जहानाबाद के काको रोड, अलगना चौक स्थित अवधपुरी नगर के महावीर हनुमान मंदिर के सौजन्य से गुरुवार को श्री जगन्नाथ सर्वेश्वर भगवान जी की भव्य रथ यात्रा अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ निकाली गई। इस धार्मिक आयोजन में बड़ी संख्या में महिलाओं, बच्चों, युवाओं और आम श्रद्धालुओं ने भाग लेकर भगवान जगन्नाथ के प्रति अपनी गहरी आस्था व्यक्त की। रथ यात्रा के दौरान पूरे नगर में "जय जगन्नाथ" का जयघोष गूंजता रहा, जिससे पूरा वातावरण भक्ति के रंग में सराबोर हो गया। यह भव्य रथ यात्रा अलगना चौक से प्रारंभ होकर कनोदी, काको मोड़, स्टेशन रोड, अंटा मोड़, अरवल मोड़, हॉस्पिटल मोड़, पंचमहल्ला, मलहचक मोड़, एरोड्रम रोड तथा थाना रोड होते हुए वापस अलगना चौक पर पहुंचकर संपन्न हुई। पूरे यात्रा मार्ग में श्रद्धालुओं ने जगह-जगह पर पुष्प वर्षा, आरती और भक्ति गीतों के साथ रथ का आत्मीय स्वागत किया। इस दौरान भजन-कीर्तन, आकर्षक धार्मिक झांकियां और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनी रहीं, जहां लोग भक्ति संगीत की धुन पर झूमते नजर आए। आयोजन स्थल पर भक्तों के लिए प्रसाद वितरण की भी समुचित व्यवस्था की गई थी। आयोजन समिति के सदस्यों ने जानकारी दी कि इस रथ यात्रा का मुख्य उद्देश्य धार्मिक और सांस्कृतिक मूल्यों का संरक्षण करना, समाज में सद्भाव बढ़ाना और नई पीढ़ी को अपनी समृद्ध परंपराओं से जोड़ना है। समिति ने इस भव्य कार्यक्रम को सफल बनाने में बहुमूल्य सहयोग देने वाले सभी श्रद्धालुओं, स्वयंसेवकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और नगरवासियों के प्रति अपना आभार व्यक्त किया।
जहानाबाद के काको रोड, अलगना चौक स्थित अवधपुरी नगर के महावीर हनुमान मंदिर के सौजन्य से गुरुवार को श्री जगन्नाथ सर्वेश्वर भगवान जी की भव्य रथ यात्रा अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ निकाली गई। इस धार्मिक आयोजन में बड़ी संख्या में महिलाओं, बच्चों, युवाओं और आम श्रद्धालुओं ने भाग लेकर भगवान जगन्नाथ के प्रति अपनी गहरी आस्था व्यक्त की। रथ यात्रा के दौरान पूरे नगर में "जय जगन्नाथ" का जयघोष गूंजता रहा, जिससे पूरा वातावरण भक्ति के रंग में सराबोर हो गया। यह भव्य रथ यात्रा अलगना चौक से प्रारंभ होकर कनोदी, काको मोड़, स्टेशन रोड, अंटा मोड़, अरवल मोड़, हॉस्पिटल मोड़, पंचमहल्ला, मलहचक मोड़, एरोड्रम रोड तथा थाना रोड होते हुए वापस अलगना चौक पर पहुंचकर संपन्न हुई। पूरे यात्रा मार्ग में श्रद्धालुओं ने जगह-जगह पर पुष्प वर्षा, आरती और भक्ति गीतों के साथ रथ का आत्मीय स्वागत किया। इस दौरान भजन-कीर्तन, आकर्षक धार्मिक झांकियां और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनी रहीं, जहां लोग भक्ति संगीत की धुन पर झूमते नजर आए। आयोजन स्थल पर भक्तों के लिए प्रसाद वितरण की भी समुचित व्यवस्था की गई थी। आयोजन समिति के सदस्यों ने जानकारी दी कि इस रथ यात्रा का मुख्य उद्देश्य धार्मिक और सांस्कृतिक मूल्यों का संरक्षण करना, समाज में सद्भाव बढ़ाना और नई पीढ़ी को अपनी समृद्ध परंपराओं से जोड़ना है। समिति ने इस भव्य कार्यक्रम को सफल बनाने में बहुमूल्य सहयोग देने वाले सभी श्रद्धालुओं, स्वयंसेवकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और नगरवासियों के प्रति अपना आभार व्यक्त किया।
- भोजपुर के बिहिया और इसके आसपास के निवासियों के लिए स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक बड़ी खुशखबरी आई है। अब स्थानीय लोगों को बेहतर इलाज के लिए दूर-दराज के शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा। बिहिया के MM Hospital में अब एक ही छत के नीचे विभिन्न रोगों का उपचार अनुभवी और विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा न्यूनतम खर्च में उपलब्ध कराया जा रहा है। अस्पताल में मरीजों को आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं के साथ बेहतर जांच, परामर्श और इलाज की सुविधा दी जाएगी। अस्पताल प्रबंधन का उद्देश्य आम लोगों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं सुलभ और किफायती दरों पर उपलब्ध कराना है, ताकि हर व्यक्ति समय पर उचित उपचार प्राप्त कर सके। स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से जूझ रहे लोग MM Hospital में विशेषज्ञ डॉक्टरों की देखरेख में भरोसेमंद और बेहतर इलाज का लाभ उठा सकते हैं।1
- भोजपुर के आरा में इंकलाब की ओर बढ़ने का एक ज़ोरदार आह्वान किया गया है, जिसमें सीधे तौर पर फालतू की बकवास बंद कर हिम्मत दिखाने की बात कही गई है। इस क्रांतिकारी संदेश में लोगों को ललकारते हुए कहा गया है कि चाहे लाठी-डंडा खाना पड़े, लेकिन हर हाल में आरक्षण दिलाना होगा।1
- पटना के दानापुर मुबारकपुर में भूमाफियाओं द्वारा जमीन पर अवैध कब्जा करने का मामला प्रकाश में आया है। यहाँ भूमाफियाओं ने जमीन पर अवैध रूप से अपना कब्जा जमा लिया है। इस घटना से परेशान होकर अब पीड़िता ने सरकार से मदद की गुहार लगाते हुए अनुरोध किया है।1
- गया में इस्कॉन द्वारा भगवान श्रीजगन्नाथ, बलदेव, सुभद्रा एवं सुदर्शन की भव्य रथयात्रा का आयोजन अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ किया गया। इस भव्य रथयात्रा का शुभारंभ बिहार विधानसभा के माननीय अध्यक्ष ने किया। इस धार्मिक उत्सव के अवसर पर अनुप केड़िया, कौशलेंद्र प्रताप एवं डॉ. रंजीत प्रकाश विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। रंग-बिरंगे फूलों और आकर्षक बिजली की सजावट से सुसज्जित रथ पर वैदिक मंत्रोच्चार के बीच भगवान का विधिवत स्वागत कर उन्हें विराजमान कराया गया, जिसके बाद उन्हें छप्पन भोग अर्पित कर भव्य आरती संपन्न की गई। रथयात्रा के आध्यात्मिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए इस्कॉन गया के मंदिर अध्यक्ष ने बताया कि यह उत्सव भगवान श्रीकृष्ण की उस दिव्य लीला की स्मृति में मनाया जाता है, जब श्रीमती राधारानी एवं वृंदावन की गोपियों ने कुरुक्षेत्र से भगवान श्रीकृष्ण को पुनः वृंदावन लाने की भावपूर्ण अभिलाषा के साथ उनके रथ को खींचा था। यह रथयात्रा इस्कॉन मंदिर से प्रारंभ होकर जयप्रकाश झरना, काशीनाथ मोड़, सिविल लाइंस, जी.बी. रोड, गोल पत्थर, टेकारी रोड, बाटा मोड़, स्वराजपुरी रोड, काशीनाथ मोड़, महारानी बस स्टैंड तथा गेवाल बिगहा होते हुए पुनः इस्कॉन मंदिर पहुंची। पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर भगवान का स्वागत किया तथा हरिनाम संकीर्तन और जयघोष से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय बना रहा। रथयात्रा के मंदिर वापस लौटने पर भगवान को पुनः छप्पन भोग अर्पित किया गया और भव्य आरती की गई। इसके उपरांत महाप्रसाद के रूप में चावल, छोले एवं हलवे का वितरण किया गया, जिसे लगभग पांच हजार श्रद्धालुओं ने ग्रहण कर भगवान श्रीजगन्नाथ का आशीर्वाद प्राप्त किया। इस पूरे भव्य आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं, स्वयंसेवकों एवं नगरवासियों की सक्रिय सहभागिता रही, जिससे पूरी गया नगरी भक्तिरस और आध्यात्मिक उल्लास में सराबोर हो उठी।3
- गया जिले के मानपुर प्रखंड के नौरंगा क्षेत्र में सड़क और नाली के चौड़ीकरण की मांग काफी तेज हो गई है। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि सड़क किनारे हुए अतिक्रमण के कारण पूरा रास्ता बेहद संकरा हो गया है और इस वजह से नालियों का निर्माण कार्य भी प्रभावित हो रहा है। लोगों की मांग है कि प्रशासन पहले सड़क पर से अतिक्रमण हटाए और उसके बाद ही सड़क व नाली के चौड़ीकरण का काम किया जाए, ताकि यह निर्माण कार्य स्थायी और पूरी तरह प्रभावी हो सके। स्थानीय नागरिकों के अनुसार, बरसात के दिनों में इलाके में जलजमाव और आवागमन की समस्या बेहद गंभीर हो जाती है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और संबंधित विभाग से मामले में जल्द कार्रवाई की मांग की है ताकि विकास कार्यों का वास्तविक लाभ आम लोगों तक पहुंच सके। अब सभी की नजरें इस समस्या पर प्रशासन की अगली कार्रवाई की ओर लगी हुई हैं।1
- पटना जिले के नौबतपुर प्रखंड के आदर्श ग्राम मोतीपुर में 15 जुलाई से श्री श्री 1008 स्वामी पुरुषोत्तमाचार्य के सानिध्य में साप्ताहिक श्रीमत भागवत कथा ज्ञान यज्ञ का आयोजन किया जा रहा है। कथा के दूसरे दिन श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए स्वामी जी ने कहा कि मनुष्य को अपने मन को हमेशा शांत और एकाग्रचित रखना चाहिए, क्योंकि मन की पूर्ति कभी नहीं हो सकती। उन्होंने सीख दी कि भागवत कथा का श्रवण करने वाले प्राणी का जीवन संपूर्ण हो जाता है। जीवन में तब तक संकल्प लेना चाहिए जब तक लक्ष्य पूरा न हो जाए, क्योंकि लक्ष्य पूरा न होने तक मनुष्य योनि में जन्म लेने का उद्देश्य पूरा नहीं होता। स्वामी जी ने सात्विक भोजन करने की सलाह देते हुए कहा कि जो वैष्णव हो जाते हैं, वे नारायण के भक्त बन जाते हैं और वैष्णव धर्म का मतलब है कि मरते समय किसी अन्य के हाथ से पानी लेने की आवश्यकता न पड़े। इस धार्मिक आयोजन के दूसरे दिन श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। इस अवसर पर वार्ड पार्षद बालमुकुंद कुमार, पैक्स अध्यक्ष सर्वेश कुमार, पूर्व पैक्स अध्यक्ष बंशीधर शर्मा, शैलेन्द्र सिंह, पूर्व वार्ड पार्षद जयप्रकाश सिंह, समाजसेवी संतोष कुमार, विवेक कुमार, अशोक कुमार सिन्हा, हरेंद्र सिंह और मुन्ना कुमार सहित हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।1
- बिहार के भोजपुर के चर्चित भरत तिवारी कथित एनकाउंटर मामले में न्यायिक जांच आयोग के सचिव सुबोध कुमार श्रीवास्तव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित कर जांच की प्रगति से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां साझा की हैं। इस दौरान उन्होंने अब तक दर्ज किए गए बयानों, जुटाए गए साक्ष्यों और आगे की कार्रवाई की रूपरेखा के बारे में जानकारी दी। आयोग के सचिव ने बताया कि विभिन्न पक्षों के बयानों, उपलब्ध साक्ष्यों और संबंधित दस्तावेजों की बेहद गहनता से जांच की जा रही है। इस पूरी जांच को निष्पक्ष और तथ्यों के आधार पर आगे बढ़ाया जा रहा है, जिसका मुख्य उद्देश्य मामले के हर पहलू की विस्तार से पड़ताल कर सत्य तक पहुंचना है। हालांकि, आयोग ने अभी तक किसी अंतिम निष्कर्ष पर पहुंचने या किसी का दोष तय किए जाने की घोषणा नहीं की है। इस मामले में जांच की प्रक्रिया अभी भी जारी है और आगे भी आवश्यक गवाहों एवं साक्ष्यों की समीक्षा की जाएगी।1
- भोजपुर के आरा से तीखा आक्रोश जताते हुए सीधे तौर पर कहा गया है कि आंदोलनकारियों को कुचलना ही संविधान को कुचलना है। चमचों को ललकारते हुए दोटूक लहजे में चेतावनी दी गई है कि वे इस बात को अच्छी तरह से समझ लें।1