Shuru
Apke Nagar Ki App…
राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड ने रीट मेंस 2026 लेवल-1 परीक्षा का परिणाम घोषित कर दिया है। परिणाम जारी होने से पहले, इस भर्ती में 2000 पदों की वृद्धि की गई थी, जिससे कुल पदों की संख्या 7000 हो गई। चयनित अभ्यर्थियों के रोल नंबर पीडीएफ फॉर्मेट में जारी किए गए हैं। अब इन चयनित उम्मीदवारों को दस्तावेज सत्यापन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अंतिम नियुक्तियां प्रदान की जाएंगी।
कालूराम मीना जोलन्दा सिटी
राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड ने रीट मेंस 2026 लेवल-1 परीक्षा का परिणाम घोषित कर दिया है। परिणाम जारी होने से पहले, इस भर्ती में 2000 पदों की वृद्धि की गई थी, जिससे कुल पदों की संख्या 7000 हो गई। चयनित अभ्यर्थियों के रोल नंबर पीडीएफ फॉर्मेट में जारी किए गए हैं। अब इन चयनित उम्मीदवारों को दस्तावेज सत्यापन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अंतिम नियुक्तियां प्रदान की जाएंगी।
More news from राजस्थान and nearby areas
- सवाई माधोपुर से मिली जानकारी के अनुसार, रणथंभौर दुर्ग स्थित त्रिनेत्र गणेश मंदिर की 84 कोस की पदयात्रा पर निकले संतों को सुरक्षा कारणों से गणेश धाम पर रोक दिया गया था। वन विभाग के अधिकारियों द्वारा रोके जाने के बाद संतों और प्रशासन के बीच बातचीत का दौर शुरू हो गया था, जिसके बाद आखिरकार सहमति बन गई। वन विभाग के अधिकारियों ने, जिसमें डीएफओ मानस सिंह भी शामिल थे, संतों को बताया कि पूर्व में बाघों के हमलों से तीन बड़े हादसे हो चुके हैं। इसके अतिरिक्त, हाल ही में आड़ा बालाजी क्षेत्र के पास बाघ टी-101 की गतिविधि भी देखी गई थी, जिसके कारण सुरक्षा की दृष्टि से पैदल यात्रा पर रोक लगाई गई थी। अपनी मांग पूरी न होने पर मध्यप्रदेश के एक संत ने अन्न-जल त्याग दिया था, जबकि अन्य संतों ने आंदोलन की चेतावनी भी दी थी। बाद में, अधिकारियों और संतों के बीच सकारात्मक वार्ता हुई, जिसके परिणामस्वरूप संतों ने त्रिनेत्र गणेश मंदिर तक वाहनों से जाने पर सहमति जताई। डीएफओ मानस सिंह और उनकी टीम की सूझबूझ से यह पूरा मामला शांतिपूर्ण ढंग से सुलझ गया, जिसके बाद सभी संत मंदिर दर्शन के लिए रवाना हो गए।1
- सवाई माधोपुर पुलिस अधीक्षक ज्येष्ठा मैत्रयी के निर्देश पर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बौंली नीलकमल मीना और वृत्ताधिकारी उमेश गुप्ता के सुपरविजन में, थानाधिकारी जितेंद्र सिंह सोलंकी के नेतृत्व में एक विशेष टीम ने झपटमारी कर सोने की मुरकी तोड़ने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ किया है। यह गिरोह रेकी कर वृद्ध व्यक्तियों को निशाना बनाता था और उनकी कान की मुरकियां तोड़कर फरार हो जाता था। पुलिस ने मुखबिरी और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर इस गैंग के सदस्यों की कोटा, दर्रा झालावाड़, भनपुरा, राजस्थान और मध्य प्रदेश के दुधाखेड़ी माता में तलाश की। दिनांक 11 जून, 2026 को इस गैंग के तीन सदस्यों— संजय पुत्र मोहननाथ (उम्र 27 साल, निवासी खंडवा, थाना बरौनी, जिला टोंक), भोमा पुत्र काना नाथ (उम्र 28 साल, निवासी बालापुरा, थाना कनवास, जिला कोटा), और समीर पुत्र काना नाथ (उम्र 20 साल, निवासी गोगालवा लक्ष्मीपुरा, थाना टोडारायसिंहपुरा, जिला टोंक) — को मालपुरा रोड, जयपुर से हिरासत में लिया गया। पूछताछ के बाद, दिनांक 12 जून, 2026 को उन्हें प्रकरण संख्या 161/26, धारा 304(बी) बीएनएस में बापर्दा गिरफ्तार किया गया। गैंग का सरगना संजय उर्फ संजू कालबेलिया है। इस गैंग ने राजस्थान राज्य के विभिन्न जिलों और जयपुर कमीशनरेट, जयपुर ग्रामीण, कोटा, भीलवाड़ा, टोंक में इस तरह की करीब 50 से अधिक वारदातों को अंजाम देना स्वीकार किया है। इस गैंग की वारदातों का तरीका बेहद संगीन है। ये बदमाश रेकी के बाद रात में अपने वाहनों से वांछित जगह पर पहुंचकर वृद्ध व्यक्तियों की पहनी हुई मुरकियां लूट लेते हैं। विरोध की स्थिति में ये पीड़ित व्यक्ति पर पत्थरों और धारदार हथियारों से भी हमला कर उन्हें लहूलुहान कर देते हैं। वारदात के बाद वे मौके से फरार हो जाते हैं और लूटे हुए माल को बेचकर मिली रकम को मौज-मस्ती और अय्याशी में उड़ा देते हैं। 24 मई, 2026 को रात करीब 2 बजे मिश्री लाल गाडिया लुहार के साथ हुई घटना ने इस गैंग का खुलासा करने में मदद की, जब तीन लड़के उनके कान की मुरकी तोड़कर पावर बाइक से भागे। रात्रि गश्त में थानाधिकारी मय जाप्ता ने पावर बाइक का पीछा किया, जिसके बाद बदमाश बाइक छोड़कर खेड़ा गांव थाना मित्रपुरा इलाके में भाग गए। बाइक के मालिक की पहचान दीपा कालबेलिया निवासी निवाई के रूप में हुई, जिसके भाई संजय उर्फ संजू कालबेलिया को साइबर सेल के तकनीकी विश्लेषण से इस गैंग का सरगना पाया गया। गैंग का सरगना संजय उर्फ संजू कालबेलिया पूर्व में भी इन्हीं अपराधों में 8 साल की जेल की सजा काट चुका है और वर्ष 2024 में ही जेल से छूटा था। जेल से छूटने के बाद वह फिर से इन्हीं अपराधों में संलिप्त हो गया। गिरफ्तार किए गए बदमाशों से गहनता से पूछताछ की जा रही है और इनसे और भी वारदातों का खुलासा होने की संभावना है।1
- चौथ का बरवाड़ा तहसील क्षेत्र के ऐचर गांव में खोखरी तलाई और रमलिया तलाई मार्गों पर हो रहे अतिक्रमण के कारण ग्रामीणों को आवागमन में गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने बताया है कि कुछ लोगों द्वारा इन रास्तों पर कब्जा कर लेने से मार्ग संकरे हो गए हैं, जिससे वाहनों और पैदल चलने वालों दोनों को भारी परेशानी हो रही है। खासकर किसानों को अपने खेतों तक पहुँचने में भी मुश्किलें आ रही हैं। ग्रामीणों ने यह आशंका भी जताई है कि बारिश के मौसम में यह स्थिति और भी खराब हो सकती है। उन्होंने प्रशासन से तुरंत इन दोनों मार्गों का मौके पर जाकर निरीक्षण करने और अतिक्रमण हटाने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि वर्तमान में चल रहे "रास्ता खोलो अभियान" के तहत कार्रवाई करके इन मार्गों को अतिक्रमण से मुक्त कराया जाए ताकि लोगों को राहत मिल सके।1
- सवाई माधोपुर पुलिस अधीक्षक जैष्ठा मैत्रेयी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में जानकारी दी है।1
- राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण सवाई माधोपुर के निर्देशानुसार और एक्शन प्लान की पालना में, तालुका विधिक सेवा समिति बौंली द्वारा 12 जून 2026 को अवकाशागार में एक बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक की अध्यक्षता तालुका विधिक सेवा समिति, बौंली के अध्यक्ष विकास नेहरा तथा वरिष्ठ सिविल न्यायाधीश एवं अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, बौंली ने की। इसमें पैनल अधिवक्तागण, पैरालीगल वॉलेन्टियर्स और अन्य विधिक सेवा हितधारक शामिल हुए। एक्शन प्लान के तहत, उसी दिन विश्व बाल श्रम निषेध दिवस के अवसर पर एक विधिक जागरूकता शिविर का भी आयोजन किया गया। इस शिविर में बाल श्रम निषेध अधिनियम 1986, बच्चों के लिए शिक्षा का अधिकार व कानूनी अधिकार, तथा फ्रंटियर फ्राईडे के मौके पर बाल विवाह रोकथाम व शिक्षा का कानूनी अधिकार जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जानकारी दी गई। इसके अतिरिक्त, जागृति योजना 2025 के तहत वरिष्ठजन अधिकार, सशक्तिकरण और गरिमा संबंधी मुद्दों पर भी विधिक जागरूकता फैलाई गई। बैठक में, अध्यक्ष तालुका विधिक सेवा समिति, बौंली द्वारा उपस्थित पैनल अधिवक्ताओं और पैरालीगल वॉलेन्टियर्स को एक्शन प्लान के अनुसार शिविरों के आयोजन हेतु निर्देश दिए गए। साथ ही, मॉनिटरिंग एंड मेंटरिंग कमिटी से संबंधित प्रकरणों पर भी चर्चा हुई, और रालसा द्वारा जारी एक्शन प्लान के अनुसार नियमित रूप से एसओपी के नियमानुसार पैनल अधिवक्तागण एवं पैरा लीगल वॉलेन्टियर्स को निर्देशित किया गया। इस महत्वपूर्ण मीटिंग में पैनल अधिवक्ता अनिल कुमार शर्मा और गणपत लाल गुर्जर, एमएमसी कमेटी सदस्य नरेंद्र गोयल और बामचंद भदौरिया, तथा अधिकार मित्र बौंली के मनराज गुर्जर सहित कई अन्य लोग उपस्थित रहे।1
- जय श्रीराम जय श्रीराम जय श्रीराम जय श्रीराम जय श्रीराम जय श्रीराम जय श्रीराम जय श्रीराम1
- शुक्रवार को सारसोप गांव में मौसम ने अचानक करवट ली, जहाँ दोपहर बाद तेज हवाओं के साथ अच्छी बारिश दर्ज की गई। इस अप्रत्याशित बारिश ने भीषण गर्मी और उमस से जूझ रहे लोगों को तत्काल राहत दिलाई, जिससे पूरा क्षेत्र सुहावना हो गया। हालांकि, तेज हवाओं के कारण कई स्थानों पर पेड़ों की टहनियाँ टूटकर सड़कों पर आ गिरीं, जिससे कुछ समय के लिए आवागमन प्रभावित हुआ। इस बारिश से किसानों के चेहरों पर खुशी साफ दिखाई दी, क्योंकि इससे खरीफ फसलों की बुवाई के लिए खेतों में जरूरी नमी बढ़ेगी। ग्रामीणों ने भी गर्मी से राहत महसूस की और बच्चों ने बारिश का खूब आनंद लिया। वहीं, कुछ निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति भी बनी। मौसम में आई ठंडक के चलते बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर लोगों की आवाजाही बढ़ गई है। ग्रामीणों ने उम्मीद जताई है कि आने वाले दिनों में भी इसी तरह अच्छी बारिश होती रहेगी, जिससे कृषि कार्यों को लाभ मिलेगा और क्षेत्र के जल स्रोतों में पानी की उपलब्धता बढ़ेगी।1
- रामगढ़ पचवारा के निकट भयपुर गांव में जमीन जोतने को लेकर दो पक्षों के बीच गहरा विवाद हो गया। यह विवाद इतना उग्र हो गया कि झड़प के दौरान लाठी-डंडे चले और आरोप हैं कि दोनों पक्षों ने एक-दूसरे की ओर वाहन भी दौड़ाए। इस हिंसक घटना में कुल पांच लोग घायल हुए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने शांति भंग करने के आरोप में पांच लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही घटना स्थल से एक ट्रैक्टर, एक पिकअप और एक बोलेरो वाहन को भी जब्त किया गया है। मामले में आगे की जांच जारी है।4