राजगढ़ जिले के पचोर क्षेत्र के सराली गांव में उज्जैन से आए तपस्वी योगी जायेश जी महाराज ने गांव का भ्रमण किया, जहां उन्होंने लगभग 20 साल से नाली के किनारे गंदगी में रखी हनुमानजी की प्रतिमा देखी। यह देखकर योगी जायेश जी महाराज आक्रोशित हुए और उन्होंने तत्काल ग्रामीणों से चर्चा कर भव्य मंदिर निर्माण का संकल्प लिया। इसके साथ ही, उन्होंने मुक्तिधाम में 11 कुंड बनाकर धूनी रमा ली, जहां वे दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक तपती धूप में बैठे रहे। मुक्तिधाम में योगी के दर्शन और उनकी धूनी को देखने के लिए आसपास के क्षेत्रों से हजारों लोग उमड़ रहे हैं। ग्रामीणों ने बताया कि हनुमानजी की मूर्ति लंबे समय से गंदगी में थी। योगी जायेश जी महाराज की प्रेरणा से गांव में एक 5 कुंडी यज्ञ और सप्तदिवसीय महोत्सव का आयोजन भी हो रहा है, जिसमें ग्रामीण मंत्रोच्चारण के साथ यज्ञ में आहुतियां दे रहे हैं। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि जिन घरों के लोगों ने आसपास गंदगी कर रखी थी, वे अब 11 दिनों के लिए गांव से बाहर चले गए हैं। तपस्वी योगी ने स्पष्ट किया कि वे ग्रामीणों के मंगलमय और कल्याण के लिए यह धूनी लगाकर योग साधन कर रहे हैं, और इसी के साथ खेड़ापति हनुमान जी की प्राण प्रतिष्ठा भी की जाएगी। अघोर जयेस महाराज के 11 कुंडों में धूनी जलाकर तप करने से क्षेत्र में भारी जनसैलाब उमड़ रहा है।
राजगढ़ जिले के पचोर क्षेत्र के सराली गांव में उज्जैन से आए तपस्वी योगी जायेश जी महाराज ने गांव का भ्रमण किया, जहां उन्होंने लगभग 20 साल से नाली के किनारे गंदगी में रखी हनुमानजी की प्रतिमा देखी। यह देखकर योगी जायेश जी महाराज आक्रोशित हुए और उन्होंने तत्काल ग्रामीणों से चर्चा कर भव्य मंदिर निर्माण का संकल्प लिया। इसके साथ ही, उन्होंने मुक्तिधाम में 11 कुंड बनाकर धूनी रमा ली, जहां वे दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक तपती धूप में बैठे रहे। मुक्तिधाम में योगी के दर्शन और उनकी धूनी को देखने के लिए आसपास के क्षेत्रों से हजारों लोग उमड़ रहे हैं। ग्रामीणों ने बताया कि हनुमानजी की मूर्ति लंबे समय से गंदगी में थी। योगी जायेश जी महाराज की प्रेरणा से गांव में एक 5 कुंडी यज्ञ और सप्तदिवसीय महोत्सव का आयोजन भी हो रहा है, जिसमें ग्रामीण मंत्रोच्चारण के साथ यज्ञ में आहुतियां दे रहे हैं। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि जिन घरों के लोगों ने आसपास गंदगी कर रखी थी, वे अब 11 दिनों के लिए गांव से बाहर चले गए हैं। तपस्वी योगी ने स्पष्ट किया कि वे ग्रामीणों के मंगलमय और कल्याण के लिए यह धूनी लगाकर योग साधन कर रहे हैं, और इसी के साथ खेड़ापति हनुमान जी की प्राण प्रतिष्ठा भी की जाएगी। अघोर जयेस महाराज के 11 कुंडों में धूनी जलाकर तप करने से क्षेत्र में भारी जनसैलाब उमड़ रहा है।
- शिल्पा शेट्टी ने एक योग कार्यक्रम का आयोजन किया, जिसमें उपस्थित लोगों ने काफी उत्साह दिखाया। इस पूरे आयोजन का वीडियो देखने के लिए उपलब्ध है।1
- श्री राम भगवान के मंदिर में हुई चोरी की घटना पर एक गीत बनाया गया है। लोगों को इस गीत को सुनने के लिए आमंत्रित किया जा रहा है।2
- शाजापुर जिले के पनवाड़ी-जलोदा स्थित ड्रीम फन वैली वाटर पार्क में नहाने के दौरान गंभीर रूप से घायल हुए 25 वर्षीय सुनील भिलाला की उपचार के दौरान मौत हो गई। राजगढ़ जिले के भैंसवा माताजी निवासी सुनील भिलाला 3 जून को अपने दोस्तों के साथ वाटर पार्क गए थे, जहां लहर वाले स्विमिंग पूल में गोता लगाने के दौरान वे गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उन्हें इलाज के लिए पहले शाजापुर और बाद में इंदौर रेफर किया गया था, जहां 5 जून को उनकी मृत्यु हो गई। पुलिस द्वारा की गई जांच में यह सामने आया है कि वाटर पार्क में संवेदनशील स्थानों पर कोई चेतावनी बोर्ड या सुरक्षा संकेतक नहीं लगाए गए थे। पुलिस ने इस स्थिति को बड़ी लापरवाही मानते हुए वाटर पार्क के संचालक अंशुल उर्फ विक्की शिवहरे और राहुल शिवहरे के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 106(1) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।1
- शाजापुर जिले की कालापीपल तहसील के ग्राम कमालपुर में बिजली विभाग की घोर लापरवाही का मामला सामने आया है। यहाँ एक डीपी (डिस्ट्रीब्यूशन ट्रांसफॉर्मर) बदलते समय हेल्पर महेश मीणा की खंभे पर करंट लगने से मौत हो गई। बताया गया कि अचानक बिजली चालू कर दी गई, जिसके कारण महेश मीणा का शरीर खंभे पर धू-धू कर जलता रहा। इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है। घटना के संबंध में बताया गया है कि काफी समय से डीपी खराब थी और उसे बदलने के लिए आदेश व परमिट दोनों थे। इसके बावजूद, बिजली विभाग की कथित लापरवाही के चलते यह हादसा हुआ, जब महेश मीणा को काम के बीच अचानक बिजली चालू होने से करंट लग गया। इस गंभीर मामले पर कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय सचिव कुणाल चौधरी ने सरकार और बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। कुणाल चौधरी, जो कालापीपल के पूर्व विधायक भी हैं, ने बिजली मंत्री और मोहन सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने पूछा कि जब डीपी बदलने के लिए परमिट और आदेश दोनों थे, तो फिर उसकी अनदेखी कर महेश मीणा की मौत का जिम्मेदार कौन है। उन्होंने बताया कि महेश मीणा मात्र 8 हजार रुपये में काम करता था और उसके परिवार के भरण-पोषण की जिम्मेदारी उसी पर थी। चौधरी ने इस मौत के लिए सरकार या विभाग को जिम्मेदार ठहराया और मांग की कि बिजली मंत्री को तत्काल इस्तीफा देना चाहिए। साथ ही, उन्होंने महेश मीणा के परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी और एक करोड़ रुपये का मुआवजा देने की भी माँग की है।3
- मोहन बड़ोदिया स्थित शासकीय आर्यावर्त महाविद्यालय में पिछले तीन सालों से माँ सरस्वती की एक मूर्ति कांच के बॉक्स में बंद पड़ी है। विद्यार्थी इस मूर्ति के अनावरण का बेसब्री से इंतज़ार कर रहे हैं, लेकिन बीते तीन सालों से यह मूर्ति अनावरण की प्रतीक्षा में ही है।1
- सुसनेर के नरबदिया क्षेत्र में, लगातार उठाए जा रहे जनहित के मुद्दों के बाद, सीएमओ हरिओम शर्मा ने मौके पर पहुंचकर नाला सफाई कार्य का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने संबंधित कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।1
- राजगढ़ जिले के मोकमपुरा गांव में एक विवाह कार्यक्रम के दौरान हुए विवाद में एक व्यक्ति की उपचार के दौरान मृत्यु हो गई, जिसके बाद इस घटना से संबंधित चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। यह घटना 12 जून, 2026 को असलम खान की बेटी के शादी समारोह में नाच-गाने के दौरान धक्का-मुक्की से शुरू हुई थी, जो बाद में मारपीट में बदल गई। घायल हाकिम पिता मोहम्मद खान, जो ब्लू मून कॉलोनी भोपाल के निवासी थे, को लाठी से मारा गया था, जिससे उनके दाहिने पैर की जांघ और सिर में चोटें आई थीं। उन्हें पहले राजगढ़ जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, फिर भोपाल रेफर किया गया, जहाँ 19 जून, 2026 को एबीएम प्राइवेट हॉस्पिटल में उपचार के दौरान उनकी मृत्यु हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से पुष्टि हुई है कि मौत सिर में ठोस वस्तु से लगी चोट के कारण हुई थी। पुलिस अधीक्षक राजगढ़ श्री अमित तोलानी (भा.पु.से.) के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री के.एल. बंजारे और एसडीओपी राजगढ़ श्री अरविंद सिंह राठौर के मार्गदर्शन में, थाना कोतवाली पुलिस ने इस गंभीर और संवेदनशील मामले में त्वरित कार्रवाई की। मारपीट की इस घटना पर थाना कोतवाली राजगढ़ में क्रॉस मुकदमा अपराध क्रमांक 408/26 और 410/26 धारा 296(ए), 115(2), 351(3), 3(5) बीएनएस के तहत पहले ही पंजीकृत किया गया था। अब उपलब्ध साक्ष्यों, मर्ग इंटीमेशन, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और परिस्थितिजन्य तथ्यों के आधार पर आरोपियों के विरुद्ध प्रकरण में धारा 103(1) बीएनएस (पुरानी धारा 302 भादवि) जोड़ी गई है। तकनीकी विश्लेषण और विश्वसनीय मुखबिर तंत्र की मदद से घटना के सभी चारों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर लिया गया है और उन्हें माननीय न्यायालय में पेश किया जा रहा है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में सद्दाम पिता नूर मोहम्मद खान और पप्पू पिता नूर मोहम्मद खान (दोनों निवासी गोवर्धनपुरा, थाना कोतवाली राजगढ़) के साथ आसिफ पिता अंसार खान (निवासी बाराद्वारी राजगढ़, थाना कोतवाली राजगढ़) और आसिफ पिता आयीन खान (निवासी ब्लू मून कॉलोनी भोपाल) शामिल हैं। इस प्रकरण के सफल अनावरण, साक्ष्य संकलन, आरोपियों से पूछताछ और गिरफ्तारी में थाना प्रभारी निरीक्षक श्रीमती मंजू मखेनिया, उप निरीक्षक राकेश दामले, उप निरीक्षक सुभाष द्विवेदी, प्रधान आरक्षक मोईन अंसारी, प्रधान आरक्षक मानसिंह भिलाला, प्रधान आरक्षक नंदकिशोर मीणा, आरक्षक विवेक पाटिल, आरक्षक शक्तिसिंह लोधा, आरक्षक साहब सिंह, आरक्षक मुकेश मीणा और सैनिक ऋतुराज की सराहनीय भूमिका रही।1
- मध्य प्रदेश में एक भाजपा विधायक ओमप्रकाश सकलेचा को उनके प्रवास के दौरान जनता के भारी विरोध का सामना करना पड़ा, जहाँ उनके लिए "चोर चोर" के नारे लगाए गए। यह वीडियो मध्य प्रदेश का बताया जा रहा है, जिसमें विधायक के क्षेत्र में न जाने और चुनाव के बाद लोगों की सुध न लेने से जनता और कार्यकर्ता नाराज थे। लोगों का गुस्सा खराब सड़कों और विकास कार्यों की कमी को लेकर था। सड़क निर्माण न होने से आक्रोशित जनता ने विधायक ओमप्रकाश सकलेचा को घेर लिया और उनके गनमैन के साथ झूमाझटकी भी हुई। इस घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें भाजपा विधायक को कार्यकर्ताओं और आम जनता द्वारा 'चोर विधायक चोर' कहा जा रहा है।1