देवरिया जनपद में रामपुर कारखाना पुलिस ने हत्या के प्रयास के एक वांछित अभियुक्त को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। गिरफ्तार किए गए अभियुक्त की पहचान कमधेनवा निवासी धनंजय पाल पुत्र स्व० पारसनाथ पाल के रूप में हुई है, जिसकी उम्र लगभग 36 वर्ष है। पुलिस ने उसके कब्जे से एक अवैध तमंचा और दो जिंदा कारतूस भी बरामद किए हैं। अभियुक्त धनंजय पाल थाना स्थानीय पर पंजीकृत मु0अ0सं0-265/2025 में धारा 109(1) और 3 के तहत दर्ज हत्या के प्रयास के प्रकरण में वांछित था। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक देवरिया अभिजीत आर. शंकर द्वारा जनपद में अपराध और अपराधियों की रोकथाम तथा वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत की गई। इस गिरफ्तारी में अपर पुलिस अधीक्षक (उत्तरी) आनंद कुमार पांडेय का कुशल निर्देशन और क्षेत्राधिकारी नगर संजय कुमार रेड्डी का कुशल पर्यवेक्षण महत्वपूर्ण रहा। रामपुर कारखाना पुलिस की इस कार्रवाई को अपराध नियंत्रण की दिशा में एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।
देवरिया जनपद में रामपुर कारखाना पुलिस ने हत्या के प्रयास के एक वांछित अभियुक्त को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। गिरफ्तार किए गए अभियुक्त की पहचान कमधेनवा निवासी धनंजय पाल पुत्र स्व० पारसनाथ पाल के रूप में हुई है, जिसकी उम्र लगभग 36 वर्ष है। पुलिस ने उसके कब्जे से एक अवैध तमंचा और दो जिंदा कारतूस भी बरामद किए हैं। अभियुक्त धनंजय पाल थाना स्थानीय पर पंजीकृत मु0अ0सं0-265/2025 में धारा 109(1) और 3 के तहत दर्ज हत्या के प्रयास के प्रकरण में वांछित था। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक देवरिया अभिजीत आर. शंकर द्वारा जनपद में अपराध और अपराधियों की रोकथाम तथा वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत की गई। इस गिरफ्तारी में अपर पुलिस अधीक्षक (उत्तरी) आनंद कुमार पांडेय का कुशल निर्देशन और क्षेत्राधिकारी नगर संजय कुमार रेड्डी का कुशल पर्यवेक्षण महत्वपूर्ण रहा। रामपुर कारखाना पुलिस की इस कार्रवाई को अपराध नियंत्रण की दिशा में एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।
- देवरिया जिले के बरहज तहसील क्षेत्र में समाजवादी पार्टी ने घरेलू गैस के दामों में हुई वृद्धि के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन सपा नेता विजय रावत के नेतृत्व में आयोजित किया गया, जिसमें कार्यकर्ताओं ने थाली बजाकर अपना विरोध दर्ज कराया।1
- देवरिया जनपद में रामपुर कारखाना पुलिस ने हत्या के प्रयास के एक वांछित अभियुक्त को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। गिरफ्तार किए गए अभियुक्त की पहचान कमधेनवा निवासी धनंजय पाल पुत्र स्व० पारसनाथ पाल के रूप में हुई है, जिसकी उम्र लगभग 36 वर्ष है। पुलिस ने उसके कब्जे से एक अवैध तमंचा और दो जिंदा कारतूस भी बरामद किए हैं। अभियुक्त धनंजय पाल थाना स्थानीय पर पंजीकृत मु0अ0सं0-265/2025 में धारा 109(1) और 3 के तहत दर्ज हत्या के प्रयास के प्रकरण में वांछित था। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक देवरिया अभिजीत आर. शंकर द्वारा जनपद में अपराध और अपराधियों की रोकथाम तथा वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत की गई। इस गिरफ्तारी में अपर पुलिस अधीक्षक (उत्तरी) आनंद कुमार पांडेय का कुशल निर्देशन और क्षेत्राधिकारी नगर संजय कुमार रेड्डी का कुशल पर्यवेक्षण महत्वपूर्ण रहा। रामपुर कारखाना पुलिस की इस कार्रवाई को अपराध नियंत्रण की दिशा में एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।1
- Post by विजय कुमार1
- देवरिया जिले की भटनी पुलिस ने पॉक्सो एक्ट से जुड़े एक मामले में वांछित अभियुक्त निखिल कुमार को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए शिवबनकटा चौराहा से डुमरी जाने वाले मार्ग से 18 वर्षीय निखिल कुमार को पकड़ा, जो विजयीपुर, गोपालगंज (बिहार) का निवासी है। पुलिस के अनुसार, निखिल कुमार के खिलाफ थाना भटनी में एक नाबालिग लड़की को बहला-फुसलाकर भगा ले जाने के आरोप में मुकदमा दर्ज था। मामले की विवेचना के दौरान, पीड़िता को 27 मई 2026 को सकुशल बरामद कर लिया गया था। गिरफ्तार अभियुक्त के विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जा रही है। गिरफ्तारी करने वाली टीम में उपनिरीक्षक प्रमोद कुमार और हेड कांस्टेबल अरविन्द यादव शामिल थे।1
- गोरखपुर के चौरी चौरा क्षेत्र में पीने का पानी योग्य नहीं है। घर के आसपास के लोगों को पानी पीने में समस्या हो रही है। निवासियों ने इस समस्या को सुधारे जाने की अपील की है।2
- एक इंजीनियर की कई करोड़ रुपए की काली कमाई बरामद की गई है। जानकारी के अनुसार, इस इंजीनियर ने अपनी नौकरी की शुरुआत मात्र ₹6000 के वेतन से की थी, जिसके बाद अब उसकी करोड़ों की अवैध संपत्ति का खुलासा हुआ है।1
- देवरिया जनपद में अपराधों और शराब तस्करी पर अंकुश लगाने हेतु चलाए जा रहे अभियान के तहत बनकटा पुलिस ने इंगुरी सराय के पास से बिहार ले जाई जा रही भारी मात्रा में अवैध अंग्रेजी शराब और बीयर बरामद की है। इस कार्रवाई में वाहन संख्या BR 01JK 4877 वाली एक स्कॉर्पियो से 32 पेटी अवैध अंग्रेजी शराब ऑफिसर चॉइस, जिसकी कुल मात्रा 276.480 लीटर है, तथा 6 पेटी अवैध किंगफिशर बीयर, जिसकी कुल मात्रा 72 लीटर है, जब्त की गई। पुलिस अधीक्षक अभिजीत आर. शंकर के निर्देशों, अपर पुलिस अधीक्षक (दक्षिणी) सुनील कुमार सिंह के कुशल निर्देशन और क्षेत्राधिकारी भाटपार रानी अंशुमन श्रीवास्तव के पर्यवेक्षण में बनकटा पुलिस सुबह संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने उक्त स्कॉर्पियो को रोका। हालांकि, वाहन का चालक झाड़ियों और गन्ने की फसल का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया। पुलिस ने उसकी पहचान कर गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमें गठित की हैं। इस संबंध में थाना बनकटा पर वाहन स्वामी और फरार चालक के खिलाफ मु0अ0सं0 143/2026 के तहत धारा 60/72 आबकारी अधिनियम के अंतर्गत अभियोग पंजीकृत कर लिया गया है। पुलिस द्वारा इस मामले में आगे की नियमानुसार विधिक कार्यवाही की जा रही है।2
- कुशीनगर जिले के कुबेरस्थान थाना क्षेत्र स्थित ग्राम पंचायत जंगल पचरुखिया में पुलिस और ग्रामीणों के बीच हुई मारपीट का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वायरल वीडियो में दो पुलिसकर्मी एक महिला को दोनों हाथों से पकड़कर खींचते हुए साफ दिखाई दे रहे हैं। इसी दौरान एक युवक भी पुलिस पर महिला से मारपीट और गाली देने का आरोप लगाते हुए एक पुलिसकर्मी को थप्पड़ मार देता है। पीड़ित महिला संगति, जो शंभू गुप्ता की पत्नी हैं, ने बताया कि यह घटना 22 मई को हुई एक दुर्घटना से जुड़ी है। उस दिन एक बालू लदी ट्रक ने अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पानी पी रहे 33 वर्षीय संदीप मधेशिया, पुत्र धरीछन मधेशिया, को कुचल दिया था। गंभीर हालत में उसे पहले कुशीनगर मेडिकल कॉलेज और फिर गोरखपुर रेफर किया गया, जहाँ 1 जून को उसकी मृत्यु हो गई। ग्रामीणों के अनुसार, 22 मई की दुर्घटना के बाद भीड़ ने ट्रक को घेर लिया और उसमें तोड़फोड़ की थी, जिसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुँचकर ट्रक को अपने कब्जे में ले लिया था। ग्रामीणों का आरोप है कि इसी घटना के चलते कुबेरस्थान थाने के दो सिपाही, अभिनाश और शौरभ, 55 लोगों के खिलाफ कार्रवाई की बात कह रहे हैं। आरोप है कि पिछले कुछ दिनों से पुलिस बिना महिला सिपाही के लगातार ग्रामीणों के घरों में छापेमारी कर रही है। ग्रामीण नजमा खातून ने बताया कि उनके घर में कोई पुरुष सदस्य नहीं था, केवल 4 दिन पहले आई नई नवेली दुल्हन थी, इसके बावजूद पुलिसकर्मी घर में घुसकर गंदी गालियाँ दे रहे थे। पूछने पर उन्होंने कुछ नहीं बताया और बचने के लिए 25,000-25,000 रुपये की मांग की, अन्यथा जेल भेजने की धमकी दी। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि पुलिस ने उसी रात में ट्रक से पूरी बालू निकालकर ट्रैक्टर और ट्रॉली की मदद से एक दुकानदार को बेच दी और फिर खाली ट्रक को थाने ले गई। ग्रामीणों ने आगे बताया कि तोड़फोड़ के आरोप में संतोष मधेशिया और दुर्गेश खटीक को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर थाने ले गई थी। उनसे भी पैसे की मांग की गई, और पैसे न देने पर उन्हें आईपीसी की धारा 151 के तहत चालान कर दिया गया, जिसके बाद उन्हें 3 दिन जेल में बिताने पड़े और अब वे जमानत पर घर आए हैं। गांव के सीताराम ने बताया कि घटना के तीन दिन बाद पुलिस उनके बेटे की दुकान पर आई और बोली कि उसे थाने ले आओ, नहीं तो घर से खींच कर ले जाएंगे, लेकिन किस लिए, इसका कोई जवाब नहीं दिया। इन घटनाओं के बाद कई सवाल खड़े हो रहे हैं कि आखिर पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त ट्रक की बालू किसके आदेश पर रात के अंधेरे में एक निजी दुकानदार को बेची? साथ ही, ट्रक रोकने वाली भीड़ पर कार्रवाई के नाम पर पैसे क्यों मांगे जा रहे हैं? और अगर ट्रक मालिक की ओर से तोड़फोड़ की तहरीर पड़ी थी, तो पुलिस ने दो लोगों को धारा 151 जैसी मामूली धारा में जेल क्यों भेजा, जबकि ऐसी धाराओं में निजी मुचलके पर भी छोड़ा जा सकता था, फिर भी उन्हें जेल भेजा गया।2