हिमाचल प्रदेश में 12 जुलाई से कमजोर पड़ी मानसून की रफ्तार अब फिर से तेज होने वाली है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार, राज्य में 18 जुलाई से मानसून एक बार फिर सक्रिय होगा, जिससे पूरे प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश का दौर शुरू होने की संभावना है। वर्तमान में 17 जुलाई तक मानसून थोड़ा कमजोर रहेगा, जिससे राज्य के तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। मैदानी इलाकों में तापमान 32 से 36 डिग्री सेल्सियस और मध्यवर्ती क्षेत्रों में 24 से 28 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, लेकिन 18 जुलाई से शुरू होने वाली बारिश के बाद इसमें अच्छी गिरावट दर्ज की जाएगी। मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक शोभित कटियार ने बताया कि 17 जुलाई से मानसून रफ्तार पकड़ेगा और 18 व 19 जुलाई के लिए प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, 20 और 21 जुलाई को बारिश की तीव्रता बहुत अधिक बढ़ने की आशंका के चलते ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। भारी बारिश का यह दौर लगातार 23 जुलाई तक जारी रहेगा, जिसका सबसे ज्यादा असर कांगड़ा, चंबा, कुल्लू, मंडी, शिमला, सिरमौर और बिलासपुर जिलों में देखने को मिलेगा, जबकि किन्नौर, लाहौल-स्पीति और सोलन जिले में भी इस दौरान बारिश की गतिविधियां दर्ज की जाएंगी। लगातार होने वाली इस भारी बारिश के चलते मध्य पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन, मडस्लाइड और अचानक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) जैसी स्थितियों का खतरा बढ़ जाएगा, जिससे कृषि और बागवानी को भी नुकसान पहुंच सकता है। इसे देखते हुए मौसम विभाग ने विशेष एडवायजरी जारी कर स्थानीय लोगों और पर्यटकों को 18 से 23 जुलाई के बीच नदी-नालों और अन्य जल स्रोतों से पूरी तरह दूर रहने, संवेदनशील इलाकों में न जाने और ट्रैफिक नियमों का पालन करने की हिदायत दी है। मानसून आंकड़ों की बात करें तो 1 जून से 14 जुलाई तक प्रदेश में सामान्य से 11% कम बारिश दर्ज हुई है, लेकिन केवल जुलाई महीने में सामान्य से 12% अधिक बारिश मिली है, जिसमें किन्नौर, कुल्लू, शिमला, सिरमौर और सोलन में सबसे अधिक और हमीरपुर व लाहौल-स्पीति में सबसे कम बारिश दर्ज हुई है।
हिमाचल प्रदेश में 12 जुलाई से कमजोर पड़ी मानसून की रफ्तार अब फिर से तेज होने वाली है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार, राज्य में 18 जुलाई से मानसून एक बार फिर सक्रिय होगा, जिससे पूरे प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश का दौर शुरू होने की संभावना है। वर्तमान में 17 जुलाई तक मानसून थोड़ा कमजोर रहेगा, जिससे राज्य के तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। मैदानी इलाकों में तापमान 32 से 36 डिग्री सेल्सियस और मध्यवर्ती क्षेत्रों में 24 से 28 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, लेकिन 18 जुलाई से शुरू होने वाली बारिश के बाद इसमें अच्छी गिरावट दर्ज की जाएगी। मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक शोभित कटियार ने बताया कि 17 जुलाई से मानसून रफ्तार पकड़ेगा और 18 व 19 जुलाई के लिए प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, 20 और 21 जुलाई को बारिश की तीव्रता बहुत अधिक बढ़ने की आशंका के चलते ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। भारी बारिश का यह दौर लगातार 23
जुलाई तक जारी रहेगा, जिसका सबसे ज्यादा असर कांगड़ा, चंबा, कुल्लू, मंडी, शिमला, सिरमौर और बिलासपुर जिलों में देखने को मिलेगा, जबकि किन्नौर, लाहौल-स्पीति और सोलन जिले में भी इस दौरान बारिश की गतिविधियां दर्ज की जाएंगी। लगातार होने वाली इस भारी बारिश के चलते मध्य पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन, मडस्लाइड और अचानक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) जैसी स्थितियों का खतरा बढ़ जाएगा, जिससे कृषि और बागवानी को भी नुकसान पहुंच सकता है। इसे देखते हुए मौसम विभाग ने विशेष एडवायजरी जारी कर स्थानीय लोगों और पर्यटकों को 18 से 23 जुलाई के बीच नदी-नालों और अन्य जल स्रोतों से पूरी तरह दूर रहने, संवेदनशील इलाकों में न जाने और ट्रैफिक नियमों का पालन करने की हिदायत दी है। मानसून आंकड़ों की बात करें तो 1 जून से 14 जुलाई तक प्रदेश में सामान्य से 11% कम बारिश दर्ज हुई है, लेकिन केवल जुलाई महीने में सामान्य से 12% अधिक बारिश मिली है, जिसमें किन्नौर, कुल्लू, शिमला, सिरमौर और सोलन में सबसे अधिक और हमीरपुर व लाहौल-स्पीति में सबसे कम बारिश दर्ज हुई है।
- हिमाचल प्रदेश में 12 जुलाई से कमजोर पड़ी मानसून की रफ्तार अब फिर से तेज होने वाली है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार, राज्य में 18 जुलाई से मानसून एक बार फिर सक्रिय होगा, जिससे पूरे प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश का दौर शुरू होने की संभावना है। वर्तमान में 17 जुलाई तक मानसून थोड़ा कमजोर रहेगा, जिससे राज्य के तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। मैदानी इलाकों में तापमान 32 से 36 डिग्री सेल्सियस और मध्यवर्ती क्षेत्रों में 24 से 28 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, लेकिन 18 जुलाई से शुरू होने वाली बारिश के बाद इसमें अच्छी गिरावट दर्ज की जाएगी। मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक शोभित कटियार ने बताया कि 17 जुलाई से मानसून रफ्तार पकड़ेगा और 18 व 19 जुलाई के लिए प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, 20 और 21 जुलाई को बारिश की तीव्रता बहुत अधिक बढ़ने की आशंका के चलते ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। भारी बारिश का यह दौर लगातार 23 जुलाई तक जारी रहेगा, जिसका सबसे ज्यादा असर कांगड़ा, चंबा, कुल्लू, मंडी, शिमला, सिरमौर और बिलासपुर जिलों में देखने को मिलेगा, जबकि किन्नौर, लाहौल-स्पीति और सोलन जिले में भी इस दौरान बारिश की गतिविधियां दर्ज की जाएंगी। लगातार होने वाली इस भारी बारिश के चलते मध्य पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन, मडस्लाइड और अचानक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) जैसी स्थितियों का खतरा बढ़ जाएगा, जिससे कृषि और बागवानी को भी नुकसान पहुंच सकता है। इसे देखते हुए मौसम विभाग ने विशेष एडवायजरी जारी कर स्थानीय लोगों और पर्यटकों को 18 से 23 जुलाई के बीच नदी-नालों और अन्य जल स्रोतों से पूरी तरह दूर रहने, संवेदनशील इलाकों में न जाने और ट्रैफिक नियमों का पालन करने की हिदायत दी है। मानसून आंकड़ों की बात करें तो 1 जून से 14 जुलाई तक प्रदेश में सामान्य से 11% कम बारिश दर्ज हुई है, लेकिन केवल जुलाई महीने में सामान्य से 12% अधिक बारिश मिली है, जिसमें किन्नौर, कुल्लू, शिमला, सिरमौर और सोलन में सबसे अधिक और हमीरपुर व लाहौल-स्पीति में सबसे कम बारिश दर्ज हुई है।2
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चंडीगढ़ दौरे से पहले हरियाणा के पंचकूला में सुरक्षा व्यवस्था को बेहद कड़ा कर दिया गया है। पंचकूला पुलिस ने जिले को हाई अलर्ट पर रखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। इसके तहत जिले के सभी 18 नाकों पर वाहनों और संदिग्ध व्यक्तियों की सघन जांच की जा रही है, जिनमें 9 इंटर-स्टेट बॉर्डर नाके भी शामिल हैं। सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए डॉग स्क्वॉड की भी मदद ली जा रही है। डॉग स्क्वॉड की टीम ने बस स्टैंड, भीड़भाड़ वाले बाजारों और अन्य संवेदनशील स्थानों पर विशेष सर्च अभियान चलाया है। पुलिस प्रशासन ने आम नागरिकों से इस सुरक्षा जांच में सहयोग करने की अपील की है और साथ ही कहा है कि किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि दिखने पर तुरंत इसकी सूचना पुलिस को दें।1
- हरियाणा के पंचकुला में एसआई राजेश कुमार ने मानवता की मिसाल पेश की है। उन्होंने एक विकलांग बच्चे को सफलतापूर्वक उसके परिवार से मिलाया है। एसआई राजेश कुमार के इस कदम को समाज में इंसानियत का एक बड़ा उदाहरण माना जा रहा है।2
- पंचकूला पुलिस ने फर्जी फार्मा बिजनेस में तीन गुना मुनाफे का लालच देकर एक सेवानिवृत्त केंद्रीय सरकारी अधिकारी से 13.10 लाख रुपये की साइबर ठगी करने वाले दो विदेशी नागरिकों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस कमिश्नर पंकज नैन के निर्देशानुसार साइबर क्राइम थाना पंचकूला की टीम ने इन आरोपियों को अदालत से मिले 5 दिन के पुलिस रिमांड के बाद न्यायिक हिरासत में भेजा है। रिमांड के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 11 मोबाइल फोन और 7 पासपोर्ट बरामद किए हैं। गिरफ्तार आरोपियों में जिम्बाब्वे निवासी तापिवा शामिल है, जो स्टूडेंट वीजा पर भारत आया था, और नाइजीरिया निवासी केनेथ शामिल है, जो मेडिकल वीजा पर भारत में रह रहा था। यह मामला पंचकूला निवासी 63 वर्षीय सेवानिवृत्त केंद्रीय सरकारी अधिकारी की शिकायत पर दर्ज किया गया था। दिसंबर 2025 में फेसबुक पर खुद को यूके की निवासी बताने वाली एक महिला ने शिकायतकर्ता से संपर्क किया और व्हाट्सएप पर लगातार बातचीत और कॉल के जरिए उनका विश्वास जीत लिया। इसके बाद आरोपियों ने खुद को महिला का रिश्तेदार बताकर फार्मा उत्पादों के कारोबार में निवेश पर तीन गुना मुनाफा कमाने का लालच दिया। डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक अमरिंदर सिंह के अनुसार, आरोपियों की बातों में आकर शिकायतकर्ता ने दिसंबर 2025 से फरवरी 2026 के बीच विभिन्न बैंक खातों में कुल 13 लाख 10 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। काफी समय बीतने के बाद भी जब कोई लाभ या उत्पाद नहीं मिला, तो पीड़ित ने राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर 20 फरवरी 2026 को पंचकूला के साइबर क्राइम थाने में मामला दर्ज किया गया था। जांच के आधार पर साइबर थाना प्रभारी युद्धवीर सिंह और जांच अधिकारी सब इंस्पेक्टर जगमीत सिंह की अगुवाई में पुलिस टीम ने बहादुरगढ़ से दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया था। पुलिस अब इस मामले में अन्य आरोपियों की भूमिका की भी जांच कर रही है। इस घटना के बाद पुलिस कमिश्नर पंकज नैन ने नागरिकों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया या व्हाट्सएप पर किसी भी अनजान व्यक्ति के बहकावे में आकर बिना सत्यापन के किसी भी बैंक खाते में पैसे ट्रांसफर न करें और धोखाधड़ी होने पर तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन या पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं।2
- हिमाचल प्रदेश के ननखड़ी क्षेत्र में हुए दर्दनाक एचआरटीसी बस हादसे में अपनी जान गंवाने वाले परिचालक जय प्रकाश नेगी को गुरुवार को चालक-परिचालक संघ और एचआरटीसी कर्मचारियों ने भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान खनेरी अस्पताल परिसर में एक शोकसभा का आयोजन कर दिवंगत परिचालक को श्रद्धासुमन अर्पित किए गए। इसके बाद उनके पार्थिव शरीर को एचआरटीसी बस के माध्यम से उनके पैतृक स्थान के लिए सम्मानपूर्वक रवाना किया गया।1
- यूपी और पंजाब के जलंधर के लिए रेलगाड़ी रवाना हो गई है।1
- भारत और इंग्लैंड के बीच खेले जा रहे दूसरे वनडे मुकाबले में मेजबान इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया है। यह मुकाबला कार्डिफ के सोफिया गार्डन्स मैदान पर खेला जा रहा है। संवाददाता आशीष मिश्रा के अनुसार, इस मैच में भारतीय खिलाड़ी केएल राहुल बीमार होने के कारण नहीं खेल रहे हैं और उनकी जगह टीम में ईशान को मौका दिया गया है। इसके साथ ही, भारतीय टीम का कार्डिफ में शानदार रिकॉर्ड रहा है और टीम इंडिया पिछले 15 सालों से इस मैदान पर कोई मैच नहीं हारी है।1
- ओडिशा के पुरी में जगन्नाथ रथयात्रा के दौरान 'पहांडी' रस्म के समय मची भगदड़ में एक श्रद्धालु की मौत हो गई है और 100 से ज्यादा लोग घायल हो गए हैं। संवाददाता आशीष मिश्रा के अनुसार, यह हादसा उस समय हुआ जब भगवान को रथ पर लाया जा रहा था। हादसे के वक्त तेज बारिश हो रही थी, लेकिन इसके बावजूद रथयात्रा मार्ग पर 10 लाख से अधिक लोगों की भारी भीड़ मौजूद थी।1