उत्तर प्रदेश के महाराजगंज जिले के विकास खंड मिठौरा की ग्राम पंचायत दरहटा में रविवार को "एक पेड़ माँ के नाम" वृक्षारोपण महाअभियान के तहत बड़े पैमाने पर पौधरोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में नगर विकास सचिव एवं स्थानीय निकाय निदेशक अनुज कुमार झा बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए, जबकि सदर विधायक जयमंगल कन्नौजिया और जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरावाल विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहे। अतिथियों ने पौधरोपण कर इस अभियान की शुरुआत की और लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा उनकी नियमित देखभाल करने की अपील की। इस अभियान के तहत आम, नीम, पीपल, बरगद और शीशम जैसी विभिन्न प्रजातियों के छायादार तथा फलदार पौधे रोपे गए। इस अवसर पर वक्ताओं ने "एक पेड़ माँ के नाम" अभियान को मातृ सम्मान, पर्यावरण संरक्षण और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के प्रति समाज की सामूहिक जिम्मेदारी का प्रतीक बताया। जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन के इस दौर में वृक्षों को मानव जीवन का सबसे बड़ा संरक्षक बताया, जो भूजल संरक्षण और जैव विविधता बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। सदर विधायक जयमंगल कन्नौजिया ने कहा कि प्रदेश सरकार पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन का रूप देने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है और हर नागरिक को पौधरोपण के साथ-साथ उनके संरक्षण की जिम्मेदारी भी उठानी चाहिए। इस भव्य आयोजन में जिला विकास अधिकारी भोलानाथ कन्नौजिया, परियोजना निदेशक रामदरश चौधरी, उपायुक्त श्रम रोजगार गौरवेन्द्र सिंह, तहसीलदार पंकज साही, खंड विकास अधिकारी राहुल सागर, अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी ग्रेजेंदु पटेल, ग्राम प्रधान प्रतिभा देवी, प्रतिनिधि मनीष पासवान, ग्राम रोजगार सेवक मनोज कुमार, पंचायत सचिव राजन गुप्ता और तकनीकी सहायक निशांत सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। सभी उपस्थित लोगों ने अपने घरों, खेतों और सार्वजनिक स्थलों पर लगाए गए पौधों की नियमित सिंचाई, सुरक्षा और संवर्धन सुनिश्चित करने का दृढ़ संकल्प लिया।
उत्तर प्रदेश के महाराजगंज जिले के विकास खंड मिठौरा की ग्राम पंचायत दरहटा में रविवार को "एक पेड़ माँ के नाम" वृक्षारोपण महाअभियान के तहत बड़े पैमाने पर पौधरोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में नगर विकास सचिव एवं स्थानीय निकाय निदेशक अनुज कुमार झा बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए, जबकि सदर विधायक जयमंगल कन्नौजिया और जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरावाल विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहे। अतिथियों ने पौधरोपण कर इस अभियान की शुरुआत की और लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा उनकी नियमित देखभाल करने की अपील की। इस अभियान के तहत आम, नीम, पीपल, बरगद और शीशम जैसी विभिन्न प्रजातियों के छायादार तथा फलदार पौधे रोपे गए। इस अवसर पर वक्ताओं ने "एक पेड़ माँ के नाम" अभियान को मातृ सम्मान, पर्यावरण संरक्षण और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के प्रति समाज की सामूहिक जिम्मेदारी का प्रतीक बताया। जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन
के इस दौर में वृक्षों को मानव जीवन का सबसे बड़ा संरक्षक बताया, जो भूजल संरक्षण और जैव विविधता बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। सदर विधायक जयमंगल कन्नौजिया ने कहा कि प्रदेश सरकार पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन का रूप देने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है और हर नागरिक को पौधरोपण के साथ-साथ उनके संरक्षण की जिम्मेदारी भी उठानी चाहिए। इस भव्य आयोजन में जिला विकास अधिकारी भोलानाथ कन्नौजिया, परियोजना निदेशक रामदरश चौधरी, उपायुक्त श्रम रोजगार गौरवेन्द्र सिंह, तहसीलदार पंकज साही, खंड विकास अधिकारी राहुल सागर, अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी ग्रेजेंदु पटेल, ग्राम प्रधान प्रतिभा देवी, प्रतिनिधि मनीष पासवान, ग्राम रोजगार सेवक मनोज कुमार, पंचायत सचिव राजन गुप्ता और तकनीकी सहायक निशांत सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। सभी उपस्थित लोगों ने अपने घरों, खेतों और सार्वजनिक स्थलों पर लगाए गए पौधों की नियमित सिंचाई, सुरक्षा और संवर्धन सुनिश्चित करने का दृढ़ संकल्प लिया।
- Post by Raju Yadav1
- प्रयागराज जिले के यमुनानगर क्षेत्र में कोरांव तहसील के अंतर्गत आने वाले ग्राम सभा लहवा भगेसर से पोखरी रोड जाने वाली मुख्य सड़क प्रशासनिक लापरवाही के कारण पूरी तरह बदहाल हो चुकी है। गांव के आवागमन की एकमात्र कड़ी मानी जाने वाली यह सड़क अब किसी कब्रगाह से कम नहीं लगती है। सड़क की हालत इतनी जर्जर है कि यहाँ जगह-जगह गहरे गड्ढे बन गए हैं, जिससे बरसात के दिनों में पूरा रास्ता तालाब का रूप ले लेता है और सूखे मौसम में धूल का गुबार लोगों की आंखों में चुभता है। अब इस रास्ते पर पैदल चलना तो दूर, मोटरसाइकिल और साइकिल निकालना भी बेहद मुश्किल हो चुका है। ग्रामीणों का कहना है कि कई साल बीत जाने के बाद भी यह सड़क विकास की राह देख रही है और यहाँ न तो खड़ंजा बिछा है, न मोरम पड़ा है और न ही डामरीकरण हुआ है। इस बदहाल रास्ते के कारण बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे हैं, बीमार लोगों को अस्पताल ले जाना दूभर हो चुका है और किसान अपनी फसलों को खेतों से निकालते समय गिरकर चोटिल हो रहे हैं। लहवा पोखरी भगेसर गांव के लोग हताश होकर पूछ रहे हैं कि क्या उनका गांव सरकार की सूची में शामिल नहीं है या फिर जिम्मेदार अधिकारी कभी इस क्षेत्र में पहुँचे ही नहीं हैं। ग्रामीणों ने इस समस्या को लेकर कई बार शिकायतें की हैं, लेकिन हर बार उन्हें केवल आश्वासन मिले हैं, निर्माण नहीं। अधिकारी आते हैं, स्थिति देखते हैं और फिर वापस चले जाते हैं। ग्रामीणों में इस प्रशासनिक उदासीनता को लेकर भारी आक्रोश है और वे सीधे तौर पर सवाल उठा रहे हैं कि क्या प्रशासन किसी बड़े हादसे के बाद ही जागेगा? ग्रामीणों ने प्रशासन से गुहार लगाते हुए कहा है, "सड़क बनवाइए, हमें भी इंसान समझिए।"1
- प्रयागराज शहर दक्षिणी के विधायक और उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री माननीय श्री नन्द गोपाल गुप्ता नन्दी जी के पुनर्जन्म उत्सव के शुभ अवसर की पूर्व संध्या पर 11 जुलाई 2026 को एक विशेष धार्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। कीडगंज मण्डल के शक्ति केंद्र मलाक राज, शक्ति केंद्र नया बैहराना और शक्ति केंद्र नार्थ मलाका के अंतर्गत शिव पार्क शिव मंदिर मलाक राज में भोले बाबा का पूजन-कीर्तन और प्रसाद वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया है। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य मंत्री जी के उत्तम स्वास्थ्य और दीर्घायु की कामना करना है। इस धार्मिक अनुष्ठान के आयोजन में कीडगंज मण्डल अध्यक्ष कबीर जायसवाल, कीडगंज मण्डल महामंत्री विनय मिश्रा व सनी सोनकर, नार्थ मलाका से पवन दुबे, मलाकराज से हिमांशु सोनकर और नया बैहराना से पवन द्विवेदी सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। इनके साथ ही शक्ति केंद्र संयोजक आफताब, वार्ड अध्यक्ष अजय तिवारी, दिलीप केसरवानी, बूथ अध्यक्ष रमेश केसरवानी, मंजू देवी, सुधांशु जायसवाल, अनुज पाल, रवि दर्शन, राजू राव (मंडल मंत्री), बूथ अध्यक्ष दिलीप श्रीवास्तव, अंशुमान सिंह सहित क्षेत्र के तमाम भक्तजन और मातृ शक्ति इस कार्यक्रम में उपस्थित रहेंगे। सभी लोगों से इस मांगलिक कार्यक्रम में अपनी उपस्थिति दर्ज कराने की अपील की गई है।1
- उत्तर प्रदेश के हापुड़ में एक सीलबंद बोतल से पानी पीने के बाद एक युवती की तबीयत अचानक बेहद बिगड़ गई, जिसके बाद उसे गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है। युवती का दावा है कि सीलबंद पानी की बोतल में पानी की जगह एसिड जैसा कोई विषैला पदार्थ था, जिसे पीते ही वह बीमार हो गई। इस सनसनीखेज मामले की जानकारी मिलने के बाद अब पुलिस और संबंधित विभाग सक्रिय हो गए हैं और मामले की जांच में जुट गए हैं।1
- प्रयागराज के मेजा रोड स्थित बद्रीनाथ तिवारी इंटर कॉलेज प्रांगण में शनिवार को क्षेत्र को हरा-भरा बनाने के उद्देश्य से 51 हजार पौधरोपण अभियान का शुभारंभ किया गया। भाजपा नेता इंद्रदेव शुक्ला उर्फ ‘राजू भैया’ की पहल पर आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों, युवाओं और कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। इस अभियान के तहत कॉलेज परिसर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया और लोगों को अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा उनके संरक्षण का संकल्प दिलाया गया। इस अवसर पर इंद्रदेव शुक्ला ‘राजू भैया’ ने कहा कि बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन के इस दौर में वृक्षारोपण अत्यंत आवश्यक हो गया है। उन्होंने कहा कि यदि हर व्यक्ति साल में कम से कम एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल करे, तो क्षेत्र को हरा-भरा बनाने का सपना जल्द साकार हो सकता है। वहीं कार्यक्रम में उपस्थित मुन्नन शुक्ला ने कहा कि पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के लिए समाज के हर वर्ग को आगे आना होगा। इंद्रदेव शुक्ला ने इस बात पर जोर दिया कि यह अभियान केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि जनभागीदारी से जुड़ा एक व्यापक प्रयास है। आने वाले समय में पूरे क्षेत्र में चरणबद्ध तरीके से वृक्षारोपण कर हरियाली बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है। कार्यक्रम में पहुंचे लोगों ने बढ़-चढ़कर सहभागिता करते हुए अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने का संकल्प लिया।1
- प्रयागराज के हंडिया स्थित जगदीशपुर में विकास के दावों के बीच भारी जलभराव और गंदगी के कारण हालात बदतर हो चुके हैं, जिससे यह क्षेत्र अब 'बीमारपुर' बन चुका है। विकास के नाम पर हुए भ्रष्टाचार के कारण गाँव में नालियों का निर्माण अधूरा पड़ा हुआ है। जल निकासी की उचित व्यवस्था न होने से गलियां तालाब में तब्दील हो गई हैं। फेसबुक पर किए गए विकास के झूठे वादे धरातल पर पूरी तरह फेल साबित हुए हैं और उनके वायरल वीडियो अब व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रहे हैं। सीवर और ड्रेनेज सिस्टम पूरी तरह ध्वस्त होने से खुली नालियां लोगों के लिए जानलेवा बन चुकी हैं। नालियों पर ढक्कन न होने से लगातार दुर्घटनाओं का खतरा बना हुआ है और डेंगू-मलेरिया जैसी संक्रामक बीमारियों के फैलने से अस्पतालों में मरीजों की भीड़ बढ़ती जा रही है। इस नरकीय जीवन को जीने के लिए मजबूर ग्रामीणों में प्रशासन की बड़ी लापरवाही को लेकर भारी आक्रोश है। ग्रामीणों ने अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से इस बदहाली का तुरंत संज्ञान लेने और भ्रष्टाचार के जिम्मेदार दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की गुहार लगाई है।2