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ग़ाज़ियाबाद | बड़ी कार्रवाई निवाड़ी थाना क्षेत्र में तैनात कोतवाल जयपाल सिंह रावत को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथों गिरफ्तार किया गया है। बताया जा रहा है कि कोतवाल ने एक मुकदमे में नाम हटवाने के बदले आरोपित से घूस की मांग की थी। शिकायत मिलने के बाद मेरठ विजिलेंस टीम ने जाल बिछाया और तय योजना के तहत कोतवाल को रिश्वत लेते हुए पकड़ लिया। गिरफ्तारी के बाद विजिलेंस टीम ने आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। इस कार्रवाई के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। मामले की जांच जारी है और आगे और भी खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
Awadh News
ग़ाज़ियाबाद | बड़ी कार्रवाई निवाड़ी थाना क्षेत्र में तैनात कोतवाल जयपाल सिंह रावत को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथों गिरफ्तार किया गया है। बताया जा रहा है कि कोतवाल ने एक मुकदमे में नाम हटवाने के बदले आरोपित से घूस की मांग की थी। शिकायत मिलने के बाद मेरठ विजिलेंस टीम ने जाल बिछाया और तय योजना के तहत कोतवाल को रिश्वत लेते हुए पकड़ लिया। गिरफ्तारी के बाद विजिलेंस टीम ने आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। इस कार्रवाई के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। मामले की जांच जारी है और आगे और भी खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
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- आदिवासी महिला पर हुए दुष्कर्म के मामले पुलिस के हथकंडों पर हाथ किसका* *🚨पत्रकार उमेश चौधरी 🚨* *निर्भीकता से कोई समझौता नहीं* खबर/मैहर जिले के रामनगर थाना क्षेत्र से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां एक युवक पर मजदूरी करने वाली एक महिला के साथ दुष्कर्म करने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगा है। पीड़िता का आरोप है कि आरोपी ने उसे बहाने से बुलाकर बेहोश किया और फिर एक होटल में ले जाकर जबरन शारीरिक शोषण किया। होश में आने पर आरोपी ने उसके पति और उसे जान से मारने की धमकी दी, जिससे वह डर के कारण चुप रही।बताया गया कि घटना के समय पीड़िता का पति बाहर मजदूरी कर रहा था। पति के लौटने के बाद जब दोनों ने आरोपी से बात की तो उन्हें जातिसूचक गालियां और धमकियां दी गईं। इसके बाद दंपति ने रामनगर थाने में शिकायत करने का प्रयास किया, लेकिन आरोप है कि थाना प्रभारी ने उनकी शिकायत दर्ज करने के बजाय उन्हें डांटकर भगा दिया।पीड़िता और उसके पति ने अब पुलिस अधीक्षक से मामले में सख्त कानूनी कार्रवाई और निष्पक्ष जांच की मांग की है। यह मामला पुलिस की संवेदनशीलता और पीड़ितों को न्याय दिलाने की प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े करता है।1
- मोहम्मदी के बरबर रोड पर नले का पानी रोड पर आया लोग परेशान मोहम्मदी खीरी। जहां एक ओर नगरपालिका द्वारा स्वच्छ नगर पालिका का दावा किया जाता है वहीं बरवर रोड पर नाला चोक होने के चलते नाले का गंदा पानी नाले के ऊपर बह रहा है जिससे आसपास के दुकानदारों , राहगीरों , और स्कूली बच्ची को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है वहीं नाले का गंदा पानी कब्रिस्तान में बनी कब्रों में भर रहा है जब की आज सवेबरात आज के दिन सभी मुस्लिम तबके के लोग कब्रिस्तानों में जाके मरहूम के लिया दुआएं करते हैं लेकिन यहां जिम्मेदार अधिकारी सब कुछ जान कर भी बने अंजान।1
- लखीमपुर के ए आरटीओ श्री शांति भूषण पांडे जी के द्वारा अवैध संचालन के खिलाफ सघन प्रवर्तन कार्रवाई करते हुए तीन बसों के साथ-एक स्कूली वाहन जिसका परमिट फिटनेस फेल होने पर बंद किया गया ।साथ ही एक गन्ना परिवहन में संचालित ट्रक जिसका परमिट फिटनेस फेल था उसको भी बंद किया गया । थाना फ़रधन में कुल सात वाहन बंद किया गए ।1
- जिला अस्पताल बना हेयर सैलून सीतापुर में ग़ज़ब लोग हैं भाई… एक युवक का पैर टूटा हुआ है, अस्पताल में भर्ती है, दर्द से कराहने के दिन होने चाहिए थे… लेकिन जनाब को सबसे बड़ी टेंशन बालों की हो गई सोचा—बाल बढ़ गए हैं, कटवाने चाहिए… और सीधे अस्पताल की बेड पर ही नाई बुलाकर हेयरकट शुरू आसपास दूसरे मरीज भी हैं, इलाज चल रहा है, ड्रिप टंगी है… और यहां हेयर कटिंग फुल स्विंग में मामला यूपी के सीतापुर का है1
- Post by Rajan Singh1
- दुधवा रोड पर खाद्य सुरक्षा मानकों की उड़ रही धज्जियां, फूड विभाग फेर रहा नजरें पलियाकलां-खीरी। पलिया नगर के दुधवा रोड पर संचालित होटलों में मानक के विपरीत भोजन परोसे जाने का मामला लगातार सामने आ रहा है, लेकिन हैरत की बात यह है कि अब तक फूड विभाग की नजर इन पर नहीं पड़ी। नगर की प्रमुख सड़क पर दर्जनों होटल व ढाबे संचालित हो रहे हैं, जहां न तो साफ-सफाई का ध्यान रखा जा रहा है और न ही खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा है। इन होटलों में घटिया गुणवत्ता का खाना परोसकर ग्राहकों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। इसके अलावा यहां आने वाले ग्राहकों से खुलेआम मनमाने ढंग से कीमत वसूली की जा रही है। यही हाल दुधवा रोड पर ग्राम वंशीनगर में स्थित महक फैमिली रेस्टोरेंट का है। यहां एक साधारण रोटी के 20 रुपये वसूले जा रहे हैं और वही रोटी मक्खन लगाकर 25 रुपये की दी जा रही है, जबकि अन्य होटलों पर मक्खन की एक टिक्की 15 रुपये की होती है, जो कम से कम चार रोटियों में लग जाती है। पलिया नगर के किसी भी होटल में इतना अधिक पैसा नहीं लिया जाता है। हर होटल में 10 रुपये की रोटी दी जाती है और मक्खन लगाकर वही 15 रुपये की होती है। पलिया में सबसे मसहूर और स्वादिष्ट खाना परोसने वाले मिलन होटल पर भी 10 रुपये की सादा और 15 रुपये की मक्खन रोटी दी जाती है और अरहर की हाफ दाल 60 रुपये की मिलती है, लेकिन महक फैमिली रेस्टोरेंट पर दाल भी 120, 150 रुपये में दी जाती है, जो प्योर अरहर की होती भी नहीं है। इसके अलावा एक क्वाटर चावल की कीमत 30 रुपये वसूली जा रही है, जबकि अन्य होटलों पर क्वाटर चावल की कीमत 15 रुपये होती है। कुल मिलाकर यहां पर खुलेआम जनता से लूट की जा रही है और फूड विभाग मौन साधे हुए है। बता दें कि दुधवा राष्ट्रीय उद्यान को जाने वाले इस मार्ग से प्रतिदिन सैकड़ों पर्यटक गुजरते हैं। बाहर से आने वाले पर्यटकों की मजबूरी का फायदा उठाकर होटल संचालक जमकर लूट कर रहे हैं। पर्यटक भी मजबूरी में महंगे दाम चुकाने को विवश हैं, क्योंकि आसपास वैकल्पिक व्यवस्था नहीं है। सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि शिकायतों के बावजूद जिम्मेदार विभागों द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है। फूड विभाग की निष्क्रियता के चलते होटल संचालकों के हौसले बुलंद हैं और वे नियमों को ताक पर रखकर कारोबार कर रहे हैं। स्थानीय नागरिकों एवं सामाजिक संगठनों ने मांग की है कि दुधवा रोड पर संचालित सभी होटलों की सघन जांच कराई जाए, खाद्य गुणवत्ता की जांच हो तथा मनमानी वसूली करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि पर्यटकों और आम लोगों को राहत मिल सके।1
- *शबे बरात पर कब्रिस्तानों में उमड़ी अकीदतमंदों की भीड़, सीओ ने किया स्थल निरीक्षण* सीतापुर। शबे बरात के पाक मौके पर जनपद के विभिन्न कब्रिस्तानों, विशेष रूप से ईदगाह स्थित कब्रिस्तान में बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने पहुंचकर अपने पूर्वजों की कब्रों पर फातिहा पढ़ी, अगरबत्ती जलाई और उनके लिए मगफिरत व बख्शिश की दुआ मांगी। यह परंपरा मुस्लिम समाज में वर्षों से चली आ रही है, जिसे श्रद्धा और आस्था के साथ निभाया जाता है। इस अवसर पर सीतापुर सदर कोतवाली क्षेत्र के क्षेत्राधिकारी (सीओ) विनायक भोसले ने कब्रिस्तान पहुंचकर स्थल निरीक्षण किया और सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने मौजूद लोगों से शांति व सौहार्द बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि यह आपसी भाईचारे और अमन का त्योहार है, इसे शांतिपूर्ण ढंग से मनाएं। सीओ ने लोगों को शासन-प्रशासन की गाइडलाइन का पालन करने की हिदायत दी तथा पटाखे, रॉकेट व अन्य आतिशबाजी न करने की सलाह दी। साथ ही उन्होंने कहा कि सभी लोग अपनी सुरक्षा के साथ-साथ दूसरों की सुरक्षा का भी ध्यान रखें। प्रशासन की मौजूदगी और सतर्कता के चलते शबे बरात का पर्व जिले में शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ।4
- मोहम्मदी (लखीमपुर खीरी): जनपद लखीमपुर खीरी के कस्बा मोहम्मदी में डिजिटल लेन-देन के नाम पर ठगी का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहाँ बिना नंबर प्लेट की गाड़ी से आए एक शातिर ठग ने QR कोड का सहारा लेकर जनसेवा केंद्र संचालक से सरेआम ₹15 हजार की ठगी कर ली। घटना के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया है और डिजिटल सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। मामला मोहम्मदी कोतवाली क्षेत्र के गुरेला चौराहा (बरवर रोड) का है। यहाँ आकाश नामक युवक जनसेवा केंद्र चलाकर अपने परिवार का भरण-पोषण करता है। पीड़ित के अनुसार, 03 फरवरी 2026 की दोपहर करीब 3:20 बजे एक अज्ञात युवक ग्राहक बनकर दुकान पर पहुंचा। उस समय दुकान पर अन्य ग्राहक भी मौजूद थे। इसी भीड़ का फायदा उठाकर आरोपी ने बातचीत में उलझाते हुए दो अलग-अलग QR कोड दिखाए और पैसे ट्रांसफर करने को कहा। व्यापारिक विश्वास में आकर आकाश ने पहले QR कोड पर ₹10 हजार और दूसरे QR कोड पर ₹5 हजार ट्रांसफर कर दिए। जैसे ही कुल ₹15 हजार का ट्रांजैक्शन पूरा हुआ, आरोपी बिना कोई नकद राशि दिए अपनी गाड़ी स्टार्ट कर मौके से फरार हो गया। घटना की सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि आरोपी जिस वाहन से आया था, उस पर नंबर प्लेट नहीं लगी थी। दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे में पूरी घटना कैद हो गई है, लेकिन वाहन की पहचान न हो पाने से पुलिस के सामने आरोपी तक पहुंचना चुनौती बन गया है। पीड़ित दुकानदार ने कोतवाली मोहम्मदी में तहरीर देकर न्याय की गुहार लगाई है और सीसीटीवी फुटेज भी पुलिस को सौंप दी है। आकाश का कहना है कि यदि डिजिटल लेन-देन में इस तरह की घटनाएं बढ़ती रहीं तो छोटे दुकानदार और जनसेवा केंद्र संचालक ऑनलाइन सेवाओं से दूरी बनाने को मजबूर हो जाएंगे। इस घटना ने कई अहम सवाल खड़े कर दिए हैं— बिना नंबर की गाड़ियां सड़कों पर कैसे बेखौफ घूम रही हैं? डिजिटल भुगतान की सुरक्षा व्यवस्था कितनी मजबूत है? और क्या अपराधियों के मन से कानून का डर खत्म हो चुका है? फिलहाल मोहम्मदी पुलिस मामले की जांच में जुटी है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी की तलाश की जा रही है। वहीं, यह घटना क्षेत्र के व्यापारियों के लिए सतर्क रहने का बड़ा संदेश भी बनकर सामने आई है।1