जनगणना 2027 को लेकर तैयारियाँ शुरू, तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित नवादा। प्रफुल्ल कुमार सुमन जिला पदाधिकारी, नवादा रवि प्रकाश के निदेशानुसार जिले में वर्ष 2027 की जनगणना को लेकर तैयारियाँ प्रारंभ कर दी गई हैं। इसी क्रम में डीआरडीए सभागार, नवादा में जनगणना कार्य की तैयारी हेतु जिलास्तरीय, अनुमंडल स्तरीय, सहायक चार्ज अधिकारी (ग्रामीण/नगर) तथा अन्य संबंधित पदाधिकारियों के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम (09 मार्च से 11 मार्च 2026) आयोजित किया जा रहा है। जिला सांख्यिकी पदाधिकारी सुनील कुमार ने बताया कि इस बार की जनगणना पूरी तरह से पेपरलेस अर्थात डिजिटल मोड में कराई जाएगी। जनगणना निदेशालय के नोडल पदाधिकारी रंजय कुमार सिंहा एवं रंजीत कुमार ने बताया कि डिजिटल जनगणना दो चरणों में संपन्न होगी। पहला चरण (मकान सूचीकरण) 02 मई से 31 मई 2026 तक चलेगा, जबकि दूसरा चरण 09 फरवरी से 28 फरवरी 2027 तक आयोजित किया जाएगा। पहले चरण के दौरान कुल 33 प्रश्न पूछे जाएंगे, जिनमें मकान निर्माण में प्रयुक्त सामग्री, मकान का उपयोग, मकान मालिक का नाम तथा घर में उपलब्ध सुविधाएँ जैसे बिजली, पानी, शौचालय आदि से संबंधित जानकारी ली जाएगी। इसके साथ ही मोटरसाइकिल, कंप्यूटर, मोबाइल तथा घर में उपयोग किए जाने वाले अनाज का विवरण भी ऐप के माध्यम से दर्ज किया जाएगा। नागरिकों को इस बार स्वयं अपनी जानकारी पोर्टल पर भरने की सुविधा भी दी जाएगी, जबकि प्रगणक द्वारा केवल उसका सत्यापन किया जाएगा। इसके सुचारू संचालन के लिए 12 से 14 मार्च तक जिले के मास्टर ट्रेनर्स को भी विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण के दौरान बताया गया कि इस बार की जनगणना की सबसे बड़ी विशेषता स्व-गणना (Self Enumeration) होगी। पहले चरण की शुरुआत से 15 दिन पूर्व अर्थात 17 अप्रैल से 01 मई 2026 तक आम नागरिकों के लिए एक वेब पोर्टल उपलब्ध कराया जाएगा, जिस पर लोग घर बैठे स्वयं अपने एवं अपने परिवार की जानकारी दर्ज कर सकेंगे। इसके पश्चात संबंधित प्रगणक (एन्यूमेरेटर) घर-घर जाकर एसईआईडी के माध्यम से उक्त डेटा का सत्यापन कर उसे अंतिम रूप से सबमिट करेंगे। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में अनुमंडल पदाधिकारी, नवादा सदर एवं रजौली, प्रभारी जिला जनसंपर्क पदाधिकारी, जिला सांख्यिकी पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।
जनगणना 2027 को लेकर तैयारियाँ शुरू, तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित नवादा। प्रफुल्ल कुमार सुमन जिला पदाधिकारी, नवादा रवि प्रकाश के निदेशानुसार जिले में वर्ष 2027 की जनगणना को लेकर तैयारियाँ प्रारंभ कर दी गई हैं। इसी क्रम में डीआरडीए सभागार, नवादा में जनगणना कार्य की तैयारी हेतु जिलास्तरीय, अनुमंडल स्तरीय, सहायक चार्ज अधिकारी (ग्रामीण/नगर) तथा अन्य संबंधित पदाधिकारियों के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम (09 मार्च से 11 मार्च 2026) आयोजित किया जा रहा है। जिला सांख्यिकी पदाधिकारी सुनील कुमार ने बताया कि इस बार की जनगणना पूरी तरह से पेपरलेस अर्थात डिजिटल मोड में कराई जाएगी। जनगणना निदेशालय के नोडल पदाधिकारी रंजय कुमार सिंहा एवं रंजीत कुमार ने बताया कि डिजिटल जनगणना दो चरणों में संपन्न होगी। पहला
चरण (मकान सूचीकरण) 02 मई से 31 मई 2026 तक चलेगा, जबकि दूसरा चरण 09 फरवरी से 28 फरवरी 2027 तक आयोजित किया जाएगा। पहले चरण के दौरान कुल 33 प्रश्न पूछे जाएंगे, जिनमें मकान निर्माण में प्रयुक्त सामग्री, मकान का उपयोग, मकान मालिक का नाम तथा घर में उपलब्ध सुविधाएँ जैसे बिजली, पानी, शौचालय आदि से संबंधित जानकारी ली जाएगी। इसके साथ ही मोटरसाइकिल, कंप्यूटर, मोबाइल तथा घर में उपयोग किए जाने वाले अनाज का विवरण भी ऐप के माध्यम से दर्ज किया जाएगा। नागरिकों को इस बार स्वयं अपनी जानकारी पोर्टल पर भरने की सुविधा भी दी जाएगी, जबकि प्रगणक द्वारा केवल उसका सत्यापन किया जाएगा। इसके सुचारू संचालन के लिए 12 से 14 मार्च तक
जिले के मास्टर ट्रेनर्स को भी विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण के दौरान बताया गया कि इस बार की जनगणना की सबसे बड़ी विशेषता स्व-गणना (Self Enumeration) होगी। पहले चरण की शुरुआत से 15 दिन पूर्व अर्थात 17 अप्रैल से 01 मई 2026 तक आम नागरिकों के लिए एक वेब पोर्टल उपलब्ध कराया जाएगा, जिस पर लोग घर बैठे स्वयं अपने एवं अपने परिवार की जानकारी दर्ज कर सकेंगे। इसके पश्चात संबंधित प्रगणक (एन्यूमेरेटर) घर-घर जाकर एसईआईडी के माध्यम से उक्त डेटा का सत्यापन कर उसे अंतिम रूप से सबमिट करेंगे। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में अनुमंडल पदाधिकारी, नवादा सदर एवं रजौली, प्रभारी जिला जनसंपर्क पदाधिकारी, जिला सांख्यिकी पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।
- आज सीतामढ़ी थाना क्षेत्र के रासलपुरा गांव नियर पहाड़ी में एक शव मिला जिसकी पहचान मुना यादव के रूप में हुई है शव को मिलते ही परिजनों में मातम1
- बिहार की राजनीति में एक बड़ा बदलाव देखने को मिला है। नीतीश कुमार ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद राजनीतिक गलियारों में नई चर्चा शुरू कर दी है । इसी बीच उनके बेटे नीतीश कुमार ने औपचारिक रूप से जनता दल यूनाइटेड की सदस्यता ग्रहण कर ली है। उनके जदयू में शामिल होने से पार्टी में उत्साह देखने को मिला है।1
- लव-कुश जंगल में युवक का शव मिलने से सनसनी, एफएसएल टीम कर रही जांच मेसकौर (नवादा)। नवादा जिले के मेसकौर प्रखंड अंतर्गत सीतामढ़ी थाना क्षेत्र के रसलपुर गांव के समीप स्थित लव-कुश जंगल में सोमवार की सुबह एक युवक का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। ग्रामीणों ने सुबह शौच के लिए जाने के दौरान जंगल के पास एक व्यक्ति को मृत अवस्था में पड़ा देखा। इसके बाद आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई और तत्काल इसकी सूचना सीतामढ़ी थाना पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष पप्पू शर्मा पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की जांच शुरू कर दी। ग्रामीणों की पहचान के आधार पर मृतक की पहचान मुन्ना यादव (35 वर्ष) के रूप में हुई है। वह गांधीनगर गांव के निवासी बताए जा रहे हैं। मृतक के पिता का नाम स्वर्गीय जाहुरी यादव बताया गया है। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। घटना की गंभीरता को देखते हुए नवादा से एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लैब) की टीम को भी मौके पर बुलाया गया, जिसने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और साक्ष्य जुटाए। चार दिन पहले हुआ था पति-पत्नी में विवाद स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, मृतक मुन्ना यादव का अपनी पत्नी के साथ अक्सर घरेलू विवाद होता रहता था। बताया जा रहा है कि करीब चार दिन पहले भी पति-पत्नी के बीच झगड़ा हुआ था। इसके बाद उसकी पत्नी अपने मायके चली गई थी। तब से मुन्ना यादव घर से बाहर थे। सोमवार की सुबह उनका शव लव-कुश जंगल के पास मिलने से इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। शनिवार को घर से निकले थे, फिर नहीं लौटे मृतक की चाची नीलम देवी ने बताया कि शनिवार को दिन में करीब एक बजे मुन्ना यादव खिचड़ी खाकर अपने भगना अखिलेश कुमार के साथ घर से निकले थे। इसके बाद वह वापस घर नहीं लौटे। सोमवार को उनकी लाश रसलपुर गांव के समीप लव-कुश जंगल में मिलने की खबर मिली, जिसके बाद परिवार में कोहराम मच गया। मां ने बहू पर लगाया हत्या का आरोप मृतक की मां ने बताया कि चार दिन पहले बेटे और बहू के बीच झगड़ा हुआ था, जिसके बाद बहू अपने मायके चली गई थी। बहू का नाम राखी देवी है, जो गया जिले के वजीरगंज थाना क्षेत्र के तिलोरा गांव की रहने वाली बताई जाती है। मृतक के दो छोटे बच्चे भी हैं। पुत्र दिलखुश कुमार (6 वर्ष) और पुत्री स्वीटी कुमारी (3 वर्ष) हैं। मां ने आरोप लगाते हुए कहा कि उनके बेटे की हत्या में बहू का ही हाथ हो सकता है। उन्होंने पुलिस से मामले की गहराई से जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से होगा खुला4
- कोडरमा के विधायक डॉ नीरा यादव ने क्या कहा सुनिए...1
- जमीन सर्वे को लेकर कोरिऔना पंचायत भवन मे आम सभा का हुआ आयोजन, गोविंदपुर प्रखंड अंतर्गत भवनपुर पंचायत के पंचायत भवन कोरिऔना मे मंगलवार को करीब दो बजे मौजा भवनपुर थाना 644 एवं पड़रिया थाना 645 मे जमीन सर्वेक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत ग्राम सीमा सत्यापन के पश्चात किरतवार का कार्य हेतु मुखिया मनोज कुमार के अध्यक्षता में आमसभा का आयोजन किया गया, इस बैठक में उपमुखिया ममता कुमारी, सरपंच त्रिवेणी सिंह, पूर्व प्रमुख चंद्रिका प्रसाद, पूर्व मुखिया अम्बिका प्रसाद, सर्वेक्षण पदाधिकारी गौतम कुमार, विशेष सर्वेक्षण अमीन रवि आंनद , अभिषेक कुमार एवं नीतीश कुमार तथा ग्रामीण रैयत मौजूद थे, बैठक मे लोगो को सर्वो को लेकर विस्तार पूर्वक जानकारी दी गई और सभी प्लौट पर जाकर सर्वे करने की बात कही गई, सर्व के दौरान रैयतों को जमीन संबंधित कागजात साथ रखने की बात कही गई,1
- समाजसेवी व कोशला पंचायत के पूर्व मुखिया रविंद्र सिंह का निधन #हृदय गति रुकना बताया गया वजह #डॉ अनुज ने निधन पर जताया शोक #कहा, उनका जाना अपूर्णनीय क्षति नवादा लाइव नेटवर्क। नवादा जिले के नारदीगंज प्रखंड के प्रसिद्ध समाजसेवी और कोशला पंचायत के पूर्व मुखिया रविंद्र सिंह का हृदय गति रुक जाने से निधन हो गया। निधन से पूरे इलाके में शोक की लहर फैल गई है। परिजन, शुभचिंतक और क्षेत्र के लोग गहरे सदमे में हैं। स्वर्गीय रविंद्र सिंह समाज सेवा के क्षेत्र में काफी सक्रिय रहते थे। वे गरीबों और जरूरतमंदों की मदद के लिए हमेशा तत्पर रहते थे तथा कई सामाजिक और धार्मिक कार्यक्रमों में बढ़-चढ़कर भाग लेते थे। उनके निधन की खबर सुनते ही कई सामाजिक कार्यकर्ता, जनप्रतिनिधि और स्थानीय लोगों ने उनके आवास पर पहुंचकर शोक व्यक्त किया और परिजनों को ढांढस बंधाया। शिक्षाविद एवं समाजसेवी डॉ अनुज सिंह ने अपने समर्थकों के साथ उनके पैतृक आवास रामे पहुंचकर शोक व्यक्त किया और परिजनों को ढांढस बंधाया। उन्होंने कहा कि उनके द्वारा किए गए सामाजिक कार्यों को क्षेत्र के लोग हमेशा याद रखेंगे। डाॅ अनुज सिंह ने कहा कि मेरे साथ-साथ पूरे नारदीगंज प्रखंड की जनता काफी दुखी हैं। उन्होंने कहा कि नारदीगंज प्रखंड ने एक प्रखर समाजसेवी को खो दिया, जो नारदीगंज बाजार में बिना डर भय के सच बोला करते थे और सही को सही और गलत को गलत कहा करते थे। इन्होंने कई वर्षों तक कोशला पंचायत की जनता की सेवा की। भगवान से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्मा को अपनी चरणों में स्थान दें और परिवार को पहाड़- सा दुख सहने की शक्ति दें। दुख की इस घड़ी में हम सभी उनके परिवार के साथ खड़े हैं और रहेंगे। नारदीगंज प्रखंड के लिए समाजसेवी के रूप में रविंद्र सिंह हमेशा याद किए जाएंगे। इस दुख की घड़ी में ओड़ों के समाजसेवी संजय सिंह, बस्ती बीघा के जेपी चौधरी, नारदीडीह के प्रवीण कुमार, प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाअध्यक्ष अशोक कुमार सिंह, पचाड़ा पंचायत के पूर्व मुखिया महेश सिंह, बढ़ौना के पंचायत समिति प्रतिनिधि सोनू कुमार सहित नारदिनी इलाके के कई गांवों के हजारों लोग उनके आवास पर श्रद्धांजलि देने पहुंचे।2
- गोविंदपुर में जमीन विवाद को लेकर आवेदन, न्याय की गुहार नवादा जिले के गोविंदपुर प्रखंड के दरमनिया बाजार क्षेत्र में जमीन विवाद का मामला सामने आया है। स्थानीय निवासी संजय पांडे ने प्रशासन को आवेदन देकर अपनी पैतृक जमीन पर अवैध कब्जे की कोशिश का आरोप लगाया है और न्याय की गुहार लगाई है। दिए गए आवेदन के अनुसार संजय पांडे, पिता स्व. तीर्थराज शर्मा, निवासी दरमनिया बाजार, थाना गोविंदपुर, जिला नवादा ने बताया कि उनकी माता आशा देवी के नाम से मौजा बिशनुपुर टोला दरमनिया बाजार में जमीन खरीदी गई थी। इस जमीन का पुराना खाता संख्या 317 है, जिसमें प्लॉट संख्या 23 में 8 डिसमिल तथा प्लॉट संख्या 24 में 33.5 डिसमिल, कुल मिलाकर 41.5 डिसमिल जमीन वर्ष 1975 में रजिस्ट्री के माध्यम से खरीदी गई थी। यह जमीन परमेश्वर सिंह तथा उनके पुत्र भुवनेश्वर सिंह द्वारा रजिस्ट्री की गई थी। संजय पांडे का आरोप है कि विनोद कुमार, बिंदी सिंह, प्रह्लाद कुमार सिंह और विजय कुमार सिंह सहित कुछ लोग उक्त जमीन को अपना बताकर उस पर कब्जा करने की कोशिश कर रहे हैं। विरोध करने पर उन्हें परेशान किए जाने की भी बात कही गई है। उन्होंने बताया कि जमीन से संबंधित सभी वैध कागजात उनके पास मौजूद हैं, इसके बावजूद उन्हें न्याय नहीं मिल पा रहा है। संजय पांडे और विजय कुमार शर्मा ने बताया कि इस मामले को लेकर उन्होंने पहले भी कई बार संबंधित अधिकारियों को आवेदन दिया है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर जमीन की सही स्थिति स्पष्ट करने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।1
- Post by Rahul bullet1