मानवी प्रकरण में बर्खास्त डॉक्टर को संरक्षण का आरोप तीन दिन में बर्खास्तगी पलटी, नंदराज अस्पताल के मानकों पर भी सवाल बांदा। पांच वर्षीय मानवी के पैर काटे जाने के मामले में अब सवाल सिर्फ इलाज की कथित लापरवाही का नहीं, बल्कि कार्रवाई के बाद बदले फैसले का भी है। पड़ुई निवासी अनिल कुमार ने डीएम को पत्र देकर डॉ. विनीत कुमार सिंह की बर्खास्तगी और महज तीन दिन बाद उसे निरस्त किए जाने की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।शिकायत के मुताबिक, 2 अप्रैल की स्वतंत्र जांच में डॉ. विनीत सिंह की कथित लापरवाही सामने आने के बाद 13 अप्रैल को बर्खास्तगी हुई, लेकिन 16 अप्रैल को मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने पूर्व आंतरिक समिति की रिपोर्ट का हवाला देकर आदेश वापस ले लिया। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि चिकित्सकों की हड़ताल और तालाबंदी के दबाव में यह फैसला बदला गया।सरकारी सेवा के साथ नंदराज अस्पताल संचालित करने और अस्पताल में आवश्यक मानक व फायर एनओसी न होने का आरोप भी लगाया गया है।मामला गंभीर है—एक जांच में लापरवाही के सवाल, दूसरी में क्लीन चिट और फिर तीन दिन में बर्खास्तगी खत्म। आखिर जवाबदेही तय करने वाली व्यवस्था में इतना बड़ा यू-टर्न किस आधार पर आया? शिकायतकर्ता ने पूरे प्रकरण की स्वतंत्र जांच और दोषी पाए जाने वालों पर कार्रवाई की मांग की है।
मानवी प्रकरण में बर्खास्त डॉक्टर को संरक्षण का आरोप तीन दिन में बर्खास्तगी पलटी, नंदराज अस्पताल के मानकों पर भी सवाल बांदा। पांच वर्षीय मानवी के पैर काटे जाने के मामले में अब सवाल सिर्फ इलाज की कथित लापरवाही का नहीं, बल्कि कार्रवाई के बाद बदले फैसले का भी है। पड़ुई निवासी अनिल कुमार ने डीएम को पत्र देकर डॉ. विनीत कुमार सिंह की बर्खास्तगी और महज तीन दिन बाद उसे निरस्त किए जाने की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।शिकायत के मुताबिक, 2 अप्रैल की स्वतंत्र जांच में डॉ. विनीत सिंह की कथित लापरवाही सामने आने के बाद 13 अप्रैल को बर्खास्तगी हुई, लेकिन 16 अप्रैल को मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने पूर्व आंतरिक समिति की रिपोर्ट का हवाला देकर आदेश वापस ले लिया। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि चिकित्सकों की हड़ताल और तालाबंदी के दबाव में यह फैसला बदला गया।सरकारी सेवा के साथ नंदराज अस्पताल संचालित करने और अस्पताल में आवश्यक मानक व फायर एनओसी न होने का आरोप भी लगाया गया है।मामला गंभीर है—एक जांच में लापरवाही के सवाल, दूसरी में क्लीन चिट और फिर तीन दिन में बर्खास्तगी खत्म। आखिर जवाबदेही तय करने वाली व्यवस्था में इतना बड़ा यू-टर्न किस आधार पर आया? शिकायतकर्ता ने पूरे प्रकरण की स्वतंत्र जांच और दोषी पाए जाने वालों पर कार्रवाई की मांग की है।
- दुकानदार ने उधार सामान नहीं दिया तो दिखाया तमंचा, दो आरोपी गिरफ्तार दुकानदार ने उधार सामान नहीं दिया तो दिखाया तमंचा, दो आरोपी गिरफ्तार बांदा में दुकान पर उधार सामान देने से मना करना दो युवकों को भारी पड़ गया। आरोप है कि उधार सामान देने से इनकार करने पर दोनों ने तमंचा निकालकर दुकानदार को .... धमकी दी। शिकायत के बाद हरकत में आई कोतवाली नगर पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। मामला थाना कोतवाली नगर क्षेत्र का है, जहां 14 सितंबर को सनी नाम के व्यक्ति ने पुलिस को शिकायत दी थी कि दो लोगों ने दुकान पर उधार सामान देने से मना करने पर तमंचा दिखाकर .... धमकी दी। मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पंकज और सुखवीर नाम के दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर 315 बोर का एक अवैध तमंचा और दो जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। दोनों आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की संबंधित धाराओं के साथ आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने विधिक कार्रवाई के बाद दोनों को न्यायालय के समक्ष पेश किया।1
- उधार सामान देने से मना करने पर तमंचा दिखाकर जान से मारने की धमकी देने वाले 02 अभियुक्तों को थाना कोतवाली नगर पुलिस द्वारा किया गया गिरफ्तार । अभियुक्तों की निशानदेही पर अवैध तमंचा एवं जिन्दा कारतूस बरामद । उधार सामान देने से मना करने पर तमंचा दिखाकर जान से मारने की धमकी देने वाले 02 अभियुक्तों को थाना कोतवाली नगर पुलिस द्वारा किया गया गिरफ्तार । अभियुक्तों की निशानदेही पर अवैध तमंचा एवं जिन्दा कारतूस बरामद । गौरतलब हो कि दिनांक 14.09.2026 को थाना कोतवाली नगर क्षेत्र के रहने वाले सनी पुत्र महेश द्वारा थाना कोतवाली नगर पर सूचना दी गई कि 02 व्यक्तियों द्वारा दुकान पर उधार सामान देने से मना करने पर तमंचा निकालकर जान से मारने की धमकी दी गई । सूचना के आधार पर थाना कोतवाली नगर पुलिस द्वारा तत्काल अभियोग पंजीकृत कर अभियुक्तों की गिरफ्तारी की जा रही थी इसी क्रम में आज दिनांक 15.06.2026 को दोनों अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया है । गिरफ्तार अभियुक्तों की निशानदेही पर पुलिस ने एक अवैध तमंचा एवं 02 जिन्दा कारतूस बरामद किए । अभियुक्तों के विरुद्ध विधिक कार्यवाही करते हुए उन्हें गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया गया । बरामदगी 01 अवैध तमंचा 315 बोर 02 जिन्दा कारतूस 315 बोर गिरफ्तार अभियुक्त 1. पंकज पुत्र रमेश निवासी घुरौली चन्दवारी डाडा जनपद हमीरपुर हाल पता बंगालीपुरा थाना कोतवाली नगर जनपद बांदा । 2. सुखवीर पुत्र रज्जन निवासी जगम्मनपुर थाना रामपुरा जनपद जालौन हाल पता बंगालीपुरा थाना कोतवाली नगर जनपद बांदा ।1
- BREAKING NEWS BANDA 🚨 उधार सामान नहीं दिया तो दुकानदार को दिखा दिया तमंचा! धमकी देने वाले दो युवक गिरफ्तार बांदा। दुकान से उधार सामान देने से इनकार करना दुकानदार के लिए भारी पड़ गया। आरोप है कि दो युवकों ने तमंचा निकालकर दुकानदार को जान से मारने की धमकी दे डाली। शिकायत मिलते ही कोतवाली नगर पुलिस हरकत में आई और दोनों आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक, 14 सितंबर को सनी पुत्र महेश ने कोतवाली नगर में शिकायत दी थी कि दुकान पर उधार सामान देने से मना करने पर दो युवकों ने तमंचा दिखाकर धमकी दी। शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने आरोपितों की तलाश शुरू की। 15 सितंबर को पुलिस ने दोनों आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने 315 बोर का अवैध तमंचा और दो जिंदा कारतूस बरामद किए। गिरफ्तार आरोपितों की पहचान पंकज पुत्र रमेश निवासी घुरौली चंदवारी डांडा, हमीरपुर, हाल पता बंगालीपुरा, बांदा और सुखवीर पुत्र रज्जन निवासी जगम्मनपुर, थाना रामपुरा, जालौन, हाल पता बंगालीपुरा, बांदा के रूप में हुई है। मामले में मु.अ.सं. 463/26 के तहत धारा 316(2), 352, 351(3) बीएनएस एवं 3/25 आर्म्स एक्ट में कार्रवाई की गई है। दोनों आरोपितों को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया। कार्रवाई पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल के निर्देशन में हुई। गिरफ्तारी टीम में चौकी प्रभारी मंडी समिति आकाश शुक्ला, चौकी प्रभारी काशीराम कॉलोनी रश्मि सिंह समेत पुलिसकर्मी शामिल रहे। 👉 महज उधार सामान को लेकर शुरू हुआ विवाद तमंचे की धमकी और गिरफ्तारी तक पहुंच गया।1
- बांदा -उधार सामान देने से मना करने पर तमंचा दिखाकर जान से मारने की धमकी देने वाले 02 अभियुक्तों को थाना कोतवाली नगर पुलिस द्वारा किया गया गिरफ्तार बांदा पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल के निर्देशन में जनपद में अपराध एवं अपराधियों पर नियंत्रण लगाये जाने तथा अवैध शस्त्रों के विरुद्ध की जा रही कार्यवाही के क्रम में थाना कोतवाली नगर पुलिस द्वारा दुकान पर उधार सामान देने से मना करने पर तमंचा निकालकर जान से मारने की धमकी देने वाले 02 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है । गिरफ्तार अभियुक्तों की निशानदेही पर अवैध तमंचा एवं जिन्दा कारतूस बरामद किए गए है । गौरतलब हो कि दिनांक 14.09.2026 को थाना कोतवाली नगर क्षेत्र के रहने वाले सनी पुत्र महेश द्वारा थाना कोतवाली नगर पर सूचना दी गई कि 02 व्यक्तियों द्वारा दुकान पर उधार सामान देने से मना करने पर तमंचा निकालकर जान से मारने की धमकी दी गई । सूचना के आधार पर थाना कोतवाली नगर पुलिस द्वारा तत्काल अभियोग पंजीकृत कर अभियुक्तों की गिरफ्तारी की जा रही थी इसी क्रम में आज दिनांक 15.06.2026 को दोनों अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया है । गिरफ्तार अभियुक्तों की निशानदेही पर पुलिस ने एक अवैध तमंचा एवं 02 जिन्दा कारतूस बरामद किए । अभियुक्तों के विरुद्ध विधिक कार्यवाही करते हुए उन्हें गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया गया ।1
- मानवी प्रकरण में बर्खास्त डॉक्टर को संरक्षण का आरोप तीन दिन में बर्खास्तगी पलटी, नंदराज अस्पताल के मानकों पर भी सवाल बांदा। पांच वर्षीय मानवी के पैर काटे जाने के मामले में अब सवाल सिर्फ इलाज की कथित लापरवाही का नहीं, बल्कि कार्रवाई के बाद बदले फैसले का भी है। पड़ुई निवासी अनिल कुमार ने डीएम को पत्र देकर डॉ. विनीत कुमार सिंह की बर्खास्तगी और महज तीन दिन बाद उसे निरस्त किए जाने की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।शिकायत के मुताबिक, 2 अप्रैल की स्वतंत्र जांच में डॉ. विनीत सिंह की कथित लापरवाही सामने आने के बाद 13 अप्रैल को बर्खास्तगी हुई, लेकिन 16 अप्रैल को मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने पूर्व आंतरिक समिति की रिपोर्ट का हवाला देकर आदेश वापस ले लिया। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि चिकित्सकों की हड़ताल और तालाबंदी के दबाव में यह फैसला बदला गया।सरकारी सेवा के साथ नंदराज अस्पताल संचालित करने और अस्पताल में आवश्यक मानक व फायर एनओसी न होने का आरोप भी लगाया गया है।मामला गंभीर है—एक जांच में लापरवाही के सवाल, दूसरी में क्लीन चिट और फिर तीन दिन में बर्खास्तगी खत्म। आखिर जवाबदेही तय करने वाली व्यवस्था में इतना बड़ा यू-टर्न किस आधार पर आया? शिकायतकर्ता ने पूरे प्रकरण की स्वतंत्र जांच और दोषी पाए जाने वालों पर कार्रवाई की मांग की है।1
- बांदा मंडलायुक्त श्री अजीत कुमार जी और पर्यावरण प्रहरी गुलाबचंद कुशवाहा ने संयुक्त रूप से कमिश्नर कार्यालय परिसर में किया पौधरोपण चित्रकूटधाम मण्डल, बांदा में पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक अनुकरणीय पहल देखने को मिली समाजसेवी एवं पर्यावरण प्रहरी गुलाबचंद कुशवाहा (भगवती मानव कल्याण संगठन) द्वारा जनपद बांदा में 5000 पौधे लगाने के लक्ष्य को पूरा किया गया। इस ऐतिहासिक उपलब्धि के उपलक्ष्य में आज मंगलवार को कमिश्नर कार्यालय, बांदा परिसर में पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मण्डलायुक्त, चित्रकूटधाम मण्डल, श्री अजीत कुमार जी और पर्यावरण प्रहरी गुलाबचंद कुशवाहा ने संयुक्त रूप से पौधा लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस शुभ अवसर पर मण्डलायुक्त जी ने गुलाबचंद कुशवाहा का किया सम्मान *मण्डलायुक्त श्री अजीत कुमार जी ने कहा -* "गुलाबचंद कुशवाहा जी जैसे पर्यावरण प्रहरी समाज के लिए प्रेरणा स्रोत हैं। जनपद में 5000 पौधे लगाकर उन्होंने यह साबित किया है कि दृढ़ इच्छाशक्ति व संकल्प शक्ति हो तो सब संभव है। यह कार्य युवाओं के लिए एक मिसाल है। उनका यह प्रयास निश्चित ही आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ वायु और हरित भविष्य देगा।" *पर्यावरण प्रहरी गुलाबचंद कुशवाहा ने अपील करते हुए कहा -* "पेड़ ही जीवन है, पेड़ ही भविष्य है। भगवती मानव कल्याण संगठन का लक्ष्य केवल पौधे लगाना नहीं, बल्कि उन्हें पेड़ बनाना है। हमने 5000 पौधे बांदा जनपद के अलग-अलग स्थानों पर विगत 54 महीनों में सुरक्षित स्थानों पर लगाए हैं, लेकिन हमारा सपना है कि बांदा का हर नागरिक कम से कम एक पौधा लगाए और उसकी देखभाल अपने बच्चे की तरह करे। हम मण्डलायुक्त महोदय जी का हृदय से आभार व्यक्त करते हैं उन्होंने हमारे पौधारोपण कार्यक्रम का सम्मान किया आओ, हम सब मिलकर बांदा को हरा-भरा और प्रदूषण मुक्त बनाएं।"4
- यह वीडियो मेरे सभी भाइयों के लिए छोटे या बड़े भाइयों के लिए हैं agar yah video pasand aaya to koi bhi apni family member ya Bhai Ko Kisi Ko FIR share kar sakta aur follow kar lo aur ISI tarah ki video ke liye follow me aage bhi ISI tarah ke video milenge aap hi ka support banaa rahega to main video banane mere upar energy rahegi Jahan Maine kuchh Sahi Kiyaअगर मैंने कुछ गलत कह दिया हो कमेंट में बता सकते हैं1
- आज सद्भावना सेवा मंच के अध्यक्ष प्रमोद गुप्ता "राजा"के नेतृत्व में सभी पदाधिकारियों सहित बांदा जनपद की विभिन्न समस्याओं को लेकर जिलाधिकारी महोदय को एक ज्ञापन प्रेषित किया गया,जो समस्याएं बिंदुवार निम्नलिखित हैं। 1,महोदय जनपद बांदा के राष्ट्रीय व राज्य स्तरीय राजमार्ग में बड़े-बड़े गड्ढे होने के कारण दुर्घटनाएं हो रही हैं,राहगीरों को जान माल का भारी नुकसान हो रहा है, तत्काल प्रभाव से रोड़ो को दुरुस्त कराया जाए 2,जिला चिकित्सालय बांदा और रानी दुर्गावती मेडिकल कालेज बांदा के चिकित्सकों द्वारा अपने प्राइवेट चिकित्सालय संचालित किये जा रहे हैं,जिसके कारण मरीजों सही इलाज ना कर अपने चहेते अस्पताल में ईलाज कर मरीजों का शोषण किया जा रहा है और कुछ अस्पताल के डॉक्टर कर्मचारी कई वर्षों से जमा हुए हैं उनको तत्काल प्रभाव से अन्य जनपद में स्थानांतरण किया जाए 3,बांदा तिन्दवारी मार्ग पर सेन्ट मेरी स्कूलू के मेन रोड में अवैध तरीके से स्कूल बसों और छात्रों की गाड़ियां पार्किंग की जा रही है मेन रोड होने के कारण अक्सर दुर्घटनाएं होती हैं। स्कूल के अंदर पर्याप्त जगह होने के बावजूद भी पार्किंग बाहर बनाई गई है जिसको तत्काल प्रभाव से बंद कराया जाए 4,बरसात के मौसम में विद्युत विभाग द्वारा ग्रामीण इलाकों में बहुतायत में बिजली कटौती की जा रही है गर्मी और उमस से बीमारिया फैल रही हैं लोग परेशान है। निर्वाध विद्युत आपूर्ति को व्यवस्था करायी जाय 5,मण्डी समिति तिंदवारी रोड में सड़क के दोनों तरफ फुटकर सब्जी विक्रेताओं के द्वारा दुकान लगाने से मेन रोड अवरूद्ध होता है और आए दिन घटना दुर्घटना होती हैं,बड़ी घटना कभी भी हो सकती है,इसके लिए मंडी परिसर में नये चबूतरे और टीन शेड बनाये जायें 6शहर में जितनी भी सरकारी शराब की दुकानें है उन दुकानों के अगल बगल जमावड़ा लगाकर शराब पी जाती जिससे प्लास्टिक का कचरा कांच की बोतलें इकट्ठा होती है और वहां से निकालने वाली महिलाओं बच्चों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है शराब ठेके के बाहर शराब पीने वालों की व्यवस्था को तत्काल प्रभाव से बंद कराए जाना जनहित में उचित है।4