Shuru
Apke Nagar Ki App…
लोक जनशक्ति पार्टी ने सभी लोगों को ईद-उल-अज़हा की दिली मुबारकबाद दी है। पार्टी ने त्याग, कुर्बानी और भाईचारे के इस मुबारक पर्व पर सभी के जीवन में सुख, शांति और बरकत आने की कामना की है। इस अवसर पर, लोक जनशक्ति पार्टी ने सभी से मिलकर मोहब्बत और इंसानियत का पैगाम फैलाने का आह्वान किया है।
इरशाद अहमद
लोक जनशक्ति पार्टी ने सभी लोगों को ईद-उल-अज़हा की दिली मुबारकबाद दी है। पार्टी ने त्याग, कुर्बानी और भाईचारे के इस मुबारक पर्व पर सभी के जीवन में सुख, शांति और बरकत आने की कामना की है। इस अवसर पर, लोक जनशक्ति पार्टी ने सभी से मिलकर मोहब्बत और इंसानियत का पैगाम फैलाने का आह्वान किया है।
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- बरेली के कटरा चाँद खाँ स्थित जाटव बस्ती और मलिन बस्ती के निवासियों ने अपनी समस्याओं को लेकर नगर निगम पर धरना-प्रदर्शन किया। डॉ. भीमराव अंबेडकर दलित उत्थान सेवा समिति के अध्यक्ष सुनील सागर और रणवीर सिंह के नेतृत्व में प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी करते हुए नगर आयुक्त और महापौर को ज्ञापन सौंपकर त्वरित कार्रवाई की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि कटरा चाँद खाँ की जाटव बस्ती, जिसे अंबेडकर भवन क्षेत्र एवं मलिन बस्ती भी कहते हैं, पिछले कई महीनों से टूटी सड़क, सीवर जाम और पेयजल संकट जैसी गंभीर चुनौतियों का सामना कर रही है। उनके अनुसार, नगर निगम द्वारा सड़क तोड़ने के बाद भी अब तक निर्माण कार्य पूरा नहीं किया गया है, जबकि आसपास के अन्य क्षेत्रों में यह कार्य संपन्न हो चुका है। सुनील सागर और रणवीर सिंह ने विशेष रूप से बताया कि खराब सड़कें और कीचड़ महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों के लिए भारी परेशानी का सबब बन गए हैं, वहीं सीवर लाइन की समस्या और गंदगी से बीमारियों के फैलने का खतरा लगातार बना हुआ है। उन्होंने स्पष्ट आरोप लगाया कि दलित बस्ती के साथ विकास कार्यों में जानबूझकर भेदभाव किया जा रहा है। समिति ने सरकार के 'सबका साथ, सबका विकास' के नारे पर सवाल उठाते हुए पूछा कि जब सरकार समावेशी विकास की बात करती है, तो दलित बस्तियों को मूलभूत सुविधाओं से वंचित क्यों रखा जा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने मांग की है कि जाटव बस्ती एवं अंबेडकर भवन क्षेत्र की सड़क का निर्माण कार्य तत्काल पूरा किया जाए, सीवर लाइनों की सफाई और मरम्मत की जाए तथा नियमित और स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित हो। इसके साथ ही, उन्होंने विकास कार्यों में किसी भी प्रकार के भेदभाव को समाप्त करने की कड़ी मांग की।1
- मंगलवार को बरेली के कटरा चाँद खाँ की जाटव बस्ती और मलिन बस्ती के निवासियों का गुस्सा नगर निगम में फूट पड़ा। डॉ. भीमराव अंबेडकर दलित उत्थान सेवा समिति के बैनर तले बड़ी संख्या में क्षेत्रवासियों ने बदहाल सड़क, सीवर जाम और पेयजल की गंभीर समस्याओं को लेकर नगर निगम पर धरना-प्रदर्शन किया और जमकर नारेबाजी की। समिति के अध्यक्ष सुनील सागर और रणवीर सिंह के नेतृत्व में प्रदर्शनकारियों ने नगर आयुक्त और महापौर को ज्ञापन सौंपकर इन समस्याओं पर तुरंत कार्रवाई की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि नगर निगम ने कई महीने पहले क्षेत्र की सड़क तोड़ दी थी, लेकिन उसका निर्माण आज तक पूरा नहीं कराया गया है, जिसके कारण पूरी बस्ती में कीचड़ और गंदगी फैली हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि टूटी सड़क और सीवर की समस्या से महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को सबसे अधिक परेशानी हो रही है। लोगों ने यह भी कहा कि गंदगी और जलभराव के कारण बस्ती में बीमारी फैलने का खतरा बना हुआ है, जबकि अन्य इलाकों में सड़कों का निर्माण हो गया है, दलित बस्ती की लगातार अनदेखी की जा रही है। समिति ने अपनी मांगों में कहा कि सड़क निर्माण का कार्य जल्द से जल्द पूरा किया जाए, सीवर लाइन की तुरंत सफाई और मरम्मत करवाई जाए, तथा बस्ती में साफ पेयजल की नियमित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।4
- बरेली पुलिस ने सिरौली थाना क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। दक्षिणी पुलिस अधीक्षक श्रीमती अंशीका वर्मा ने जानकारी दी कि इन गिरफ्तारियों के साथ घटना में प्रयुक्त आलाकत्ल, एक लकड़ी का डंडा, भी बरामद किया गया है।1
- बरेली के थाना किला क्षेत्र से जुड़े एक मामले में, एक पीड़ित व्यक्ति ने पुलिसकर्मियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़ित ने इन आरोपों के संबंध में इंसाफ की गुहार लगाई है।1
- लोक जनशक्ति पार्टी ने सभी लोगों को ईद-उल-अज़हा की दिली मुबारकबाद दी है। पार्टी ने त्याग, कुर्बानी और भाईचारे के इस मुबारक पर्व पर सभी के जीवन में सुख, शांति और बरकत आने की कामना की है। इस अवसर पर, लोक जनशक्ति पार्टी ने सभी से मिलकर मोहब्बत और इंसानियत का पैगाम फैलाने का आह्वान किया है।1
- ऑल इंडिया मुस्लिम मजलिस पार्टी (AIMM) की बरेली इकाई ने शहर के बिहारीपुर ढाल रोड और इस्लामिया इंटर कॉलेज के आसपास विभिन्न प्रजातियों की चिड़ियों और दुर्लभ पक्षियों के अवैध कारोबार पर गहरी चिंता व्यक्त की है। पार्टी ने इस संबंध में जिलाधिकारी बरेली को एक ज्ञापन सौंपा है, जिसमें इस अवैध व्यापार को तत्काल बंद कराने और इसमें शामिल दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है। यह जानकारी जिला संवाददाता अभिनय रस्तोगी की रिपोर्ट में दी गई है। प्रदेश संगठन मंत्री मुख्तार अहमद ने इस कारोबार को अमानवीय और कानूनन अपराध बताते हुए कहा कि यह इंसानियत और प्रकृति दोनों के खिलाफ है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि मासूम पक्षियों को उनके प्राकृतिक वातावरण से अलग कर पिंजरों में कैद रखना बेहद क्रूर है, जिससे पर्यावरण संतुलन को भी गंभीर खतरा है, खासकर दुर्लभ प्रजातियों के पक्षियों को बेचने के कारण। अहमद ने प्रशासन से इस पूरे नेटवर्क की जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाने की मांग की है, ताकि भविष्य में वन्यजीवों के प्रति ऐसी क्रूरता न हो। मंडल प्रवक्ता और जिला महासचिव एडवोकेट अकील उद्दीन ने इस अवैध व्यापार को वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 का खुला उल्लंघन बताया। उन्होंने कहा कि संरक्षित और दुर्लभ प्रजातियों की चिड़ियों की खरीद-फरोख्त पूरी तरह से प्रतिबंधित है, फिर भी यह धंधा खुलेआम चल रहा है, जो प्रशासनिक लापरवाही को दर्शाता है। उद्दीन ने वन विभाग, पुलिस प्रशासन और नगर निगम से संयुक्त अभियान चलाकर अवैध कारोबारियों पर कार्रवाई करने का आग्रह किया। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगी तो कई दुर्लभ प्रजातियां विलुप्त होने की कगार पर पहुँच सकती हैं, और पक्षियों एवं वन्यजीवों की रक्षा करना हर नागरिक का नैतिक दायित्व है। ज्ञापन में AIMM नेताओं ने प्रशासन से तत्काल अवैध पक्षी व्यापारियों के विरुद्ध छापेमारी करने, दुर्लभ एवं संरक्षित पक्षियों को मुक्त कर सुरक्षित वातावरण में छोड़ने, दोषियों पर वन्यजीव संरक्षण अधिनियम और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज करने और भविष्य में ऐसे कारोबार पर रोक लगाने के लिए विशेष निगरानी अभियान चलाने की मांग की है। ज्ञापन सौंपते समय मुख्तार अहमद, एडवोकेट अकील उद्दीन सहित कई अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।1
- बीसलपुर क्षेत्र के ग्राम सौहरा खकूमा स्थित प्रसिद्ध काली माता धाम में 26 मई से शुरू हुआ तीन दिवसीय धार्मिक मेला श्रद्धा और उत्साह के वातावरण में चल रहा है। इस दौरान दूर-दराज के गांवों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु माता के दरबार में पहुंच रहे हैं, जिससे पूरे क्षेत्र में भक्तिमय माहौल बना हुआ है। मंदिर परिसर को आकर्षक सजावट और रंग-बिरंगी रोशनी से सजाया गया है। मंदिर के महंत रेवाड़ी सिंह ने बताया कि काली माता धाम क्षेत्र की आस्था का प्रमुख केंद्र है, जहां आने वाले श्रद्धालुओं की मां काली में गहरी आस्था है। मान्यता है कि सच्चे मन से माँ के दरबार में आने वालों की हर मनोकामना पूरी होती है। मेले के दौरान प्रतिदिन विधि-विधान से पूजा-अर्चना, धार्मिक अनुष्ठान और विशाल भंडारे का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें श्रद्धालु बढ़-चढ़कर भाग ले रहे हैं। मेले का मुख्य आकर्षण 27 मई की रात आयोजित होने वाला भव्य माता जागरण है, जिसमें विभिन्न भजन मंडलियां माता रानी के भजनों और देवी गीतों की मनमोहक प्रस्तुतियां देंगी। आयोजकों को देर रात तक हजारों श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं, जिसमें बरेली और पीलीभीत जनपद का पुलिस बल तैनात किया गया है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए फायर ब्रिगेड की टीम भी मौके पर मौजूद है और पुलिस प्रशासन लगातार गश्त कर सुरक्षा व्यवस्था पर नजर बनाए हुए है। मेले में प्रसाद, खानपान, श्रृंगार सामग्री, खिलौने और घरेलू सामान की कई दुकानें सजी हैं, साथ ही बच्चों के लिए झूले और मनोरंजन के साधन भी उपलब्ध हैं, जिससे मेले में दिनभर भारी भीड़ उमड़ी। महंत रेवाड़ी सिंह ने बताया कि मेले के शुभ अवसर पर 121 कन्याओं का पूजन कर उन्हें भोजन कराया गया तथा दक्षिणा देकर सम्मानपूर्वक विदा किया गया। उन्होंने क्षेत्रवासियों और श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर माता रानी का आशीर्वाद प्राप्त करने की अपील की है।2
- बरेली के थाना बरादरी क्षेत्र में स्थित कटरा चाँद खाँ में रोडवेज वर्कशॉप की गिरी हुई दीवार को नगर निगम के नक्शे के अनुसार 13 फीट अंदर बनवाने की मांग को लेकर क्षेत्रवासियों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा है। यह ज्ञापन एससी-एसटी आयोग के सदस्य उमेश कठेरिया के नेतृत्व में दिया गया। ज्ञापन में बताया गया है कि कुछ दिन पहले रोडवेज वर्कशॉप की पुरानी दीवार अचानक भरभराकर गिर गई थी। इस घटना में कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए थे और दो लोग घायल भी हुए थे। क्षेत्रवासियों का आरोप है कि यह दीवार पुराने नक्शे के अनुसार काफी आगे बढ़ाकर बनाई गई थी, जिसके कारण उस स्थान पर हमेशा जाम की स्थिति बनी रहती है। उमेश कठेरिया ने जोर देकर कहा कि नगर निगम के नक्शे के मुताबिक दीवार को 13 फीट अंदर बनाया जाना चाहिए, लेकिन रोडवेज अधिकारी दोबारा उसी पुरानी जगह पर दीवार बनाने पर अड़े हुए हैं। वे नगर निगम के नक्शे को मानने को तैयार नहीं हैं। उन्होंने जनहित का हवाला देते हुए नियमानुसार कार्रवाई करने और दीवार का निर्माण नगर निगम के मानचित्र के अनुसार ही कराने की मांग की। इस दौरान सोनूलाल, खसालीराम सहित क्षेत्र के कई अन्य लोग भी मौजूद रहे।3