उसकी संपत्ति मकान पर बुलडोजर नहीं चल सकता1
- मक्सूदनगढ़ के करेला गांव में कुएं में मिला नाबालिक के शव के बाद, आज फिर मामला हुआ गरम मक्सूदनगढ़ के करेला गांव में कुएं में मिला नाबालिक के शव के बाद, आज फिर मामला हुआ गरम1