शुक्रवार को सहरसा जिले के सौर बाजार थाना परिसर में मोहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के उद्देश्य से एक शांति समिति की बैठक का आयोजन किया गया। यह बैठक सौर बाजार थानाध्यक्ष सुबोध कुमार की अध्यक्षता में हुई, जिसमें सौर बाजार अंचलाधिकारी श्री विद्याचरण के साथ-साथ थाना क्षेत्र के जन प्रतिनिधि और गणमान्य लोग भी शामिल हुए। बैठक में अंचलाधिकारी श्री विद्याचरण ने मोहर्रम के ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मोहर्रम इस्लामी कैलेंडर का पहला महीना है और इसे मुख्य रूप से 680 ईसवी में इराक के कर्बला में हजरत इमाम हुसैन तथा उनके साथियों की शहादत की याद में मनाया जाता है। इमाम हुसैन, जो पैगंबर मोहम्मद के नवासे थे, यजीद की सेना के अन्याय और अत्याचार के विरुद्ध खड़े हुए थे, जिसके परिणामस्वरूप 10 मोहर्रम के दिन उन्हें और उनके 72 साथियों को शहीद कर दिया गया था। अंचलाधिकारी ने मोहर्रम को शोक, आत्मचिंतन और अन्याय के खिलाफ खड़े होने की प्रेरणा का महीना बताया। इस अवसर पर, थानाध्यक्ष सुबोध कुमार ने मोहर्रम के शांतिपूर्ण आयोजन के लिए पुलिस प्रशासन की ओर से पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने किसी भी अप्रिय घटना की सूचना तत्काल पुलिस को देने का आग्रह किया। बैठक में मौजूद थाना क्षेत्र के जन प्रतिनिधियों और गणमान्य लोगों ने विश्वास दिलाते हुए कहा कि उनके इलाके में हिन्दू और मुस्लिम दोनों समुदायों के सभी पर्व आपसी भाईचारे और शांतिपूर्ण माहौल में मनाए जाते हैं, और इसी परंपरा के अनुसार मोहर्रम भी शांतिपूर्वक संपन्न होगा।
शुक्रवार को सहरसा जिले के सौर बाजार थाना परिसर में मोहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के उद्देश्य से एक शांति समिति की बैठक का आयोजन किया गया। यह बैठक सौर बाजार थानाध्यक्ष सुबोध कुमार की अध्यक्षता में हुई, जिसमें सौर बाजार अंचलाधिकारी श्री विद्याचरण के साथ-साथ थाना क्षेत्र के जन प्रतिनिधि और गणमान्य लोग भी शामिल हुए। बैठक में अंचलाधिकारी श्री विद्याचरण ने मोहर्रम के ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मोहर्रम इस्लामी कैलेंडर का पहला महीना है और इसे मुख्य रूप से 680 ईसवी में इराक के कर्बला में हजरत इमाम हुसैन तथा उनके साथियों की शहादत की याद में मनाया जाता है। इमाम हुसैन, जो पैगंबर मोहम्मद के नवासे थे, यजीद की सेना के अन्याय और अत्याचार के विरुद्ध खड़े हुए थे, जिसके परिणामस्वरूप 10 मोहर्रम के दिन उन्हें और उनके 72 साथियों को शहीद कर दिया गया था। अंचलाधिकारी ने मोहर्रम को शोक, आत्मचिंतन और अन्याय के खिलाफ खड़े होने की प्रेरणा का महीना बताया। इस अवसर पर, थानाध्यक्ष सुबोध कुमार ने मोहर्रम के शांतिपूर्ण आयोजन के लिए पुलिस प्रशासन की ओर से पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने किसी भी अप्रिय घटना की सूचना तत्काल पुलिस को देने का आग्रह किया। बैठक में मौजूद थाना क्षेत्र के जन प्रतिनिधियों और गणमान्य लोगों ने विश्वास दिलाते हुए कहा कि उनके इलाके में हिन्दू और मुस्लिम दोनों समुदायों के सभी पर्व आपसी भाईचारे और शांतिपूर्ण माहौल में मनाए जाते हैं, और इसी परंपरा के अनुसार मोहर्रम भी शांतिपूर्वक संपन्न होगा।
- जन-संवाददाता प्रतिनिधि ने 70वीं BPSC सिविल सेवा परीक्षा में सफलता प्राप्त करने वाले सभी अभ्यर्थियों को हार्दिक बधाई दी है। यह शुभकामना संदेश उन सभी उम्मीदवारों के लिए है जिन्होंने इस प्रतिष्ठित परीक्षा में अपनी जगह बनाई है।1
- बिहार सरकार के भूमि सुधार एवं राजस्व मंत्री दिलीप कुमार जायसवाल ने शनिवार को मधेपुरा दौरे के दौरान राजस्व विभाग में व्याप्त भ्रष्टाचार और अवैध वसूली को लेकर सख्त चेतावनी जारी की है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि 'परिमार्जन', 'जमाबंदी' और 'म्यूटेशन' के नाम पर जनता से अवैध उगाही करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को किसी भी परिस्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। मंत्री जायसवाल ने इस बात पर जोर दिया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश विकास और सुशासन की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है, और केंद्र व राज्य सरकार की प्राथमिकता आम लोगों को पारदर्शी, जवाबदेह तथा भ्रष्टाचारमुक्त व्यवस्था प्रदान करना है। उन्होंने बताया कि विभाग का कार्यभार संभाले उन्हें अभी करीब 30 दिन ही हुए हैं, और इतने कम समय में ही 60 से अधिक अधिकारियों व कर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा चुकी है। मंत्री ने कहा कि शिकायतों को गंभीरता से लिया जा रहा है और दोषी पाए जाने वालों पर तुरंत कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि विभाग में लापरवाही और भ्रष्टाचार करने वालों का “बिना दर्द वाला ट्रीटमेंट” शुरू हो चुका है, और यह कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी, क्योंकि किसी भी स्तर पर भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने यह भी सुनिश्चित किया कि आम नागरिकों को 'परिमार्जन', 'जमाबंदी', 'म्यूटेशन' और अन्य राजस्व सेवाओं के लिए कार्यालयों के बार-बार चक्कर न लगाने पड़ें, और उन्हें बिना रिश्वत के समय पर सेवाएं मिल सकें, इसके लिए सरकार लगातार निगरानी कर रही है। मंत्री ने साफ किया कि जनता के साथ अन्याय करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए विभाग में अब कोई जगह नहीं है, और जवाबदेही तय करते हुए ऐसी कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी।2
- Post by Hira kumar1
- सहरसा जिले के नवहट्टा प्रखंड अंतर्गत कासीमपुर पंचायत के निवासियों ने अपने प्रस्तावित डिग्री कॉलेज को स्थायी रूप से वहीं संचालित करने की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन धरने और अनशन पर बैठ गए हैं। इससे पहले, नवहट्टा मुख्यालय में डिग्री कॉलेज की स्थापना और संचालन की मांग को लेकर छात्र-छात्राओं और स्थानीय लोगों ने लगभग आठ दिनों तक सड़क पर प्रदर्शन किया था, जिसमें आमरण अनशन और भूख हड़ताल भी शामिल थी। यह आंदोलन जिला शिक्षा पदाधिकारी द्वारा आश्वासन दिए जाने के बाद समाप्त हुआ था। कासीमपुर पंचायत के लोगों को इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी मिलने के बाद, उन्होंने भी डिग्री कॉलेज के समर्थन में अपना आंदोलन शुरू कर दिया है। पंचायतवासियों का कहना है कि सरकार द्वारा प्रस्तावित यह डिग्री कॉलेज कासीमपुर पंचायत के लिए स्वीकृत किया गया था, लेकिन अब उसे किसी दूसरे स्थान पर स्थानांतरित करने का प्रयास किया जा रहा है। धरना पर बैठे लोगों का आरोप है कि उनके अधिकारों का हनन किया जा रहा है और उनके क्षेत्र को मिलने वाली शैक्षणिक सुविधा छीनने की कोशिश की जा रही है। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया है कि जब तक डिग्री कॉलेज को कासीमपुर पंचायत में ही स्थापित और संचालित करने की लिखित घोषणा नहीं की जाती, तब तक उनका यह आंदोलन जारी रहेगा।1
- महिषी थाना परिसर में मुहर्रम पर्व के मद्देनजर शांति समिति की एक बैठक का आयोजन किया गया।1
- नवहट्टा की स्थानीय राजनीति में एक महत्वपूर्ण संगठनात्मक बदलाव देखने को मिला है, जहाँ जन अधिकार पार्टी (जाप) के पूर्व प्रखंड अध्यक्ष अशोक कुमार यादव को कांग्रेस का नया नवहट्टा प्रखंड अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। पार्टी की कोर कमेटी द्वारा गहन विचार-विमर्श और मंथन के बाद उन्हें यह अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। यह नियुक्ति नवहट्टा की स्थानीय राजनीति में एक बड़े उलटफेर के रूप में देखी जा रही है। अशोक यादव जन अधिकार पार्टी में प्रखंड अध्यक्ष के रूप में लंबे समय तक सक्रिय रहे हैं और उनके पास जमीनी स्तर पर संगठन चलाने का व्यापक अनुभव है। क्षेत्र में कार्यकर्ताओं को जोड़ने और पार्टी को मजबूत करने में उनकी अहम भूमिका रही है, और इसी अनुभव तथा उत्कृष्ट संगठन क्षमता को देखते हुए कांग्रेस नेतृत्व ने उन पर भरोसा जताया है। इस नई नियुक्ति के बाद से ही नवहट्टा क्षेत्र में कांग्रेस समर्थकों और कार्यकर्ताओं में भारी उत्साह का माहौल है। स्थानीय कार्यकर्ताओं का मानना है कि अशोक यादव के कुशल नेतृत्व में कांग्रेस संगठन को एक नई ऊर्जा मिलेगी, जिससे पार्टी और अधिक मजबूत होगी। कार्यकर्ताओं ने उम्मीद जताई है कि अब बूथ स्तर तक जाकर पार्टी को सक्रिय किया जाएगा और हर वर्ग के लोगों को कांग्रेस से जोड़ा जाएगा। अपनी इस नई जिम्मेदारी पर आभार व्यक्त करते हुए, नवनियुक्त प्रखंड अध्यक्ष अशोक यादव ने कहा कि कांग्रेस पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने जो विश्वास उन पर जताया है, वे उस पर पूरी तरह खरा उतरने का प्रयास करेंगे। उन्होंने संकल्प लिया कि वे क्षेत्र में पार्टी की नीतियों को जन-जन तक पहुँचाएँगे और संगठन को एक नए मुकाम पर ले जाएँगे।1
- शुक्रवार को सहरसा जिले के सौर बाजार थाना परिसर में मोहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के उद्देश्य से एक शांति समिति की बैठक का आयोजन किया गया। यह बैठक सौर बाजार थानाध्यक्ष सुबोध कुमार की अध्यक्षता में हुई, जिसमें सौर बाजार अंचलाधिकारी श्री विद्याचरण के साथ-साथ थाना क्षेत्र के जन प्रतिनिधि और गणमान्य लोग भी शामिल हुए। बैठक में अंचलाधिकारी श्री विद्याचरण ने मोहर्रम के ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मोहर्रम इस्लामी कैलेंडर का पहला महीना है और इसे मुख्य रूप से 680 ईसवी में इराक के कर्बला में हजरत इमाम हुसैन तथा उनके साथियों की शहादत की याद में मनाया जाता है। इमाम हुसैन, जो पैगंबर मोहम्मद के नवासे थे, यजीद की सेना के अन्याय और अत्याचार के विरुद्ध खड़े हुए थे, जिसके परिणामस्वरूप 10 मोहर्रम के दिन उन्हें और उनके 72 साथियों को शहीद कर दिया गया था। अंचलाधिकारी ने मोहर्रम को शोक, आत्मचिंतन और अन्याय के खिलाफ खड़े होने की प्रेरणा का महीना बताया। इस अवसर पर, थानाध्यक्ष सुबोध कुमार ने मोहर्रम के शांतिपूर्ण आयोजन के लिए पुलिस प्रशासन की ओर से पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने किसी भी अप्रिय घटना की सूचना तत्काल पुलिस को देने का आग्रह किया। बैठक में मौजूद थाना क्षेत्र के जन प्रतिनिधियों और गणमान्य लोगों ने विश्वास दिलाते हुए कहा कि उनके इलाके में हिन्दू और मुस्लिम दोनों समुदायों के सभी पर्व आपसी भाईचारे और शांतिपूर्ण माहौल में मनाए जाते हैं, और इसी परंपरा के अनुसार मोहर्रम भी शांतिपूर्वक संपन्न होगा।1
- बैजनाथपुर चौक के मधेपुरा रोड पर हल्की बारिश होते ही सड़क मार्ग पूरी तरह जलमग्न हो जाता है, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा कई गुना बढ़ गया है। इस बदहाली के कारण अब तक कई ई-रिक्शा चालक और दोपहिया वाहन चालक दुर्घटनाओं के शिकार हो चुके हैं। स्थानीय दुकानदारों के अनुसार, सड़क निर्माण कार्य शुरू करने के बार-बार के वादों के बावजूद, वर्षों बीत जाने पर भी कार्य शुरू नहीं हुआ है। दुकानदारों ने बताया कि संवेदकों द्वारा दर्जनों बार यह कहकर सड़क से मिट्टी हटाई गई कि अगले दिन से सड़क निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा। लेकिन यह वादा कभी पूरा नहीं हुआ, जिसके परिणामस्वरूप सड़क मार्ग खंडहर में तब्दील हो गया है और जलजमाव की स्थिति पैदा हो जाती है। इसके साथ ही, नालों की ऊंचाई इतनी अधिक कर दी गई है कि सड़कों पर भरा पानी नालों में भी नहीं जाता, जिससे लोगों को आवागमन में भारी मशक्कत करनी पड़ती है। सबसे चिंताजनक बात यह है कि वर्षों बीत जाने के बाद भी, कई वरीय अधिकारियों या स्थानीय सांसद-विधायक द्वारा इस समस्या के समाधान के लिए किसी प्रकार का पहल नहीं किया जा रहा है। लोगों का कहना है कि यदि सड़क का निर्माण नहीं किया जाना है, तो सड़क से मिट्टी हटाना भी उचित नहीं है। उनका तर्क है कि मिट्टी हटाने से सड़क की गहराई और बढ़ जाती है, जिसका नतीजा यह होता है कि हल्की बारिश में भी पूरा सड़क मार्ग जलमग्न हो जाता है। लोगों को वर्षों से बैजनाथपुर चौक के उद्धार का इंतजार है।1