जिले के पुन्हाना शहर से सटा शमशाबाद खेंचातान गांव पिछले करीब दो दशकों से अपनी प्रशासनिक पहचान के संकट से जूझ रहा है. यहां समय-दर-समय सरकारें बदलीं, जनप्रतिनिधि बदले और समय भी आगे बढ़ता गया, लेकिन गांव की किस्मत नहीं बदली. ग्रामीणों का आरोप है कि खेंचातान न तो किसी ग्राम पंचायत का हिस्सा है और न ही उसे पुन्हाना नगर पालिका में शामिल किया गया है. इसी कारण यह गांव विकास की दौड़ में पिछड़ता जा रहा है . आखिर किसके अधीन है खेंचातान?: ग्रामीणों का सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर उनका गांव किस प्रशासनिक व्यवस्था के अंतर्गत आता है. पुन्हाना शहर की सीमा से सटे इस गांव की स्थिति लंबे समय से स्पष्ट नहीं हो सकी है. ग्रामीणों का कहना है कि जब गांव की प्रशासनिक पहचान ही तय नहीं होगी तो विकास कार्यों के लिए जिम्मेदारी कौन लेगा. इसी सवाल के साथ ग्रामीण प्रशासन और सरकार से स्थायी समाधान की मांग कर रहे हैं. जिले के पुन्हाना शहर से सटा शमशाबाद खेंचातान गांव पिछले करीब दो दशकों से अपनी प्रशासनिक पहचान के संकट से जूझ रहा है. यहां समय-दर-समय सरकारें बदलीं, जनप्रतिनिधि बदले और समय भी आगे बढ़ता गया, लेकिन गांव की किस्मत नहीं बदली. ग्रामीणों का आरोप है कि खेंचातान न तो किसी ग्राम पंचायत का हिस्सा है और न ही उसे पुन्हाना नगर पालिका में शामिल किया गया है. इसी कारण यह गांव विकास की दौड़ में पिछड़ता जा रहा है . आखिर किसके अधीन है खेंचातान?: ग्रामीणों का सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर उनका गांव किस प्रशासनिक व्यवस्था के अंतर्गत आता है. पुन्हाना शहर की सीमा से सटे इस गांव की स्थिति लंबे समय से स्पष्ट नहीं हो सकी है. ग्रामीणों का कहना है कि जब गांव की प्रशासनिक पहचान ही तय नहीं होगी तो विकास कार्यों के लिए जिम्मेदारी कौन लेगा. इसी सवाल के साथ ग्रामीण प्रशासन और सरकार से स्थायी समाधान की मांग कर रहे हैं.
जिले के पुन्हाना शहर से सटा शमशाबाद खेंचातान गांव पिछले करीब दो दशकों से अपनी प्रशासनिक पहचान के संकट से जूझ रहा है. यहां समय-दर-समय सरकारें बदलीं, जनप्रतिनिधि बदले और समय भी आगे बढ़ता गया, लेकिन गांव की किस्मत नहीं बदली. ग्रामीणों का आरोप है कि खेंचातान न तो किसी ग्राम पंचायत का हिस्सा है और न ही उसे पुन्हाना नगर पालिका में शामिल किया गया है. इसी कारण यह गांव विकास की दौड़ में पिछड़ता जा रहा है . आखिर किसके अधीन है खेंचातान?: ग्रामीणों का सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर उनका गांव किस प्रशासनिक व्यवस्था के अंतर्गत आता है. पुन्हाना शहर की सीमा से सटे इस गांव की स्थिति लंबे समय से स्पष्ट नहीं हो सकी है. ग्रामीणों का कहना है कि जब गांव की प्रशासनिक पहचान ही तय नहीं होगी तो विकास कार्यों के लिए जिम्मेदारी कौन लेगा. इसी सवाल के साथ ग्रामीण प्रशासन और सरकार से स्थायी समाधान की मांग कर रहे हैं. जिले के पुन्हाना शहर से सटा शमशाबाद खेंचातान गांव पिछले करीब दो दशकों से अपनी प्रशासनिक पहचान के संकट से जूझ रहा है. यहां समय-दर-समय सरकारें बदलीं, जनप्रतिनिधि बदले और समय भी आगे बढ़ता गया, लेकिन गांव की किस्मत नहीं बदली. ग्रामीणों का आरोप है कि खेंचातान न तो किसी ग्राम पंचायत का हिस्सा है और न ही उसे पुन्हाना नगर पालिका में शामिल किया गया है. इसी कारण यह गांव विकास की दौड़ में पिछड़ता जा रहा है . आखिर किसके अधीन है खेंचातान?: ग्रामीणों का सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर उनका गांव किस प्रशासनिक व्यवस्था के अंतर्गत आता है. पुन्हाना शहर की सीमा से सटे इस गांव की स्थिति लंबे समय से स्पष्ट नहीं हो सकी है. ग्रामीणों का कहना है कि जब गांव की प्रशासनिक पहचान ही तय नहीं होगी तो विकास कार्यों के लिए जिम्मेदारी कौन लेगा. इसी सवाल के साथ ग्रामीण प्रशासन और सरकार से स्थायी समाधान की मांग कर रहे हैं.
- मोबाइल झपटने के मामलें में दोषी को 5 वर्ष की सजा, 30 हजार रुपये जुर्माना नूंह। जिले की जिला एवं सत्र न्यायालय ने वर्ष 2022 के एक मोबाइल झपटमारी मामलें में आरोपी को दोषी ठहराते हुए 5 वर्ष के कठोर कारावास और 30 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। यह मामला सदर थाना पुन्हाना क्षेत्र से संबंधित है। जिला एवं सत्र न्यायाधीश डॉ. सुशील कुमार गर्ग की अदालत ने मंगलवार 8 सितंबर को सजा के आदेश पारित किए। पुलिस प्रवक्ता के अनुसार 13 मई 2022 को दल्लाबास निवासी इरशाद दल्लाबास चौक पर खड़े होकर मोबाइल फोन पर बात कर रहा था। इसी दौरान एक युवक उसका मोबाइल फोन छीनकर भागने लगा। इरशाद ने उसका पीछा कर उसे मौके पर ही पकड़ लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम सलीम पुत्र जाकिर निवासी गांव फुसैता, थाना बिछोर, जिला नूंह बताया। पीड़ित ने अपना मोबाइल फोन भी आरोपी से वापस ले लिया और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर उसके खिलाफ सदर थाना पुन्हाना में केस दर्ज किया गया । जांच के दौरान आरोपी के कब्जे से एक देशी कट्टा भी बरामद हुआ, जिस संबंध में उसके खिलाफ शस्त्र अधिनियम की धाराएं जोड़कर उसे गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया । मामलें की सुनवाई के बाद अदालत ने आरोपी सलीम को लूट तथा शस्त्र अधिनियम की धारा के तहत दोषी करार दिया । अदालत ने अपने आदेश में कहा कि दोषी ने शिकायतकर्ता का मोबाइल फोन छीना था और उसके पास अवैध हथियार भी था। ऐसे अपराधों में अत्यधिक नरमी समाज में गलत संदेश दे सकती है। सभी तथ्यों को ध्यान में रखते हुए अदालत ने दोषी को 5 वर्ष के कठोर कारावास और 30 हजार रुपये जुर्माना भरने का आदेश दिया। मोबाइल झपटने के मामलें में दोषी को 5 वर्ष की सजा, 30 हजार रुपये जुर्माना नूंह। जिले की जिला एवं सत्र न्यायालय ने वर्ष 2022 के एक मोबाइल झपटमारी मामलें में आरोपी को दोषी ठहराते हुए 5 वर्ष के कठोर कारावास और 30 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। यह मामला सदर थाना पुन्हाना क्षेत्र से संबंधित है। जिला एवं सत्र न्यायाधीश डॉ. सुशील कुमार गर्ग की अदालत ने मंगलवार 8 सितंबर को सजा के आदेश पारित किए। पुलिस प्रवक्ता के अनुसार 13 मई 2022 को दल्लाबास निवासी इरशाद दल्लाबास चौक पर खड़े होकर मोबाइल फोन पर बात कर रहा था। इसी दौरान एक युवक उसका मोबाइल फोन छीनकर भागने लगा। इरशाद ने उसका पीछा कर उसे मौके पर ही पकड़ लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम सलीम पुत्र जाकिर निवासी गांव फुसैता, थाना बिछोर, जिला नूंह बताया। पीड़ित ने अपना मोबाइल फोन भी आरोपी से वापस ले लिया और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर उसके खिलाफ सदर थाना पुन्हाना में केस दर्ज किया गया । जांच के दौरान आरोपी के कब्जे से एक देशी कट्टा भी बरामद हुआ, जिस संबंध में उसके खिलाफ शस्त्र अधिनियम की धाराएं जोड़कर उसे गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया । मामलें की सुनवाई के बाद अदालत ने आरोपी सलीम को लूट तथा शस्त्र अधिनियम की धारा के तहत दोषी करार दिया । अदालत ने अपने आदेश में कहा कि दोषी ने शिकायतकर्ता का मोबाइल फोन छीना था और उसके पास अवैध हथियार भी था। ऐसे अपराधों में अत्यधिक नरमी समाज में गलत संदेश दे सकती है। सभी तथ्यों को ध्यान में रखते हुए अदालत ने दोषी को 5 वर्ष के कठोर कारावास और 30 हजार रुपये जुर्माना भरने का आदेश दिया।1
- मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने लाडवा स्थित डीएसबी इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल में ब्रह्मलीन देवेंद्र स्वरूप ब्रह्मचारी की 22वीं पुण्यतिथि के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में शिरकत की। मुख्यमंत्री ने ब्रह्मलीन देवेंद्र स्वरूप ब्रह्मचारी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धापूर्वक नमन किया और उन्हें श्रद्धांजलि दी। इस अवसर पर उन्होंने स्कूल के ऑडिटोरियम हॉल का उद्घाटन भी किया। #Haryana #DIPRHaryana #HaryanaCM #NayabSinghSaini1
- krishna janmasthmi ka masti bhri video aya samne jo log..1
- एंटी करप्शन ब्यूरो की हरियाणा के नूंह मे बड़ी कार्रवाई मामले से नाम हटाने के नाम पर रिश्वत लेना पड़ा भारी ,रंगे हाथों SHO गिरफ्तार #AntiCorruptionBureau #haryana #Nuhmewat #trapping #haryanapolice #LatestNews #LatestUpdates Bharat Gaurav News - 24 Live Update एंटी करप्शन ब्यूरो की हरियाणा के नूंह मे बड़ी कार्रवाई मामले से नाम हटाने के नाम पर रिश्वत लेना पड़ा भारी ,रंगे हाथों SHO गिरफ्तार #AntiCorruptionBureau #haryana #Nuhmewat #trapping #haryanapolice #LatestNews #LatestUpdates Bharat Gaurav News - 24 Live Update1
- पलवल में यूजीसी बैक रोल का धरना तो हुआ। लेकिन भीड़ कम रही। जो भीड़ आई वह केवल केवल पृथला विधान सभा के पूर्व विधायक श्री नयन पाल जी को सुनने पहुंचे। पूर्व विधायक नयनपाल रावत एक इकलौता नेता है जो बीजेपी पार्टी को लेकर आए उनका मंच से यह कहना है । एक पूर्व विधायक जो मुश्किल से जीवन में एक बार जीते क्या वो देश की सबसे बड़ी राष्ट्रीय पार्टी को ला सकते हैं ,नयन पाल रावत जी को बीजेपी पार्टी के लिए ऐसे शब्द बोलने से पहले अपने शब्दों पर विचार करना चाहिए था । उससे भी बड़ी बात यह रही गरीबों के राशन के लिए भी टिप्पणी करने में भी नहीं सोचा। एक नेता को अपनी राजनीति चमकाने के लिए गरीबों के बारे ऐसा नहीं बोलना चाहिए। भारत रत्न डॉ B R Ambedkar ji के लिए बोल गए कि वह सविधान निर्माता नहीं थे। ऐसे में नयनपाल जी को यह भी नाम खोल देना चाहिए था कि फिर निर्माता कौन था। जो नयन पाल रावत जी एक सविधान के नियमानुसार ही विधायक बने। उस संविधान निर्माता के बारे में मंच के माध्यम से गलत संदेश दे रहे हैं। #गुड्डू पंडित ने धरने से पहले कहा कि धरने में कसम खाएंगे कि जो धरने में हमारे साथ नहीं होंगे तो हम उनको सहयोग चुनाव में नहीं करेंगे। तो अब उनके पास इकलौते नेता नयन पाल रावत ही होेंगे। उन्होंने यूजीसी का खुल कर विरोध किया है।2
- जिओ केयर पर भड़का गुस्सा HR Vaibhav Singh Rajput ka आखिर मेरे को 349 का रिचार्ज करने के बाद क्यों नहीं मिल रही बेहतर सर्विस1
- नूंह के दो स्कूलों में वाटर कूलर वितरित, विद्यार्थियों को मिलेगा स्वच्छ व ठंडा पेयजल विद्यार्थियों की सुविधा के लिए विधायक नूंह एवं उप सीएलपी लीडर चौधरी आफताब अहमद के निर्देश पर M3M Foundation के सहयोग से गर्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल और बॉयज सीनियर सेकेंडरी स्कूल नूंह में वाटर कूलर वितरित किए गए। इस पहल से दोनों स्कूलों के विद्यार्थियों को स्वच्छ और ठंडा पेयजल उपलब्ध होगा, जिससे गर्मी के मौसम में उन्हें राहत मिलेगी। विधायक की ओर से कहा गया कि बेहतर शिक्षा के साथ विद्यार्थियों को जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराना प्राथमिकता है और जनसेवा के ऐसे प्रयास आगे भी जारी रहेंगे।1
- मोबाइल झपटने के मामलें में दोषी को 5 वर्ष की सजा, 30 हजार रुपये जुर्माना नूंह। जिले की जिला एवं सत्र न्यायालय ने वर्ष 2022 के एक मोबाइल झपटमारी मामलें में आरोपी को दोषी ठहराते हुए 5 वर्ष के कठोर कारावास और 30 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। यह मामला सदर थाना पुन्हाना क्षेत्र से संबंधित है। जिला एवं सत्र न्यायाधीश डॉ. सुशील कुमार गर्ग की अदालत ने मंगलवार 8 सितंबर को सजा के आदेश पारित किए। पुलिस प्रवक्ता के अनुसार 13 मई 2022 को दल्लाबास निवासी इरशाद दल्लाबास चौक पर खड़े होकर मोबाइल फोन पर बात कर रहा था। इसी दौरान एक युवक उसका मोबाइल फोन छीनकर भागने लगा। इरशाद ने उसका पीछा कर उसे मौके पर ही पकड़ लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम सलीम पुत्र जाकिर निवासी गांव फुसैता, थाना बिछोर, जिला नूंह बताया। पीड़ित ने अपना मोबाइल फोन भी आरोपी से वापस ले लिया और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर उसके खिलाफ सदर थाना पुन्हाना में केस दर्ज किया गया । जांच के दौरान आरोपी के कब्जे से एक देशी कट्टा भी बरामद हुआ, जिस संबंध में उसके खिलाफ शस्त्र अधिनियम की धाराएं जोड़कर उसे गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया । मामलें की सुनवाई के बाद अदालत ने आरोपी सलीम को लूट तथा शस्त्र अधिनियम की धारा के तहत दोषी करार दिया । अदालत ने अपने आदेश में कहा कि दोषी ने शिकायतकर्ता का मोबाइल फोन छीना था और उसके पास अवैध हथियार भी था। ऐसे अपराधों में अत्यधिक नरमी समाज में गलत संदेश दे सकती है। सभी तथ्यों को ध्यान में रखते हुए अदालत ने दोषी को 5 वर्ष के कठोर कारावास और 30 हजार रुपये जुर्माना भरने का आदेश दिया।1
- ऐसी पुलिस कर्मचारी जो महिला होकर महिला के लाठी प्राइवेट पार्ट्स में घुसी रही है उसे तत्काल खारिज किया जाए और पब्लिक उसमें जूते मारे तत्काल उसमें गोली मार दी जाए. 😭😭😭😭🇮🇳🇮🇳🇮🇳 NP न्यूज अंकित निषाद जिला प्रभारी आईटी सेल मोदी सरकार का बेटी पढ़ाओ बेटी बचाओ योजना शिक्षित बेटी सशक्त भारत अंकित निषाद जिला प्रभारी आईटी सेल मो.8960044515 आज कल इंसान आपकी वर्दी की सम्मान करता है वरना जिस प्रकार आप कर रहे हो इसीप्रकार आप साथ किया जाता । बेटी के साथ सम्मान, सुरक्षा और उज्ज्वल भविष्य के एक महिला ही एक महिला के साथ कितना दुर्व्यवहार ! प्रशासन तो बदनाम थी ही आज देख. ऐसी पुलिस कर्मचारी जो महिला होकर महिला के लाठी प्राइवेट पार्ट्स में घुसी रही है उसे तत्काल खारिज किया जाए और पब्लिक उसमें जूते मारे तत्काल उसमें गोली मार दी जाए.1