Shuru
Apke Nagar Ki App…
फिरोजाबाद के वार्ड 58 में एक दुकान के पास लगातार कचरा और कीचड़ जमा होने से स्थानीय लोग परेशान हैं। निवासियों का कहना है कि कूड़ा नहीं उठने से मच्छरों की तादाद बढ़ गई है, जिससे बीमारियां फैलने का खतरा है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से इस समस्या के तत्काल समाधान की मांग की है।
Mubeen ali
फिरोजाबाद के वार्ड 58 में एक दुकान के पास लगातार कचरा और कीचड़ जमा होने से स्थानीय लोग परेशान हैं। निवासियों का कहना है कि कूड़ा नहीं उठने से मच्छरों की तादाद बढ़ गई है, जिससे बीमारियां फैलने का खतरा है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से इस समस्या के तत्काल समाधान की मांग की है।
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- फ़िरोज़ाबाद के जसराना में लू के थपेड़ों के बीच लक्की ट्रस्ट ने राहगीरों को ठंडा शरबत पिलाया। भीषण गर्मी में यह पहल इंसानियत का बेहतरीन उदाहरण बनी, जिससे लोगों को बड़ी राहत मिली।1
- फिरोजाबाद के थाना उत्तर पुलिस ने शहर में प्लेन मार्च निकाला। इस मार्च का मकसद लोगों को कानून व्यवस्था बनाए रखने और शांतिपूर्ण माहौल के प्रति जागरूक करना था।1
- फ़िरोज़ाबाद में हीटवेव अलर्ट फोन पर मिलने की सरकारी पहल को सराहा गया है, लेकिन गर्मी से राहत के इंतजामों पर सवाल उठ रहे हैं। राष्ट्रीय युवा वाहिनी के ज्ञापन के बाद कुछ चौराहों पर पानी व कूलर लगे, पर जैन मंदिर जैसे प्रमुख स्थानों पर पर्याप्त व्यवस्था न होने की शिकायत है।1
- उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद से देशव्यापी जनगणना 2026 के पहले चरण का शुभारंभ हो गया है। जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने बताया कि 'मकान सूचीकरण' के इस चरण में किसी भी कागजात की आवश्यकता नहीं होगी, लोगों को अफवाहों से बचना चाहिए। यह चरण 20 जून तक चलेगा, जिसमें घरों की बुनियादी जानकारी जुटाई जाएगी।1
- फिरोजाबाद के वार्ड 58 में एक दुकान के पास लगातार कचरा और कीचड़ जमा होने से स्थानीय लोग परेशान हैं। निवासियों का कहना है कि कूड़ा नहीं उठने से मच्छरों की तादाद बढ़ गई है, जिससे बीमारियां फैलने का खतरा है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से इस समस्या के तत्काल समाधान की मांग की है।1
- फिरोजाबाद में एक महिला पार्षद की तबीयत बिगड़ने के बावजूद मेयर राजनीतिक फोटो और वीडियो बनवाने में व्यस्त रहीं। इस घटना को लेकर महापौर के रवैये पर सवाल उठ रहे हैं।1
- फिरोजाबाद का कांच उद्योग वहां की महिलाओं की आर्थिक मजबूती का जरिया बन गया है। कभी सिर्फ चूड़ियों के लिए मशहूर इस शहर में अब कांच के सजावटी सामानों से महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं, जिससे हजारों परिवारों में खुशहाली आई है।1
- फिरोजाबाद में आज से घरों के डिजिटल सर्वे का एक बड़ा अभियान शुरू हो गया है। 5000 से अधिक अधिकारियों की टीम हर मकान का डिजिटल हिसाब लेने निकल चुकी है, ताकि कोई भी संपत्ति अनरजिस्टर्ड न रहे। यह कदम उत्तर प्रदेश में शहरी नियोजन और राजस्व संग्रह को बेहतर बनाने के लिए महत्वपूर्ण है।1