भारत सरकार की बहुउद्देशीय बीवीरामजी योजना का शुभारंभ गुरुवार को हमीरपुर जिले के सुमेरपुर विकासखंड क्षेत्र के चंद्रपुरवा और बिलहड़ी गांवों में चौपालों के आयोजन के साथ किया गया। इन चौपालों में जॉब कार्ड धारकों को योजना के विस्तृत उद्देश्य, पात्रता और इससे मिलने वाले लाभों के बारे में जानकारी देकर जागरूक किया गया। खंड विकास अधिकारी विकास यादव ने चौपालों को संबोधित करते हुए बताया कि बहुउद्देशीय बीवीरामजी योजना 1 जुलाई से मनरेगा के स्थान पर लागू की गई है। इस नई योजना के तहत पात्र श्रमिकों को प्रतिदिन न्यूनतम 300 रुपये की मजदूरी दी जाएगी, साथ ही रोजगार के दिनों की संख्या को 100 से बढ़ाकर 125 दिन करने का प्रावधान किया गया है। उन्होंने श्रमिकों से योजना का अधिकतम लाभ उठाने और रोजगार संबंधी कार्यों में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने का आग्रह किया। इस दौरान अधिकारियों ने जॉब कार्ड धारकों की समस्याओं को भी सुना और उनके त्वरित समाधान का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में खंड विकास अधिकारी विकास यादव और एपीओ विकास चंद्र सहित कई अन्य विभागीय अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
भारत सरकार की बहुउद्देशीय बीवीरामजी योजना का शुभारंभ गुरुवार को हमीरपुर जिले के सुमेरपुर विकासखंड क्षेत्र के चंद्रपुरवा और बिलहड़ी गांवों में चौपालों के आयोजन के साथ किया गया। इन चौपालों में जॉब कार्ड धारकों को योजना के विस्तृत उद्देश्य, पात्रता और इससे मिलने
वाले लाभों के बारे में जानकारी देकर जागरूक किया गया। खंड विकास अधिकारी विकास यादव ने चौपालों को संबोधित करते हुए बताया कि बहुउद्देशीय बीवीरामजी योजना 1 जुलाई से मनरेगा के स्थान पर लागू की गई है। इस नई योजना के तहत पात्र श्रमिकों को
प्रतिदिन न्यूनतम 300 रुपये की मजदूरी दी जाएगी, साथ ही रोजगार के दिनों की संख्या को 100 से बढ़ाकर 125 दिन करने का प्रावधान किया गया है। उन्होंने श्रमिकों से योजना का अधिकतम लाभ उठाने और रोजगार संबंधी कार्यों में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने
का आग्रह किया। इस दौरान अधिकारियों ने जॉब कार्ड धारकों की समस्याओं को भी सुना और उनके त्वरित समाधान का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में खंड विकास अधिकारी विकास यादव और एपीओ विकास चंद्र सहित कई अन्य विभागीय अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
- हमीरपुर पुलिस ने पुलिस अधीक्षक मृगांक शेखर पाठक के निर्देश पर और अपर पुलिस अधीक्षक के पर्यवेक्षण तथा क्षेत्राधिकारियों के नेतृत्व में एक विशेष अभियान चलाकर 44 गुमशुदा और अपहृत व्यक्तियों को सकुशल बरामद किया है। यह अभियान जनपद के विभिन्न थानों पर 1 जून 2026 से 30 जून 2026 तक चलाया गया, जिसका मुख्य उद्देश्य गुमशुदा एवं अपहृत व्यक्तियों की त्वरित बरामदगी सुनिश्चित कर संबंधित अभियोगों का शीघ्र निस्तारण करना था। यह बरामदगी वर्ष 2025 के 8 और वर्ष 2026 के 36 पंजीकृत गुमशुदा एवं अपहृत संबंधित अभियोगों के तहत की गई। बरामद किए गए कुल 44 व्यक्तियों में 25 नाबालिग बालक-बालिकाएं और 19 बालिग शामिल हैं। इनमें से 26 प्रकरण धारा 137 (2) बीएनएस से संबंधित हैं, जबकि 18 प्रकरण धारा 87 बीएनएस से संबंधित पाए गए। प्रत्येक मामले में नियमानुसार आवश्यक विधिक कार्यवाही सुनिश्चित की गई और संबंधित न्यायालय एवं अन्य कानूनी प्रक्रियाओं का पालन किया गया। इस अभियान के तहत सर्विलांस टीम और थाना स्तर पर गठित पुलिस टीमों ने प्रभावी कार्यवाही की। इसमें तकनीकी साक्ष्यों, इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस, मुखबिर तंत्र का उपयोग किया गया तथा अन्य जनपदों एवं राज्यों की पुलिस के साथ समन्वय स्थापित किया गया। थानावार बरामदगी के आंकड़ों के अनुसार, राठ से 10, ललपुरा से 2, कुरारा से 7, मौदहा से 5, बिवांर से 4, जलालपुर से 2, सुमेरपुर से 4, चिकासी से 2, मुस्करा से 2, मझगवां से 2, सिसोलर से 2, जरिया से 1 और सदर कोतवाली से 1 गुमशुदा एवं अपहृत व्यक्ति को सकुशल बरामद किया गया। अभियान की सफलता में सर्विलांस टीम, थाना पुलिस, तकनीकी विश्लेषण और अन्य जनपदों एवं राज्यों की पुलिस के साथ प्रभावी समन्वय की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस टीमों के लगातार प्रयास, त्वरित सूचना संकलन, सघन दबिश और सतर्क कार्रवाई के परिणामस्वरूप गुमशुदा एवं अपहृत व्यक्तियों को सुरक्षित बरामद किया गया।1
- हमीरपुर जिले के मुस्कुरा कस्बे में सड़क किनारे भारी मात्रा में एक्सपायर कोल्डड्रिंक्स मिलने से हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही, खाद्य विभाग के डिप्टी कमिश्नर अपनी टीम के साथ मौके पर पहुँचे और सभी एक्सपायर कोल्डड्रिंक्स को तुरंत नष्ट करवाया। जाँच में लापरवाही सामने आने पर एजेंसी मालिक पर कड़ी कार्रवाई की गई, जिसके तहत डिप्टी कमिश्नर ने तत्काल प्रभाव से एजेंसी मालिक का लाइसेंस निलंबित कर दिया। इसके साथ ही, खाद्य विभाग की टीम ने आसपास की अन्य दुकानों में भी जाँच शुरू कर दी है। प्रशासन ने जनता से अपील की है कि वे कोई भी सामान खरीदने से पहले उसकी एक्सपायरी डेट अवश्य जाँच लें।4
- जो लोग पत्रकारिता रिपोर्टिंग के क्षेत्र में रुचि रखते हैं, उनके लिए पूरे भारत से निशुल्क जॉइनिंग का अवसर उपलब्ध है। इच्छुक व्यक्ति इस मौके का लाभ उठाने के लिए संपर्क कर सकते हैं। इस जॉइनिंग प्रक्रिया के लिए आवश्यक दस्तावेजों में केवल आधार कार्ड और एक पासपोर्ट साइज फोटो शामिल हैं। अधिक जानकारी या आवेदन के लिए 7897027538 पर संपर्क किया जा सकता है।1
- कानपुर नगर के सजेती क्षेत्र के निषादकस्बा में एक जमीनी विवाद ने हिंसक मोड़ ले लिया है। दो बच्चों के साथ टीन-टप्पर की झोपड़ी में रह रही संगीता पत्नी अजय कुमार ने पुलिस को तहरीर देकर पड़ोसियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। संगीता के अनुसार, वह पिछले 6-7 साल से सजेती में अपनी झोपड़ी में गुजर-बसर कर रही हैं, और उनके पीछे ट्यूबवेल में रहने वाले रफीक अहमद से लगभग एक साल से जमीन को लेकर विवाद चल रहा है। संगीता ने बताया कि दो दिन पहले उनके पति अजय का आंख का ऑपरेशन हुआ था, और इसी दौरान रफीक अहमद अपने बेटों अनश, उमेर और हबीबी अहमद के साथ फावड़ा, डंडा और ईंट लेकर उनके घर में घुस आए। इस हमले में संगीता और अजय को काफी चोटें आईं, जिसमें अजय का हाथ फावड़े से कट गया। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस ने एंबुलेंस बुलाकर घायलों को जिला अस्पताल घाटमपुर में भर्ती कराया और मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया है।1
- कानपुर नगर के घाटमपुर कस्बा क्षेत्र में बुधवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया, जिसमें तालाब में मछली पकड़ने गए एक युवक की डूबने से मौत हो गई। इस घटना के बाद मृतक के परिजनों में गहरा कोहराम मच गया और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। जानकारी के अनुसार, नौबस्ता पूर्वी, कस्बा घाटमपुर निवासी 28 वर्षीय ब्रजेश मछली पकड़ने के लिए तालाब पर गया था। इसी दौरान वह गहरे पानी में चला गया और डूब गया। काफी देर तक उसके बाहर नहीं आने पर स्थानीय लोगों ने तलाश शुरू की और तुरंत पुलिस व परिजनों को घटना की सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुँची और स्थानीय लोगों की मदद से युवक के शव को तालाब से बाहर निकाला। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पंचनामा की कार्यवाही पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने मामले की जाँच भी शुरू कर दी है। युवक की असमय मृत्यु से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, और पूरी घटना ने इलाके में गम का माहौल बना दिया है।1
- भारत सरकार की बहुउद्देशीय बीवीरामजी योजना का शुभारंभ गुरुवार को हमीरपुर जिले के सुमेरपुर विकासखंड क्षेत्र के चंद्रपुरवा और बिलहड़ी गांवों में चौपालों के आयोजन के साथ किया गया। इन चौपालों में जॉब कार्ड धारकों को योजना के विस्तृत उद्देश्य, पात्रता और इससे मिलने वाले लाभों के बारे में जानकारी देकर जागरूक किया गया। खंड विकास अधिकारी विकास यादव ने चौपालों को संबोधित करते हुए बताया कि बहुउद्देशीय बीवीरामजी योजना 1 जुलाई से मनरेगा के स्थान पर लागू की गई है। इस नई योजना के तहत पात्र श्रमिकों को प्रतिदिन न्यूनतम 300 रुपये की मजदूरी दी जाएगी, साथ ही रोजगार के दिनों की संख्या को 100 से बढ़ाकर 125 दिन करने का प्रावधान किया गया है। उन्होंने श्रमिकों से योजना का अधिकतम लाभ उठाने और रोजगार संबंधी कार्यों में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने का आग्रह किया। इस दौरान अधिकारियों ने जॉब कार्ड धारकों की समस्याओं को भी सुना और उनके त्वरित समाधान का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में खंड विकास अधिकारी विकास यादव और एपीओ विकास चंद्र सहित कई अन्य विभागीय अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।4
- कानपुर नगर के थाना सजेती क्षेत्र के निषादकस्बा में एक जमीनी विवाद ने हिंसक रूप ले लिया है, जहां संगीता नामक महिला, जो अपने दो बच्चों के साथ टीन-टप्पर की झोपड़ी में रह रही है, ने पड़ोसियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। संगीता के अनुसार, वह पिछले 6-7 सालों से सजेती में रह रही हैं और पिछले एक साल से ट्यूबवेल में रहने वाले रफीक अहमद के साथ उनका जमीनी विवाद चल रहा है। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि दो दिन पहले जब उनके पति अजय कुमार की आँख का ऑपरेशन हुआ था, उसी दौरान रफीक अहमद अपने बेटों अनश, उमेर और हबीबी अहमद के साथ फावड़ा, डंडा और ईंट लेकर उनके घर में घुस आए थे। इस हमले में संगीता और अजय को गंभीर चोटें आईं, जिसमें अजय का हाथ फावड़े से कट गया। पुलिस ने एंबुलेंस बुलाकर घायलों को जिला अस्पताल घाटमपुर में भर्ती कराया और इस मामले में मुकदमा दर्ज किया। संगीता का आरोप है कि उन्हें लगातार प्रताड़ित किया जा रहा है और अब हमलावर हर बार महिलाओं व आदमियों को बुलाकर मारपीट करते हैं। ताजा घटना में, 2 जुलाई 2026 को सुबह 6:30 से 7 बजे के बीच महिलाएं अचानक उनकी झोपड़ी में घुस आईं और तोड़फोड़ की। इस हमले में संगीता की बेटी को भी चोटें आई हैं। पीड़िता का कहना है कि उनकी झोपड़ी के आसपास सारा मुस्लिम परिवार रहता है और उन्हें लगातार जान से मारने की धमकी मिल रही है। डरी-सहमी संगीता ने थानाध्यक्ष सजेती को दी गई तहरीर में अपने परिवार के लिए जान का खतरा बताते हुए कहा है कि "मेरा परिवार बहुत डरा हुआ है, मेरे परिवार को जान से मारने व मौत का तांडव होगा।" उन्होंने हमले का वीडियो सबूत के रूप में पेश करते हुए हमलावर महिलाओं और उनके परिवार के अन्य सदस्यों के खिलाफ उचित कानूनी कार्यवाही की मांग की है।1