Shuru
Apke Nagar Ki App…
जबलपुर के रानी अवंती बाई वार्ड में परिवार पानी की एक-एक बूंद के लिए तरस रहे हैं। नगर निगम अध्यक्ष और पार्षद के क्षेत्र में होने के बावजूद, लोगों को पानी टैंकर के लिए 200 से 300 रुपये देने पड़ रहे हैं। स्थानीय पार्षद इस समस्या पर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं।
Rishi Rajak
जबलपुर के रानी अवंती बाई वार्ड में परिवार पानी की एक-एक बूंद के लिए तरस रहे हैं। नगर निगम अध्यक्ष और पार्षद के क्षेत्र में होने के बावजूद, लोगों को पानी टैंकर के लिए 200 से 300 रुपये देने पड़ रहे हैं। स्थानीय पार्षद इस समस्या पर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं।
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- मध्य प्रदेश के बरगी डैम क्रूज हादसे का नया वीडियो सामने आया है। इसमें तेज हवाओं और उफनती लहरों के बीच पर्यटकों को मौत से जूझते देखा जा सकता है।1
- ख़ेमनई को अमेरिका ने शहीद किया आया क्या बयान?1
- मध्य प्रदेश में किसानों को अपनी उपज बेचने के लिए भारी संघर्ष का सामना करना पड़ रहा है। सायलो बैग पटोरी में ट्रैक्टरों की लंबी कतारें लग गईं, जिसके कारण पुलिस को यातायात संभालने के लिए मोर्चा संभालना पड़ा। यह स्थिति अन्नदाता की मेहनत के बावजूद उनकी लाचारी को दर्शाती है।1
- दमोह जिले के तारादेही गेहूं उपार्जन केंद्र पर गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। इस मामले में केंद्र के प्रभारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।1
- गोटेगांव के शासकीय संजय निकुंज उद्यानिकी विभाग की बसों में भीषण आग लग गई। इस घटना से विभाग को लाखों का नुकसान हुआ है और दमकलकर्मी आग बुझाने में जुटे हैं।1
- मंडला - गैस सिलेंडर के बढ़ते दामों पर AAP का भाजपा सरकार के खिलाफ मोर्चा...चिलमन चौक पर प्रदर्शन, सड़कों पर बैठे कार्यकर्ता...मंत्री का पुतला फूंकने की कोशिश नाकाम1
- जबलपुर के रानी अवंती बाई वार्ड में परिवार पानी की एक-एक बूंद के लिए तरस रहे हैं। नगर निगम अध्यक्ष और पार्षद के क्षेत्र में होने के बावजूद, लोगों को पानी टैंकर के लिए 200 से 300 रुपये देने पड़ रहे हैं। स्थानीय पार्षद इस समस्या पर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं।1
- कटनी जिले के मढ़ा देवरी गांव में कचरा डालने को लेकर हुए विवाद ने खूनी संघर्ष का रूप ले लिया। इसमें एक ही परिवार के चार लोग घायल हो गए, जिनमें से दो की हालत गंभीर है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।1
- दमोह कलेक्ट्रेट की गोपनीय स्टेनो शाखा में कार्यरत एक कर्मचारी ने फोन में कथित तौर पर रिसीवर लगाया। इस गंभीर अनुशासनहीनता के बाद कर्मचारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। मामले ने प्रशासनिक हलकों में गोपनीयता और सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।1