पाकुड़ जिले में न्यायालय से जारी मेंटेनेंस (भरण-पोषण) वारंट के एक मामले में जिला पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए लंबे समय से फरार चल रहे वारंटी सैफुद्दीन शेख (पिता- सबीर शेख), निवासी गंधईपुर गांव, को उसके गांव से गिरफ्तार कर लिया है। मिली जानकारी के अनुसार, आरोपी सैफुद्दीन शेख के खिलाफ भरण-पोषण का मामला अदालत में लंबित था। न्यायालय द्वारा आदेश दिए जाने के बाद भी नियमों का पालन न करने पर उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया था। वारंट जारी होने के बाद से ही आरोपी पुलिस की पकड़ से बचने के लिए लगातार फरार चल रहा था। पाकुड़ पुलिस ने अदालती आदेश के आलोक में जाल बिछाकर गंधईपुर गांव में दबिश दी और आरोपी को धर दबोचा। गिरफ्तारी के बाद, पुलिस ने सभी आवश्यक कानूनी प्रक्रियाएं पूरी कीं और आरोपी को पाकुड़ न्यायालय में पेश किया, जहां से न्यायाधीश के आदेश पर उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। इस संबंध में पुलिस ने बताया कि जिले में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ रखने और अदालती आदेशों का पालन कराने के लिए फरार वारंटियों के खिलाफ एक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि न्यायालय से जारी वारंटों के निष्पादन के लिए यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और फरार चल रहे अन्य आरोपियों को भी जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा।
पाकुड़ जिले में न्यायालय से जारी मेंटेनेंस (भरण-पोषण) वारंट के एक मामले में जिला पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए लंबे समय से फरार चल रहे वारंटी सैफुद्दीन शेख (पिता- सबीर शेख), निवासी गंधईपुर गांव, को उसके गांव से गिरफ्तार कर लिया है। मिली जानकारी के अनुसार, आरोपी सैफुद्दीन शेख के खिलाफ भरण-पोषण का मामला अदालत में लंबित था। न्यायालय द्वारा आदेश दिए जाने के बाद भी नियमों का पालन न करने पर उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया था। वारंट जारी होने के बाद से ही आरोपी पुलिस की पकड़ से बचने के लिए लगातार फरार चल रहा था। पाकुड़ पुलिस ने अदालती आदेश के आलोक में
जाल बिछाकर गंधईपुर गांव में दबिश दी और आरोपी को धर दबोचा। गिरफ्तारी के बाद, पुलिस ने सभी आवश्यक कानूनी प्रक्रियाएं पूरी कीं और आरोपी को पाकुड़ न्यायालय में पेश किया, जहां से न्यायाधीश के आदेश पर उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। इस संबंध में पुलिस ने बताया कि जिले में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ रखने और अदालती आदेशों का पालन कराने के लिए फरार वारंटियों के खिलाफ एक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि न्यायालय से जारी वारंटों के निष्पादन के लिए यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और फरार चल रहे अन्य आरोपियों को भी जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा।
- बिहार के बेगूसराय रेलवे स्टेशन पर न्यायालय बरौनी की एसीजेएम लीला के नेतृत्व में एक विशेष मजिस्ट्रेट चेकिंग अभियान चलाया गया। इस अभियान के दौरान 12 टीटीई, 12 आरपीएफ और 4 जीआरपी के जवान तैनात थे। जाँच में विभिन्न रेलवे नियमों का उल्लंघन करने के आरोप में कुल 32 लोगों से जुर्माना वसूला गया।1
- 😭झारखंड के बड़ा 🏘️ तालबोना गांव 🌳 में खाजूर 🍒🍓🍒🍓👉🙏देखें आप लोग 🙏👈 कमेंट मे 🙏बताएं आपको यह वीडियो 👌 कैसा लगा 🙏पुरा 📖 पढ़ने के लिए धनयवाद 🙏 😭झारखंड के बड़ा 🏘️ तालबोना गांव 🌳 में खाजूर 🍒🍓🍒🍓👉🙏देखें आप लोग 🙏👈 कमेंट मे 🙏बताएं आपको यह वीडियो 👌 कैसा लगा 🙏पुरा 📖 पढ़ने के लिए धनयवाद 🙏1
- बांका नगर परिषद ने सार्वजनिक ज़मीन पर हुए अवैध कब्जों को हटाने के लिए अपनी कमर कस ली है। शहर की सड़कों, गलियों, नालों और सरकारी ज़मीन पर किए गए अतिक्रमण के खिलाफ जल्द ही एक विशेष अभियान चलाया जाएगा। नगर प्रशासन ने ध्वनि विस्तारक यंत्रों (माइकिंग) के माध्यम से लोगों को चेतावनी जारी की है कि वे समय रहते अपने अवैध कब्जे खुद हटा लें, अन्यथा उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। नगर परिषद का स्पष्ट कहना है कि यह महत्वपूर्ण कदम शहर को स्वच्छ, सुगम और व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से उठाया जा रहा है।1
- मीरचो कुमारी से संबंधित एक घटना सामने आई है, जिसके बाद यह सवाल उठ रहा है कि उनके साथ आखिर क्या हुआ और उन्होंने कोई ऐसा कदम क्यों उठाया। इस मामले में पुलिस जांच में जुट गई है। जांच के क्रम में, पुलिस ने मीरचो कुमारी के पति से भी बातचीत की है। हालांकि, मीरचो कुमारी के साथ हुई घटना और उनके द्वारा उठाए गए कदम के पीछे की वजहों के बारे में फिलहाल कोई स्पष्ट जानकारी नहीं मिल पाई है।1
- राम मंदिर चंदा चोरी कांड से संबंधित एक मामले में एक चोर को पकड़ लिया गया है। इस घटनाक्रम को नरेंद्र मोदी और योगी आदित्यनाथ के लिए संभावित कठिनाइयों या सवालों के तौर पर देखा जा रहा है, जिससे राजनीतिक गलियारों में इस विषय पर चर्चा तेज होने की बात कही गई है।1
- जमशेदपुर में खासमहल से परसुडीह, गदरा और गोविंदपुर तक की सड़क अब जनता के लिए मौत का रास्ता बन गई है। सड़क की बदहाली के कारण लोग बेहद परेशान हैं और आए दिन गंभीर सड़क दुर्घटनाएँ हो रही हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह सड़क पिछले 5 साल से बेहद खस्ताहाल स्थिति में है। गड्ढों से भरी इस सड़क पर रोजाना वाहन चलाना जान जोखिम में डालने जैसा है। निवासियों ने कई बार स्थानीय प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से इसकी शिकायत की, लेकिन उनकी समस्याओं पर कोई सुनवाई नहीं हुई। लोगों का आरोप है कि जनप्रतिनिधि केवल चुनाव के समय झूठे आश्वासन देते हैं, जबकि धरातल पर कोई काम नहीं हो रहा है। इस उपेक्षा के कारण आम जनता लगातार सड़क दुर्घटनाओं का शिकार हो रही है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तुरंत इस सड़क की मरम्मत कराने की जोरदार मांग की है।1
- बांका पुलिस कप्तान अमितेश कुमार ने देर रात अचानक अमरपुर थाने का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने थाने की विधि-व्यवस्था, सभी अभिलेखों, मालखाना, हाजत और रात्रि गश्ती व्यवस्था का गहनता से जायजा लिया। निरीक्षण के उपरांत, पुलिस कप्तान ने अधिकारियों को सख्त निर्देश जारी किए। उन्होंने लंबित कांडों का शीघ्र निष्पादन करने, आम लोगों की शिकायतों का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने और कानून-व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाए रखने पर जोर दिया।1
- बांका जिले के कदर गांव में एक शादी विवाह का कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है।1
- मूल पाठ के अनुसार, झारखंड को एक 'लाशों की फैक्ट्री' बताया गया है, जो एक गंभीर आरोप है। यह टिप्पणी राज्य के मजदूरों की परदेस में हो रही मौतों के संदर्भ में की गई है। इसमें यह मार्मिक सवाल उठाया गया है कि आखिर कब तक झारखंड के मजदूर बाहरी भूमि पर दम तोड़ते रहेंगे।1