नागौर के भेरूंदा अंतर्गत ग्राम पंचायत राजलौता में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर में 22 विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों ने ग्रामीणों को एक ही छत के नीचे विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाया। इस सोमवार को आयोजित हुए शिविर में अधिकारियों ने ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया और विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाया। शिविर में उपखंड अधिकारी मूलचंद लूनिया, विकास अधिकारी भंवरलाल सिंघाड़िया और तहसीलदार सतीश राव सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। इस दौरान जिला उद्योग केंद्र द्वारा 20 प्रशिक्षणार्थियों को कौशल प्रशिक्षण प्रमाण पत्र वितरित किए गए, ताकि उन्हें स्वरोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाया जा सके। इसके अलावा, शिविर में पात्र परिवारों को गृह स्वामित्व पट्टों का वितरण किया गया, गर्भवती महिलाओं की गोद भराई की रस्म निभाई गई और नवजात बालिकाओं का जन्मोत्सव भी मनाया गया। राजस्व विभाग ने मौके पर ही बड़ी राहत देते हुए 15 शुद्धिकरण, 13 नामांतरण और एक बंटवारा प्रकरण का निस्तारण किया, जिसमें करीब 20 से 25 वर्ष पुराना बंटवारा विवाद भी शामिल था। इसके साथ ही ग्रामीणों के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, किसान आईडी और जाति प्रमाण पत्र भी जारी किए गए। स्वास्थ्य सेवाओं के मामले में चिकित्सा विभाग ने 250 से 300 मरीजों की जांच कर उपचार उपलब्ध कराया, जबकि आयुर्वेद विभाग ने करीब 50 मरीजों को निःशुल्क औषधियों का वितरण किया। एक ही स्थान पर विभिन्न विभागों की सेवाएं मिलने पर स्थानीय ग्रामीणों ने राज्य सरकार की इस पहल की सराहना की है। त्वरित राजस्व निस्तारण, कौशल विकास और पट्टा वितरण के साथ यह शिविर ग्रामीणों के लिए सुविधा का बड़ा केंद्र साबित हुआ।
नागौर के भेरूंदा अंतर्गत ग्राम पंचायत राजलौता में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर में 22 विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों ने ग्रामीणों को एक ही छत के नीचे विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाया। इस सोमवार को आयोजित हुए शिविर में अधिकारियों ने ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया और विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाया। शिविर में उपखंड अधिकारी मूलचंद लूनिया, विकास अधिकारी भंवरलाल सिंघाड़िया और तहसीलदार सतीश राव सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। इस दौरान जिला उद्योग केंद्र द्वारा 20
प्रशिक्षणार्थियों को कौशल प्रशिक्षण प्रमाण पत्र वितरित किए गए, ताकि उन्हें स्वरोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाया जा सके। इसके अलावा, शिविर में पात्र परिवारों को गृह स्वामित्व पट्टों का वितरण किया गया, गर्भवती महिलाओं की गोद भराई की रस्म निभाई गई और नवजात बालिकाओं का जन्मोत्सव भी मनाया गया। राजस्व विभाग ने मौके पर ही बड़ी राहत देते हुए 15 शुद्धिकरण, 13 नामांतरण और एक बंटवारा प्रकरण का निस्तारण किया, जिसमें करीब 20 से 25 वर्ष पुराना बंटवारा विवाद भी शामिल था। इसके साथ ही ग्रामीणों के लिए प्रधानमंत्री
किसान सम्मान निधि, किसान आईडी और जाति प्रमाण पत्र भी जारी किए गए। स्वास्थ्य सेवाओं के मामले में चिकित्सा विभाग ने 250 से 300 मरीजों की जांच कर उपचार उपलब्ध कराया, जबकि आयुर्वेद विभाग ने करीब 50 मरीजों को निःशुल्क औषधियों का वितरण किया। एक ही स्थान पर विभिन्न विभागों की सेवाएं मिलने पर स्थानीय ग्रामीणों ने राज्य सरकार की इस पहल की सराहना की है। त्वरित राजस्व निस्तारण, कौशल विकास और पट्टा वितरण के साथ यह शिविर ग्रामीणों के लिए सुविधा का बड़ा केंद्र साबित हुआ।
- नागौर के भेरूंदा अंतर्गत ग्राम पंचायत राजलौता में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर में 22 विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों ने ग्रामीणों को एक ही छत के नीचे विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाया। इस सोमवार को आयोजित हुए शिविर में अधिकारियों ने ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया और विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाया। शिविर में उपखंड अधिकारी मूलचंद लूनिया, विकास अधिकारी भंवरलाल सिंघाड़िया और तहसीलदार सतीश राव सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। इस दौरान जिला उद्योग केंद्र द्वारा 20 प्रशिक्षणार्थियों को कौशल प्रशिक्षण प्रमाण पत्र वितरित किए गए, ताकि उन्हें स्वरोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाया जा सके। इसके अलावा, शिविर में पात्र परिवारों को गृह स्वामित्व पट्टों का वितरण किया गया, गर्भवती महिलाओं की गोद भराई की रस्म निभाई गई और नवजात बालिकाओं का जन्मोत्सव भी मनाया गया। राजस्व विभाग ने मौके पर ही बड़ी राहत देते हुए 15 शुद्धिकरण, 13 नामांतरण और एक बंटवारा प्रकरण का निस्तारण किया, जिसमें करीब 20 से 25 वर्ष पुराना बंटवारा विवाद भी शामिल था। इसके साथ ही ग्रामीणों के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, किसान आईडी और जाति प्रमाण पत्र भी जारी किए गए। स्वास्थ्य सेवाओं के मामले में चिकित्सा विभाग ने 250 से 300 मरीजों की जांच कर उपचार उपलब्ध कराया, जबकि आयुर्वेद विभाग ने करीब 50 मरीजों को निःशुल्क औषधियों का वितरण किया। एक ही स्थान पर विभिन्न विभागों की सेवाएं मिलने पर स्थानीय ग्रामीणों ने राज्य सरकार की इस पहल की सराहना की है। त्वरित राजस्व निस्तारण, कौशल विकास और पट्टा वितरण के साथ यह शिविर ग्रामीणों के लिए सुविधा का बड़ा केंद्र साबित हुआ।3
- नागौर के रियांबड़ी में राज्य सरकार के 'हरियालो राजस्थान' अभियान के तहत सोमवार को सीबीईओ कार्यालय परिसर में वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम के दौरान मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (सीबीईओ) प्रहलादराम तानाण ने वटवृक्ष का पौधा लगाया। उन्होंने ब्लॉक के सभी विद्यालयों में अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी नियमित देखभाल सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए सीबीईओ प्रहलादराम तानाण ने कहा कि वृक्ष प्रकृति का अमूल्य उपहार हैं और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में इनकी महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी सुरक्षा और संरक्षण करना भी उतना ही आवश्यक है। उन्होंने सभी शिक्षकों और कार्मिकों से विद्यार्थियों को पौधारोपण के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया, ताकि पर्यावरण संरक्षण एक जनआंदोलन का रूप ले सके। कार्यक्रम में पीएमश्री राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय, रियांबड़ी के प्राचार्य प्रहलादराम बालोटिया, व्याख्याता घनश्याम चौहान, संदर्भ व्यक्ति मदनलाल भदाल, अतिरिक्त प्रशासनिक अधिकारी भावेश कुमार, सेवानिवृत्त प्राचार्य घनश्याम और रवि सहित शिक्षा विभाग के अन्य अधिकारी व कार्मिक उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने वटवृक्ष का पौधा लगाकर हरियाली बढ़ाने और लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल करने का संकल्प लिया। अधिकारियों ने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य प्रदेश में हरित क्षेत्र का विस्तार करना, पर्यावरण संरक्षण के प्रति जनजागरूकता बढ़ाना और आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराना है।1
- बीकानेर में एक रैपिडो ड्राइवर द्वारा अतिरिक्त रुपयों की मांग किए जाने का मामला सामने आया है। सफर के दौरान चालक ने तय किराए से अलग और ज्यादा पैसों की मांग की है।1
- राजस्थान के पीसांगन उपखंड क्षेत्र के डोडियाना में शिविर प्रभारी एवं एसडीएम राजीव बड़गूजर के सानिध्य में जन कल्याण शिविर के अंतर्गत ग्रामीण सेवा शिविर का सफल आयोजन किया गया। इस शिविर में तहसीलदार भागीरथ चौधरी, विकास अधिकारी महेंद्र कुमार मालाकार, अतिरिक्त विकास अधिकारी चन्द्रनारायन चौधरी और प्रशासक मेहता चीता भी मौजूद रहे। शिविर में पहुंचे 22 विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों ने ग्रामीणों की समस्याओं को सुना और मौके पर ही उनका त्वरित निस्तारण कर राहत पहुंचाई। शिविर प्रभारी राजीव बड़गूजर के अनुसार, शिविर के दौरान राजस्व विभाग के 89, खाद्य सुरक्षा के 22 और पंचायती राज के तहत 14 पट्टों का वितरण किया गया, जबकि 5 सोखते गड्ढे स्वीकृत किए गए। इसके अलावा राजीविका के 7, ऊर्जा विभाग के 17, पीएचईडी के 18, शिक्षा विभाग के 23, समाज कल्याण विभाग के 15, आयोजना विभाग के 9 और प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के 7 मामलों का मौके पर ही निस्तारण किया गया। शिविर में 15 लोगों के रोडवेज बस यात्रा के पास भी बनाए गए। स्वास्थ्य सेवाओं के तहत चिकित्सा विभाग द्वारा 183 लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण कर उन्हें दवाएं दी गईं, आयुर्वेद पद्धति से 50 लोगों का इलाज किया गया और पशुपालन विभाग द्वारा 90 पशुपालकों को लाभान्वित किया गया। शिविर प्रभारी ने बताया कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की मंशानुरूप आयोजित इस शिविर में ग्रामीणों को विकसित भारत जीरामजी योजना की जानकारी दी गई। इसके साथ ही महिला सशक्तिकरण के तहत महिलाओं को विभिन्न सरकारी योजनाओं के बारे में बताकर उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया गया और मानसून पूर्व तैयारियों की समीक्षा भी की गई। ग्रामीणों को घर बैठे एक ही स्थान पर इन सभी विभागों की सेवाएं मिलने से भारी सहूलियत हुई है।3
- अजमेर के जिला एवं सेशन न्यायालय को एक बार फिर बम से उड़ाने की धमकी भरा ईमेल मिलने से हड़कंप मच गया है। इस धमकी भरे ईमेल की सूचना मिलते ही सिविल लाइन थाना पुलिस, एटीएस, सिविल डिफेंस, बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड तुरंत मौके पर पहुंच गए। सुरक्षा बलों ने एहतियात के तौर पर पूरे न्यायालय परिसर को तुरंत खाली करा दिया। परिसर को खाली कराने के बाद सुरक्षा बलों द्वारा मेटल डिटेक्टर और डॉग स्क्वायड की मदद से घंटों तक सघन तलाशी अभियान चलाया गया। हालांकि, इस गहन तलाशी के दौरान कोर्ट परिसर से कोई भी संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई है। फिलहाल पुलिस इस धमकी भरे ईमेल को भेजने वाले व्यक्ति की पहचान करने और पूरे मामले की जांच करने में जुटी हुई है।1
- नागौर के डेह रोड पर गोरखनाथ मंदिर के पास स्थित निर्मल ट्रेडिंग कंपनी नामक फर्नीचर व सोफे की दुकान में देर रात भीषण आग लग गई। इस भीषण आगजनी के मामले में अब एक नया मोड़ आया है, जहां घटना के सीसीटीवी फुटेज में दो अज्ञात युवक नजर आए हैं। सीसीटीवी फुटेज सामने आने के बाद अब पुलिस फुटेज के आधार पर इन दोनों अज्ञात युवकों की तलाश में जुट गई है।1
- बाड़मेर-जोधपुर नेशनल हाईवे पर बालोतरा में हुए एक भीषण सड़क हादसे में कानोड़ निवासी 5 युवाओं की दर्दनाक मृत्यु हो गई है, जबकि 3 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। यह सभी युवक जोधपुर में भोमियाजी के दर्शन कर वापस लौट रहे थे, तभी यह बेहद दुखद हादसा हुआ। बताया जा रहा है कि इन युवाओं की तेज रफ्तार स्कॉर्पियो आगे चल रहे डंपर से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि पीड़ित वाहन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया।1