बिलासपुर एयरपोर्ट पर मौत की लैंडिंग: बाल-बाल बचे 60 यात्री, रनवे पर घिसटते विमान से उठीं चिंगारियां! बिलासपुर एयरपोर्ट पर मौत की लैंडिंग: बाल-बाल बचे 60 यात्री, रनवे पर घिसटते विमान से उठीं चिंगारियां! चीख-पुकार, थरथराता विमान और रनवे पर मौत से जंग… बिलासपुर एयरपोर्ट पर टला भीषण हादसा धमाके के साथ फटा अलायंस एयर के विमान का टायर, कई मीटर तक घिसटता चला गया विमान; पायलट की जांबाजी से टली देश की बड़ी विमान त्रासदी। 📍 बिलासपुर (विशेष संवाददाता): बिलासपुर एयरपोर्ट पर शुक्रवार को उस वक्त मौत साक्षात सामने नाचती नजर आई, जब दिल्ली से आ रहा अलायंस एयर का यात्री विमान रनवे को छूते ही एक भयानक हादसे का शिकार होते-होते बचा। विमान में सवार 60 यात्रियों की सांसें तब हलक में अटक गईं, जब लैंडिंग के चंद सेकंडों के भीतर एक भीषण धमाके के साथ विमान का टायर फट गया। इसके बाद जो मंजर दिखा, उसने हर किसी की रूह कंपा दी। 🔥 रनवे पर चीखती धातु और यात्रियों का खौफ विमान जैसे ही रनवे पर उतरा, टायर ब्लास्ट होते ही संतुलन डगमगा गया। विमान पहिए के बजाय अपनी मेटल बॉडी और रिम के बल पर रनवे पर कई मीटर तक बेकाबू होकर घिसटता चला गया। घर्षण की वजह से तेज चिंगारियां और धुएं का गुबार उठने लगा। केबिन के अंदर का नजारा किसी खौफनाक मंजर से कम नहीं था: सीटों पर कांपते मुसाफिर: झटका इतना जबर्दस्त था कि यात्री अपनी सीटों से उछल पड़े। चारों तरफ चीख-पुकार: विमान के अंदर बच्चों और महिलाओं की चीखें गूंजने लगीं, लोग आंखें मूंदकर ईश्वर को याद करने लगे। केबिन में हड़कंप: कुछ ही सेकंड में पूरे केबिन में अफरा-तफरी मच गई और हर कोई अनहोनी की आशंका से सिहर उठा। 🛡️ पायलट की सूझबूझ से हुआ चमत्कार विमान जिस रफ्तार में था, जरा सी भी चूक होने पर वह रनवे से फिसलकर पलट सकता था या भीषण आग का गोला बन सकता था। मगर, पायलट ने अदम्य साहस और गजब के नियंत्रण का परिचय देते हुए विमान को रनवे से नीचे नहीं उतरने दिया और इमरजेंसी ब्रेक लगाकर घिसटते विमान को आखिरकार रोक लिया। 📋 राहत की सांस: सभी 60 यात्री पूरी तरह सुरक्षित हादसे की सूचना मिलते ही एयरपोर्ट का पूरा रेस्क्यू अमला, दमकल गाड़ियां और एम्बुलेंस सायरन बजाते हुए रनवे की ओर दौड़ीं। सुरक्षित निकासी: आनन-फानन में सभी 60 यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। तकनीकी जांच शुरू: नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) और तकनीकी टीम ने मामले का तुरंत संज्ञान लेते हुए जांच शुरू कर दी है कि आखिर लैंडिंग के वक्त टायर फटने की असल वजह क्या थी
बिलासपुर एयरपोर्ट पर मौत की लैंडिंग: बाल-बाल बचे 60 यात्री, रनवे पर घिसटते विमान से उठीं चिंगारियां! बिलासपुर एयरपोर्ट पर मौत की लैंडिंग: बाल-बाल बचे 60 यात्री, रनवे पर घिसटते विमान से उठीं चिंगारियां! चीख-पुकार, थरथराता विमान और रनवे पर मौत से जंग… बिलासपुर एयरपोर्ट पर टला भीषण हादसा धमाके के साथ फटा अलायंस एयर के विमान का टायर, कई मीटर तक घिसटता चला गया विमान; पायलट की जांबाजी से टली देश की बड़ी विमान त्रासदी। 📍 बिलासपुर (विशेष संवाददाता): बिलासपुर एयरपोर्ट पर शुक्रवार को उस वक्त मौत साक्षात सामने नाचती नजर आई, जब दिल्ली से आ रहा अलायंस एयर का यात्री विमान रनवे को छूते ही एक भयानक हादसे का शिकार होते-होते बचा। विमान में सवार 60 यात्रियों की सांसें तब हलक में अटक गईं, जब लैंडिंग के चंद सेकंडों के भीतर एक भीषण धमाके के साथ विमान का टायर फट गया। इसके बाद जो मंजर दिखा, उसने हर किसी की रूह कंपा दी। 🔥 रनवे पर चीखती धातु और यात्रियों का खौफ विमान जैसे ही रनवे पर उतरा, टायर ब्लास्ट होते ही संतुलन डगमगा गया। विमान पहिए के बजाय अपनी मेटल बॉडी और रिम के बल पर रनवे पर कई मीटर तक बेकाबू होकर घिसटता चला गया। घर्षण की वजह से तेज चिंगारियां और धुएं का गुबार उठने लगा। केबिन के अंदर का नजारा किसी खौफनाक मंजर से कम नहीं था: सीटों पर कांपते मुसाफिर: झटका इतना जबर्दस्त था कि यात्री अपनी सीटों से उछल पड़े। चारों तरफ चीख-पुकार: विमान के अंदर बच्चों और महिलाओं की चीखें गूंजने लगीं, लोग आंखें मूंदकर ईश्वर को याद करने लगे। केबिन में हड़कंप: कुछ ही सेकंड में पूरे केबिन में अफरा-तफरी मच गई और हर कोई अनहोनी की आशंका से सिहर उठा। 🛡️ पायलट की सूझबूझ से हुआ चमत्कार विमान जिस रफ्तार में था, जरा सी भी चूक होने पर वह रनवे से फिसलकर पलट सकता था या भीषण आग का गोला बन सकता था। मगर, पायलट ने अदम्य साहस और गजब के नियंत्रण का परिचय देते हुए विमान को रनवे से नीचे नहीं उतरने दिया और इमरजेंसी ब्रेक लगाकर घिसटते विमान को आखिरकार रोक लिया। 📋 राहत की सांस: सभी 60 यात्री पूरी तरह सुरक्षित हादसे की सूचना मिलते ही एयरपोर्ट का पूरा रेस्क्यू अमला, दमकल गाड़ियां और एम्बुलेंस सायरन बजाते हुए रनवे की ओर दौड़ीं। सुरक्षित निकासी: आनन-फानन में सभी 60 यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। तकनीकी जांच शुरू: नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) और तकनीकी टीम ने मामले का तुरंत संज्ञान लेते हुए जांच शुरू कर दी है कि आखिर लैंडिंग के वक्त टायर फटने की असल वजह क्या थी
- बिलासपुर एयरपोर्ट पर मौत की लैंडिंग: बाल-बाल बचे 60 यात्री, रनवे पर घिसटते विमान से उठीं चिंगारियां! बिलासपुर एयरपोर्ट पर मौत की लैंडिंग: बाल-बाल बचे 60 यात्री, रनवे पर घिसटते विमान से उठीं चिंगारियां! चीख-पुकार, थरथराता विमान और रनवे पर मौत से जंग… बिलासपुर एयरपोर्ट पर टला भीषण हादसा धमाके के साथ फटा अलायंस एयर के विमान का टायर, कई मीटर तक घिसटता चला गया विमान; पायलट की जांबाजी से टली देश की बड़ी विमान त्रासदी। 📍 बिलासपुर (विशेष संवाददाता): बिलासपुर एयरपोर्ट पर शुक्रवार को उस वक्त मौत साक्षात सामने नाचती नजर आई, जब दिल्ली से आ रहा अलायंस एयर का यात्री विमान रनवे को छूते ही एक भयानक हादसे का शिकार होते-होते बचा। विमान में सवार 60 यात्रियों की सांसें तब हलक में अटक गईं, जब लैंडिंग के चंद सेकंडों के भीतर एक भीषण धमाके के साथ विमान का टायर फट गया। इसके बाद जो मंजर दिखा, उसने हर किसी की रूह कंपा दी। 🔥 रनवे पर चीखती धातु और यात्रियों का खौफ विमान जैसे ही रनवे पर उतरा, टायर ब्लास्ट होते ही संतुलन डगमगा गया। विमान पहिए के बजाय अपनी मेटल बॉडी और रिम के बल पर रनवे पर कई मीटर तक बेकाबू होकर घिसटता चला गया। घर्षण की वजह से तेज चिंगारियां और धुएं का गुबार उठने लगा। केबिन के अंदर का नजारा किसी खौफनाक मंजर से कम नहीं था: सीटों पर कांपते मुसाफिर: झटका इतना जबर्दस्त था कि यात्री अपनी सीटों से उछल पड़े। चारों तरफ चीख-पुकार: विमान के अंदर बच्चों और महिलाओं की चीखें गूंजने लगीं, लोग आंखें मूंदकर ईश्वर को याद करने लगे। केबिन में हड़कंप: कुछ ही सेकंड में पूरे केबिन में अफरा-तफरी मच गई और हर कोई अनहोनी की आशंका से सिहर उठा। 🛡️ पायलट की सूझबूझ से हुआ चमत्कार विमान जिस रफ्तार में था, जरा सी भी चूक होने पर वह रनवे से फिसलकर पलट सकता था या भीषण आग का गोला बन सकता था। मगर, पायलट ने अदम्य साहस और गजब के नियंत्रण का परिचय देते हुए विमान को रनवे से नीचे नहीं उतरने दिया और इमरजेंसी ब्रेक लगाकर घिसटते विमान को आखिरकार रोक लिया। 📋 राहत की सांस: सभी 60 यात्री पूरी तरह सुरक्षित हादसे की सूचना मिलते ही एयरपोर्ट का पूरा रेस्क्यू अमला, दमकल गाड़ियां और एम्बुलेंस सायरन बजाते हुए रनवे की ओर दौड़ीं। सुरक्षित निकासी: आनन-फानन में सभी 60 यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। तकनीकी जांच शुरू: नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) और तकनीकी टीम ने मामले का तुरंत संज्ञान लेते हुए जांच शुरू कर दी है कि आखिर लैंडिंग के वक्त टायर फटने की असल वजह क्या थी1
- भंवरकी में युवक का संदिग्ध परिस्थितियों में शव मिला, हत्या की आशंका से ग्रामीणों में हड़कंप तीन-चार संदिग्ध युवकों को पुलिस ने राउंडअप किया, पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुलेगा मौत का राज; मांगों पर बनी सहमति बिछौछ। बाटोदा थाना क्षेत्र के रामसिंहपुरा चौकी अंतर्गत भंवरकी गांव में शुक्रवार सुबह एक युवक का संदिग्ध परिस्थितियों में शव मिलने से सनसनी फैल गई। शव मिलने की सूचना मिलते ही बाटोदा थाना और रामसिंहपुरा चौकी पुलिस मौके पर पहुंची तथा घटनास्थल का जायजा लेकर जांच शुरू की। मृतक की पहचान जितेंद्र कुमार (38) पुत्र रामखिलाड़ी मीणा निवासी भंवरकी के रूप में हुई। युवक का शव मिलने की खबर गांव में तेजी से फैल गई। देखते ही देखते घटनास्थल पर ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। ग्रामीणों ने युवक की मौत को लेकर हत्या की आशंका जताते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। ग्रामीणों के अनुसार मृतक शराब का आदी भी बताया जा रहा है। तीन-चार युवकों से पूछताछ थानाधिकारी भोजाराम पूनिया ने बताया कि फिलहाल युवक की मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा नहीं हो पाया है। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। वहीं, पुलिस ने संदेह के आधार पर तीन-चार युवकों को राउंडअप कर पूछताछ शुरू की है। मांगों पर दोपहर में बनी सहमति घटना की जानकारी मिलने पर बामनवास प्रधान शशिकला मीणा भी मौके पर पहुंचीं। ग्रामीणों और परिजनों की ओर से मृतक के परिवार को सरकारी नौकरी, विधवा पेंशन, इंदिरा आवास, एक करोड़ रुपए की आर्थिक सहायता, परिवार की ऋण माफी तथा घटना में शामिल आरोपियों की तीन दिन में गिरफ्तारी सहित विभिन्न मांगें रखी गईं। दोपहर में इन मांगों को लेकर सहमति बनी। इसके बाद मांगों से संबंधित ज्ञापन तहसीलदार ब्रजेश कुमार सिहरा को सौंपा गया।1
- शिक्षक और छात्र-छात्राओं के अनूठी पहल कुशालगढ़ पाठशाला में बनाई हस्त निर्मित राखियां रक्षाबंधन के उपलक्ष्य में बच्चों को सिखाई राखी बनाने की कला प्रेम स्नेह और भाई बहन के रिश्ते का दिया संदेश1
- रक्षाबंधन पर दिखा उत्साह: बहनों ने भाइयों की कलाई पर बांधी राखी, युवाओं ने उड़ाई पतंग मिठाई के बढ़े दामों के बावजूद बाजारों में रही रौनक, बसों और रेलवे स्टेशन पर दिखी यात्रियों की भीड़ रक्षाबंधन पर दिखा उत्साह: बहनों ने भाइयों की कलाई पर बांधी राखी, युवाओं ने उड़ाई पतंग मिठाई के बढ़े दामों के बावजूद बाजारों में रही रौनक, बसों और रेलवे स्टेशन पर दिखी यात्रियों की भीड़ गंगापुर सिटी। गंगापुर सिटी और वजीरपुर उपखंड सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में भाई-बहन के प्रेम और स्नेह का पर्व रक्षाबंधन शुक्रवार को उत्साह और उमंग के साथ मनाया गया। सुबह से ही घरों में पर्व की तैयारियां शुरू हो गईं। बहनों ने भाइयों की कलाई पर राखी बांधकर उनकी लंबी उम्र और सुख-समृद्धि की कामना की। भाइयों ने भी बहनों को उपहार और मिठाई देकर उनकी रक्षा का संकल्प लिया। रक्षाबंधन को लेकर गंगापुर सिटी और वजीरपुर के बाजारों में दिनभर रौनक रही। राखी, मिठाई और उपहार की दुकानों पर लोगों की भीड़ नजर आई। आसपास के गांवों से भी बड़ी संख्या में लोग खरीदारी के लिए बाजार पहुंचे। महंगी हुई मिठाई, फिर भी खरीदारी में कमी नहीं इस बार रक्षाबंधन पर मिठाई के बढ़े दामों का असर लोगों की जेब पर पड़ा। खास मांग वाला घेवर 450 से 500 रुपए किलो तक बिका, जबकि अन्य मिठाइयों के भाव भी बढ़े रहे। इसके बावजूद लोगों के उत्साह में कमी नहीं दिखाई दी। भाइयों को राखी बांधने के लिए महिलाएं और युवतियां बड़ी संख्या में अपने मायके रवाना हुईं। बसों और रेलवे स्टेशन पर यात्रियों की भीड़ रही। वहीं बच्चों और युवाओं ने छतों और खुले स्थानों पर जमकर पतंगबाजी की। रंग-बिरंगी पतंगों से आसमान सजा रहा और पेच लड़ाने को लेकर युवाओं में खासा उत्साह दिखाई दिया।1
- ऑटो टिपरों के माध्यम से मतदाता जागरूकता संदेशों का प्रसारण,घर-घर पहुंच रहा मतदान का संदेश, 9 एवं 11 सितंबर को अधिकाधिक मतदान के लिए किया जा रहा प्रेरित नगरीय निकाय आम चुनाव-2026 : सवाई माधोपुर, 28 अगस्त। नगरीय निकाय आम चुनाव-2026 में अधिकाधिक मतदान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिला कलक्टर काना राम तथा जिला नोडल स्वीप प्रभारी एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद मोहित कासनिया के निर्देशानुसार जिले में व्यापक मतदाता जागरूकता गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं। जिला स्वीप कोऑर्डिनेटर संतोष कुमार शर्मा ने बताया कि इसी क्रम में शुक्रवार को कचरा संग्रहण वाहनों (ऑटो टिपर्स) के माध्यम से मतदाता जागरूकता संदेशों का प्रसारण शुरू किया । नगर परिषद एवं नगरीय निकाय क्षेत्रों में नियमित रूप से संचालित ऑटो टिपरों के जरिए मतदान के महत्व, मताधिकार के प्रयोग तथा आगामी 9 एवं 11 सितंबर को होने वाले नगरीय निकाय आम चुनाव में अधिकाधिक संख्या में मतदान करने के लिए नागरिकों को प्रेरित किया जा रहा है। स्वीप प्रकोष्ठ सदस्य मनीष शर्मा ने बताया कि ऑटो टिपरों से प्रसारित किए जा रहे जागरूकता संदेशों के माध्यम से आमजन से लोकतंत्र के इस महापर्व में सक्रिय भागीदारी निभाने, अपने मताधिकार का प्रयोग करने तथा अपने परिवार एवं आसपास के लोगों को भी मतदान के लिए प्रेरित करने की अपील की जा रही है। इस पहल से मतदान जागरूकता का संदेश घर-घर और शहर के विभिन्न क्षेत्रों तक प्रभावी रूप से पहुंचाया जा रहा है। जिला प्रशासन द्वारा स्वीप गतिविधियों के माध्यम से विशेष रूप से युवाओं, नए मतदाताओं एवं आम नागरिकों को मतदान के प्रति जागरूक करते हुए स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं निर्भीक मतदान के लिए प्रेरित किया जा रहा है। प्रशासन ने जिलेवासियों से आगामी नगरीय निकाय चुनाव में उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अधिकाधिक मतदान करने की अपील की है।3
- राखी का त्यौहार हर्षोल्लास से मनाया, बाजारों में लगी भीड़ लालसोट । उपखंड मुख्यालय सहित समूचे क्षेत्र में रक्षाबंधन का त्यौहार हर्षोल्लास से मनाया गया। इस अवसर पर बाजारो में मिठाई और रक्षा सूत्र खरीदने के लिए लोगों की भीड़ रही। बहनों ने रक्षा सूत्र बांध कर भाइयों की लंबी उम्र की कामना की। इस अवसर पर रजनी गुप्ता एडवोकेट सहित अन्य महिलाओं ने विनोद सीपा एडिशनल एसपी, सत्यनारायण यादव डीएसपी , हरदयाल थाना अधिकारी , महिमा चौधरी विजय लक्ष्मी रावत अमर सिंह सी सांवरा हेड कांस्टेबल के राखी बांध त्यौहार मनाया ।2
- बहना ने भाई की कलाई पर बांधा रक्षासूत्र, प्रेम और विश्वास से सजा रक्षाबंधन बहना ने भाई की कलाई पर बांधा रक्षासूत्र लालसोट में रक्षाबंधन का पर्व हर्षोल्लास से मनाया गया। बहनों ने भाइयों की कलाई पर राखी बांधकर तिलक किया और सुख-समृद्धि की कामना की। भाइयों ने भी बहनों को उपहार देकर रक्षा का संकल्प लिया। पर्व को लेकर बाजारों में राखी, मिठाई और गिफ्ट की दुकानों पर दिनभर रौनक रही। राजस्थान रोडवेज बसों में महिलाओं ने निःशुल्क यात्रा का लाभ उठाया।1
- रणथंभौर-कुंडेरा मार्ग बना ‘मौत का दरिया’: होटलों के अवैध अतिक्रमण ने 15 गांवों की सांसों पर लगाया पहरा! रणथंभौर-कुंडेरा मार्ग बना ‘मौत का दरिया’: होटलों के अवैध अतिक्रमण ने 15 गांवों की सांसों पर लगाया पहरा! सड़क पर 3 फीट तक उफनता पानी, प्रशासन की खामोशी से ग्रामीणों में भारी आक्रोश > विशेष संवाददाता | कुंडेरा (सवाई माधोपुर/बारां) > कुंडेरा पुलिस व वन चौकी के ठीक सामने रणथंभौर मुख्य मार्ग आज किसी राष्ट्रीय राजमार्ग के बजाय एक खौफनाक दरिया में तब्दील हो चुका है। बारिश की पहली मार और रसूखदार होटल माफियाओं के अवैध अतिक्रमण ने क्षेत्र के 15 से अधिक गांवों का संपर्क पूरी तरह काट कर रख दिया है। प्रशासन की रहस्यमयी चुप्पी और अनदेखी के चलते हर रोज़ हज़ारों ग्रामीण अपनी जान हथेली पर रखकर इस जानलेवा जलभराव से गुजरने को मजबूर हैं। > 🌊 होटल माफिया की मनमानी, जनता भुगत रही सजा सड़क किनारे कुकुरमुत्ते की तरह उग आए आलीशान होटलों द्वारा किए गए अवैध कब्जों ने पानी की प्राकृतिक निकासी को पूरी तरह अवरुद्ध कर दिया है। * 3 फीट गहरा पानी: हल्की बारिश में भी सड़क पर ढाई से तीन फीट गहरा गंदा पानी जमा हो जाता है। * सैकड़ों गाड़ियां खराब: रोजाना दर्जनों मोटरसाइकिलों के साइलेंसर में पानी घुसने से गाड़ियां बीच पानी में बंद हो रही हैं, जिससे वाहन चालकों को भारी आर्थिक चपत लग रही है। * चार पहिया वाहन भी फंसे: बड़ी-बड़ी गाड़ियां और बसें भी इस सैलाब में फंसकर बीच मझधार में दम तोड़ रही हैं। 🚨 गर्भवती महिलाओं और बुजुर्गों के लिए ‘अग्निपरीक्षा’ इस जलजले के बीच सबसे दर्दनाक मंजर तब देखने को मिलता है जब बीमार, बुजुर्ग और गर्भवती महिलाओं को अपने वाहनों से उतरकर पैदल इस गहरे, कीचड़युक्त पानी में उतरना पड़ता है। ज़रा सी चूक किसी बड़े जानलेवा हादसे को न्योता दे सकती है। प्रभावित प्रमुख गांव: • कुंडेरा • श्यामपुरा • एंहा • भूरी पहाड़ी • डूंगरी • चकेरी • इंगोनी सहित 15 से अधिक गांव 📢 चेतावनी: ज्ञापन रद्दी की टोकरी में, क्या किसी बड़े हादसे का इंतजार है? ग्रामीणों का कहना है कि उच्च स्तर पर जनसुनवाई से लेकर प्रशासनिक चौखटों तक कई बार गुहार लगाई जा चुकी है। ज्ञापन सौंपे गए, पर कार्रवाई के नाम पर केवल आश्वासन ही मिले। > "हमने दर्जनों बार अफसरों को हकीकत दिखाई, लेकिन रसूखदारों के आगे सिस्टम ने आंखें मूंद रखी हैं। अगर जल्द ही अतिक्रमण हटाकर रास्ता साफ नहीं किया गया, तो जनता सड़कों पर उतरकर उग्र आंदोलन करेगी।" > — स्थानीय ग्रामीण > प्रशासन की इस घोर लापरवाही से क्षेत्र की जनता में भारी रोष व्याप्त है। अब देखना यह है कि कुंभकर्णी नींद में सोया सिस्टम किसी मासूम की जान जाने के बाद जागेगा या समय रहते कोई ठोस कदम उठाएगा।1