सुल्तानपुर के थाना शिवगढ़ क्षेत्र में 28 अप्रैल 2026 को हुए चर्चित जसवंत सिंह हत्याकांड के मामले में फरार चल रहे नामजद अभियुक्त प्रधान मान सिंह को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की गिरफ्तारी पर पुलिस अधीक्षक द्वारा ₹25,000 का इनाम घोषित किया गया था, क्योंकि वह लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बच रहा था। पुलिस के अनुसार, 28 अप्रैल 2026 को ग्राम भिटौरा निवासी जसवंत सिंह पुत्र विजय बहादुर सिंह की हत्या हुई थी, जिसमें प्रधान मान सिंह को नामजद अभियुक्त बनाया गया था। घटना के बाद से ही वह लगातार फरार चल रहा था, और पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही थी। मुखबिर से मिली सटीक सूचना के आधार पर, थाना शिवगढ़ पुलिस ने शंभूगंज चौराहे पर घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद, आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए उसे माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है। क्षेत्राधिकारी लम्भुआ श्री ऋतिक कपूर ने बताया कि वांछित इनामी अभियुक्त की यह गिरफ्तारी पुलिस के लिए एक महत्वपूर्ण सफलता है, और मामले में नियमानुसार आगे की कार्रवाई जारी है।
सुल्तानपुर के थाना शिवगढ़ क्षेत्र में 28 अप्रैल 2026 को हुए चर्चित जसवंत सिंह हत्याकांड के मामले में फरार चल रहे नामजद अभियुक्त प्रधान मान सिंह को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की गिरफ्तारी पर पुलिस अधीक्षक द्वारा ₹25,000 का इनाम घोषित किया गया था, क्योंकि वह लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बच रहा था। पुलिस के अनुसार, 28 अप्रैल 2026 को ग्राम भिटौरा निवासी जसवंत सिंह पुत्र विजय बहादुर सिंह की हत्या हुई थी, जिसमें प्रधान मान सिंह को नामजद अभियुक्त बनाया गया था। घटना के बाद से ही वह लगातार फरार चल रहा था, और पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही थी। मुखबिर से मिली सटीक सूचना के आधार पर, थाना शिवगढ़ पुलिस ने शंभूगंज चौराहे पर घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद, आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए उसे माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है। क्षेत्राधिकारी लम्भुआ श्री ऋतिक कपूर ने बताया कि वांछित इनामी अभियुक्त की यह गिरफ्तारी पुलिस के लिए एक महत्वपूर्ण सफलता है, और मामले में नियमानुसार आगे की कार्रवाई जारी है।
- सुल्तानपुर में आबकारी आयुक्त के आदेश पर चलाए जा रहे प्रवर्तन अभियान के तहत, जिला आबकारी अधिकारी के निर्देश पर आबकारी निरीक्षक क्षेत्र 1 रण विजय सिंह और आबकारी निरीक्षक क्षेत्र 5 नेहा श्रीवास्तव की टीम ने 17 जून को कोतवाली नगर थाना क्षेत्र के ग्राम बल्लीपुर और धनपतगंज थाना क्षेत्र के ग्राम मायंग में छापेमारी की। इस कार्रवाई के दौरान, टीम ने 45 लीटर अवैध कच्ची शराब और लगभग 750 किलोग्राम लहन बरामद कर उसे मौके पर ही नष्ट कर दिया। इस संबंध में 4 अभियोग पंजीकृत किए गए और 2 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया। छापेमारी के दौरान, टीम ने क्षेत्र में संचालित आबकारी दुकानों का भी निरीक्षण किया, जहां संचित स्टॉक का भौतिक सत्यापन किया गया और गुप्त रूप से दुकानों पर 'टेस्ट परचेज' भी कराया गया। इसके अतिरिक्त, कबाड़ियों की दुकानों और ईंट के भट्टों की गहनता से चेकिंग की गई। टीम ने ग्रामवासियों को अवैध शराब से होने वाली हानियों के बारे में जागरूक भी किया। इस टीम में प्रधान आबकारी सिपाही साकेत राय, विष्णु प्रकाश दीक्षित और आबकारी सिपाही मोहम्मद इरफान, सूबेदार यादव, अभिनव सिंह शामिल थे। आबकारी निरीक्षक रण विजय सिंह और नेहा श्रीवास्तव ने संयुक्त रूप से अवैध शराब के कारोबारियों को चेतावनी दी है कि क्षेत्र में अवैध मदिरा के कारोबार से जुड़े लोगों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने आमजन से अपील की कि अवैध अड्डों से निर्मित शराब का सेवन शरीर पर दुष्प्रभाव डाल सकता है और जानलेवा भी साबित हो सकता है। उन्होंने लोगों से सतर्क रहने और यदि कोई अवैध शराब के कारोबार से जुड़ा है, तो उसकी जानकारी संबंधित विभाग को देने का आग्रह किया, जिसमें पहचान गुप्त रखने का आश्वासन दिया गया।1
- उत्तर प्रदेश के शामली जिले में स्थित अजीजपुर गांव और उसके आसपास के क्षेत्रों में बीती रात चोरों ने कई किसानों के ट्यूबवेल की केबल काट दी। यह घटना झिंझाना थाना क्षेत्र में हुई। किसानों का कहना है कि यह चोरी की पहली घटना नहीं है, बल्कि ऐसी वारदातें पहले भी होती रही हैं। उन्होंने शामली पुलिस और उत्तर प्रदेश पुलिस से इस मामले में तत्काल कार्रवाई करने और चोरों को पकड़ने की अपील की है।1
- उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले के दांदामऊ गांव के निवासी सेना के जवान शैलेंद्र ने अपनी पत्नी साधना की मृत्यु की खबर सुनकर कोलकाता (पानागढ़) में ड्यूटी के दौरान आत्महत्या कर ली। अपनी पत्नी के निधन से गहरा सदमा लगने के बाद, फौजी शैलेंद्र ने एक सुसाइड नोट छोड़ा, जिसमें उन्होंने अपनी और पत्नी के बीच की आपसी गलतफहमी का जिक्र किया था। उल्लेखनीय है कि पत्नी साधना का देहांत उन्नाव के हसगंज क्षेत्र में हुआ था, जबकि फौजी पति शैलेंद्र की मृत्यु कोलकाता में अपनी तैनाती के दौरान हुई।1
- लखनऊ के कैसरबाग थाना क्षेत्र के मकबूलगंज में एक पड़ोसी विवाद का मामला सामने आया है, जिसमें पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए जा रहे हैं। आरोप है कि एक महिला ने पड़ोसी की दीवार तोड़कर वहाँ जबरन गेट लगवा दिया, जिससे क्षेत्र में तनाव का माहौल उत्पन्न हो गया। पीड़ित पक्ष के अनुसार, घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुँची और आरोपी राहुल को हिरासत में लेकर थाने ले गई। पुलिस ने कथित तौर पर आश्वासन दिया था कि पहले तोड़ी गई दीवार का पुनर्निर्माण कराया जाएगा, उसके बाद ही आरोपी को छोड़ा जाएगा। इस दौरान राहुल की मौसी और मामी ने भी दीवार बनवाने की बात स्वीकार की थी। हालांकि, पीड़ित पक्ष का आरोप है कि पुलिस ने राहुल के खिलाफ केवल हल्की धाराओं में कार्रवाई की और बिना दीवार बनवाए या गेट हटवाए उसे छोड़ दिया। इस पुलिस कार्रवाई से पीड़ित पक्ष में काफी नाराज़गी है और उन्होंने पुलिस की निष्पक्षता पर सवाल उठाए हैं। पीड़ित परिवार ने अपनी संपत्ति को नुकसान पहुँचने के बावजूद अपेक्षित कानूनी कार्रवाई न होने की शिकायत की है और मकबूलगंज चौकी इंचार्ज पर लापरवाही बरतने तथा न्याय न दिलाने का आरोप लगाया है। पीड़ित पक्ष ने अब उच्च पुलिस अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जांच, अवैध गेट को हटवाने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय पर उचित कार्रवाई नहीं हुई तो दबंगों के हौसले बढ़ सकते हैं। फिलहाल, यह मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है और सबकी नज़र उच्च अधिकारियों की आगामी कार्रवाई पर टिकी है।2
- उत्तर प्रदेश के सभी 75 जनपदों में साइबर थाने खोले जाएंगे, जिससे साइबर अपराधों पर लगाम कसी जा सकेगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस संबंध में निर्देश दिए हैं। उन्होंने इस पहल के माध्यम से साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित करने की बात कही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया है कि पुलिसकर्मियों को रील बनाने से रोका जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि पुलिसकर्मियों का काम कानून-व्यवस्था बनाए रखना और अपराध को नियंत्रित करना है, न कि रील बनाकर सोशल मीडिया पर डालना। इस तरह की गतिविधियों से पुलिस की छवि धूमिल होती है।1
- लखनऊ में प्रथम मोहर्रम के अवसर पर निकलने वाले शाही ज़री जुलूस की सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। डीसीपी वेस्ट कमलेश दीक्षित ने पुलिस बल को ब्रीफ किया और सभी अधिकारियों व कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए, ताकि जुलूस शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके। ब्रीफिंग के दौरान, रूमी गेट सहित जुलूस मार्ग के सभी प्रमुख ड्यूटी प्वाइंट्स पर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए। पुलिसकर्मियों को एंटी-राइट इक्विपमेंट के साथ तैनात रहने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा गया। अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया गया कि वे जुलूस के सकुशल समापन तक अपने-अपने ड्यूटी स्थल पर मौजूद रहें। पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए व्यापक तैयारियां की हैं।1
- उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले की कलेक्ट्रेट में एक फर्जी इंस्पेक्टर को पकड़ा गया है। स्थानीय लोगों को उसके बालों के स्टाइल, दाढ़ी, सिंगल स्टार लगी ढीली वर्दी देखकर शक हुआ। शक के आधार पर मौके पर ही उसे पकड़कर पूछताछ की गई, जिसके बाद उसकी सच्चाई सामने आ गई।1
- सुल्तानपुर डिपो परिसर में यात्री सुविधाओं के नाम पर उत्तर प्रदेश परिवहन निगम द्वारा अतिरिक्त शुल्क वसूलने के बावजूद यात्रियों को मूलभूत सुविधाओं के लिए भी जूझना पड़ रहा है। यात्रियों से टिकट में सुविधा शुल्क लिया जाता है, लेकिन डिपो में साफ-सफाई, शुद्ध पेयजल और धूम्रपान निषेध जैसे वादे पूरे नहीं होते, जो निगम की प्राथमिकताओं में सबसे ऊपर होने चाहिए। यात्रियों की शिकायत है कि उन्हें पेयजल के लिए विशेष परेशानी होती है। रोटरी क्लब द्वारा सुल्तानपुर डिपो परिसर में लगाए गए वाटर कूलर का रखरखाव भी निगम नहीं करता, जिसके कारण आए दिन उसकी टोंटी टूटी रहती है, कूलर खराब होता है या पानी ही खत्म हो जाता है। ऐसी स्थिति में यात्रियों को अंततः पानी खरीदकर पीना पड़ता है। इस समस्या पर स्टेशन अधीक्षक से लेकर एआरएम तक के अधिकारी बोलने से कतराते हैं। यात्री सवाल उठा रहे हैं कि उनसे लिया जाने वाला यात्री सुविधा शुल्क आखिर खर्च कहाँ हो रहा है, क्योंकि सुविधा के नाम पर उन्हें सिर्फ 'झुनझुना पकड़ाया' जा रहा है।1
- लखनऊ के सरोजनीनगर क्षेत्र के दरोगा खेड़ा में एक महिला से मारपीट का मामला सामने आया है, जिसने कथित CCTV वीडियो सामने आने के बाद तूल पकड़ लिया है। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि कुछ लोग उसके घर में घुस आए और उसके साथ मारपीट की। इस घटना के दौरान हुई हाथापाई कथित तौर पर CCTV कैमरे में कैद हो गई है। पीड़िता ने आरोपियों पर धमकाने का आरोप भी लगाया है। इस मामले की शिकायत पुलिस से की गई है। सरोजनीनगर थाना पुलिस CCTV फुटेज और अन्य उपलब्ध तथ्यों के आधार पर मामले की जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद आगे की आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।1