बाल विवाह मुक्त जिला अभियान: सिविल कोर्ट से रवाना हुआ ‘बाल विवाह मुक्ति रथ’ जिले को बाल विवाह मुक्त बनाने की दिशा में एक अहम पहल करते हुए शुक्रवार को दोपहर क़रीब तीन बजे सिविल कोर्ट सासाराम से “बाल विवाह मुक्ति रथ” को रवाना किया गया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश अनुज कुमार जैन ने सिविल कोर्ट के गेट नंबर–1 से हरी झंडी दिखाकर रथ को अभियान के लिए विदा किया। इस अवसर पर बाल विवाह जैसी सामाजिक कुप्रथा के खिलाफ सशक्त जनजागरूकता का संदेश दिया गया। अभियान के तहत न्यायिक पदाधिकारियों, प्रशासनिक अधिकारियों, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों ने मिलकर बाल विवाह उन्मूलन का संकल्प दोहराया। ‘बाल विवाह मुक्त भारत अभियान’ के समर्थन में हस्ताक्षर अभियान भी चलाया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। रथ को अपने उद्देश्य की सफलता की कामना के साथ रवाना किया गया। यह जागरूकता रथ आगामी छह दिनों तक जिले के प्रमुख चौक-चौराहों, ग्रामीण इलाकों और टोलों में भ्रमण करेगा। इस दौरान लोगों को बाल विवाह निषेध कानून, बाल विवाह के दुष्परिणामों तथा इसमें शामिल होने पर मिलने वाली कानूनी सजा के प्रावधानों की जानकारी दी जाएगी। सुराज संस्था के सचिव डॉ. ठाकुर रवीन्द्र नाथ ने बताया कि रथ के माध्यम से बाल विवाह के गंभीर सामाजिक, शैक्षणिक और स्वास्थ्य संबंधी नुकसान पर लोगों को जागरूक किया जाएगा। साथ ही पंचायत स्तर पर जागरूकता फैलाकर समितियों का गठन किया जाएगा, ताकि बाल विवाह पर स्थायी और प्रभावी रोक लगाई जा सके। कार्यक्रम में न्यायिक पदाधिकारी, विधिक सेवा प्राधिकार के अधिकारी, सामाजिक संगठन के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
बाल विवाह मुक्त जिला अभियान: सिविल कोर्ट से रवाना हुआ ‘बाल विवाह मुक्ति रथ’ जिले को बाल विवाह मुक्त बनाने की दिशा में एक अहम पहल करते हुए शुक्रवार को दोपहर क़रीब तीन बजे सिविल कोर्ट सासाराम से “बाल विवाह मुक्ति रथ” को रवाना किया गया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश अनुज कुमार जैन ने सिविल कोर्ट के गेट नंबर–1 से हरी झंडी दिखाकर रथ को अभियान के लिए विदा किया। इस अवसर पर बाल विवाह जैसी सामाजिक कुप्रथा के खिलाफ सशक्त जनजागरूकता का संदेश दिया गया। अभियान के तहत न्यायिक पदाधिकारियों, प्रशासनिक अधिकारियों, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों ने मिलकर बाल विवाह उन्मूलन का संकल्प दोहराया। ‘बाल विवाह मुक्त भारत अभियान’ के समर्थन में हस्ताक्षर अभियान भी चलाया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। रथ को अपने उद्देश्य की सफलता की कामना के साथ रवाना किया गया। यह जागरूकता रथ आगामी छह दिनों तक जिले के प्रमुख चौक-चौराहों, ग्रामीण इलाकों और टोलों में भ्रमण करेगा। इस दौरान लोगों को बाल विवाह निषेध कानून, बाल विवाह के दुष्परिणामों तथा इसमें शामिल होने पर मिलने वाली कानूनी सजा के प्रावधानों की जानकारी दी जाएगी। सुराज संस्था के सचिव डॉ. ठाकुर रवीन्द्र नाथ ने बताया कि रथ के माध्यम से बाल विवाह के गंभीर सामाजिक, शैक्षणिक और स्वास्थ्य संबंधी नुकसान पर लोगों को जागरूक किया जाएगा। साथ ही पंचायत स्तर पर जागरूकता फैलाकर समितियों का गठन किया जाएगा, ताकि बाल विवाह पर स्थायी और प्रभावी रोक लगाई जा सके। कार्यक्रम में न्यायिक पदाधिकारी, विधिक सेवा प्राधिकार के अधिकारी, सामाजिक संगठन के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
- जिले को बाल विवाह मुक्त बनाने की दिशा में एक अहम पहल करते हुए शुक्रवार को दोपहर क़रीब तीन बजे सिविल कोर्ट सासाराम से “बाल विवाह मुक्ति रथ” को रवाना किया गया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश अनुज कुमार जैन ने सिविल कोर्ट के गेट नंबर–1 से हरी झंडी दिखाकर रथ को अभियान के लिए विदा किया। इस अवसर पर बाल विवाह जैसी सामाजिक कुप्रथा के खिलाफ सशक्त जनजागरूकता का संदेश दिया गया। अभियान के तहत न्यायिक पदाधिकारियों, प्रशासनिक अधिकारियों, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों ने मिलकर बाल विवाह उन्मूलन का संकल्प दोहराया। ‘बाल विवाह मुक्त भारत अभियान’ के समर्थन में हस्ताक्षर अभियान भी चलाया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। रथ को अपने उद्देश्य की सफलता की कामना के साथ रवाना किया गया। यह जागरूकता रथ आगामी छह दिनों तक जिले के प्रमुख चौक-चौराहों, ग्रामीण इलाकों और टोलों में भ्रमण करेगा। इस दौरान लोगों को बाल विवाह निषेध कानून, बाल विवाह के दुष्परिणामों तथा इसमें शामिल होने पर मिलने वाली कानूनी सजा के प्रावधानों की जानकारी दी जाएगी। सुराज संस्था के सचिव डॉ. ठाकुर रवीन्द्र नाथ ने बताया कि रथ के माध्यम से बाल विवाह के गंभीर सामाजिक, शैक्षणिक और स्वास्थ्य संबंधी नुकसान पर लोगों को जागरूक किया जाएगा। साथ ही पंचायत स्तर पर जागरूकता फैलाकर समितियों का गठन किया जाएगा, ताकि बाल विवाह पर स्थायी और प्रभावी रोक लगाई जा सके। कार्यक्रम में न्यायिक पदाधिकारी, विधिक सेवा प्राधिकार के अधिकारी, सामाजिक संगठन के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।1
- Post by Vaishnavi bhakt vinu1
- रोहतास, डेहरी रोहतास जिला के डेहरी में रेलवे स्टेशन के समीप सब्जी मंडी में लाल कलर के सूटकेस में मिला महिला के शव का हुआ पहचान, अवैध संबंध को लेकर पति ने ही किया था पत्नी का गला दबाकर हत्या!1
- ट्रक–बाइक की जोरदार टक्कर में महिला की मौत, बंजारी की रहने वाली थी मृतका डेहरी थाना क्षेत्र अंतर्गत तार बंगला मोड़ के पास शुक्रवार दोपहर में एक दर्दनाक सड़क हादसे में एक महिला की मौके पर ही मौत हो गई। हादसा उस समय हुआ जब तेज रफ्तार ट्रक और बाइक के बीच जोरदार टक्कर हो गई। इस दुर्घटना में बाइक पर सवार महिला गंभीर रूप से घायल हो गईं और घटनास्थल पर ही उन्होंने दम तोड़ दिया। मृतका की पहचान रोहतास थाना क्षेत्र के बंजारी गांव निवासी रंजू कुमारी के रूप में की गई है। जानकारी के अनुसार रंजू कुमारी का मायका तिलौथु प्रखंड के अमझेरा थाना क्षेत्र अंतर्गत अमरा गांव में है। उनके पिता का नाम बिगन शर्मा बताया गया है। परिजनों के अनुसार रंजू कुमारी किसी आवश्यक काम से डेहरी गई हुई थीं, इसी दौरान यह हादसा हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक टक्कर इतनी भीषण थी कि महिला को संभलने का मौका तक नहीं मिला और घटनास्थल पर ही उनकी मौत हो गई। हादसे के बाद आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मच गई और तुरंत स्थानीय पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही डेहरी थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लेकर आवश्यक कानूनी प्रक्रिया शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना कर मामले की छानबीन शुरू कर दी है। वहीं, घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया है। पुलिस आगे की कार्रवाई में जुटी हुई है।1
- सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में देव शर्मा का व्यवहार चर्चा का विषय बना हुआ है। वीडियो में कथित तौर पर उकसावे के बाद उनकी तीखी प्रतिक्रिया देखी जा सकती है, जिस पर लोग अलग-अलग राय रख रहे हैं। कुछ इसे मानवीय प्रतिक्रिया बता रहे हैं तो कुछ संयम और सार्वजनिक आचरण पर सवाल उठा रहे हैं। यह मामला अब ऑनलाइन बहस का केंद्र बन चुका है। #ViralVideo #SocialMediaBuzz #PublicReaction #DevSharma #TrendingNews #OnlineDebate #NewsUpdate1
- Post by Raman Kishor Chaubey1
- शनिवार को रखरखाव को लेकर विद्युत आपूर्ति रहेगी बाधित नारायणपुर ग्रिड में मरम्मति का कार्य करने के कारण ग्रिड से निकले 33 केवी दावथ फीडर 10:00 से 12:00, नटवार फीडर 12:00 से 14:00 व तरारी फीडर 14:00 से 16:00 बजे तक 7 फरवरी (शनिवार) को बन्द रहेगी। शुक्रवार सहायक कार्यपालक अभियंता उपेंद्र सिंह ने बताया की उक्त अवधि मे ग्रिड द्वारा मरम्मती का कार्य किया जायेगा। सहायक विद्युत अभियंता आपूर्ति अवर प्रमण्डल बिक्रमगंज श्री राज कुमार के द्वारा उपभोक्ताओ से आग्रह किया गया है कि विद्युत आपूर्ति बंद होने से पहले ही बिजली संबंधित अपना जरूरी काम निपटा लेंगे। मरम्मति के दौरान तकनीकी सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए बिजली आपूर्ति बंद करने का निर्णय लिया गया है। इससे कई क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी। बिजली विभाग ने उपभोक्ताओं को सुझाव दिया है कि आवश्यक घरेलू और व्यावसायिक कार्य निर्धारित समय से पहले ही निपटा लें ताकि किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। इस रखरखाव कार्य का उद्देश्य लाइन व उपकरणों की कार्य क्षमता को दुरुस्त रखना है ताकि निर्बाध और सुरक्षित बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके।1
- Post by Vaishnavi bhakt vinu1