गाजियाबाद के पॉश इलाके इंद्रापुरम में भारी बारिश के बाद हुए जलभराव के दौरान एक दर्दनाक हादसे में 24 वर्षीय सिक्योरिटी गार्ड की मौत हो गई। ज्ञानखंड इलाके में एक प्लॉट पर गार्ड के रूप में तैनात नरेंद्र उर्फ बबलू, जो मूल रूप से मध्य प्रदेश के छतरपुर के रहने वाले थे, दोपहर के समय अपने एक दोस्त के साथ पानी से भरे रास्ते से गुजर रहे थे। इसी दौरान पास में लगे एक बिजली के ट्रांसफार्मर से पानी में करंट उतर आया, जिसकी चपेट में आने से नरेंद्र की मौके पर ही जान चली गई। इस खौफनाक मंजर का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है, जिसमें देखा जा सकता है कि पानी में पैदल चलते हुए अचानक करंट लगने से नरेंद्र अकड़कर गिर जाते हैं। उनके साथ चल रहे दोस्त को भी करंट का हल्का झटका लगा, लेकिन वह बाल-बाल बच गया और उसने तुरंत शोर मचाया। इस घटना ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया है।
गाजियाबाद के पॉश इलाके इंद्रापुरम में भारी बारिश के बाद हुए जलभराव के दौरान एक दर्दनाक हादसे में 24 वर्षीय सिक्योरिटी गार्ड की मौत हो गई। ज्ञानखंड इलाके में एक प्लॉट पर गार्ड के रूप में तैनात नरेंद्र उर्फ बबलू, जो मूल रूप से मध्य प्रदेश के छतरपुर के रहने वाले थे, दोपहर के समय अपने एक दोस्त के साथ पानी से भरे रास्ते से गुजर रहे थे। इसी दौरान पास में लगे एक बिजली के ट्रांसफार्मर से पानी में करंट उतर आया, जिसकी चपेट में आने से नरेंद्र की मौके पर ही जान चली गई। इस खौफनाक मंजर का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है, जिसमें देखा जा सकता है कि पानी में पैदल चलते हुए अचानक करंट लगने से नरेंद्र अकड़कर गिर जाते हैं। उनके साथ चल रहे दोस्त को भी करंट का हल्का झटका लगा, लेकिन वह बाल-बाल बच गया और उसने तुरंत शोर मचाया। इस घटना ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया है।
- कोटा में आयोजित ट्रिपल आईआईटी के 5वें दीक्षांत समारोह के दौरान लोकसभा स्पीकर और कोटा-बूंदी के सांसद ओम बिरला मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस कार्यक्रम में उन्होंने 203 से अधिक छात्रों को उनकी डिग्रियां प्रदान कीं। समारोह को संबोधित करते हुए ओम बिरला ने कोटा को 25 हजार छात्रों का कैंपस बनाने का संकल्प व्यक्त किया। उन्होंने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि अब उनके लिए देश सेवा का समय है।1
- कोटा के जंगली शाह बाबा स्थित महफिल खाना में मखदूम अलाउल हक फाउंडेशन ऑफ राजस्थान की ओर से सूफी संत हजरत सैयद मखदूम अशरफ जहाँगीर सिम्नानी का 66वाँ उर्स शरीफ और रूहानी तरबियती कैम्प पूरी अकीदत के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत तिलावत-ए-कुरआन के साथ हुई, जिसके बाद उलेमा-ए-किराम ने सूफी संत की तालीमात के माध्यम से इंसानियत, मोहब्बत और भाईचारे के संदेश पर प्रकाश डाला। इस आयोजन के मुख्य वक्ता शहजादा-ए-शेख-ए-तरीकत हजरत सैयद मोहम्मद जिलानी अशरफ पीर सैयद हुसैनी मियां साहब किछौछावी रहे, जिन्होंने समाज को नशा, जुआ और अन्य बुराइयों से दूर रहने का आह्वान किया। नात-ए-पाक और मनक़बत के दौर से पूरी महफिल रूहानियत से सराबोर रही। कार्यक्रम के समापन पर मौलाना मोहम्मद अलाउद्दीन अशरफी ने सभी का आभार व्यक्त किया और मुल्क में अमन, भाईचारे व खुशहाली की दुआ के साथ लंगर का आयोजन किया गया।1
- कोटा स्थित श्री कर्णेश्वर महादेव स्मृति वन में स्वर्गीय श्रवण लाल मीणा हनुवत खेड़ा की पुण्यतिथि के अवसर पर एक सघन पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में चिकित्सकों, पर्यावरण प्रेमियों और विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने बड़ी संख्या में भाग लिया और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। मेडिकल कॉलेज कोटा के अतिरिक्त प्राचार्य डॉ. आर.पी. मीणा ने जानकारी दी कि ईएसआई हॉस्पिटल की प्रमुख चिकित्सा अधिकारी डॉ. अर्चना मीणा ने अपने पूरे परिवार के साथ इस अभियान में हिस्सा लिया। उनके साथ वरिष्ठ जन कल्याण समिति, गायत्री परिवार और स्काउट्स के सदस्य भी शामिल रहे। इस अवसर पर सभी ने न केवल पौधे लगाए, बल्कि उनके वृक्ष बनने तक नियमित देखभाल और सुरक्षा करने का संकल्प लिया। साथ ही, कार्यक्रम के दौरान पर्यावरण संरक्षण के नारे भी लगाए गए। कार्यक्रम का संचालन समाजसेवी यज्ञदत्त हाड़ा और पर्यावरणविद ब्रजेश विजयवर्गीय ने किया, जिन्होंने उपस्थित लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी जिम्मेदारी निभाने का आह्वान किया। समापन पर डॉ. आर.पी. मीणा के सुपुत्र सार्थक मीणा ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया। इस कार्यक्रम में शंकर आस्कंदानी, डॉ. अशोक कुमार, डॉ. जागृति, प्रदीप कुमार, डॉ. संजय डाकड़, मूलचंद और केसरीलाल सहित अनेक गणमान्य नागरिकों ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और पौधारोपण किया।1
- बूंदी जिले के एक पूर्व सरपंच ने अपने घर का खर्च चलाने के लिए चोरी की वारदात को अंजाम दिया है। जानकारी के अनुसार, आर्थिक तंगी से जूझ रहे पूर्व सरपंच ने गुजर-बसर के लिए यह कदम उठाया।1
- कोटा में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर मंगलवार रात करीब 9 बजे हुए एक भीषण सड़क हादसे में एक बुजुर्ग यात्री की मौत हो गई। उज्जैन से महाकाल के दर्शन करके लौट रहे यात्रियों से भरी एक मिनी-बस को पीछे से आ रहे एक डंपर ने जोरदार टक्कर मार दी। डंपर चालक ने बस को एक बार नहीं, बल्कि दो बार टक्कर मारी, जिससे यह दुर्घटना और अधिक गंभीर हो गई। इस दुखद घटना में चरण सिंह नाम के यात्री की जान चली गई। वहीं, बस में सवार पांच अन्य यात्री गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिन्हें हाथ, पैर और सिर में गंभीर चोटें आई हैं और फ्रैक्चर का सामना करना पड़ा है। यह हादसा दो दिन पहले हुआ था, जिसमें एक्सप्रेस-वे पर यात्रियों को निशाना बनाने वाले इस डंपर ने अफरा-तफरी मचा दी।1
- कोटा के पीडब्ल्यूडी (PWD) कोटा जोन कैंपस में साफ-सफाई और मरम्मत कार्यों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। कैंपस में फैली गंदगी का आलम यह है कि यहां चारों तरफ कचरे का अंबार लगा हुआ है और टॉयलेट तक की सफाई नहीं की जाती है। इन व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी सिटी डिवीजन के अधीन है, जिसके बावजूद परिसर की स्थिति दयनीय बनी हुई है। आरोप है कि साफ-सफाई और मरम्मत के नाम पर विभाग को लाखों रुपये का बजट मिलता है, लेकिन यह राशि कहाँ खर्च हो रही है, इसका कोई अता-पता नहीं है। सुरक्षा को लेकर भी भारी लापरवाही बरती जा रही है; कैंपस में शराब की खाली बोतलें मिली हैं, जो यह दर्शाती हैं कि परिसर का उपयोग शराब पीने के लिए भी किया जा रहा है। हैरानी की बात यह है कि रात के समय यहां चौकीदार भी तैनात रहता है, फिर भी ऐसी गतिविधियां बेरोकटोक जारी हैं।3
- दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर बूंदी जिले के लबान इंटरचेंज के पास एक बड़ा सड़क हादसा हुआ, जहाँ टायर फटने के कारण एक तेज रफ्तार ट्रोला अनियंत्रित होकर पलट गया। गनीमत रही कि इस दुर्घटना में कोई जनहानि नहीं हुई और बड़ा हादसा टल गया। उल्लेखनीय है कि इस घटना स्थल से महज दो दिन पहले ही केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने दरा टनल तक के मार्ग का निरीक्षण किया था। दुर्घटना के बाद इलाके में अफरातफरी का माहौल रहा, हालांकि फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है।1