ओबरा राम मंदिर प्रकरण: FIR में नीलकांत तिवारी नामजद, अवैध वसूली व धमकी के आरोप सोनभद्र जनपद के ओबरा नगर स्थित श्रीराम मंदिर प्रांगण से जुड़ा विवाद एक बार फिर चर्चा में आ गया है। यह परिसर लंबे समय से धार्मिक आस्था का केंद्र रहा है, जहाँ सावन, जन्माष्टमी और नवरात्रि के अवसर पर विभिन्न पारंपरिक आयोजन होते रहे हैं। करीब दस माह पूर्व इस मंदिर परिसर को लेकर विवाद की स्थिति उत्पन्न हुई थी, जब कुछ लोगों द्वारा यह बात सामने आई कि मंदिर की भूमि और उसके संचालन को लेकर स्पष्टता नहीं है। प्रशासनिक स्तर पर हुई जांच में यह तथ्य सामने आया कि संबंधित भूमि राजस्व अभिलेखों में सरकारी/नगर पंचायत श्रेणी में दर्ज है। साथ ही, पूर्व में संचालन कर रही समिति का पंजीकरण निरस्त हो चुका है। इसके बाद प्रशासन द्वारा आयोजित बैठक में यह निर्णय लिया गया कि नई वैध समिति के गठन तक मंदिर प्रांगण से संबंधित व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी प्रशासनिक स्तर पर सुनिश्चित की जाएगी, ताकि किसी प्रकार का विवाद न उत्पन्न हो। इसी बीच अब इस पूरे प्रकरण में एक नया घटनाक्रम सामने आया है। राममंदिर कॉलोनी निवासी आलोक कुमार भाटिया द्वारा दर्ज कराई गई तहरीर के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज किया है। शिकायत में कहा गया है कि 16 अक्टूबर 2025 को दोपहर लगभग 12 बजे, जब वह अपने पारिवारिक कार्यक्रम की तैयारी हेतु राम मंदिर परिसर स्थित स्थल पर पहुंचे थे, उसी दौरान नीलकांत तिवारी, निवासी वीआईपी रोड ओबरा, अपने साथ दो अन्य व्यक्तियों के साथ वहां पहुंचे। आरोप है कि उक्त व्यक्ति द्वारा कार्यक्रम आयोजित करने के लिए 25,000 रुपये की मांग की गई तथा बिना भुगतान कार्यक्रम न करने की बात कही गई। शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया है कि विरोध करने पर उनके साथ गाली-गलौज की गई और जान से मारने की धमकी दी गई। पुलिस ने प्राप्त तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच प्रारंभ कर दी है। इस पूरे घटनाक्रम के बाद एक बार फिर मंदिर प्रांगण की व्यवस्थाओं, बुकिंग प्रक्रिया और नियंत्रण को लेकर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय स्तर पर यह चर्चा है कि प्रशासन द्वारा पूर्व में लिए गए निर्णयों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाना आवश्यक है, ताकि धार्मिक, पारिवारिक आयोजनों के दौरान किसी प्रकार की विवाद की स्थिति उत्पन्न न हो।
ओबरा राम मंदिर प्रकरण: FIR में नीलकांत तिवारी नामजद, अवैध वसूली व धमकी के आरोप सोनभद्र जनपद के ओबरा नगर स्थित श्रीराम मंदिर प्रांगण से जुड़ा विवाद एक बार फिर चर्चा में आ गया है। यह परिसर लंबे समय से धार्मिक आस्था का केंद्र रहा है, जहाँ सावन, जन्माष्टमी और नवरात्रि के अवसर पर विभिन्न पारंपरिक आयोजन होते रहे हैं। करीब दस माह पूर्व इस मंदिर परिसर को लेकर विवाद की स्थिति उत्पन्न हुई थी, जब कुछ लोगों द्वारा यह बात सामने आई कि मंदिर की भूमि और उसके संचालन को लेकर स्पष्टता नहीं है।
प्रशासनिक स्तर पर हुई जांच में यह तथ्य सामने आया कि संबंधित भूमि राजस्व अभिलेखों में सरकारी/नगर पंचायत श्रेणी में दर्ज है। साथ ही, पूर्व में संचालन कर रही समिति का पंजीकरण निरस्त हो चुका है। इसके बाद प्रशासन द्वारा आयोजित बैठक में यह निर्णय लिया गया कि नई वैध समिति के गठन तक मंदिर प्रांगण से संबंधित व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी प्रशासनिक स्तर पर सुनिश्चित की जाएगी, ताकि किसी प्रकार का विवाद न उत्पन्न हो। इसी बीच अब इस पूरे प्रकरण में एक नया घटनाक्रम सामने आया है। राममंदिर कॉलोनी निवासी आलोक कुमार भाटिया द्वारा
दर्ज कराई गई तहरीर के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज किया है। शिकायत में कहा गया है कि 16 अक्टूबर 2025 को दोपहर लगभग 12 बजे, जब वह अपने पारिवारिक कार्यक्रम की तैयारी हेतु राम मंदिर परिसर स्थित स्थल पर पहुंचे थे, उसी दौरान नीलकांत तिवारी, निवासी वीआईपी रोड ओबरा, अपने साथ दो अन्य व्यक्तियों के साथ वहां पहुंचे। आरोप है कि उक्त व्यक्ति द्वारा कार्यक्रम आयोजित करने के लिए 25,000 रुपये की मांग की गई तथा बिना भुगतान कार्यक्रम न करने की बात कही गई। शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया है कि
विरोध करने पर उनके साथ गाली-गलौज की गई और जान से मारने की धमकी दी गई। पुलिस ने प्राप्त तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच प्रारंभ कर दी है। इस पूरे घटनाक्रम के बाद एक बार फिर मंदिर प्रांगण की व्यवस्थाओं, बुकिंग प्रक्रिया और नियंत्रण को लेकर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय स्तर पर यह चर्चा है कि प्रशासन द्वारा पूर्व में लिए गए निर्णयों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाना आवश्यक है, ताकि धार्मिक, पारिवारिक आयोजनों के दौरान किसी प्रकार की विवाद की स्थिति उत्पन्न न हो।
- गली में गोली मार दे1
- Post by Buro chief Sonbhadra Kameshwar Buro Chief1
- सोनभद्र। हाथी नाला से रॉबर्ट्सगंज की ओर लगभग 1 किलोमीटर आगे बुधवार को एक भीषण सड़क हादसा हो गया। तेज रफ्तार हाईवा (UP 64 BT 6032) ने सड़क किनारे खड़े ट्रेलर (BR 01 GP 9964) में पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि हाईवा का अगला हिस्सा पूरी तरह ट्रेलर के अंदर घुस गया और चालक केबिन में बुरी तरह फंस गया। मिली जानकारी के अनुसार, हाईवा चालक नीरज पुत्र तुलसी निवासी चाची, थाना कौन (सोनभद्र) वाहन चलाते समय झपकी आने के कारण अनियंत्रित हो गया, जिससे यह हादसा हुआ। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों की भीड़ जुट गई। घटना की सूचना मिलते ही आपातकालीन अग्निशमन सेवा, हिंडालको की फायर ब्रिगेड, जेसीबी और क्रेन मौके पर पहुंची। कड़ी मशक्कत के बाद चालक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। राहत की बात यह रही कि चालक की जान बच गई। घायल चालक को तत्काल टोल प्लाजा की एंबुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चोपन भेजा गया, जहां उसका उपचार चल रहा है। हादसे के कारण कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित रहा, लेकिन प्रशासन की तत्परता से जल्द ही दोनों तरफ से आवागमन सुचारू कर दिया गया।2
- *प्रेस नोट* *जनपद – सोनभद्र* *दिनांक – 15.04.2026* *थाना ओबरा पुलिस द्वारा 154 अभियोगों से संबंधित अवैध शराब का विनिष्टीकरण* पुलिस अधीक्षक सोनभद्र श्री अभिषेक वर्मा एवं अपर पुलिस अधीक्षक श्री अनिल कुमार के कुशल निर्देशन में थाना ओबरा पुलिस द्वारा न्यायालय के आदेश के अनुपालन में विनिष्टीकरण की कार्यवाही संपन्न कराई गई। उक्त कार्यवाही के अंतर्गत थाना ओबरा पर पंजीकृत कुल 154 अभियोगों से संबंधित बरामद माल का नियमानुसार निस्तारण किया गया, जिसमें लगभग 1500 लीटर कच्ची शराब एवं 11500 लीटर अंग्रेजी शराब को मा0 न्यायालय एफटीसी सोनभद्र के आदेशानुसार विनष्ट किया गया। यह कार्यवाही पूर्ण पारदर्शिता एवं विधिक प्रक्रिया का पालन करते हुए अभियोजन अधिकारी, उप जिलाधिकारी ओबरा एवं क्षेत्राधिकारी ओबरा श्री अमित कुमार की उपस्थिति में संपन्न कराई गई। पुलिस द्वारा अवैध शराब के विरुद्ध निरंतर अभियान चलाया जा रहा है तथा भविष्य में भी इस प्रकार की कार्यवाही जारी रहेगी।4
- Post by Kailash bihari3
- Post by Manish Dev1
- Post by पत्रकार अशोक सिंह रेनुकूट1
- संगीतमय सुंदरकांड पाठ, आयोजक महेंद्र प्रताप सिंह पिपरी स्वर वीर बहादुर सिंह नाल वादक संदीप स्नेही कैसियो अनीश श्रीवास्तव बिहारी बाबू, अमन तिवारी एवं पूरी टीम के सभी सम्माननीय कलाकार1