Shuru
Apke Nagar Ki App…
सूरत रेलवे स्टेशन के सामने, रुपाली गेस्ट हाउस के नीचे, भोजन सेवा उपलब्ध है जहाँ 500 ग्राम सब्जी का डब्बा ₹120 में मिलेगा। वहीं, यदि पनीर की सब्जी ली जाती है, तो 500 ग्राम के डब्बे का मूल्य ₹160 होगा।
Arbind Kumar
सूरत रेलवे स्टेशन के सामने, रुपाली गेस्ट हाउस के नीचे, भोजन सेवा उपलब्ध है जहाँ 500 ग्राम सब्जी का डब्बा ₹120 में मिलेगा। वहीं, यदि पनीर की सब्जी ली जाती है, तो 500 ग्राम के डब्बे का मूल्य ₹160 होगा।
More news from बिहार and nearby areas
- सूरत रेलवे स्टेशन के सामने, रुपाली गेस्ट हाउस के नीचे, भोजन सेवा उपलब्ध है जहाँ 500 ग्राम सब्जी का डब्बा ₹120 में मिलेगा। वहीं, यदि पनीर की सब्जी ली जाती है, तो 500 ग्राम के डब्बे का मूल्य ₹160 होगा।1
- धबेली पंचायत के लोधा बड़ी में इस वर्ष भी मुहर्रम बाजार का आयोजन शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। यह आयोजन हर साल की तरह इस बार भी बिना किसी व्यवधान के पूरा हुआ।1
- santosh Kalki Shiv Baba suandaranath dham sarakar 🏴☠️🧿🦴🦁🐯🏹🪈🔱🪓🇮🇳🪡🌺🌹🌿🐁☕🐒🐕🦺🚨🚓🕋🚔✝️🪯🕉️🐉🐢🐊🎡🪔🎠 me antim avatar hu.(kalki avatar.?) jey javan jey kisan 🇮🇳🪡🌺🌹🌿1
- मोहर्रम के अवसर पर सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा कर दिया गया है। इसी कड़ी में पुलिस ने फ्लैग मार्च निकाला, जिसके ज़रिए लोगों से शांति और सद्भाव बनाए रखने की अपील की गई।1
- बिहार पुलिस मुख्यालय के मद्यनिषेध एवं राज्य स्वापक नियंत्रण ब्यूरो के निर्देश के आलोक में, किशनगंज पुलिस ने अंतर्राष्ट्रीय नशा विमुक्ति दिवस 2026 के अवसर पर एक शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया। यह समारोह प्रातः 11:00 बजे पुलिस अधीक्षक, किशनगंज के निर्देशन में किशनगंज पुलिस के सभी थाना परिसरों में हुआ, जहाँ थानाध्यक्षों और थाना के पुलिस पदाधिकारियों व कर्मियों ने हिस्सा लिया। इस दौरान सभी ने नशा मुक्त समाज के निर्माण हेतु शपथ ली, जिसमें नशे से दूर रहने, समाज को नशामुक्त बनाने तथा आमजन को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने का संकल्प शामिल था।1
- प्रधानमंत्री बनने की इच्छा रखने वाले लोगों को 'मोदी जी' के बताए गए मंत्र को सीखने की सलाह दी गई है। यह निर्देश दिया गया है कि इस मंत्र का ठीक से उपयोग किया जाए, उसे हमेशा याद रखा जाए और उसे दूसरे वीडियो में सुना जाए।1
- किशनगंज जिले के नाम की रानी स्थित बड़ी मजार में मोहर्रम का पर्व धूमधाम से मनाया गया। इस मौके पर बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने पहुंचकर इबादत की और हजरत इमाम हुसैन की शहादत को शिद्दत से याद किया। पूरे इलाके में श्रद्धा और आपसी भाईचारे का माहौल देखने को मिला। स्थानीय लोगों ने बताया कि हर साल की तरह इस बार भी मोहर्रम को लेकर विशेष इंतजाम किए गए थे, जिसके परिणामस्वरूप लोगों ने शांति और सौहार्द के साथ कार्यक्रम में भाग लिया।2