हजारीबाग जिले में हुए चर्चित पौता कांड को एक महीने से भी अधिक समय बीत जाने के बावजूद मामले का खुलासा न होने से पीड़ित परिवार में निराशा और आक्रोश लगातार बढ़ रहा है। न्याय की मांग को लेकर पीड़ित परिवार ने अब केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी से इस मामले में हस्तक्षेप की गुहार लगाई है। परिजनों का आरोप है कि घटना के इतने दिन बीत जाने के बाद भी दोषियों की पहचान नहीं हो पाई है और न ही उनकी गिरफ्तारी हुई है। उन्होंने निष्पक्ष और तीव्र जांच की मांग की है, ताकि पीड़ित परिवार को जल्द से जल्द न्याय मिल सके। परिवार के सदस्यों ने केंद्रीय मंत्री को एक ज्ञापन सौंपते हुए मामले में प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित कराने का आग्रह किया है। पीड़ित पक्ष का कहना है कि इस घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया था, लेकिन जांच की धीमी गति से आम लोगों का भरोसा प्रभावित हो रहा है। उन्होंने प्रशासन और पुलिस से मामले का त्वरित खुलासा कर दोषियों को कानून के दायरे में लाने की मांग की है। केंद्रीय मंत्री से मुलाकात के दौरान, परिजनों ने घटना से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी और उनसे निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने का अनुरोध किया। वहीं, पुलिस प्रशासन ने कहा है कि मामले की जांच जारी है और सभी कोणों पर गंभीरता से काम किया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ रही है और जल्द ही इसमें महत्वपूर्ण प्रगति देखने को मिल सकती है। पीड़ित परिवार को उम्मीद है कि उच्च स्तर पर हुए इस हस्तक्षेप से जांच में तेज़ी आएगी और अंततः उन्हें न्याय मिल पाएगा।
हजारीबाग जिले में हुए चर्चित पौता कांड को एक महीने से भी अधिक समय बीत जाने के बावजूद मामले का खुलासा न होने से पीड़ित परिवार में निराशा और आक्रोश लगातार बढ़ रहा है। न्याय की मांग को लेकर पीड़ित परिवार ने अब केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी से इस मामले में हस्तक्षेप की गुहार लगाई है। परिजनों का आरोप है कि घटना के इतने दिन बीत जाने के बाद भी दोषियों की पहचान नहीं हो पाई है और न ही उनकी गिरफ्तारी हुई है। उन्होंने निष्पक्ष और तीव्र जांच की मांग की है, ताकि पीड़ित परिवार को जल्द से जल्द न्याय मिल सके। परिवार के सदस्यों ने केंद्रीय मंत्री को एक ज्ञापन सौंपते हुए मामले में प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित कराने का आग्रह किया है। पीड़ित पक्ष का कहना है कि इस घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया था, लेकिन जांच की धीमी गति से आम लोगों का भरोसा प्रभावित हो रहा है। उन्होंने प्रशासन और पुलिस से मामले का त्वरित खुलासा कर दोषियों को कानून के दायरे में लाने की मांग की है। केंद्रीय मंत्री से मुलाकात के दौरान, परिजनों ने घटना से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी और उनसे निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने का अनुरोध किया। वहीं, पुलिस प्रशासन ने कहा है कि मामले की जांच जारी है और सभी कोणों पर गंभीरता से काम किया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ रही है और जल्द ही इसमें महत्वपूर्ण प्रगति देखने को मिल सकती है। पीड़ित परिवार को उम्मीद है कि उच्च स्तर पर हुए इस हस्तक्षेप से जांच में तेज़ी आएगी और अंततः उन्हें न्याय मिल पाएगा।
- इस संदेश में कहा गया है कि जिस दिन स्वच्छता लोगों की आदत का हिस्सा बन जाएगी, उस दिन अपने आप ही विकसित भारत की कल्पना साकार हो उठेगी। यह बात स्पष्ट रूप से बताती है कि स्वच्छता को आदत बनाना ही विकसित राष्ट्र के निर्माण की कुंजी है।1
- हजारीबाग जिले के टाटीझरिया क्षेत्र में स्थित बिशाय जंगल की एक चट्टान पर एक अनोखी नाग के फन जैसी आकृति उभरी है, जो इन दिनों लोगों के बीच आकर्षण और आस्था का प्रमुख केंद्र बनी हुई है। इस अद्भुत आकृति को देखने के लिए आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुँच रहे हैं और इसे नाग देवता का स्वरूप मानकर श्रद्धापूर्वक पूजा-अर्चना कर रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि जंगल में यह नाग के फन जैसी आकृति स्पष्ट रूप से दिखाई देती है। क्षेत्र में इसे लेकर कई तरह की चर्चाएँ हो रही हैं, जहाँ कई श्रद्धालु इसे एक दिव्य संकेत और नाग देवता का आशीर्वाद मान रहे हैं। लोग आकृति के पास पूजा-पाठ कर अपनी गहरी श्रद्धा व्यक्त कर रहे हैं। दूसरी ओर, कुछ जानकारों का मानना है कि यह प्राकृतिक भूगर्भीय प्रक्रियाओं का परिणाम भी हो सकता है, जहाँ चट्टानों पर वर्षों तक मौसम, पानी, हवा और प्राकृतिक कटाव के प्रभाव से ऐसी आकृतियाँ बन जाना असामान्य नहीं है, जो कई बार किसी जीव-जंतु या वस्तु जैसी प्रतीत होती हैं और लोगों में कौतूहल पैदा करती हैं। इस नाग आकृति की चर्चा फैलने के बाद से बिशाय जंगल में लोगों की आवाजाही काफी बढ़ गई है। श्रद्धालु दूर-दूर से इसके दर्शन के लिए पहुँच रहे हैं और इसे आस्था का प्रतीक मान रहे हैं। हालांकि, अभी तक किसी वैज्ञानिक संस्था या प्रशासनिक विभाग ने इस आकृति के संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि या निष्कर्ष जारी नहीं किया है। स्थानीय लोगों के अनुसार, चाहे इसे प्राकृतिक संयोग माना जाए या आस्था का प्रतीक, यह आकृति अब लोगों के बीच आकर्षण, जिज्ञासा और श्रद्धा का केंद्र बन गई है।1
- संथाल समाज दिशोम मांझी परगना का तीसरा स्थापना दिवस सफलतापूर्वक संपन्न हो गया है। इस अवसर पर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए, जो संस्था के स्थापना के महत्व को दर्शाते हैं।1
- खोड़ाहर पंचायत में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मासिक रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात' का 134वां एपिसोड सुना गया। यह कार्यक्रम स्थानीय स्तर पर आयोजित किया गया, जहाँ उपस्थित लोगों ने प्रधानमंत्री के विचारों को सुना।1
- हजारीबाग में निरंजन मैथमेटिक्स के छात्रों ने एक बार फिर अपनी सफलता का परचम लहराया है। इस शानदार प्रदर्शन के बाद, संस्थान के टॉपर विद्यार्थियों को लैपटॉप देकर सम्मानित किया गया।1
- हजारीबाग जिले में अवैध शराब के निर्माण और तस्करी के खिलाफ प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे सघन अभियान के तहत, उत्पाद विभाग ने एक बड़ी कार्रवाई की है। उपायुक्त के निर्देशों पर हुए इस अभियान में, सदर और बड़ा बाजार थाना क्षेत्रों के पारनाला स्थित गहरे नालों के गड्ढों में छिपाकर संचालित की जा रही पाँच अवैध महुआ शराब भट्ठियों को ध्वस्त कर दिया गया। इस कार्रवाई के दौरान, टीम ने मौके पर ही लगभग 1400 किलोग्राम जावा महुआ को नष्ट कर दिया। इसके अतिरिक्त, 370 लीटर अवैध चुलाई शराब भी जब्त की गई। विभागीय अधिकारियों के अनुसार, अवैध शराब के निर्माण में उपयोग होने वाले उपकरणों को भी पूरी तरह से नष्ट कर दिया गया है, ताकि ऐसी गतिविधियों को भविष्य में दोबारा संचालित न किया जा सके। प्रशासन ने यह स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध शराब के कारोबार के विरुद्ध यह अभियान लगातार जारी रहेगा। इसमें संलिप्त पाए जाने वाले व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।1
- झारखंड के रामगढ़ में जदयू की प्रमंडलीय बैठक संपन्न हो गई है। इस बैठक में आगामी आने वाले चुनावों को लेकर गहन रणनीति तैयार की गई।1
- रांची स्थित सहजानंद चौक के पास एक बालू लदा वाहन बीच सड़क पर पलट गया है।1