लघु सचिवालय पलवल में जनगणना प्रशिक्षण का हुआ आयोजन उपायुक्त डा. हरीश कुमार वशिष्ठ के मार्गदर्शन में जिला जनगणना समन्वय अधिकारी शिवम सिंह ने दी ट्रेनिंग पलवल आगामी जनगणना की तैयारियों को ध्यान में रखते हुए आज लघु सचिवालय पलवल में जिला अधिकारियों एवं चार्ज अधिकारियों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह प्रशिक्षण उपायुक्त पलवल डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ के मार्गदर्शन में आयोजित हुआ। प्रशिक्षण जिला जनगणना समन्वय अधिकारी शिवम सिंह द्वारा दिया गया, जिसमें जनगणना से जुड़े विभिन्न प्रशासनिक, तकनीकी और प्रबंधन से संबंधित पहलुओं पर विस्तार से जानकारी प्रदान की गई। जिला जनगणना समन्वय अधिकारी शिवम सिंह ने बताया कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम दो चरणों में आयोजित किया जा रहा है। इसका पहला चरण 10 और 11 मार्च को दो दिनों तक आयोजित किया जा रहा है, जबकि दूसरा चरण 25 मार्च को आयोजित किया जाएगा। प्रशिक्षण का उद्देश्य जनगणना कार्य से जुड़े अधिकारियों को इसकी प्रक्रिया, नियमों और डिजिटल माध्यम से होने वाले कार्यों के बारे में विस्तृत जानकारी देना है, ताकि आगामी जनगणना कार्य को जिले में व्यवस्थित और प्रभावी तरीके से पूरा किया जा सके। जनगणना की बेसिक जानकारी और कानूनी प्रावधानों पर दिया गया जोर प्रशिक्षण के दौरान चार्ज अधिकारियों को सबसे पहले जनगणना से संबंधित मूलभूत जानकारी प्रदान की गई। इसमें जनगणना की बेसिक डेफिनिशन, उसके उद्देश्य तथा जनगणना की प्रक्रिया के बारे में विस्तार से बताया गया। अधिकारियों को बताया गया कि जनगणना देश की एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है, जिसके माध्यम से देश की जनसंख्या, सामाजिक, आर्थिक और आवासीय स्थिति से संबंधित महत्वपूर्ण आंकड़े एकत्रित किए जाते हैं। प्रशिक्षण में जनगणना से जुड़े कानूनी प्रावधानों के बारे में भी जानकारी दी गई। अधिकारियों को बताया गया कि जनगणना का कार्य भारत सरकार द्वारा निर्धारित नियमों और कानूनों के तहत किया जाता है, जिनका पालन करना सभी अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए अनिवार्य होता है। इस दौरान यह भी स्पष्ट किया गया कि जनगणना के दौरान प्राप्त जानकारी पूरी तरह गोपनीय होती है और इसका उपयोग केवल सांख्यिकीय उद्देश्यों के लिए किया जाता है सीएमएमएस पोर्टल के माध्यम से होगा जनगणना कार्य का डिजिटल प्रबंधन प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों को जनगणना कार्य के प्रबंधन के लिए विकसित किए गए सीएमएमएस पोर्टल (जनगणना प्रबंधन और निगरानी प्रणाली) के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी गई। अधिकारियों को बताया गया कि आने वाली जनगणना में डिजिटल तकनीक का व्यापक रूप से उपयोग किया जाएगा और अधिकांश कार्य इसी पोर्टल के माध्यम से संचालित होंगे। प्रशिक्षण में बताया गया कि आगे चलकर गणनाकर्ताओं और पर्यवेक्षकों (सुपरवाइजरों) के प्रशिक्षण, हाउस लिस्टिंग एवं हाउसिंग से संबंधित कार्यों तथा अन्य जनगणना गतिविधियों का प्रबंधन इसी पोर्टल के माध्यम से किया जाएगा। इन सभी कार्यों का संचालन और निगरानी चार्ज अधिकारियों के स्तर पर की जाएगी। अधिकारियों को यह भी बताया गया कि जनगणना के डिजिटल स्वरूप को ध्यान में रखते हुए उन्हें इस पोर्टल के उपयोग की विस्तृत जानकारी दी जा रही है, ताकि भविष्य में जब जनगणना का कार्य शुरू हो तो इसे सुचारू और प्रभावी ढंग से संचालित किया जा सके। इस प्रशिक्षण के माध्यम से अधिकारियों को तकनीकी और प्रशासनिक दोनों स्तरों पर सक्षम बनाने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे जिले में जनगणना कार्य को सफलतापूर्वक संपन्न किया जा सके। प्रशिक्षण के दौरान जिला एवं प्रभार अधिकारियों ने मौजूद रहकर ट्रेनिंग ली।
लघु सचिवालय पलवल में जनगणना प्रशिक्षण का हुआ आयोजन उपायुक्त डा. हरीश कुमार वशिष्ठ के मार्गदर्शन में जिला जनगणना समन्वय अधिकारी शिवम सिंह ने दी ट्रेनिंग पलवल आगामी जनगणना की तैयारियों को ध्यान में रखते हुए आज लघु सचिवालय पलवल में जिला अधिकारियों एवं चार्ज अधिकारियों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह प्रशिक्षण उपायुक्त पलवल डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ के मार्गदर्शन में आयोजित हुआ। प्रशिक्षण जिला जनगणना समन्वय अधिकारी शिवम सिंह द्वारा दिया गया, जिसमें जनगणना से जुड़े विभिन्न प्रशासनिक, तकनीकी और प्रबंधन से संबंधित पहलुओं पर विस्तार से जानकारी प्रदान की गई। जिला जनगणना समन्वय अधिकारी शिवम सिंह ने बताया कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम दो चरणों में आयोजित किया जा रहा है। इसका पहला चरण 10 और 11 मार्च को दो दिनों तक आयोजित किया जा रहा है, जबकि दूसरा चरण 25 मार्च को आयोजित किया जाएगा। प्रशिक्षण का उद्देश्य जनगणना कार्य से जुड़े अधिकारियों को इसकी प्रक्रिया, नियमों और डिजिटल माध्यम से होने वाले कार्यों के बारे में विस्तृत जानकारी देना है, ताकि आगामी जनगणना कार्य को जिले में व्यवस्थित और प्रभावी तरीके से पूरा किया जा सके। जनगणना की बेसिक जानकारी और कानूनी प्रावधानों पर दिया गया जोर प्रशिक्षण के दौरान चार्ज अधिकारियों को सबसे पहले जनगणना से संबंधित मूलभूत जानकारी प्रदान की गई। इसमें जनगणना की बेसिक डेफिनिशन, उसके उद्देश्य तथा जनगणना की प्रक्रिया के बारे में विस्तार से बताया गया। अधिकारियों को बताया गया कि जनगणना देश की एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है, जिसके माध्यम से देश की जनसंख्या, सामाजिक, आर्थिक और आवासीय स्थिति से संबंधित महत्वपूर्ण आंकड़े एकत्रित किए जाते हैं। प्रशिक्षण में जनगणना से जुड़े कानूनी प्रावधानों के बारे में भी जानकारी दी गई। अधिकारियों को बताया गया कि जनगणना का कार्य भारत सरकार द्वारा निर्धारित नियमों और कानूनों के तहत किया जाता है, जिनका पालन करना सभी अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए अनिवार्य होता है। इस दौरान यह भी स्पष्ट किया गया कि जनगणना के दौरान प्राप्त जानकारी पूरी तरह गोपनीय होती है और इसका उपयोग केवल सांख्यिकीय उद्देश्यों के लिए किया जाता है सीएमएमएस पोर्टल के माध्यम से होगा जनगणना कार्य का डिजिटल प्रबंधन प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों को जनगणना कार्य के प्रबंधन के लिए विकसित किए गए सीएमएमएस पोर्टल (जनगणना प्रबंधन और निगरानी प्रणाली) के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी गई। अधिकारियों को बताया गया कि आने वाली जनगणना में डिजिटल तकनीक का व्यापक रूप से उपयोग किया जाएगा और अधिकांश कार्य इसी पोर्टल के माध्यम से संचालित होंगे। प्रशिक्षण में बताया गया कि आगे चलकर गणनाकर्ताओं और पर्यवेक्षकों (सुपरवाइजरों) के प्रशिक्षण, हाउस लिस्टिंग एवं हाउसिंग से संबंधित कार्यों तथा अन्य जनगणना गतिविधियों का प्रबंधन इसी पोर्टल के माध्यम से किया जाएगा। इन सभी कार्यों का संचालन और निगरानी चार्ज अधिकारियों के स्तर पर की जाएगी। अधिकारियों को यह भी बताया गया कि जनगणना के डिजिटल स्वरूप को ध्यान में रखते हुए उन्हें इस पोर्टल के उपयोग की विस्तृत जानकारी दी जा रही है, ताकि भविष्य में जब जनगणना का कार्य शुरू हो तो इसे सुचारू और प्रभावी ढंग से संचालित किया जा सके। इस प्रशिक्षण के माध्यम से अधिकारियों को तकनीकी और प्रशासनिक दोनों स्तरों पर सक्षम बनाने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे जिले में जनगणना कार्य को सफलतापूर्वक संपन्न किया जा सके। प्रशिक्षण के दौरान जिला एवं प्रभार अधिकारियों ने मौजूद रहकर ट्रेनिंग ली।
- पलवल आगामी जनगणना की तैयारियों को ध्यान में रखते हुए आज लघु सचिवालय पलवल में जिला अधिकारियों एवं चार्ज अधिकारियों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह प्रशिक्षण उपायुक्त पलवल डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ के मार्गदर्शन में आयोजित हुआ। प्रशिक्षण जिला जनगणना समन्वय अधिकारी शिवम सिंह द्वारा दिया गया, जिसमें जनगणना से जुड़े विभिन्न प्रशासनिक, तकनीकी और प्रबंधन से संबंधित पहलुओं पर विस्तार से जानकारी प्रदान की गई। जिला जनगणना समन्वय अधिकारी शिवम सिंह ने बताया कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम दो चरणों में आयोजित किया जा रहा है। इसका पहला चरण 10 और 11 मार्च को दो दिनों तक आयोजित किया जा रहा है, जबकि दूसरा चरण 25 मार्च को आयोजित किया जाएगा। प्रशिक्षण का उद्देश्य जनगणना कार्य से जुड़े अधिकारियों को इसकी प्रक्रिया, नियमों और डिजिटल माध्यम से होने वाले कार्यों के बारे में विस्तृत जानकारी देना है, ताकि आगामी जनगणना कार्य को जिले में व्यवस्थित और प्रभावी तरीके से पूरा किया जा सके। जनगणना की बेसिक जानकारी और कानूनी प्रावधानों पर दिया गया जोर प्रशिक्षण के दौरान चार्ज अधिकारियों को सबसे पहले जनगणना से संबंधित मूलभूत जानकारी प्रदान की गई। इसमें जनगणना की बेसिक डेफिनिशन, उसके उद्देश्य तथा जनगणना की प्रक्रिया के बारे में विस्तार से बताया गया। अधिकारियों को बताया गया कि जनगणना देश की एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है, जिसके माध्यम से देश की जनसंख्या, सामाजिक, आर्थिक और आवासीय स्थिति से संबंधित महत्वपूर्ण आंकड़े एकत्रित किए जाते हैं। प्रशिक्षण में जनगणना से जुड़े कानूनी प्रावधानों के बारे में भी जानकारी दी गई। अधिकारियों को बताया गया कि जनगणना का कार्य भारत सरकार द्वारा निर्धारित नियमों और कानूनों के तहत किया जाता है, जिनका पालन करना सभी अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए अनिवार्य होता है। इस दौरान यह भी स्पष्ट किया गया कि जनगणना के दौरान प्राप्त जानकारी पूरी तरह गोपनीय होती है और इसका उपयोग केवल सांख्यिकीय उद्देश्यों के लिए किया जाता है सीएमएमएस पोर्टल के माध्यम से होगा जनगणना कार्य का डिजिटल प्रबंधन प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों को जनगणना कार्य के प्रबंधन के लिए विकसित किए गए सीएमएमएस पोर्टल (जनगणना प्रबंधन और निगरानी प्रणाली) के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी गई। अधिकारियों को बताया गया कि आने वाली जनगणना में डिजिटल तकनीक का व्यापक रूप से उपयोग किया जाएगा और अधिकांश कार्य इसी पोर्टल के माध्यम से संचालित होंगे। प्रशिक्षण में बताया गया कि आगे चलकर गणनाकर्ताओं और पर्यवेक्षकों (सुपरवाइजरों) के प्रशिक्षण, हाउस लिस्टिंग एवं हाउसिंग से संबंधित कार्यों तथा अन्य जनगणना गतिविधियों का प्रबंधन इसी पोर्टल के माध्यम से किया जाएगा। इन सभी कार्यों का संचालन और निगरानी चार्ज अधिकारियों के स्तर पर की जाएगी। अधिकारियों को यह भी बताया गया कि जनगणना के डिजिटल स्वरूप को ध्यान में रखते हुए उन्हें इस पोर्टल के उपयोग की विस्तृत जानकारी दी जा रही है, ताकि भविष्य में जब जनगणना का कार्य शुरू हो तो इसे सुचारू और प्रभावी ढंग से संचालित किया जा सके। इस प्रशिक्षण के माध्यम से अधिकारियों को तकनीकी और प्रशासनिक दोनों स्तरों पर सक्षम बनाने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे जिले में जनगणना कार्य को सफलतापूर्वक संपन्न किया जा सके। प्रशिक्षण के दौरान जिला एवं प्रभार अधिकारियों ने मौजूद रहकर ट्रेनिंग ली।1
- गदपुरी टोल प्लाजा के पास बनेगा हरियाणा रोडवेज का बस अड्डा... विधानसभा में विधायक रघुबीर तेवतिया की मांग पर मुख्यमंत्री की मंजूरी पृथला विधानसभा क्षेत्र के कांग्रेस विधायक रघुबीर तेवतिया द्वारा विधानसभा सत्र में उठाए गए मुद्दे के बाद पृथला-गदपुरी टोल प्लाजा के पास हरियाणा रोडवेज का बस अड्डा बनाए जाने को मंजूरी मिल गई है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सदन में इस प्रस्ताव को स्वीकार करते हुए बस अड्डा बनाने की स्वीकृति दे दी। विधानसभा में विधायक रघुबीर तेवतिया ने कहा कि National Highway 19 पर पलवल से बल्लभगढ़ तक लगभग 20 किलोमीटर का क्षेत्र पृथला विधानसभा के अंतर्गत आता है। इस मार्ग पर आल्हापुर, बघौला, पृथला, सीकरी और झाडसेंतली जैसे बड़े फ्लाईओवर बन चुके हैं। फ्लाईओवर बनने के बाद हरियाणा रोडवेज की बसें पुलों के ऊपर से गुजर जाती हैं, जिसके कारण नीचे बसे गांवों के बस स्टॉप पर बसें नहीं रुक पातीं और आसपास के लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। विधायक ने मांग रखी कि रोडवेज बसों को पुलों के नीचे से चलाया जाए ताकि आसपास के लगभग 50 गांवों के लोगों को सीधा लाभ मिल सके और वे आसानी से फरीदाबाद, दिल्ली, चंडीगढ़ सहित अन्य शहरों तक यात्रा कर सकें। साथ ही उन्होंने पृथला-गदपुरी टोल प्लाजा के पास गदपुरी में हरियाणा रोडवेज का बस अड्डा बनाए जाने की मांग भी रखी। इस मुद्दे पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सदन में खड़े होकर बस अड्डा बनाने की मंजूरी दे दी। वहीं विधानसभा अध्यक्ष हरविंद्र कल्याण ने भी इस प्रस्ताव का समर्थन किया। सरकार की ओर से विकास एवं पंचायत मंत्री ने भी आश्वासन दिया कि हाईवे पर बने पुलों के पास हरियाणा रोडवेज के इंस्पेक्टर की ड्यूटी लगाई जाएगी ताकि बसों का संचालन पुलों के नीचे से कराया जा सके और गांवों के यात्रियों को सुविधा मिल सके। विधायक रघुबीर तेवतिया ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि वह विपक्ष के विधायक जरूर हैं, लेकिन जनता ने उन्हें अपने क्षेत्र के विकास के लिए चुना है। इसलिए वह जनहित के मुद्दों को सड़क से लेकर विधानसभा तक लगातार उठाते रहेंगे। उन्होंने कहा कि पृथला क्षेत्र के विकास और लोगों की सुविधाओं के लिए उनकी लड़ाई आगे भी जारी रहेगी।3
- बढ़ा महेशपुर में प्रॉपर्टी विवाद ने लिया हिंसक रूप, दो पक्षों में लाठी-डंडे चले, एक दर्जन घायल . . . . #palwaliya________♠️♠️ #hodal #news #faridabad #ncrnews1
- Post by माथुर पत्रकार1
- बिरला को पद से हटाने का ओवैसी संकल्प, विपक्ष को शाह की फटकार, इंदिरा,नेहरू को गालिरों पर माइक चालू- राजीव राय, गांधी परिवार में पैदा होने वाला ही राजा बोले निशिकांत, देश में फ्यूल की कमी नहीं - गोयल और राजनाथ सिंह ने मिलिट्री विजन डॉक्यूमेंट जारी किया..... देखिए देश दुनिया की छ बड़ी खबरें राजपथ न्यूज़ पर....1
- गांव रौनीजा पर गौतम बुध नगर में यमुना औद्योगिक विकास प्राधिकरण की समस्याओं को लेकर 9माह से चल रहा धरना1
- गांव रौनीजा पर गौतम बुध नगर में यमुना औद्योगिक विकास प्राधिकरण की समस्याओं को लेकर 9माह से चल रहा धरना । फीता काट सरकार की समझ में नहीं आ रहा है।1
- नीतीश कुमार एक दिव्यांग होने के बावजूद भी मां के सहयोग और आशीर्वाद से यूपीएससी की परीक्षा पास कर सर्व समाज को ऐसा संदेश दे दिया है की जो संकल्प कर ले वह निश्चित तौर पर सफलता के पास होता है महेंद्रगढ़ में आज नीतीश पूरी तरह से चर्चित है। उनकी कठोर मेहनत ने पूरे परिवार का नाम रोशन किया है।3