अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) ने मैहर जिले के लिए श्री नागेंद्र तिवारी को अपना नया जिला संयोजक नियुक्त किया है। उनकी नियुक्ति की घोषणा रीवा में आयोजित प्रांत अभ्यास वर्ग के दौरान की गई, जिसके बाद परिषद के कार्यकर्ताओं और छात्र समुदाय में उत्साह का माहौल है। अभाविप, जिसे विश्व का सबसे बड़ा छात्र संगठन बताया गया है, छात्रहित, राष्ट्र निर्माण और सामाजिक चेतना के विभिन्न आयामों पर निरंतर कार्य करने तथा विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास एवं राष्ट्रवादी विचारधारा के प्रसार के लिए देशभर में सक्रिय भूमिका निभाता है। परिषद के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने श्री नागेंद्र तिवारी को उनकी नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया है कि उनके कुशल नेतृत्व में संगठन जिले में छात्रहित के कार्यों, शैक्षणिक सुधारों, सामाजिक जागरूकता और राष्ट्र निर्माण की गतिविधियों को और अधिक गति प्रदान करेगा। जिला संयोजक बनाए जाने पर, श्री नागेंद्र तिवारी ने संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे परिषद की विचारधारा को जन-जन तक पहुँचाने तथा विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान के लिए पूर्ण निष्ठा और समर्पण के साथ काम करेंगे। इस अवसर पर, परिषद के कई कार्यकर्ताओं एवं विद्यार्थियों ने भी नागेंद्र तिवारी को बधाई देते हुए उनके सफल कार्यकाल की कामना की।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) ने मैहर जिले के लिए श्री नागेंद्र तिवारी को अपना नया जिला संयोजक नियुक्त किया है। उनकी नियुक्ति की घोषणा रीवा में आयोजित प्रांत अभ्यास वर्ग के दौरान की गई, जिसके बाद परिषद के कार्यकर्ताओं और छात्र समुदाय में उत्साह का माहौल है। अभाविप, जिसे विश्व का सबसे बड़ा छात्र संगठन बताया गया है, छात्रहित, राष्ट्र निर्माण और सामाजिक चेतना के विभिन्न आयामों पर निरंतर कार्य करने तथा विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास एवं राष्ट्रवादी विचारधारा के प्रसार के लिए देशभर में सक्रिय भूमिका निभाता है। परिषद के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने श्री नागेंद्र तिवारी को उनकी नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया है कि उनके कुशल नेतृत्व में संगठन जिले में छात्रहित के कार्यों, शैक्षणिक सुधारों, सामाजिक जागरूकता और राष्ट्र निर्माण की गतिविधियों को और अधिक गति प्रदान करेगा। जिला संयोजक बनाए जाने पर, श्री नागेंद्र तिवारी ने संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे परिषद की विचारधारा को जन-जन तक पहुँचाने तथा विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान के लिए पूर्ण निष्ठा और समर्पण के साथ काम करेंगे। इस अवसर पर, परिषद के कई कार्यकर्ताओं एवं विद्यार्थियों ने भी नागेंद्र तिवारी को बधाई देते हुए उनके सफल कार्यकाल की कामना की।
- मैहर में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) ने श्री नागेंद्र तिवारी को मैहर जिला का जिला संयोजक नियुक्त किया है। यह नियुक्ति इस वर्ष रीवा में आयोजित प्रांत अभ्यास वर्ग के दौरान संगठनात्मक दायित्वों की घोषणा के तहत की गई, जो प्रति वर्ष कार्यकर्ताओं के व्यक्तित्व विकास के लिए आयोजित होता है। अभाविप को विश्व का सबसे बड़ा छात्र संगठन बताया गया है, जो छात्रहित, राष्ट्र निर्माण और सामाजिक चेतना के विभिन्न आयामों पर निरंतर कार्यरत है, साथ ही विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास और राष्ट्रवादी विचारधारा के प्रसार में देशभर में सक्रिय भूमिका निभाता है। श्री नागेंद्र तिवारी की इस नियुक्ति से परिषद के कार्यकर्ताओं और छात्र समुदाय में उत्साह का वातावरण है। परिषद के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए विश्वास व्यक्त किया है कि उनके नेतृत्व में जिले में छात्रहित, शैक्षणिक सुधार, सामाजिक जागरूकता और राष्ट्र निर्माण के कार्यों को और अधिक गति मिलेगी। जिला संयोजक बनाए जाने पर श्री नागेंद्र तिवारी ने संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि वे परिषद की विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाएंगे और विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान के लिए पूर्ण निष्ठा एवं समर्पण के साथ कार्य करेंगे। इस अवसर पर परिषद के अनेक कार्यकर्ताओं और विद्यार्थियों ने भी उन्हें बधाई दी और सफल कार्यकाल की शुभकामनाएं दीं।1
- जिले के सम्पूर्ण ग्रामीण क्षेत्रों में भाटिया शराब कंपनी के मैनेजर संतोष सिंह के संरक्षण में अवैध शराब का कारोबार तेज़ी से पैर पसार चुका है, जिससे युवा पीढ़ी में नशे की लत लग रही है। यह अवैध धंधा न केवल कानूनी व्यवस्था के लिए गंभीर चुनौती बन गया है, बल्कि समाज के लिए भी बेहद हानिकारक साबित हो रहा है। आरोप है कि आबकारी विभाग के अधिकारी विजय सिंह की कथित मिलीभगत के कारण इस अवैध कार्य को बढ़ावा मिल रहा है। मा शारदा की धार्मिक नगरी के रूप में प्रसिद्ध मैहर में, यह अवैध शराब का व्यापार शासन के लिए चिंता का विषय बन गया है, खासकर तब जब प्रदेश के मुखिया डॉ. मोहन यादव ने अवैध शराब पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का निर्देश दिया था। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि मैहर के नेताओं का आना-जाना उसी रास्ते से होता है जहाँ संतोष सिंह द्वारा अवैध टीन शेड के नीचे शराब बेची जाती है, जिससे यह सवाल उठ रहा है कि क्या इस अवैध धंधे में नेताओं या प्रशासन की भी सहमति है? अब सभी की निगाहें नवागत जिला कलेक्टर पर टिकी हैं कि वे इस अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए क्या ठोस कदम उठाते हैं। ऐसे में, जिला प्रशासन की यह जिम्मेदारी बनती है कि वह इस अवैध व्यापार को जड़ से खत्म करने के लिए त्वरित और कठोर कार्यवाही करे।1
- सतना जिले की उचेहरा तहसील में परसमनिया मार्ग पर, धनिया गाँव के घने जंगलों के बीच स्थित, सात प्राकृतिक जलधाराओं से घिरा भूतेश्वर महादेव धाम सदियों से आस्था और रहस्य का एक महत्वपूर्ण केंद्र है। खुले आसमान के नीचे विराजमान इस स्वयंभू शिवलिंग तक पहुँचने के लिए श्रद्धालुओं को जंगल और जलधाराओं के मार्ग से होकर जाना पड़ता है। स्थानीय मान्यताओं के अनुसार, सूर्यास्त के बाद इस पवित्र स्थान पर कोई नहीं रुकता है। कहा जाता है कि रात के समय यहाँ डमरू, शंख और ढोल-नगाड़ों की दिव्य ध्वनियाँ सुनाई देती हैं, जिन्हें भगवान शिव के गणों द्वारा की जाने वाली अदृश्य आराधना का प्रतीक माना जाता है। भले ही इन मान्यताओं के कोई प्रत्यक्ष प्रमाण उपलब्ध न हों, लेकिन प्रकृति की अनुपम छटा, सात धाराओं का कल-कल संगीत और शिवभक्ति का अलौकिक वातावरण हर श्रद्धालु को गहरी शांति और आध्यात्मिक अनुभूति प्रदान करता है। यही भूतेश्वर महादेव धाम की सबसे बड़ी पहचान है, जिसके दर्शन के लिए दूर-दूर से शिवभक्त आते हैं।1
- मध्य प्रदेश के सतना जिले में पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय क्रमांक-2 के बाहर छात्रों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने कथित परीक्षा धांधली के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया है। यह मामला एक अभ्यर्थी ध्रुव गौतम से जुड़ा है, जिसे कथित तौर पर परीक्षा में बैठने के लिए केंद्रीय विद्यालय क्रमांक-2, सतना भेजा गया था, लेकिन उसे गुमराह करके वापस भेज दिया गया। प्रदर्शनकारियों ने इस घटना को लेकर छात्र के भविष्य पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए प्रशासनिक कार्रवाई की मांग की है। आंदोलनकारियों की मुख्य मांग है कि पीड़ित छात्र की पुन: परीक्षा (re-exam) कराई जाए। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन द्वारा छात्र के भविष्य को सुनिश्चित करने के लिए उचित कदम नहीं उठाए जाते हैं, तो वे न्यायालय का दरवाजा खटखटाएंगे और मामले के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज कराएंगे। इस पूरे घटनाक्रम को लेकर सोशल मीडिया पर भी तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं, जहाँ कई लोग नीट (NEET) परीक्षार्थियों के हितों की रक्षा और परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता की मांग कर रहे हैं। इस मामले में निष्पक्ष जांच और त्वरित कार्रवाई की आवश्यकता पर जोर दिया जा रहा है। घटना स्थल पर पहुंचे एक संबंधित व्यक्ति ने मामले की जानकारी ली और इस मुद्दे को अधिकारियों तथा मीडिया के समक्ष मजबूती से उठाने का वादा किया है।1
- भारतीय जन मोर्चा पार्टी ने 21 जून को सतना जिले के मैहर स्थित बड़ा अखाड़ा परिसर में अपना स्थापना दिवस समारोह मनाया। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि महामंडलेश्वर जितेंद्र वशिष्ठ रहे, जबकि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. एस.के. त्रिपाठी ने इसकी अध्यक्षता की। विशिष्ट अतिथियों में संस्थापक गंगा विश्वकर्मा, इंद्रभान सिंह बघेल और भूपेंद्र सिंह परिहार शामिल थे, और कार्यक्रम का संचालन मंजू सर ने किया। समारोह को संबोधित करते हुए, पार्टी के राष्ट्रीय सचिव जितेंद्र राय ने अपनी पार्टी को एक विशुद्ध हिंदूवादी पार्टी बताया, जो देश की अन्य पार्टियों से अलग है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारतीय जन मोर्चा पार्टी में कोई भी गैर-हिंदू सदस्य नहीं रहेगा, जिसे उन्होंने पार्टी की सबसे बड़ी विशेषता करार दिया। राय ने संगठन की विचारधारा और विस्तार योजनाओं पर प्रकाश डालते हुए कार्यकर्ताओं से सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। इस अवसर पर दिलीप बुनकर, रविशंकर यादव, शैलेश सिंह, सोनू, ऋषु श्रीवास्तव, विष्णु सोनी, विष्णु गुप्ता, संजीव शर्मा और अनूप श्रीवास्तव सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने भी अपने विचार साझा किए। सभी वक्ताओं ने संगठन को मजबूत करने और पार्टी की नीतियों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए एकजुट होकर कार्य करने का संकल्प लिया। समारोह का समापन संगठन के विस्तार और पार्टी की गतिविधियों को आगे बढ़ाने के सर्वसम्मत संकल्प के साथ हुआ।1
- सतना जिले के नागौद-परसमनिया मार्ग पर यात्री सुरक्षा को लेकर गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। इस मार्ग पर संचालित कुछ यात्री वाहन न केवल अपनी निर्धारित क्षमता से अधिक सवारियां बैठा रहे हैं, बल्कि वे यात्रियों के साथ-साथ भारी मात्रा में लोहे की सरिया और अन्य निर्माण सामग्री भी ढो रहे हैं। पहाड़ी और घुमावदार रास्ते पर ऐसे ओवरलोड वाहनों का संचालन दुर्घटना की आशंका को कई गुना बढ़ा रहा है। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि यात्री वाहनों में निर्धारित क्षमता से अधिक यात्रियों को बैठाकर उनके बीच लोहे की सरिया जैसी भारी सामग्री रखी जा रही है, जिससे किसी भी आपात स्थिति में उनकी सुरक्षा खतरे में पड़ सकती है। उनका कहना है कि विशेष रूप से परसमनिया घाटी के तीखे मोड़ों और ढलानों पर इन वाहनों का चलना सीधे तौर पर हादसों को न्योता देने जैसा है। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन और परिवहन विभाग से मांग की है कि इस मार्ग पर चल रहे ओवरलोड वाहनों की तत्काल जांच की जाए और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके और किसी बड़े हादसे से बचा जा सके।1
- सतना जिले में एक बहुचर्चित रेंजर पर उनकी आरक्षक पत्नी ने मारपीट और प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसका एक वीडियो भी वायरल हो गया है। जानकारी के अनुसार, यह मामला रेंजर बृजेंद्र पांडेय और उनकी पत्नी भारती उपाध्याय से जुड़ा है। बृजेंद्र पांडेय पहले बरौंधा रेंज में पदस्थ थे और हाल ही में उनका तबादला सीधी जिले में हुआ है, जबकि उनकी पत्नी भारती उपाध्याय बरौधा थाने में आरक्षक के पद पर तैनात हैं। यह पूरा प्रकरण तब सामने आया जब आरक्षक भारती उपाध्याय ने अपने पति रेंजर बृजेंद्र पांडेय को रीवा के एक होटल में एक महिला के साथ पकड़ा। इस घटना के बाद से दोनों पक्षों के बीच लगातार आक्रामक रुख देखा जा रहा है। पति रेंजर ने पत्नी पर चोरी का आरोप लगाया, जिसके जवाब में अब पत्नी ने पति पर प्रताड़ना के आरोप लगाए हैं। फिलहाल, यह पूरा मामला पुलिस के संज्ञान में है और पुलिस इस संबंध में जांच-पड़ताल में जुटी हुई है।2
- सतना जिले के नागौद क्षेत्र स्थित हरदुआ विद्युत उपकेंद्र में उस समय हड़कंप मच गया जब आउटसोर्स ऑपरेटर अजय वर्मा नौकरी से निकाले जाने के विरोध में एक चालू विद्युत लाइन पर चढ़ गए और आत्मघाती कदम उठाने की चेतावनी देने लगे। मौके पर मौजूद लोगों के अनुसार, अजय वर्मा का आरोप है कि कुछ दिनों पहले आउटसोर्स कर्मचारियों के मानदेय में कटौती की गई थी, जिसका सभी कर्मचारियों ने विरोध किया था। अजय वर्मा का दावा है कि कार्यपालन अभियंता पल्लव स्वर्णकार इसी विरोध का बदला ले रहे हैं। उनके अनुसार, इस कार्रवाई के तहत कई कर्मचारियों को सेवा से हटा दिया गया है, जबकि कुछ अन्य को दूरस्थ स्थानों पर स्थानांतरित कर दिया गया है। इसी के विरोध में अजय वर्मा सबस्टेशन की चालू लाइन पर चढ़ गए और अपनी माँगें पूरी न होने पर जान देने की धमकी देने लगे। इस घटना की सूचना मिलते ही विभागीय अधिकारियों और स्थानीय प्रशासन में हड़कंप मच गया। नागौद पुलिस भी तुरंत मौके पर पहुंची और कर्मचारी को सुरक्षित नीचे उतारने तथा स्थिति को नियंत्रित करने के प्रयास कर रही है। हालांकि, कर्मचारी द्वारा लगाए गए इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है।3