बाल विवाह मुक्त भारत: सुरक्षित बचपन, सशक्त भविष्य बाल विवाह मुक्त भारत कार्यक्रम का सफल आयोजन उत्तर प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग थाना पुलिस लाइन एवं तरुण चेतना संस्थान, प्रतापगढ़ के संयुक्त तत्वाधान में पट्टी विकास खंड क्षेत्र के ग्राम सेवापट्टी में “बाल विवाह मुक्त भारत” कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में बाल विवाह जैसी कुप्रथा के प्रति जागरूकता फैलाना तथा इसे जड़ से समाप्त करने के लिए सामूहिक प्रयासों को मजबूत करना रहा। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग थाना के प्रभारी संजय यादव ने बाल विवाह के दुष्परिणामों एवं इससे जुड़े कानूनी प्रावधानों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि बाल विवाह न केवल बच्चों के भविष्य को प्रभावित करता है, बल्कि यह कानूनन अपराध भी है। उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों से अपील की कि वे बाल विवाह जैसी कुरीति को रोकने में पुलिस प्रशासन का सहयोग करें। इसी क्रम में तरुण चेतना संस्थान की निदेशक नसीम अंसारी ने बाल विवाह के सामाजिक, शैक्षिक एवं स्वास्थ्य संबंधी दुष्प्रभावों पर विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने बालिकाओं की शिक्षा एवं सशक्तिकरण पर बल देते हुए कहा कि जागरूक समाज ही बाल विवाह मुक्त भारत के लक्ष्य को प्राप्त कर सकता है। उपस्थिति लोगों कल रविवार को हादीहाल प्रतापगढ़ में होने राष्ट्रीय लोक अदालत के विषय में भी बताया गया। कार्यक्रम में तरुण चेतना के सह-निदेशक हकीम अंसारी, कांस्टेबल तौसीफ रजा, संदीप कुमार, हमारा बानो, रेखा पटेल सहित अन्य गणमान्य नागरिक एवं ग्रामीण उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर बाल विवाह को रोकने और समाज को जागरूक बनाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों को बाल विवाह न करने एवं न होने देने की शपथ दिलाई गई। आयोजकों ने आशा व्यक्त की कि इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रमों से समाज में सकारात्मक परिवर्तन आएगा और बाल विवाह मुक्त भारत के लक्ष्य की दिशा में सार्थक प्रगति होगी।
बाल विवाह मुक्त भारत: सुरक्षित बचपन, सशक्त भविष्य बाल विवाह मुक्त भारत कार्यक्रम का सफल आयोजन उत्तर प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग थाना पुलिस लाइन एवं तरुण चेतना संस्थान, प्रतापगढ़ के संयुक्त तत्वाधान में पट्टी विकास खंड क्षेत्र के ग्राम सेवापट्टी में “बाल विवाह मुक्त भारत” कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में बाल विवाह जैसी कुप्रथा के प्रति जागरूकता फैलाना तथा इसे जड़ से समाप्त करने के लिए सामूहिक प्रयासों को मजबूत करना रहा। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग थाना के प्रभारी संजय यादव ने बाल विवाह के दुष्परिणामों एवं इससे जुड़े कानूनी प्रावधानों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि बाल विवाह न केवल बच्चों के भविष्य को प्रभावित करता है, बल्कि यह कानूनन अपराध भी है। उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों से अपील की कि वे बाल विवाह जैसी कुरीति को रोकने में पुलिस प्रशासन का सहयोग करें। इसी क्रम में तरुण चेतना संस्थान की निदेशक नसीम अंसारी ने बाल विवाह के सामाजिक, शैक्षिक एवं स्वास्थ्य संबंधी दुष्प्रभावों पर विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने बालिकाओं की शिक्षा एवं सशक्तिकरण पर बल देते हुए कहा कि जागरूक समाज ही बाल विवाह मुक्त भारत के लक्ष्य को प्राप्त कर सकता है। उपस्थिति लोगों कल रविवार को हादीहाल प्रतापगढ़ में होने राष्ट्रीय लोक अदालत के विषय में भी बताया गया। कार्यक्रम में तरुण चेतना के सह-निदेशक हकीम अंसारी, कांस्टेबल तौसीफ रजा, संदीप कुमार, हमारा बानो, रेखा पटेल सहित अन्य गणमान्य नागरिक एवं ग्रामीण उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर बाल विवाह को रोकने और समाज को जागरूक बनाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों को बाल विवाह न करने एवं न होने देने की शपथ दिलाई गई। आयोजकों ने आशा व्यक्त की कि इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रमों से समाज में सकारात्मक परिवर्तन आएगा और बाल विवाह मुक्त भारत के लक्ष्य की दिशा में सार्थक प्रगति होगी।
- उत्तर प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग थाना पुलिस लाइन एवं तरुण चेतना संस्थान, प्रतापगढ़ के संयुक्त तत्वाधान में पट्टी विकास खंड क्षेत्र के ग्राम सेवापट्टी में “बाल विवाह मुक्त भारत” कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में बाल विवाह जैसी कुप्रथा के प्रति जागरूकता फैलाना तथा इसे जड़ से समाप्त करने के लिए सामूहिक प्रयासों को मजबूत करना रहा। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग थाना के प्रभारी संजय यादव ने बाल विवाह के दुष्परिणामों एवं इससे जुड़े कानूनी प्रावधानों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि बाल विवाह न केवल बच्चों के भविष्य को प्रभावित करता है, बल्कि यह कानूनन अपराध भी है। उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों से अपील की कि वे बाल विवाह जैसी कुरीति को रोकने में पुलिस प्रशासन का सहयोग करें। इसी क्रम में तरुण चेतना संस्थान की निदेशक नसीम अंसारी ने बाल विवाह के सामाजिक, शैक्षिक एवं स्वास्थ्य संबंधी दुष्प्रभावों पर विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने बालिकाओं की शिक्षा एवं सशक्तिकरण पर बल देते हुए कहा कि जागरूक समाज ही बाल विवाह मुक्त भारत के लक्ष्य को प्राप्त कर सकता है। उपस्थिति लोगों कल रविवार को हादीहाल प्रतापगढ़ में होने राष्ट्रीय लोक अदालत के विषय में भी बताया गया। कार्यक्रम में तरुण चेतना के सह-निदेशक हकीम अंसारी, कांस्टेबल तौसीफ रजा, संदीप कुमार, हमारा बानो, रेखा पटेल सहित अन्य गणमान्य नागरिक एवं ग्रामीण उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर बाल विवाह को रोकने और समाज को जागरूक बनाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों को बाल विवाह न करने एवं न होने देने की शपथ दिलाई गई। आयोजकों ने आशा व्यक्त की कि इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रमों से समाज में सकारात्मक परिवर्तन आएगा और बाल विवाह मुक्त भारत के लक्ष्य की दिशा में सार्थक प्रगति होगी।1
- Post by Arjun gaud1
- लापरवाही की एक पल की चूक भारी पड़ गई। समुद्र किनारे खड़ी एक महिला को अचानक उठी तेज लहर अपने साथ बहा ले गई देखते ही देखते ।महिला काफी दूर तक समुद्र में चली गई ।मौके पर मौजूद लोगों ने अफरा तफरी मच गई।राहत की बात यह रही कि स्थानीय लोगों और बचाव दल की मदद से महिला को बाहर निकाल लिया गया। प्रशासन ने समुद्र तट पर सावधानी रखने की अपील की है1
- लंभुआ, सुलतानपुर से एक हैरान करने वाली खबर सामने आई है, जहां इंटरमीडिएट की परीक्षा देने आए विद्यार्थियों के मोबाइल फोन चोरी हो गए। मामला लंभुआ क्षेत्र के पब्लिक इंटर कॉलेज, चौकिया का है, जहां हाई स्कूल और इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षाएं संचालित हो रही हैं। जानकारी के अनुसार सुभाष इंटर कॉलेज, कन्हईपुर के विद्यार्थियों का इंटरमीडिएट परीक्षा केंद्र पब्लिक इंटर कॉलेज चौकिया बनाया गया था। बताया जा रहा है कि दूसरी पाली में परीक्षा देने पहुंचे छात्रों ने अपने मोबाइल फोन गाड़ियों के टूलबॉक्स में रख दिए थे, क्योंकि परीक्षा केंद्र में मोबाइल ले जाने की अनुमति नहीं होती है। लेकिन जब छात्र परीक्षा समाप्त कर वापस लौटे, तो उन्होंने देखा कि गाड़ियों का टूलबॉक्स टूटा हुआ है और उनके मोबाइल फोन गायब हैं। इस घटना के बाद छात्रों में अफरा-तफरी मच गई। कई छात्रों ने बताया कि उन्होंने परीक्षा से पहले सुरक्षित समझकर अपने मोबाइल वाहन में रखे थे, लेकिन अज्ञात चोरों ने मौका देखकर वारदात को अंजाम दे दिया। पीड़ित विद्यार्थियों ने इस मामले की शिकायत स्थानीय कोतवाली में दर्ज कराई है। पुलिस ने मामला संज्ञान में लेते हुए जांच शुरू कर दी है और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है। अब बड़ा सवाल यह है कि परीक्षा केंद्रों के बाहर सुरक्षा व्यवस्था कितनी प्रभावी है? परीक्षा के दौरान जब बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद थे, तब ऐसी घटना होना व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है। फिलहाल पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है और उम्मीद की जा रही है कि जल्द ही चोरी का खुलासा किया जाएगा।4
- Post by RAJA JAUNPUR NEWS2
- बदलापुर के तहसील सभागार में लोगों की सुनी गई समस्या जौनपुर जिले के बदलापुर तहसील की सभागार में आज श्रीमान जिलाधिकारी जौनपुर व श्रीमान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जौनपुर द्वारा "सम्पूर्ण समाधान दिवस" के अवसर पर आए हुए आवेदकों की समस्याओं को सुना गया तथा उनकी समस्याओं के गुणवत्तापूर्ण निस्तारण हेतु सम्बन्धित को निर्देशित किया गया।1
- Post by Ram Kumar yadav1
- Post by Ram Kumar yadav1