Shuru
Apke Nagar Ki App…
उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले के ललौरीखेड़ा क्षेत्र में शराब भट्टी को हटाने की मांग को लेकर महिलाओं ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान महिलाओं का गुस्सा इतना बढ़ गया कि उन्होंने शराब की पेटियों को बाहर निकालकर सड़क पर फेंक दिया और भट्टी में तोड़फोड़ भी की। यह विरोध प्रदर्शन शराब की दुकान के खिलाफ था, जहां महिलाओं ने अपनी नाराजगी व्यक्त करते हुए जमकर हंगामा किया।
अवधेश गुप्ता
उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले के ललौरीखेड़ा क्षेत्र में शराब भट्टी को हटाने की मांग को लेकर महिलाओं ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान महिलाओं का गुस्सा इतना बढ़ गया कि उन्होंने शराब की पेटियों को बाहर निकालकर सड़क पर फेंक दिया और भट्टी में तोड़फोड़ भी की। यह विरोध प्रदर्शन शराब की दुकान के खिलाफ था, जहां महिलाओं ने अपनी नाराजगी व्यक्त करते हुए जमकर हंगामा किया।
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- पीलीभीत में सड़कों पर स्थित शराब की दुकानों को हटाने की मांग को लेकर गाँव की सैकड़ों महिलाओं ने उग्र विरोध प्रदर्शन किया। यह पहली बार नहीं है, इससे पहले भी इन महिलाओं ने एक शराब की दुकान तोड़ दी थी, जिसके बाद अब एक बार फिर उन्होंने स्वयं मोर्चा संभाला है। महिलाओं ने प्रशासन से सवाल किया कि आखिर क्यों वह स्थानीय जनता की मांग पर कोई कार्रवाई नहीं करता, और क्या शराब की दुकानें ही सरकार की आय का एकमात्र साधन रह गई हैं, भले ही उनसे कितने ही परिवार टूट जाएँ और गंभीर अपराध हों। इन सवालों का जवाब न मिलने पर महिलाओं का गुस्सा भड़क उठा। आक्रोशित महिलाओं ने देसी और अंग्रेजी शराब की दुकानों में घुसकर शराब की बोतलों और क्वार्टरों को जमकर तोड़-फोड़ दिया। लाखों रुपये की शराब की बोतलें दुकान में ही नष्ट कर दी गईं, और काफी देर तक दुकानों में महिलाओं का यह हंगामा चलता रहा। इस घटना के बाद, प्रशासन उन आरोपियों पर मुकदमा दर्ज करने की तैयारी कर रहा है, जिन्होंने लाखों रुपये की शराब की बोतलें तोड़ीं और दुकान में बिक्री के लिए रखी नकदी की कथित तौर पर लूटपाट की। हालांकि, इसके साथ ही यह सवाल भी उठ रहा है कि आखिर प्रशासन जनता की अपीलों और मांगों को क्यों अनसुना करता है, और कैसे स्थानीय पुलिस प्रशासन खतरे व आंदोलन को भांपने में विफल हो जाता है। मीडिया सूत्र संकेत दे रहे हैं कि यह सारा घटनाक्रम पहले से ही सुनियोजित था।1
- पीलीभीत में 9 साल की नाबालिग बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म के मामले में राज्य मंत्री संजय सिंह गंगवार ने महत्वपूर्ण घोषणाएँ की हैं। मंत्री ने ऐलान किया है कि रविवार को पीड़िता के घर के पीछे बनी मजार पर 'बाबा का बुलडोजर' चलेगा। इस मामले में राज्य मंत्री संजय सिंह गंगवार ने पीड़िता नाबालिग बच्ची को गोद लेने का बड़ा फैसला लिया है, और उन्होंने खुद उसका कन्यादान करने का संकल्प भी व्यक्त किया है।1
- पीलीभीत जिले में नेशनल हाईवे-730 पर एक अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया, जिसके तहत गजरौला कस्बे के चौराहे से अवैध कब्ज़े हटाए गए। दुकानदारों द्वारा हाईवे पर किए गए इन कब्ज़ों के कारण राहगीरों को आवागमन में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इस संयुक्त कार्रवाई को भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI), राजस्व टीम और पुलिस बल ने अंजाम दिया, जिससे हाईवे को अतिक्रमण मुक्त किया जा सका।1
- बरेली जिले के नवाबगंज विकासखंड क्षेत्र की ग्राम पंचायत मौजम नगला खालसा स्थित डॉ. भीमराव अंबेडकर सचिवालय में रविवार को 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का आयोजन बड़े उत्साह और उमंग के साथ किया गया। इस कार्यक्रम में ग्राम पंचायत के लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और योगाभ्यास कर स्वस्थ जीवन जीने का संदेश दिया। योग दिवस के अवसर पर विभिन्न योगासन और प्राणायाम का अभ्यास कराया गया, साथ ही उपस्थित लोगों को योग के शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक लाभों के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। कार्यक्रम में मौजूद वक्ताओं ने योग को भारत की एक प्राचीन और अमूल्य विरासत बताया, जिसे आज पूरी दुनिया अपना रही है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि नियमित योग करने से न केवल शरीर स्वस्थ रहता है और मानसिक तनाव कम होता है, बल्कि व्यक्ति का समग्र विकास भी होता है। वक्ताओं ने ग्रामीणों से आह्वान किया कि वे योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का अभिन्न हिस्सा बनाएं। इसी अवसर पर ग्राम प्रधान चंद्रपाल ने कहा कि योग केवल एक व्यायाम मात्र नहीं, बल्कि स्वस्थ और संतुलित जीवन जीने की एक कला है, और उन्होंने सभी ग्रामवासियों से नियमित योग करने तथा अपने परिवार के अन्य सदस्यों को भी इसके लिए प्रेरित करने की अपील की। इस सफल आयोजन में पंचायत सहायक संजय सिंह ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कार्यक्रम में लाल सिंह (दैनिक भास्कर), अजीत सिंह, ललित बाबू, संजय सिंह, गजेंद्र, विवेक, और सचिवालय के केयरटेकर कमलेश सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। कार्यक्रम के समापन पर, सभी प्रतिभागियों ने प्रतिदिन योग करने का संकल्प लिया, जिससे अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का यह आयोजन सफल रहा। ग्रामीणों ने इस प्रकार के आयोजनों की सराहना करते हुए कहा कि ये गांवों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं।1
- अमरिया थाना परिसर में आगामी मोहर्रम पर्व के मद्देनजर शनिवार को दोपहर 3 बजे पीस कमेटी की एक बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने पर चर्चा करना था। बैठक में एसडीएम मयंक गोस्वामी, सीओ सदर आईपीएस नताशा गोयल और थाना प्रभारी अमित सिंह ने प्रमुख रूप से भाग लिया। उन्होंने धर्मगुरुओं, ताजियादारों, ग्राम प्रधानों और क्षेत्रीय नागरिकों के साथ शांतिपूर्ण माहौल में पर्व मनाने पर विस्तृत चर्चा की। एसडीएम मयंक गोस्वामी ने सभी से मोहर्रम को भाईचारे और शांतिपूर्ण ढंग से मनाने की अपील की। वहीं, सीओ सदर नताशा गोयल ने ताजियों की ऊंचाई, बिजली के तारों की सुरक्षा, जुलूसों की व्यवस्था और डीजे के उपयोग से संबंधित आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। प्रशासन ने पर्व को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी उपस्थित लोगों से सहयोग का आह्वान किया।1
- उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का एक पुराना बयान सोशल मीडिया पर फिर से बहस का विषय बन गया है। विधानसभा में हुई एक बहस के दौरान उन्होंने सवाल उठाया था कि यदि किसी को "अल्लाह हू अकबर" का नारा अच्छा न लगे और वह उसे रोकने का प्रयास करे, तो क्या यह उचित होगा। मुख्यमंत्री ने इस उदाहरण के माध्यम से धार्मिक नारों और आस्था के सम्मान के महत्व पर बात की थी। उनके इस बयान पर पहले भी अलग-अलग राजनीतिक और सामाजिक प्रतिक्रियाएँ सामने आई थीं। जहाँ एक ओर समर्थकों ने इसे सभी धर्मों की आस्था का सम्मान करने और दोहरे मानदंडों पर सवाल उठाने का प्रयास बताया था, वहीं आलोचकों ने इसे एक विवादास्पद बयान करार दिया था। आज भी सोशल मीडिया पर यह मुद्दा गरमाया हुआ है। कुछ लोग इसे अभिव्यक्ति और धार्मिक स्वतंत्रता से जुड़ा विषय मानते हुए इस पर अपनी राय रख रहे हैं, जबकि अन्य इसे केवल राजनीतिक बयानबाजी के तौर पर देख रहे हैं, जिससे यह बहस लगातार जारी है।1
- बिहार में थाना अध्यक्ष भरत तिवारी से जुड़े एक एनकाउंटर मामले को लेकर सवाल उठ रहे हैं। इस घटना से संबंधित बातों की सच्चाई पर संदेह व्यक्त किया जा रहा है। लोगों से अपील की गई है कि वे इन दावों में कितनी सच्चाई है, इस पर अपनी राय कमेंट करके जरूर बताएं।1
- पीलीभीत के पूरनपुर में भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) टिकैत गुट ने किसानों और जनहित से जुड़ी विभिन्न समस्याओं को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने उप जिलाधिकारी (SDM) को एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें किसानों से संबंधित कई महत्वपूर्ण मुद्दों को उठाया गया। ज्ञापन में प्रमुख रूप से धान की रोपाई के लिए किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने की मांग की गई। इसके अतिरिक्त, नहरों की उचित सफाई सुनिश्चित करने और क्षेत्र में 22 घंटे बिजली आपूर्ति बनाए रखने की भी पुरजोर मांग उठाई गई। भाकियू टिकैत गुट ने आवारा पशुओं को गौशालाओं में भेजने, डीजल की उपलब्धता सुनिश्चित करने, तथा डीजल पर लगने वाले टैक्स और अनिवार्य मोबिल ऑयल की बाध्यता को खत्म करने की अपील भी की। प्रदर्शनकारियों ने राशन और पोषाहार से संबंधित समस्याओं के समाधान और डग्गामार वाहनों पर सख्त कार्रवाई करने की भी मांग रखी।1
- बरेली पुलिस ने अर्जुन हत्याकांड के वांछित अभियुक्त कुश उर्फ नन्हे को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, इस हत्या की वजह प्रेम-प्रसंग से जुड़ा विवाद था। अर्जुन की गोली मारकर हत्या 15 जून 2026 की रात थाना बारादरी क्षेत्र में हुई थी। पुलिस को उस रात एक युवक को गोली लगने की सूचना मिली थी, जिसके बाद मौके पर पहुँची टीम ने शव की पहचान संजय नगर निवासी अर्जुन पुत्र राकेश के रूप में की। इस मामले में मृतक के परिजनों की शिकायत पर थाना बारादरी में मु0अ0सं0 799/2026, धारा 103(1)/3(5) बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। इस प्रकरण में एक अन्य अभियुक्त अर्पित उर्फ पहाड़ी को पहले ही पुलिस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। पुलिस ने 20 जून 2026 को घटना में शामिल वांछित अभियुक्त कुश पुत्र अंतराम उर्फ नन्हे को डीडीयूपुरम पार्क के पास से गिरफ्तार किया। पूछताछ में कुश ने बताया कि उसका मृतक अर्जुन की बहन पलक के साथ पिछले लगभग तीन वर्षों से प्रेम संबंध था, जिसका अर्जुन विरोध करता था। 15 जून को अर्जुन ने उसे एक बेकरी के पास थप्पड़ मार दिया था। इसके बाद उसने अपने साथियों अर्पित उर्फ पहाड़ी और कपिल को घटना की जानकारी दी। तीनों ने मिलकर अर्जुन को संजय नगर स्थित गोसाई गैटिया मंदिर के पास तिराहे पर रोक लिया। वहाँ विवाद बढ़ने पर अर्पित उर्फ पहाड़ी ने तमंचे से गोली मार दी, जिससे अर्जुन की मौत हो गई। घटना के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए थे। गिरफ्तार अभियुक्त कुश को न्यायालय में पेश कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। इस गिरफ्तारी को अंजाम देने वाली पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक विजेन्द्र कुमार, निरीक्षक अपराध तारिक खान, उपनिरीक्षक प्रदीप कुमार, कांस्टेबल निखिल तोमर और कांस्टेबल मोहम्मद बिलाल शामिल रहे।2