Shuru
Apke Nagar Ki App…
पष्चिम चंपारण के समाहरणालय सभागार में 4 जुलाई, 2026 को माननीय जिला पदाधिकारी श्री तरण जोत सिंह ने उद्यमियों के साथ एक संवाद कार्यक्रम आयोजित किया। इस अवसर पर, उद्यमियों ने खुलकर अपने सुझाव साझा किए और अपनी विभिन्न समस्याओं से जिला प्रशासन को अवगत कराया।
Vivek Kumar
पष्चिम चंपारण के समाहरणालय सभागार में 4 जुलाई, 2026 को माननीय जिला पदाधिकारी श्री तरण जोत सिंह ने उद्यमियों के साथ एक संवाद कार्यक्रम आयोजित किया। इस अवसर पर, उद्यमियों ने खुलकर अपने सुझाव साझा किए और अपनी विभिन्न समस्याओं से जिला प्रशासन को अवगत कराया।
More news from बिहार and nearby areas
- पष्चिम चंपारण के समाहरणालय सभागार में 4 जुलाई, 2026 को माननीय जिला पदाधिकारी श्री तरण जोत सिंह ने उद्यमियों के साथ एक संवाद कार्यक्रम आयोजित किया। इस अवसर पर, उद्यमियों ने खुलकर अपने सुझाव साझा किए और अपनी विभिन्न समस्याओं से जिला प्रशासन को अवगत कराया।1
- मझौलिया से एक बोलेरो गाड़ी सहित 1 क्विंटल 26 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया है। इस कार्रवाई में दो गांजा तस्करों को भी गिरफ्तार किया गया है।1
- बेतिया में मुजफ्फरपुर-नरकटियागंज रेलखंड के बेतिया-मझौलिया सेक्शन के दोहरीकरण कार्य ने शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी (सीआरएस) गुरु प्रकाश ने वरिष्ठ रेल अधिकारियों की टीम के साथ इस रेलखंड का विस्तृत निरीक्षण किया और 120 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से स्पीड ट्रायल सफलतापूर्वक संपन्न कराया। निरीक्षण के दौरान, सीआरएस ने ट्रैक, सिग्नल प्रणाली, इंटरलॉकिंग व्यवस्था, रेलवे क्रॉसिंग, स्टेशन परिसर और पैनल रूम सहित सभी तकनीकी एवं सुरक्षा व्यवस्थाओं का गहन परीक्षण किया। अधिकारियों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता और सुरक्षा मानकों की भी बारीकी से जांच की। मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) ज्योति प्रकाश मिश्रा भी 11 ट्रॉली के काफिले के साथ बेतिया से मझौलिया स्टेशन तक ट्रैक का निरीक्षण करने पहुंचे, जहाँ उन्होंने बताया कि दोहरीकरण कार्य को अंतिम रूप देने के लिए सभी तकनीकी पहलुओं की जांच पूरी कर ली गई है। मझौलिया स्टेशन पर करीब दो घंटे 33 मिनट के निरीक्षण के बाद, शाम 3:55 बजे सीआरएस स्पेशल ट्रेन बेतिया के लिए रवाना हुई। इस दौरान ट्रेन को लगभग 120 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलाकर स्पीड ट्रायल किया गया, जिसका मुख्य उद्देश्य ट्रैक की गुणवत्ता, स्थिरता और सुरक्षा मानकों का परीक्षण करना था। निरीक्षण और स्पीड ट्रायल के मद्देनजर, पूरे दिन बेतिया-मझौलिया रेलखंड पर ट्रेनों का परिचालन अस्थायी रूप से बंद रहा। इस अवसर पर सीनियर डिविजनल इंजीनियर विजय प्रकाश, सीएफओ शैलेन्द्र प्रसाद, सीईएनडी अनिल कुमार, सीनियर डीएन (समन्वय) संजय कुमार, डिप्टी चीफ इंजीनियर अजय कुमार, अधिशासी अभियंता निर्मल सलहाता सहित रेलवे एवं निर्माण एजेंसियों के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। सफल निरीक्षण और स्पीड ट्रायल के बाद बेतिया-मझौलिया दोहरी रेललाइन पर जल्द ही नियमित परिचालन शुरू होने की उम्मीद बढ़ गई है, जिससे इस रेलखंड पर ट्रेनों की आवाजाही अधिक सुगम होगी और यात्रियों के साथ-साथ मालगाड़ियों के संचालन में भी सुविधा मिलेगी।1
- मझौलिया थाना पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 1 क्विंटल 24 किलो 600 ग्राम गांजा बरामद किया है। इस दौरान पुलिस ने गांजे के साथ एक बोलेरो वाहन जब्त किया और दो तस्करों को भी गिरफ्तार किया। पुलिस निरीक्षक सह थानाध्यक्ष अमर कुमार ने बताया कि पुलिस को चैलाभार क्षेत्र से एक बोलेरो में भारी मात्रा में गांजा की खेप ले जाने की सूचना मिली थी। इस सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने वाहन की घेराबंदी कर जांच की। तलाशी के दौरान, बोलेरो (रजिस्ट्रेशन संख्या BR-06P-8648) से कुल 10 बोरियों में रखा गया 1 क्विंटल 24 किलो 600 ग्राम गांजा बरामद किया गया, जिसके बाद गांजा और बोलेरो दोनों को जब्त कर लिया गया। गिरफ्तार किए गए तस्करों की पहचान दीपक प्रसाद (पिता पारस साह, निवासी कौड़ीहार चौक, रक्सौल जिला पूर्वी चंपारण) और अनुज कुमार (पिता पन्नालाल पासवान, निवासी आईटीआई, बेतिया पश्चिम चंपारण) के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों आरोपितों से गांजा की खेप के स्रोत, गंतव्य और इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के बारे में पूछताछ की है। प्रारंभिक पूछताछ के आधार पर पुलिस आगे की कार्रवाई में जुटी है। थानाध्यक्ष ने बताया कि गिरफ्तार दोनों आरोपितों का मेडिकल परीक्षण कराकर उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। इस मामले में संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि गांजा की इतनी बड़ी खेप कहां से लाई गई थी और इसे किस स्थान तक पहुंचाया जाना था। इस पूरी कार्रवाई को मझौलिया पुलिस की एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।2
- योगापट्टी प्रखंड के सिसवा गांव में शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे एक महिला की अस्पताल ले जाते समय रास्ते में मौत हो गई। मृतका की पहचान तिरत चौधरी की पत्नी लालसा देवी के रूप में हुई है। परिजनों ने आरोप लगाया है कि चावड़ा सरेह के पास शिक्षक मोहन गोंड के बेटे बब्लू कुमार समेत कुछ लोगों ने उनकी गाड़ी रोक दी, जिससे इलाज में देरी हुई और लालसा देवी ने दम तोड़ दिया। परिजनों ने गांव के विनय कुमार और सिपाही कुमार सहित अन्य लोगों पर भी घटना में शामिल होने का आरोप लगाया है। ग्रामीणों के अनुसार, दोनों पक्षों के बीच पहले से ही विवाद चल रहा था। इस घटना के बाद आक्रोशित परिजनों ने शव को कथित आरोपी के घर के सामने रखकर प्रदर्शन किया और दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की। सूचना मिलने पर श्रीनगर थाना प्रभारी अमित कुमार पाल मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि अब तक इस मामले में कोई लिखित आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है, और परिजनों ने शव का पोस्टमॉर्टम कराने से भी इनकार कर दिया है।1
- इलेक्ट्रिक रिक्शा पर नियंत्रण को लेकर एक नया और वायरल ट्रेंड सामने आया है, जिस पर उच्च स्तर की सतर्कता बनाए रखने की बात कही जा रही है।1
- बेतिया स्थित समाहरणालय सभागार में नशा मुक्त भारत अभियान कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम माननीय श्री काजले वैभव नितिन, उप विकास आयुक्त, की अध्यक्षता में संपन्न हुआ। कार्यक्रम 04 जुलाई, 2026 को आयोजित किया गया।1
- नरकटियागंज से पशु क्रूरता की एक ऐसी दर्दनाक तस्वीर सामने आई है, जिसने इंसानियत को झकझोर कर रख दिया है। शुक्रवार देर रात शिकारपुर थाना क्षेत्र के मझरिया गाँव में एक छोटे पिकअप वाहन में 12 मवेशियों को बेरहमी से ठूंस-ठूंसकर ले जाया जा रहा था। वाहन के भीतर बेजुबान जानवरों की हालत बेहद दयनीय थी; वे न तो ठीक से खड़े हो पा रहे थे और न ही हिल-डुल पा रहे थे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पिकअप वाहन को दो मंजिला ढंग से संशोधित किया गया था ताकि मवेशियों को बेहद अमानवीय तरीके से ठूंसा जा सके, जिससे अंदर दम घुटने जैसी स्थिति बन गई थी। लंबे समय तक इस हालत में रहने के कारण कई मवेशियों की स्थिति गंभीर हो गई थी और वाहन से उतारे जाने के बाद वे अपने पैरों पर खड़े तक नहीं हो पा रहे थे। ग्रामीणों की नजर जैसे ही इस संदिग्ध पिकअप वाहन पर पड़ी, उन्होंने उसे रोकने का प्रयास किया। हालांकि, खुद को घिरता देख पशु तस्कर अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गए। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने वाहन के टायरों की हवा निकाल दी और तुरंत पुलिस को इसकी सूचना दी। सूचना मिलने पर शिकारपुर थाना पुलिस मौके पर पहुँची और पिकअप वाहन को जब्त कर लिया। पुलिस ने मामले की जाँच शुरू कर दी है, वहीं ग्रामीणों ने दोषियों की जल्द गिरफ्तारी और इस पशु क्रूरता में शामिल लोगों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।1