स्लग,,बलरामपुर में 8.60 लाख की नर्सिंग कॉलेज का भूमिपूजन मंत्री रामविचार नेताम ने किया बलरामपुर में 8.60 लाख की नर्सिंग कॉलेज का भूमिपूजन मंत्री रामविचार नेताम ने किया प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस पर चलाए जा रहे सेवा संकल्प अभियान के तहत बलरामपुर में नवीन शासकीय नर्सिंग महाविद्यालय भवन का भूमिपूजन किया गया। कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर 60 सीटों वाले नर्सिंग कॉलेज की आधारशिला रखी। मरियम पारा में 2 एकड़ 80 डिसमिल भूमि पर बनने वाले इस भवन की लागत 8 करोड़ 12 लाख 30 हजार रुपये है। मंत्री ने कहा कि अब जिले के विद्यार्थियों को नर्सिंग की पढ़ाई के लिए बड़े शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा। वहीं कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी ने कहा कि यह महाविद्यालय जिले की बेटियों को आत्मनिर्भर बनाने और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा
स्लग,,बलरामपुर में 8.60 लाख की नर्सिंग कॉलेज का भूमिपूजन मंत्री रामविचार नेताम ने किया बलरामपुर में 8.60 लाख की नर्सिंग कॉलेज का भूमिपूजन मंत्री रामविचार नेताम ने किया प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस पर चलाए जा रहे सेवा संकल्प अभियान के तहत बलरामपुर में नवीन शासकीय नर्सिंग महाविद्यालय भवन का भूमिपूजन किया गया। कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर 60 सीटों वाले नर्सिंग कॉलेज की आधारशिला रखी। मरियम पारा में 2 एकड़ 80 डिसमिल भूमि पर बनने वाले इस भवन की लागत 8 करोड़ 12 लाख 30 हजार रुपये है। मंत्री ने कहा कि अब जिले के विद्यार्थियों को नर्सिंग की पढ़ाई के लिए बड़े शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा। वहीं कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी ने कहा कि यह महाविद्यालय जिले की बेटियों को आत्मनिर्भर बनाने और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा
- बिहार राज्य किन्नर (ट्रांसजेंडर) कल्याण बोर्ड की सदस्य डॉ. राजन सिंह ने पटना में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का मंदिर बनाने का प्रस्ताव रखा है। [1] मुख्य बातें प्रस्ताव किसने रखा: बिहार ट्रांसजेंडर कल्याण बोर्ड की सदस्य डॉ. राजन सिंह। स्थान: यह मंदिर पटना, बिहार में प्रस्तावित है। अनुमानित लागत: इस परियोजना की लागत लगभग 112 करोड़ रुपये बताई गई है। विशेषता: मंदिर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सोने की मूर्ति लगाने की चर्चा है। वर्तमान स्थिति: यह अभी केवल एक बोर्ड द्वारा स्वीकृत प्रस्ताव है। इसे राज्य सरकार और कैबिनेट की अंतिम मंजूरी मिलना बाकी है। निर्माण कार्य अभी शुरू नहीं हुआ है।1
- खाटू श्याम बाबा का जागरण गांधी मैदान रेणुकूट सोनभद्र1
- शाम को दोस्तों संग घूमने निकला युवक, सुबह शिव मंदिर के गेट पर अचेत मिला शाम को दोस्तों संग घूमने निकला युवक, सुबह शिव मंदिर के गेट पर अचेत मिला हरनाकछार, विंढमगंज (सोनभद्र)। स्थानीय थाना क्षेत्र के हरनाकछार गांव में उस समय हड़कंप मच गया, जब दोस्तों के साथ शाम के समय घर से घूमने निकला एक युवक अगले दिन सुबह शिव मंदिर के गेट के पास अचेत अवस्था में मिला। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के लोगों की भीड़ मौके पर जुट गई। जानकारी के अनुसार युवक 17 सितंबर 2026 की शाम करीब 6 बजे अपने दोस्तों के साथ घर से घूमने के लिए निकला था। इसके बाद वह घर वापस नहीं पहुंचा। परिजन युवक की तलाश में जुटे रहे। शुक्रवार की सुबह करीब 6 बजे युवक हरनाकछार स्थित शिव मंदिर के गेट के पास अचेत अवस्था में पाया गया। स्थानीय लोगों ने तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलने पर 112 पुलिस टीम मौके पर पहुंची और अचेत युवक को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया। युवक की हालत को लेकर चिकित्सकों द्वारा जांच की जा रही है। घटना के बाद परिजन भी मौके पर पहुंच गए। युवक रातभर मंदिर के पास कैसे पहुंचा और वह अचेत अवस्था में किस परिस्थिति में मिला, इसे लेकर कई सवाल उठ रहे हैं। फिलहाल युवक के होश में आने और पुलिस जांच के बाद ही घटना की पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। स्थानीय लोगों ने पुलिस से मामले की जांच कर युवक के अचेत होने के कारणों का पता लगाने की मांग की है।1
- जोरूखाड़ में धूमधाम से मनाया गया विश्वकर्मा पूजा, सैकड़ों भक्तों ने की पूजा-अर्चना जोरूखाड़ में धूमधाम से मनाया गया विश्वकर्मा पूजा, सैकड़ों भक्तों ने की पूजा-अर्चना *दुद्धी, सोनभद्र।* ग्राम सभा जोरूखाड़ में आज विश्वकर्मा पूजा बड़े ही भव्य तरीके से मनाया गया। सुबह से ही विश्वकर्मा मंदिर / पंडाल में भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी। ढोल-नगाड़े और जय बाबा विश्वकर्मा के जयकारों से पूरा गांव गूंज उठा। इस अवसर पर विधि-विधान से भगवान विश्वकर्मा की पूजा-अर्चना की गई और गांव की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की गई। पूजा के बाद प्रसाद वितरण का भी आयोजन किया गया। इस भव्य आयोजन में मुख्य रूप से *ग्राम सभा फूलवार के नागरिक प्रेम शंकर यादव* भी मौजूद रहे। वहीं ग्राम सभा जोरूखाड़ के सम्मानित नागरिकों में *मिथिलेश विश्वकर्मा, अमरेश विश्वकर्मा, कृष्णा विश्वकर्मा, वीरेंद्र विश्वकर्मा, विनय विश्वकर्मा, टुनटुन विश्वकर्मा, विनोद विश्वकर्मा, राकेश विश्वकर्मा, राजन विश्वकर्मा, महेंद्र विश्वकर्मा, विंध्याचल विश्वकर्मा* सहित सैकड़ों लोग उपस्थित रहे। ग्रामीणों ने कहा कि हर साल की तरह इस साल भी विश्वकर्मा पूजा एकता और भाईचारे के साथ मनाई गई। *रिपोर्ट - प्रेम शंकर यादव, जोरूखाड़ / दुद्धी*1
- सेवा दिवस पर आशीर्वाद का दीया | जनपद सोनभद्र में सेवा और समर्पण का संदेश | विशेष कार्यक्रम सेवा दिवस पर आशीर्वाद का दीया | जनपद सोनभद्र में सेवा और समर्पण का संदेश | विशेष कार्यक्रम1
- पूरी से mgr चेन्नई सेंट्रल तक का ट्रेन से सफर।।।।।।।।।।।1
- विश्वकर्मा जी को ऋषि महाज जी ने क्यों सराप दिए ? ऋषि महाराज जी का क्या नाम था ? जानने के लिए वीडियो देखें:- पौराणिक कथाओं (विशेषकर वामन पुराण) के अनुसार, भगवान विश्वकर्मा को एक ऋषि द्वारा बंदर बन जाने का श्राप मिला था। [1, 2] किसने दिया श्राप? ऋषि का नाम: यह श्राप एक ऋषि (कुछ कथा प्रसंगों में जिनका संबंध र्वेतध्वज/तपस्वी ऋषि से है) द्वारा दिया गया था। [1, 2] क्यों दिया श्राप? (कारण) घटना: पौराणिक प्रसंग के अनुसार, एक बार भगवान विश्वकर्मा ने अपनी पुत्री चित्रांगदा के साथ बहुत कठोर या अनुचित व्यवहार किया था। क्रोध: जब उस ऋषि को विश्वकर्मा द्वारा अपनी पुत्री के प्रति किए गए इस क्रूर या कठोर व्यवहार का पता चला, तो वे अत्यधिक क्रोधित हो गए। श्राप: ऋषि ने क्रोधित होकर भगवान विश्वकर्मा को श्राप दिया कि "जिस विश्वकर्मा ने अपनी पुत्री के साथ ऐसा क्रूर व्यवहार किया है, वह बंदर बन जाए"। [1] श्राप का निवारण कैसे हुआ? कथा के आगे के भाग के अनुसार, जब विश्वकर्मा जी को बंदर का रूप मिला, तो उन्होंने अप्सरा घृताची के संपर्क से बलवान पुत्रों (जैसे नल और नील) को जन्म दिया। [1] पुत्रों के जन्म और आगे चलकर प्रभु श्रीराम की सहायता करने तथा त्रेतायुग/द्वापर की लीला पूरी होने पर विश्वकर्मा जी इस श्राप से मुक्त हुए और उन्हें अपना वास्तविक दिव्य रूप वापस मिल गया। [1, 2]1
- दोस्तों संग शराब पीने निकला युवक सुबह शिव मंदिर के गेट पर मिला अचेत, 112 ने पहुंचाया अस्पताल दोस्तों संग शराब पीने निकला युवक सुबह शिव मंदिर के गेट पर मिला अचेत, 112 ने पहुंचाया अस्पताल हरनाकछार में रातभर युवक के साथ क्या हुआ? होश आने पर राजू ने बताई आखिरी जानकारी, पुलिस जांच में जुटी। विंढमगंज/सोनभद्र। विंढमगंज थाना क्षेत्र के हरनाकछार गांव में 17 सितंबर की रात एक युवक के अचेत अवस्था में मिलने से सनसनी फैल गई। युवक शाम करीब छह बजे अपने दोस्तों के साथ घर से निकला था। अगले दिन 18 सितंबर की सुबह करीब छह बजे वह शिव मंदिर के गेट के पास अचेत अवस्था में मिला। सूचना पर पहुंची 112 पुलिस ने युवक को अस्पताल में भर्ती कराया। मिली जानकारी के अनुसार हरनाकछार निवासी राजू यादव पुत्र श्री राम यादव, उम्र करीब 30 वर्ष अपने दोस्तों धर्मेंद्र चंद्रवंशी और शिवम यादव के साथ गुरुवार शाम करीब छह बजे घर से निकला था। घायल राजू के अनुसार, तीनों पहले विंढमगंज स्थित एक बीयर बार पहुंचे, जहां उन्होंने शराब पी। इसी दौरान दोस्तों के बीच किसी बात को लेकर नोकझोंक भी हुई। राजू ने बताया कि इसके बाद सभी लोग अपने घर वापस आए। कुछ समय बाद वह फिर अपने दोस्तों शिवम यादव और धर्मेंद्र चंद्रवंशी के साथ केवाल स्थित मेवालाल गुप्ता के यहां गए। राजू के मुताबिक वहां भी उन्होंने शराब पी। इसके बाद उसके साथ क्या हुआ, उसे इसकी जानकारी नहीं है। शुक्रवार सुबह करीब छह बजे राजू शिव मंदिर के गेट के पास अचेत अवस्था में मिला। युवक के वहां पड़े होने की खबर फैलते ही मौके पर ग्रामीणों की भीड़ उमड़ पड़ी। घटना की जानकारी मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। 112 पुलिस ने तत्काल युवक को अस्पताल पहुंचाया, जहां उसका उपचार कराया गया। युवक के होश में आने के बाद उसने रात में दोस्तों के साथ हुई गतिविधियों की जानकारी दी। हालांकि, वह शिव मंदिर के गेट तक कैसे पहुंचा और उसके साथ वास्तव में क्या हुआ, यह अभी स्पष्ट नहीं है। घटना को लेकर ग्रामीणों में चर्चा का माहौल है। मामले की वास्तविक स्थिति पुलिस जांच और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर ही स्पष्ट हो सकेगी।1
- मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने गुमला जिले के सिसई, गुमला एवं बिशुनपुर विधानसभा क्षेत्रों में एसआईआर के तहत मतदाताओं को प्राप्त हो रहे नोटिस के सुनवाई एवं दस्तावेजों के सत्यापन का किया निरीक्षण जनजातीय समूह के मतदाताओं के दस्तावेज संबंधी विवरण सरकारी अभिलेखों में उपलब्ध, पदाधिकारी इन अभिलेखों का उपयोग कर मतदाताओं को दें हरसंभव सहयोग—के. रवि कुमार एसआईआर की प्रक्रिया को जीरो एरर के लक्ष्य के अनुरूप तैयार किया गया है, इसमें प्रत्येक पदाधिकारियों के स्तर पर वेरिफिकेशन एवं जवाबदेही तय है पात्र भारतीय नागरिकों की सुविधा और दावे-आपत्तियों के निष्पक्ष निराकरण पर विशेष ध्यान देने का निर्देश गुमला: मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री के. रवि कुमार ने शुक्रवार को गुमला जिले के सिसई, गुमला एवं बिशुनपुर विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत चल रहे दावा-आपत्ति एवं सुनवाई की प्रक्रिया का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने मतदाताओं को दस्तावेज सत्यापन हेतु प्राप्त नोटिस एवं उसके सुनवाई हेतु समर्पित किए जाने वाले दस्तावेजों के संबंधित निर्वाचन निबंधन पदाधिकारियों द्वारा सत्यापन की प्रक्रिया तथा मतदाताओं को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की जानकारी ली।मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा एसआईआर की प्रक्रिया को जीरो एरर के लक्ष्य के अनुरूप तैयार किया गया है, इसमें प्रत्येक पदाधिकारियों के स्तर पर वेरिफिकेशन एवं जवाबदेही तय है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में बन रहे एसआईआर के दस्तावेज को भविष्य के लिए परमानेंट डाक्यूमेंट के रूप में संरक्षित रखना है। भविष्य में इसकी महत्वता को देखते हुए पदाधिकारियों को एसआईआर द्वारा निर्मित मतदाता सूची को शुद्ध एवं त्रुटिरहित तैयार करना अनिवार्य है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने विभिन्न क्षेत्रों में जनजातीय समूह के मतदाताओं से भी मुलाकात कर उनकी समस्याओं एवं एसआईआर से संबंधित प्रक्रियाओं की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि जनजातीय समूह के मतदाताओं के दस्तावेज संबंधी विवरण विभिन्न सरकारी कार्यालयों एवं विभागों के अभिलेखों में उपलब्ध हैं। ऐसे में मतदाताओं के उपलब्ध सरकारी अभिलेखों का नियमानुसार उपयोग करते हुए उनके दस्तावेजों के सत्यापन की प्रक्रिया को सुगम बनाया जाए।श्री के. रवि कुमार ने संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि जनजातीय समूह के मतदाताओं सहित सभी पात्र भारतीय नागरिकों का भी सुनवाई के क्रम में विशेष ध्यान रखा जाए। जहां आवश्यक हो, उन्हें दस्तावेजों के सत्यापन की प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेज एवं निर्धारित प्रपत्रों के संबंध में स्पष्ट जानकारी उपलब्ध कराते हुए हरसंभव सहयोग प्रदान किया जाए। सुनवाई केंद्रों पर टोकन सिस्टम को सुविधा रखें जाए जिससे अधिक भीड़ न हो साथ ही प्रत्येक मतदाताओं को उनका पक्ष रखने का पर्याप्त अवसर प्राप्त हो। उन्होंने कहा कि मतदाताओं द्वार प्राप्त दावों और आपत्तियों का निर्धारित प्रक्रिया एवं भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप समयबद्ध तरीके से निराकरण सुनिश्चित किया जाए।मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण का उद्देश्य शुद्ध एवं त्रुटिरहित मतदाता सूची तैयार करना है। इसके लिए सभी संबंधित पदाधिकारी क्षेत्र स्तर पर मतदाताओं के साथ समुचित समन्वय बनाए रखें और विशेष रूप से दूरस्थ एवं जनजातीय क्षेत्रों के मतदाताओं को आवश्यक जानकारी एवं सहायता उपलब्ध कराएं।1