इंदौर के राजवाड़ा पर बड़ा हादसा: अनियंत्रित इलेक्ट्रिक बस ने 4 लोगों को रौंदा, 1 की मौत; आक्रोशित भीड़ ने किया पथराव इंदौर के राजवाड़ा पर बड़ा हादसा: अनियंत्रित इलेक्ट्रिक बस ने 4 लोगों को रौंदा, 1 की मौत; आक्रोशित भीड़ ने किया पथराव इंदौर | 27 सितंबर 2026 मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर के हृदय स्थल और ऐतिहासिक धरोहर राजवाड़ा पर रविवार दोपहर एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। नवशुरू 'मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा' के तहत संचालित एक इलेक्ट्रिक बस अचानक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे मौजूद राहगीरों में जा घुसी। इस भीषण टक्कर में एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों में दो की स्थिति नाजुक बताई जा रही है, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद आईसीयू में भर्ती कराया गया है। हादसे के प्रमुख बिंदु * घटनास्थल: राजवाड़ा मुख्य चौराहा, इंदौर * हताहत: 1 व्यक्ति की मौत, 3 गंभीर घायल (पहचान की प्रक्रिया जारी) * शामिल वाहन: मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की नई इलेक्ट्रिक बस * हादसे का कारण: प्रारंभिक तौर पर तकनीकी खराबी या चालक का बस से नियंत्रण खोना चीख-पुकार के बाद भड़का जनआक्रोश प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोपहर के समय राजवाड़ा के संकरे और व्यस्त बाजार में बस अचानक तेज गति से अनियंत्रित हुई और पैदल चल रहे लोगों को अपनी चपेट में लेते हुए आगे बढ़ गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। हादसे के तुरंत बाद मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। गुस्साई भीड़ ने बस के भीतर मौजूद यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालकर बस पर पथराव शुरू कर दिया, जिससे वाहन के शीशे टूट गए। स्थिति तनावपूर्ण होते देख पुलिस बल तत्काल मौके पर पहुंचा और लाठियां भांजकर भीड़ को खदेड़ते हुए हालात को काबू में लिया। सेवा शुरू होने के 24 घंटे के भीतर दुर्घटना गौरतलब है कि इंदौर शहर में पर्यावरण-अनुकूल यातायात व्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए 26 सितंबर को ही मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की शुरुआत की गई थी, जिसके तहत 24 प्रमुख मार्गों पर 96 नई बसें उतारी गई थीं। संचालन शुरू होने के अगले ही दिन हुए इस भीषण हादसे ने सार्वजनिक परिवहन के रख-रखाव, चालकों के प्रशिक्षण और भीड़भाड़ वाले ऐतिहासिक क्षेत्रों में भारी वाहनों की आवाजाही को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस प्रशासन ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और दुर्घटनाग्रस्त बस को जब्त कर चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर तकनीकी जांच शुरू कर दी है।
इंदौर के राजवाड़ा पर बड़ा हादसा: अनियंत्रित इलेक्ट्रिक बस ने 4 लोगों को रौंदा, 1 की मौत; आक्रोशित भीड़ ने किया पथराव इंदौर के राजवाड़ा पर बड़ा हादसा: अनियंत्रित इलेक्ट्रिक बस ने 4 लोगों को रौंदा, 1 की मौत; आक्रोशित भीड़ ने किया पथराव इंदौर | 27 सितंबर 2026 मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर के हृदय स्थल और ऐतिहासिक धरोहर राजवाड़ा पर रविवार दोपहर एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। नवशुरू 'मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा' के तहत संचालित एक इलेक्ट्रिक बस अचानक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे मौजूद राहगीरों में जा घुसी। इस भीषण टक्कर में एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों में दो की स्थिति नाजुक बताई जा रही है, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद आईसीयू में भर्ती कराया गया है। हादसे के प्रमुख बिंदु * घटनास्थल: राजवाड़ा मुख्य चौराहा, इंदौर * हताहत: 1 व्यक्ति की मौत, 3 गंभीर घायल (पहचान की प्रक्रिया जारी) * शामिल वाहन: मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की नई इलेक्ट्रिक बस * हादसे का कारण: प्रारंभिक तौर पर तकनीकी खराबी या चालक का बस से नियंत्रण खोना चीख-पुकार के बाद भड़का जनआक्रोश प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोपहर के समय राजवाड़ा के संकरे और व्यस्त बाजार में बस अचानक तेज गति से अनियंत्रित हुई और पैदल चल रहे लोगों को अपनी चपेट में लेते हुए आगे बढ़ गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। हादसे के तुरंत बाद मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। गुस्साई भीड़ ने बस के भीतर मौजूद यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालकर बस पर पथराव शुरू कर दिया, जिससे वाहन के शीशे टूट गए। स्थिति तनावपूर्ण होते देख पुलिस बल तत्काल मौके पर पहुंचा और लाठियां भांजकर भीड़ को खदेड़ते हुए हालात को काबू में लिया। सेवा शुरू होने के 24 घंटे के भीतर दुर्घटना गौरतलब है कि इंदौर शहर में पर्यावरण-अनुकूल यातायात व्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए 26 सितंबर को ही मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की शुरुआत की गई थी, जिसके तहत 24 प्रमुख मार्गों पर 96 नई बसें उतारी गई थीं। संचालन शुरू होने के अगले ही दिन हुए इस भीषण हादसे ने सार्वजनिक परिवहन के रख-रखाव, चालकों के प्रशिक्षण और भीड़भाड़ वाले ऐतिहासिक क्षेत्रों में भारी वाहनों की आवाजाही को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस प्रशासन ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और दुर्घटनाग्रस्त बस को जब्त कर चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर तकनीकी जांच शुरू कर दी है।
- इंदौर के राजवाड़ा पर बड़ा हादसा: अनियंत्रित इलेक्ट्रिक बस ने 4 लोगों को रौंदा, 1 की मौत; आक्रोशित भीड़ ने किया पथराव इंदौर के राजवाड़ा पर बड़ा हादसा: अनियंत्रित इलेक्ट्रिक बस ने 4 लोगों को रौंदा, 1 की मौत; आक्रोशित भीड़ ने किया पथराव इंदौर | 27 सितंबर 2026 मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर के हृदय स्थल और ऐतिहासिक धरोहर राजवाड़ा पर रविवार दोपहर एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। नवशुरू 'मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा' के तहत संचालित एक इलेक्ट्रिक बस अचानक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे मौजूद राहगीरों में जा घुसी। इस भीषण टक्कर में एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों में दो की स्थिति नाजुक बताई जा रही है, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद आईसीयू में भर्ती कराया गया है। हादसे के प्रमुख बिंदु * घटनास्थल: राजवाड़ा मुख्य चौराहा, इंदौर * हताहत: 1 व्यक्ति की मौत, 3 गंभीर घायल (पहचान की प्रक्रिया जारी) * शामिल वाहन: मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की नई इलेक्ट्रिक बस * हादसे का कारण: प्रारंभिक तौर पर तकनीकी खराबी या चालक का बस से नियंत्रण खोना चीख-पुकार के बाद भड़का जनआक्रोश प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोपहर के समय राजवाड़ा के संकरे और व्यस्त बाजार में बस अचानक तेज गति से अनियंत्रित हुई और पैदल चल रहे लोगों को अपनी चपेट में लेते हुए आगे बढ़ गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। हादसे के तुरंत बाद मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। गुस्साई भीड़ ने बस के भीतर मौजूद यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालकर बस पर पथराव शुरू कर दिया, जिससे वाहन के शीशे टूट गए। स्थिति तनावपूर्ण होते देख पुलिस बल तत्काल मौके पर पहुंचा और लाठियां भांजकर भीड़ को खदेड़ते हुए हालात को काबू में लिया। सेवा शुरू होने के 24 घंटे के भीतर दुर्घटना गौरतलब है कि इंदौर शहर में पर्यावरण-अनुकूल यातायात व्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए 26 सितंबर को ही मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की शुरुआत की गई थी, जिसके तहत 24 प्रमुख मार्गों पर 96 नई बसें उतारी गई थीं। संचालन शुरू होने के अगले ही दिन हुए इस भीषण हादसे ने सार्वजनिक परिवहन के रख-रखाव, चालकों के प्रशिक्षण और भीड़भाड़ वाले ऐतिहासिक क्षेत्रों में भारी वाहनों की आवाजाही को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस प्रशासन ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और दुर्घटनाग्रस्त बस को जब्त कर चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर तकनीकी जांच शुरू कर दी है।1
- मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉक्टर मोहन यादव आज इंदौर पहुंचे ।। एयरपोर्ट पर भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया ।। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव इंदौर में आयोजित दो निजी कार्यक्रमों में शामिल होंगे ।। इनमें होटल शेरेटन में होने वाला कार्यक्रम भी शामिल है ।। इधर एयरपोर्ट पर संसद शंकर लाल वाले ने शहर से जुड़े कुछ विकास कार्यों को लेकर मुख्यमंत्री के सामने अनुमति का विषय रखा ।।1
- खरगापुर में बिजली कटौती और ट्रांसफार्मर को लेकर गंभीर आरोप1
- इंदौर राजबाड़ा में बड़ा हादसा! PM बस की चपेट में 3 लोग, 1 की मौत; हादसे के बाद बस में तोड़फोड़1
- इंदौर के राजबाड़ा इलाके में रविवार को बड़ा सड़क हादसा हो गया। सरकारी सिटी बस यानी PM बस सेवा ने सड़क से गुजर रहे तीन लोगों को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि दो लोग गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। हादसे के बाद तीनों घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। इनमें से एक व्यक्ति को एमवाय अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं दो अन्य घायलों का अस्पताल में उपचार जारी है। हादसे के बाद राजबाड़ा पर मौजूद लोगों में आक्रोश फैल गया। लोगों ने पहले बस में सवार यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला। इसके बाद भीड़ ने बस पर पथराव कर दिया और ईंट-पत्थरों से बस में तोड़फोड़ की। बस के कांच भी फोड़ दिए गए। एमजी रोड थाना प्रभारी विजय सिसौदिया के मुताबिक, हादसा राजबाड़ा क्षेत्र में हुआ। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार सिटी बस चालक की लापरवाही के चलते तीन राहगीर बस की चपेट में आए। फिलहाल हादसे में मृत व्यक्ति और दोनों घायलों की पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस उनकी पहचान जुटाने में लगी है। पहचान होने के बाद उनके परिजनों को सूचना दी जाएगी। हादसे के बाद मौके पर भीड़, बस में तोड़फोड़ और पुलिस की कार्रवाई से राजबाड़ा क्षेत्र में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। Indore TV news 24x71
- इंदौर राजवाड़ा में पीएम बस सेवा ने तीन लोगों को कुचला एक की मौत दो गंभीर घायल इंदौर राजबाड़ा में PM बस सेवा ने 3 लोगों को कुचला, एक की मौत—दो गंभीर घायल इंदौर के राजबाड़ा इलाके में रविवार को बड़ा सड़क हादसा हो गया। सरकारी सिटी बस यानी PM बस सेवा ने सड़क से गुजर रहे तीन लोगों को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि दो लोग गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। हादसे के बाद तीनों घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। इनमें से एक व्यक्ति को एमवाय अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं दो अन्य घायलों का अस्पताल में उपचार जारी है। हादसे के बाद राजबाड़ा पर मौजूद लोगों में आक्रोश फैल गया। लोगों ने पहले बस में सवार यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला। इसके बाद भीड़ ने बस पर पथराव कर दिया और ईंट-पत्थरों से बस में तोड़फोड़ की। बस के कांच भी फोड़ दिए गए। एमजी रोड थाना प्रभारी विजय सिसौदिया के मुताबिक, हादसा राजबाड़ा क्षेत्र में हुआ। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार सिटी बस चालक की लापरवाही के चलते तीन राहगीर बस की चपेट में आए। फिलहाल हादसे में मृत व्यक्ति और दोनों घायलों की पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस उनकी पहचान जुटाने में लगी है। पहचान होने के बाद उनके परिजनों को सूचना दी जाएगी। हादसे के बाद मौके पर भीड़, बस में तोड़फोड़ और पुलिस की कार्रवाई से राजबाड़ा क्षेत्र में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।4
- 🚨 खंडवा में पटवारी के नाम 51 संपत्तियां दर्ज, पत्नी के नाम भी 3 रिकॉर्ड; निलंबन के बाद जांच शुरू 🚨 खंडवा में पटवारी के नाम 51 संपत्तियां दर्ज, पत्नी के नाम भी 3 रिकॉर्ड; निलंबन के बाद जांच शुरू खंडवा | मध्य प्रदेश मध्य प्रदेश के खंडवा जिले के कोलगांव से स्वामित्व योजना के रिकॉर्ड को लेकर गंभीर अनियमितता का मामला सामने आया है। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, तत्कालीन पटवारी राजेश मंडलोई के नाम 48 और उनकी पत्नी मनीषा मंडलोई के नाम 3 संपत्तियों, यानी कुल 51 संपत्तियों के रिकॉर्ड दर्ज पाए गए। मामले की शिकायत के बाद प्रशासन ने जांच कर पटवारी को निलंबित कर दिया है। बताया गया है कि कोलगांव में स्वामित्व योजना के तहत कुल 935 संपत्तियों के रिकॉर्ड तैयार किए गए थे। ग्रामीणों द्वारा रिकॉर्ड की जांच किए जाने के बाद 51 प्रविष्टियां पटवारी और उनकी पत्नी के नाम मिलने का मामला सामने आया। रिपोर्टों में यह भी कहा गया है कि इनमें साझा आंगन, आने-जाने के रास्ते, सार्वजनिक उपयोग की जमीन, बावड़ी और बस स्टैंड के चबूतरे जैसी जगहों के रिकॉर्ड भी जांच के दायरे में आए। शिकायत के बाद वर्तमान पटवारी राकेश पटेल ने ग्रामीणों की मौजूदगी में संबंधित खसरों और मौके की स्थिति का मिलान किया। इसके बाद नायब तहसीलदार की रिपोर्ट के आधार पर राजेश मंडलोई को मध्य प्रदेश सिविल सेवा वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील नियम, 1966 के नियम-9 के तहत निलंबित किया गया। मामले में विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है। वहीं, राजेश मंडलोई ने हिन्दुस्तान टाइम्स से कहा कि प्रत्येक जमीन के लिए समग्र आईडी दर्ज करना जरूरी था और उन्होंने अपने पद के कारण अपनी आईडी का इस्तेमाल किया था; उनका कहना है कि डेटा को बाद में ठीक करना भूल गए। अब जांच में यह स्पष्ट किया जाना है कि 51 प्रविष्टियां किस प्रक्रिया से दर्ज हुईं, उनका सत्यापन किस स्तर पर हुआ और इसमें अन्य अधिकारियों या कर्मचारियों की कोई भूमिका थी या नहीं। प्रशासन ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। स्रोत: Aaj Tak, The Indian Express, Hindustan Times, TV9 Hindi, Live Hindustan1
- Liquid Death in MP: बंडा शराब कांड का पर्दाफाश | Legal Baba मध्य प्रदेश के सागर जिले के बंडा में जहरीली शराब से हुई मौतें सिर्फ एक हादसा नहीं थीं, बल्कि इसके पीछे एक ऐसा सस्पेंस है जो सिस्टम की पोल खोलकर रख देता है। इस वीडियो में हम जानेंगे कि आखिर बंडा में उस रात असल में क्या हुआ था, ग्राउंड रिपोर्ट्स क्या कहती हैं, और इस जहरीले खेल के पीछे छिपे असली मास्टरमाइंड कौन हैं। पूरे मामले की कानूनी और तथ्यात्मक पड़ताल देखने के लिए वीडियो को अंत तक देखें। 📌 वीडियो के मुख्य बिंदु: 0:00 - बंडा जहरीली शराब कांड की डरावनी सच्चाई 1:15 - ग्राउंड रिपोर्ट्स और शुरुआती सस्पेंस नंबर 1 2:30 - मिथाइल अल्कोहल (Methanol) का खतरनाक खेल और सस्पेंस नंबर 2 3:45 - प्रशासनिक कार्रवाई या लीपापोती? सस्पेंस नंबर 3 5:10 - निष्कर्ष और हमारी जवाबदेही अगर आपको यह वीडियो पसंद आया हो तो लाइक करें, शेयर करें और हमारे यूट्यूब चैनल LEGAL बाबा को सब्सक्राइब करना बिल्कुल न भूलें! #BandaTragedy #SagarliquorCase #MadhyaPradesh #LegalBaba #ToxicLiquor #InvestigativeReport1