मथुरा जनपद के गोवर्धन क्षेत्र के गांव पेंठा में एक भैंस को लाठी मारने की मामूली बात पर शुरू हुआ विवाद जल्द ही खूनी संघर्ष में बदल गया, जिसमें कुल सात लोग घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, एक पक्ष द्वारा दूसरे पक्ष की भैंस को लाठी मारने का आरोप लगने के बाद दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई। यह बहस देखते ही देखते मारपीट में तब्दील हो गई, और दोनों पक्षों के लोग लाठी-डंडे लेकर आमने-सामने आ गए, जिससे कई लोग जख्मी हो गए। इस संघर्ष में पहले पक्ष से संजू कुमार (28) पुत्र जलसिंह के सिर में गंभीर चोट आई, जबकि प्रेम सिंह (25) पुत्र जयसिंह और लक्ष्मी (22) पुत्री जलसिंह भी घायल हुए। वहीं, दूसरे पक्ष से भगवान सिंह (35) पुत्र सुजान सिंह के सिर में चोट लगी, मुक्ता (70) पत्नी सुजान सिंह का दाहिना हाथ घायल हुआ, सुमन (20) पुत्री गोविंद सिंह के हाथ और पैर में चोट आई, और सुनीता (40) पत्नी गोविंद सिंह का दाहिना हाथ जख्मी हो गया। सभी घायलों को उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) गोवर्धन में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनका इलाज चल रहा है। घटना की सूचना मिलते ही थाना गोवर्धन पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची, और घायलों के बयान दर्ज किए। पुलिस ने दोनों पक्षों की तहरीर के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है, और अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।
मथुरा जनपद के गोवर्धन क्षेत्र के गांव पेंठा में एक भैंस को लाठी मारने की मामूली बात पर शुरू हुआ विवाद जल्द ही खूनी संघर्ष में बदल गया, जिसमें कुल सात लोग घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, एक पक्ष द्वारा दूसरे पक्ष की भैंस को लाठी मारने का आरोप लगने के बाद दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई। यह बहस देखते ही देखते मारपीट में तब्दील हो गई, और दोनों पक्षों के लोग लाठी-डंडे लेकर आमने-सामने आ गए, जिससे कई लोग जख्मी हो गए। इस संघर्ष में पहले पक्ष से संजू कुमार (28) पुत्र जलसिंह के सिर में गंभीर चोट आई, जबकि प्रेम सिंह (25) पुत्र जयसिंह और लक्ष्मी (22) पुत्री जलसिंह भी घायल हुए। वहीं, दूसरे पक्ष से भगवान सिंह (35) पुत्र सुजान सिंह के सिर में चोट लगी, मुक्ता (70) पत्नी सुजान सिंह का दाहिना हाथ घायल हुआ, सुमन (20) पुत्री गोविंद सिंह के हाथ और पैर में चोट आई, और सुनीता (40) पत्नी गोविंद सिंह का दाहिना हाथ जख्मी हो गया। सभी घायलों को उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) गोवर्धन में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनका इलाज चल रहा है। घटना की सूचना मिलते ही थाना गोवर्धन पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची, और घायलों के बयान दर्ज किए। पुलिस ने दोनों पक्षों की तहरीर के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है, और अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।
- बरसाना धाम में एक 13 वर्षीय आराध्य नामक बच्चे ने श्री राधा रानी के प्रति अपनी अनूठी भक्ति का प्रदर्शन कर सभी को आश्चर्यचकित कर दिया है। आगरा निवासी कमलेश गुप्ता और सीमा गुप्ता के जुड़वाँ पुत्र आराध्य, 7 किलोमीटर लंबे बरसाना धाम के पक्के परिक्रमा मार्ग पर हाथों के बल परिक्रमा कर रहे हैं। उनके इस असाधारण प्रदर्शन को देखकर भक्त और श्रद्धालु अपनी दाँतों तले उंगलियाँ दबा रहे हैं और उनकी अद्वितीय भक्ति की सराहना कर रहे हैं। आराध्य ने बताया कि वे बचपन से ही धार्मिक स्वभाव के रहे हैं और अपनी यह अनूठी परिक्रमा अपनी स्वर्गीय दादी को समर्पित कर रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि वे 8 वर्ष की उम्र से इस कार्य का अभ्यास कर रहे हैं और उनकी माताजी हमेशा उनका हौसला बढ़ाती रही हैं। इस आश्चर्यजनक कारनामे के लिए आराध्य ने इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स, लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड्स और एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में अपना नाम दर्ज कराने के लिए आवेदन भी किया है। हालाँकि, रिकॉर्ड बुक में नाम दर्ज होगा या नहीं, यह भविष्य के गर्भ में है, लेकिन फिलहाल 13 वर्षीय आराध्य की राधा रानी के प्रति यह भक्ति और चकित करने वाला अनूठा प्रदर्शन चारों ओर चर्चा का विषय बना हुआ है।3
- भगवान के प्रति भक्तों की अनूठी साधना का अद्भुत दृश्य आजकल बरसाना धाम में देखने को मिल रहा है, जहाँ आगरा निवासी 13 वर्षीय आराध्य अपने हाथों के बल लगभग 7 किलोमीटर लंबी बरसाना की पक्की परिक्रमा कर रहे हैं। राधा रानी के प्रति उनकी इस अटूट श्रद्धा और कठिन संकल्प को देखकर श्रद्धालु आश्चर्यचकित होने के साथ-साथ उनकी भक्ति की जमकर सराहना कर रहे हैं। आराध्य ने बताया कि वह बचपन से ही धार्मिक प्रवृत्ति के हैं और अपनी यह विशेष परिक्रमा अपनी स्वर्गीय दादी को समर्पित कर रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि वह 8 वर्ष की आयु से इस कठिन अभ्यास की तैयारी कर रहे थे, जिसमें उनकी माता सीमा गुप्ता ने हर कदम पर उनका उत्साहवर्धन किया। आराध्य ने अपनी इस अनूठी उपलब्धि को इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स, लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड्स और एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज कराने के लिए आवेदन भी किया है। रिकॉर्ड्स में उनका नाम दर्ज होगा या नहीं, यह भविष्य तय करेगा, लेकिन फिलहाल उनकी इस अद्भुत भक्ति और दृढ़ संकल्प की चर्चा पूरे बरसाना धाम और श्रद्धालुओं के बीच हो रही है।1
- भारतीय किसान यूनियन सुनील के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने निर्जला एकादशी के पावन अवसर पर किराम में एक भव्य कार्य किया।1
- बरसाना धाम में आगरा के रहने वाले कमलेश गुप्ता और सीमा गुप्ता के 13 वर्षीय पुत्र आराध्य, राधा रानी के प्रति अपनी अनूठी भक्ति का प्रदर्शन कर रहे हैं। आराध्य बरसाना धाम के 7 किलोमीटर लंबे पक्के परिक्रमा मार्ग पर हाथों के बल राधा रानी की परिक्रमा लगा रहे हैं। उनके इस आश्चर्यजनक प्रदर्शन को देखकर तमाम भक्त और श्रद्धालु दांतों तले उंगलियां दबाने को मजबूर हैं और बच्चे की इस अनोखी भक्ति की जमकर सराहना कर रहे हैं। आराध्य ने बताया कि वे बचपन से ही धार्मिक प्रवृत्ति के रहे हैं और अपनी यह अनूठी परिक्रमा अपनी स्वर्गीय दादी को समर्पित कर रहे हैं। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि वे 8 वर्ष की उम्र से इस अभ्यास में लगे हैं और उनकी माताजी ने इस कार्य में हमेशा उनका हौसला बढ़ाया है। इस असाधारण और चकित कर देने वाले कारनामे के लिए आराध्य ने इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स, लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड्स, और एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में अपना नाम दर्ज कराने के लिए प्रार्थना पत्र भी दिया है। हालांकि, उनका नाम इन रिकॉर्ड बुक्स में दर्ज होगा या नहीं, यह तो भविष्य के गर्भ में है, लेकिन फिलहाल 13 वर्षीय आराध्य की राधा रानी के प्रति यह अद्भुत भक्ति और उनका अनूठा प्रदर्शन हर ओर चर्चा का विषय बना हुआ है।1
- अधिवक्ता अश्वनी उपाध्याय ने भरत तिवारी एनकाउंटर से जुड़े अहम सवाल उठाए हैं। उन्होंने पूछा है कि इस घटना में शामिल पुलिसकर्मियों के खिलाफ आखिरकार कब कार्रवाई की जाएगी।1
- मथुरा जनपद के बरसाना धाम में आगरा के 13 वर्षीय आराध्य गुप्ता ने आस्था, संकल्प और अदम्य साहस का एक अनूठा उदाहरण प्रस्तुत किया है। उन्होंने अपनी स्वर्गीय दादी की पावन स्मृति को समर्पित करते हुए, राधा रानी धाम बरसाना के लगभग 7 किलोमीटर लंबे पक्के परिक्रमा मार्ग को हाथों के बल पूरा करने का संकल्प लिया है। यह कठिन परिक्रमा उन्होंने हाल ही में शुरू की है। आराध्य आगरा के प्रतीक विहार फेस-2 के निवासी हैं और उनके परिवार में पिता कमलेश गुप्ता, माता सीमा गुप्ता तथा जुड़वां बहन आराध्या गुप्ता शामिल हैं। परिवार के अनुसार, आराध्य में बचपन से ही आध्यात्मिक संस्कार रहे हैं और वे नियमित रूप से धार्मिक गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग लेते हैं। आराध्य ने बताया कि वे पिछले 8 वर्षों से इस अभ्यास में लगे हुए हैं, और उनकी मां सीमा गुप्ता हर कदम पर उनका हौसला बढ़ाती हैं तथा कठिन अभ्यास के दौरान उनका उत्साह बनाए रखती हैं। उनकी यह अनोखी परिक्रमा श्रद्धा, अनुशासन और दृढ़ इच्छाशक्ति का सशक्त संदेश दे रही है। आराध्य का मुख्य सपना इस असाधारण उपलब्धि के माध्यम से अपना नाम Guinness World Records में दर्ज कराना है। इसके लिए उन्होंने India Book of Records, Limca Book of Records और Asia Book of Records में भी अपना नाम दर्ज कराने हेतु आवेदन किया है। स्थानीय श्रद्धालु भी आराध्य के इस अद्वितीय प्रयास की सराहना कर रहे हैं और उसके उज्ज्वल भविष्य के साथ-साथ विश्व रिकॉर्ड के सपने के सफल होने की कामना कर रहे हैं।1
- मथुरा जनपद के गोवर्धन क्षेत्र के गांव पेंठा में एक भैंस को लाठी मारने की मामूली बात पर शुरू हुआ विवाद जल्द ही खूनी संघर्ष में बदल गया, जिसमें कुल सात लोग घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, एक पक्ष द्वारा दूसरे पक्ष की भैंस को लाठी मारने का आरोप लगने के बाद दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई। यह बहस देखते ही देखते मारपीट में तब्दील हो गई, और दोनों पक्षों के लोग लाठी-डंडे लेकर आमने-सामने आ गए, जिससे कई लोग जख्मी हो गए। इस संघर्ष में पहले पक्ष से संजू कुमार (28) पुत्र जलसिंह के सिर में गंभीर चोट आई, जबकि प्रेम सिंह (25) पुत्र जयसिंह और लक्ष्मी (22) पुत्री जलसिंह भी घायल हुए। वहीं, दूसरे पक्ष से भगवान सिंह (35) पुत्र सुजान सिंह के सिर में चोट लगी, मुक्ता (70) पत्नी सुजान सिंह का दाहिना हाथ घायल हुआ, सुमन (20) पुत्री गोविंद सिंह के हाथ और पैर में चोट आई, और सुनीता (40) पत्नी गोविंद सिंह का दाहिना हाथ जख्मी हो गया। सभी घायलों को उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) गोवर्धन में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनका इलाज चल रहा है। घटना की सूचना मिलते ही थाना गोवर्धन पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची, और घायलों के बयान दर्ज किए। पुलिस ने दोनों पक्षों की तहरीर के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है, और अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।1