बाराबंकी पुलिस ने ग्राम ग्वारी में हुई डकैती की घटना का सफलतापूर्वक अनावरण किया है। स्वाट, सर्विलांस और थाना देवा की एक संयुक्त पुलिस टीम ने इस मामले में कुल पांच अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है, जिनमें से दो को पुलिस मुठभेड़ के बाद पकड़ा गया। पुलिस ने उनके कब्जे से लूटे गए जेवरात, 4 लाख 64 हजार रुपये नकद, चार अवैध तमंचे और घटना में प्रयुक्त एक वैगनार कार तथा एक मोटरसाइकिल बरामद की है। यह डकैती की घटना 22 मई 2026 को हुई थी, जब ग्राम ग्वारी चौराहा, मजरे शाहपुर, थाना देवा निवासी आलोक कुमार जायसवाल ने पुलिस में तहरीर दी थी। उन्होंने बताया था कि रात में 3-4 अज्ञात लोग उनके घर के पिछले दरवाजे से घुस आए थे और परिजनों के साथ मारपीट कर घर से जेवरात व नकदी लूट ले गए थे। इस तहरीर के आधार पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। बाराबंकी के पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने डकैती की घटना के शीघ्र अनावरण और अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए विशेष पुलिस टीमों का गठन किया था। इसी क्रम में, 27 मई 2026 को स्वाट, सर्विलांस और थाना देवा की संयुक्त पुलिस टीम ने मैनुअल इंटेलिजेंस, डिजिटल डेटा और सीसीटीवी कैमरों की मदद से जांच शुरू की। जांच के दौरान, गोवर्धन कॉलोनी गेट के पास से पांच अभियुक्तों को एक वैगनार कार के साथ गिरफ्तार किया गया। उनकी निशानदेही पर 4 लाख 64 हजार रुपये नकद, सोने व चांदी के जेवरात, चार अवैध तमंचे (315 बोर), दो खोखे और चार जिंदा कारतूस (315 बोर) बरामद हुए। साथ ही, घटना में इस्तेमाल की गई वैगनार कार और एक मोटरसाइकिल भी जब्त की गई, जिसके आधार पर संबंधित धाराओं में एक और मुकदमा दर्ज किया गया है। पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि उनका एक संगठित गिरोह है, जिसका सरगना बुलंदशहर निवासी रोहित जाट है। यह गिरोह ऐसे व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और घरों को निशाना बनाता था जहाँ लोगों की संख्या कम हो और धन अधिक हो। बाराबंकी के अलावा, इस गिरोह ने लखनऊ, सीतापुर और गोंडा जनपदों में भी लूट की कई घटनाओं को अंजाम दिया है। पुलिस वांछित अभियुक्त रोहित जाट की गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
बाराबंकी पुलिस ने ग्राम ग्वारी में हुई डकैती की घटना का सफलतापूर्वक अनावरण किया है। स्वाट, सर्विलांस और थाना देवा की एक संयुक्त पुलिस टीम ने इस मामले में कुल पांच अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है, जिनमें से दो को पुलिस मुठभेड़ के बाद पकड़ा गया। पुलिस ने उनके कब्जे से लूटे गए जेवरात, 4 लाख 64 हजार रुपये नकद, चार अवैध तमंचे और घटना में प्रयुक्त एक वैगनार कार तथा एक मोटरसाइकिल बरामद की है। यह डकैती की घटना 22 मई 2026 को हुई थी, जब ग्राम ग्वारी चौराहा, मजरे शाहपुर, थाना देवा निवासी आलोक कुमार जायसवाल ने पुलिस में तहरीर दी थी। उन्होंने बताया था कि रात में 3-4 अज्ञात लोग उनके घर के पिछले दरवाजे से घुस आए थे और परिजनों के साथ मारपीट कर घर से जेवरात व नकदी लूट ले गए थे। इस तहरीर के आधार पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। बाराबंकी के पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने डकैती की घटना के शीघ्र अनावरण और अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए विशेष पुलिस टीमों का गठन किया था। इसी क्रम में, 27 मई 2026 को स्वाट, सर्विलांस और थाना देवा की संयुक्त पुलिस टीम ने मैनुअल इंटेलिजेंस, डिजिटल डेटा और सीसीटीवी कैमरों की मदद से जांच शुरू की। जांच के दौरान, गोवर्धन कॉलोनी गेट के पास से पांच अभियुक्तों को एक वैगनार कार के साथ गिरफ्तार किया गया। उनकी निशानदेही पर 4 लाख 64 हजार रुपये नकद, सोने व चांदी के जेवरात, चार अवैध तमंचे (315 बोर), दो खोखे और चार जिंदा कारतूस (315 बोर) बरामद हुए। साथ ही, घटना में इस्तेमाल की गई वैगनार कार और एक मोटरसाइकिल भी जब्त की गई, जिसके आधार पर संबंधित धाराओं में एक और मुकदमा दर्ज किया गया है। पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि उनका एक संगठित गिरोह है, जिसका सरगना बुलंदशहर निवासी रोहित जाट है। यह गिरोह ऐसे व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और घरों को निशाना बनाता था जहाँ लोगों की संख्या कम हो और धन अधिक हो। बाराबंकी के अलावा, इस गिरोह ने लखनऊ, सीतापुर और गोंडा जनपदों में भी लूट की कई घटनाओं को अंजाम दिया है। पुलिस वांछित अभियुक्त रोहित जाट की गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
- सीतापुर के इमलिया सुल्तानपुर थाना से मात्र 100 मीटर की दूरी पर गोला हाईवे के फरर्कपुर चौराहे पर एक महिला संदिग्ध परिस्थितियों में सड़क पर पड़ी हुई है। उसे हटाने की कोशिशें भी नाकाम रहीं और वह अपनी जगह से नहीं हटी। इस दौरान गाड़ियों का आवागमन लगातार जारी है, जिससे किसी बड़ी घटना के घटने की आशंका बढ़ गई है।1
- लखनऊ के जानकीपुरम क्षेत्र में बुधवार शाम करीब 6 बजे बिजली चोरी पकड़ने गई बिजली विभाग की टीम पर जानलेवा हमला किया गया। आरोप है कि इस दौरान उपभोक्ता और उसके सहयोगियों ने जूनियर इंजीनियर अशोक कुमार पर घातक हमला कर दिया। हमलावरों ने जेई अशोक कुमार पर कुत्ता भी छोड़ दिया, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आई हैं। बताया गया है कि बिजली विभाग की टीम क्षेत्र में बिजली चोरी की शिकायत पर जांच करने पहुंची थी। इसी दौरान विवाद बढ़ गया और उपभोक्ता पक्ष ने टीम के साथ अभद्रता करते हुए हमला कर दिया। इस घटना से विभागीय कर्मचारियों में गहरा आक्रोश है। मामले की सूचना तत्काल पुलिस को दे दी गई है, और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की जा रही है। बिजली विभाग के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सरकारी कार्य में बाधा डालने और कर्मचारी पर हमला करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।1
- लखनऊ से ब्रेकिंग न्यूज़ के अनुसार, मायके में रह रही एक महिला को फ़ोन करके बुलाया गया। इसके बाद, उसे एक सुनसान जगह पर ले जाकर चाकू से उसका गला रेत दिया गया।1
- लखनऊ, उत्तर प्रदेश से लेखिका-कवयित्री सोनी शुक्ला 'क्रांति' ने शुभेंदु अधिकारी को एक गीत के माध्यम से सीधी चेतावनी दी है, जिसमें 'गौमाता' के अपमान और जनभावनाओं से खिलवाड़ न करने का आह्वान किया गया है। गीत में यह स्पष्ट किया गया है कि 'गौमाता' का अपमान अब शब्दों से सहन नहीं किया जाएगा, और सत्ता में बैठे लोगों को संभल जाने की हिदायत दी गई है। चेतावनी में शुभेंदु अधिकारी को कान खोलकर सुनने के लिए कहा गया है, और यह ज़ोर दिया गया है कि जिसने भी मर्यादा तोड़ी है, अब उसकी बारी आ गई है। उस व्यक्ति को, जिसने 'माँ' को 'चौदह साल या बूढ़ी' कहकर 'तौला' है, सोए हुए शेर के मुँह में हाथ डालने जैसा बताया गया है। संतों की इस पावन धरती, जहाँ कृष्ण कन्हाई आए थे और प्रभु ने भी जिस माँ के आँचल की खातिर कष्ट उठाए थे, उसका सौदा करने वालों को होश में आने और संभल जाने की बात कही गई है, अन्यथा जन-जन की हुंकार से सत्ता छोड़कर बदलने की चेतावनी दी गई है। बंगाल की पावन माटी पर ऐसा ज़हर फैलाने वालों को जन-आंदोलन की ज्वाला में जल जाने की याद दिलाई गई है। 'गोरक्षा' को अपना प्रण और धर्म बताया गया है, जो सबसे ऊपर है, और यह प्रण लिया गया है कि अपनी संस्कृति के गौरव पर कोई वार सहन नहीं किया जाएगा। इस वाणी को 'क्रांति' की वाणी बताते हुए, इसे केवल शब्द न जानने और जो गौरव पर उंगली उठाए, उसे सीधे अपना 'काल' मानने की बात कही गई है। चेतावनी में यह भी कहा गया है कि 'जिल्लत' भरे इन फरमानों को सीधे वापस लेना होगा और सनातन की इस पावन शक्ति के आगे झुकना होगा। 'सोनी शुक्ला' की यह हुंकार और 'जनहित' का यह ऐलान है कि 'गौमाता' हमारी माता है, और इस बात को गंभीरता से सुनने की अपील की गई है। एक बार फिर कुर्सी वालों को जनभावनाओं से न खेलने और 'गौमाता' के अपमान को असहनीय बताया गया है।1
- बाराबंकी जनपद के मसौली थाना क्षेत्र के ग्राम डाडिया मऊ कटरा निवासी पीड़िता आफरीन बानो पुत्री नेहरूद्दीन ने पुलिस को दिए प्रार्थना पत्र में गंभीर आरोप लगाए हैं। उनके अनुसार, सिराजुद्दीन, मेराजुद्दीन, कमालुद्दीन, मुसीर, महफूज, नसीम बाबू और अन्य कई लोगों ने एक राय होकर उनके घर पर हमला किया। पीड़िता का कहना है कि इन विपक्षियों ने घर में घुसकर जमकर मारपीट की, जिसके परिणामस्वरूप ताजुद्दीन पुत्र नेहरूद्दीन, आफरीन बानो, स्वालिहा बानो, नाज बानो, नरगिस और नियाजुद्दीन घायल हो गए। आरोप यह भी है कि हमलावरों ने महिलाओं के साथ गाली गलौज की, अभद्रता की और मारपीट भी की। यह विवाद जमीन के एक पुराने मामले से जुड़ा बताया जा रहा है। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि विपक्षियों को शक था कि नियाजुद्दीन जमीन की पैमाइश कराने गया था, इसी बात से नाराज़ होकर आरोपियों ने हमला कर दिया। अब पीड़िता ने पुलिस से इस मामले में आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने और उन्हें न्याय दिलाने की मांग की है।1
- बाराबंकी शहर के व्यस्त धनोखर चौराहे पर मंगलवार को ज्येष्ठ माह के चौथे बड़े मंगल के अवसर पर अखिल भारतीय मंगला मुखी किन्नर समाज पीरबटावन किन्नर समाज द्वारा एक विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसने एक अनोखा और भावुक दृश्य प्रस्तुत किया। समाज में प्रायः अलग नजरिए से देखे जाने वाले किन्नर समुदाय ने इस आयोजन के माध्यम से सेवा, श्रद्धा और सामाजिक एकता का सशक्त संदेश दिया, जिसने सभी का ध्यान खींचा। इस भंडारे की अगुवाई गुरु हीरा किन्नर ने की, जिनके साथ प्रियंका चेला, प्रीत चेला और सानिया पोती चेला जैसे अन्य किन्नर श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित करते दिखे। भंडारा शुरू होने से पहले, सभी किन्नरों ने विधि-विधान से भगवान बजरंगबली की पूजा-अर्चना की और समाज में सुख-शांति व भाईचारे की कामना की। पूजा के उपरांत शुरू हुए भंडारे में राहगीरों, दुकानदारों और श्रद्धालुओं की लंबी कतारें उमड़ पड़ीं। लोगों ने बड़े उत्साह और सम्मान के साथ प्रसाद ग्रहण किया। कई लोगों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि किन्नर समाज द्वारा इस तरह के धार्मिक और सामाजिक आयोजन समाज में सकारात्मक परिवर्तन का महत्वपूर्ण संदेश देते हैं। आमतौर पर ताली बजाकर आशीर्वाद देने वाले किन्नर समुदाय का यह सेवा भाव लोगों के बीच गहरी चर्चा का विषय बन गया। धनोखर चौराहे पर देर तक भक्ति, सेवा और मानवता का अद्भुत संगम देखने को मिला। यह आयोजन केवल एक भंडारा मात्र नहीं था, बल्कि समाज को यह स्पष्ट संदेश भी था कि आस्था और इंसानियत में किसी भी प्रकार का कोई भेदभाव नहीं होता। इस कार्यक्रम के माध्यम से किन्नर समाज ने सामाजिक समरसता की एक नई इबारत लिखी।1
- लखनऊ, उत्तर प्रदेश से लेखिका कवयित्री सोनी शुक्ला 'क्रांति' ने एक गीत के माध्यम से सुवेंदु अधिकारी और 'कुर्सी वालों' को कड़ी चेतावनी जारी की है, जिसका शीर्षक है "जाग उठा है अब हिंदूस्थान"। इस चेतावनी में कहा गया है कि गौमाता का अपमान और जज्बातों से खेलना अब सहन नहीं किया जाएगा। शुक्ला ने शुभेंदु अधिकारी को कान खोलकर सुनने को कहा है कि जिसने भी मर्यादा तोड़ी है, अब उसकी बारी आ गई है। गीत में उन लोगों पर निशाना साधा गया है, जिन्होंने 'चौदह साल या बूढ़ी' कहकर माँ का अपमान किया है, इसे 'सोए हुए शेर के मुँह में हाथ डालने' जैसा बताया गया है। यह भी कहा गया है कि यह पावन धरती संतों की है, जहाँ कृष्ण कन्हाई आए थे, और उस माँ का सौदा करने वालों को होश में आने और संभल जाने की सलाह दी गई है, अन्यथा जन-जन की हुंकार से उन्हें सत्ता छोड़नी पड़ेगी। चेतावनी में बंगाल की पावन माटी पर जहर घोलने वालों को जन-आंदोलन की ज्वाला में जल जाने की बात कही गई है। 'गोरक्षा' को अपना प्रण और सर्वोच्च धर्म बताते हुए कहा गया है कि अपनी संस्कृति के गौरव पर कोई वार सहन नहीं किया जाएगा। सोनी शुक्ला 'क्रांति' ने इसे केवल शब्द नहीं, बल्कि एक 'काल' की वाणी बताया है जो गौरव पर उंगली उठाने वालों के लिए है। उन्होंने मांग की है कि 'जिल्लत के फरमानों' को तुरंत वापस लिया जाए और सनातन की पावन शक्ति के आगे झुकना होगा। यह ऐलान करते हुए कि 'गौमाता हमारी माता है', उन्होंने 'कुर्सी वालों' को एक बार फिर जज्बातों से न खेलने की चेतावनी दी है।1
- बाराबंकी के फतेहपुर कस्बे में सोमवार को एक तेज रफ्तार पिकअप की टक्कर से बाइक सवार युवक रमेश शुक्ला की दर्दनाक मौत हो गई। इस पूरे हादसे की घटना पास की एक दुकान के सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है, जिसका वीडियो अब इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है। जानकारी के अनुसार, कस्बा निवासी रमेश शुक्ला अपनी बाइक से कहीं जा रहे थे तभी तेज गति से आ रही एक पिकअप ने उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि रमेश गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़े, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई और आसपास के लोग मदद के लिए दौड़ पड़े। घटना के समय पास में मौजूद एक पुलिसकर्मी ने तत्परता दिखाते हुए भागने की कोशिश कर रहे पिकअप चालक को वाहन सहित तुरंत पकड़ लिया। घायल रमेश शुक्ला को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जिला अस्पताल में इलाज के दौरान डॉक्टरों ने रमेश शुक्ला को मृत घोषित कर दिया। उनकी मौत की खबर सुनते ही परिवार में कोहराम मच गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने आरोपी चालक को हिरासत में ले लिया है और दुर्घटनाग्रस्त वाहन को भी कब्जे में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।1