शिकारपुर और आसपास के क्षेत्रों में उस समय हड़कम्प मच गया, जब अचानक लोगों के मोबाइल फोन एक तेज सायरन और कंपन के साथ बज उठे। भारत सरकार के राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) द्वारा भेजे गए इस आपातकाल अलर्ट (Emergency Alert) ने एक पल के लिए सबको चौंका दिया। मोबाइल स्क्रीन पर आए इस संदेश में अगले 3 घंटों के भीतर क्षेत्र में भीषण आंधी-तूफान, बिजली कड़कने और ओलावृष्टि की गम्भीर चेतावनी दी गई है। संदेश के अनुसार, हवा की गति शुरुआत में 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटा रहेगी, जो बढ़कर 80 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुँच सकती है। इसके साथ ही मूसलाधार बारिश, बिजली कड़कने और कई स्थानों पर ओलावृष्टि की भी संभावना जताई गई है। जैसे ही यह फ्लैश मैसेज बाजारों, घरों और दफ्तरों में मौजूद लोगों के मोबाइलों पर आया, सैकड़ों मोबाइल एक साथ गूँज उठे, जिससे लोग अपनी-अपनी स्क्रीन देखने लगे। कई लोग शुरुआत में इसे कोई तकनीकी खराबी समझे, लेकिन जब आसपास के सभी मोबाइलों में एक साथ यह अलार्म बजा, तब उन्हें समझ आया कि यह मौसम विभाग और सरकार द्वारा जारी की गई आधिकारिक चेतावनी है। संदेश में स्पष्ट रूप से लिखा था कि अगले 3 घण्टों के दौरान जनपद के कुछ स्थानों पर बिजली कड़कने के साथ तेज आंधी तूफान की चेतावनी है। इस हाई-अलर्ट के बाद प्रशासन ने भी लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। तेज आंधी और 80 किमी प्रति घंटा की रफ्तार वाली हवाओं को देखते हुए लोगों को सलाह दी गई है कि चेतावनी के समय के दौरान घरों से बाहर न निकलें, बड़े पेड़ों, जर्जर दीवारों और बिजली के खम्भों या होर्डिंग्स के नीचे खड़े होने से बचें और अपने वाहनों को सुरक्षित स्थानों पर पार्क करें। इस आधुनिक अलर्ट सिस्टम की वजह से लोग समय रहते सतर्क हो गए हैं और क्षेत्र में मौसम के बदलते मिजाज को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है।
शिकारपुर और आसपास के क्षेत्रों में उस समय हड़कम्प मच गया, जब अचानक लोगों के मोबाइल फोन एक तेज सायरन और कंपन के साथ बज उठे। भारत सरकार के राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) द्वारा भेजे गए इस आपातकाल अलर्ट (Emergency Alert) ने एक पल के लिए सबको चौंका दिया। मोबाइल स्क्रीन पर आए इस संदेश में अगले 3 घंटों के भीतर क्षेत्र में भीषण आंधी-तूफान, बिजली कड़कने और ओलावृष्टि की गम्भीर चेतावनी दी गई है। संदेश के अनुसार, हवा की गति शुरुआत में 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटा रहेगी, जो बढ़कर 80 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुँच सकती है। इसके साथ ही मूसलाधार बारिश, बिजली कड़कने और कई स्थानों पर ओलावृष्टि की भी संभावना जताई गई है। जैसे ही यह फ्लैश मैसेज बाजारों, घरों और दफ्तरों में मौजूद लोगों के मोबाइलों पर आया, सैकड़ों मोबाइल एक साथ गूँज उठे, जिससे लोग अपनी-अपनी स्क्रीन देखने लगे। कई लोग शुरुआत में इसे कोई तकनीकी खराबी समझे, लेकिन जब आसपास के सभी मोबाइलों में एक साथ यह अलार्म बजा, तब उन्हें समझ आया कि यह मौसम विभाग और सरकार द्वारा जारी की गई आधिकारिक चेतावनी है। संदेश में स्पष्ट रूप से लिखा था कि अगले 3 घण्टों के दौरान जनपद के कुछ स्थानों पर बिजली कड़कने के साथ तेज आंधी तूफान की चेतावनी है। इस हाई-अलर्ट के बाद प्रशासन ने भी लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। तेज आंधी और 80 किमी प्रति घंटा की रफ्तार वाली हवाओं को देखते हुए लोगों को सलाह दी गई है कि चेतावनी के समय के दौरान घरों से बाहर न निकलें, बड़े पेड़ों, जर्जर दीवारों और बिजली के खम्भों या होर्डिंग्स के नीचे खड़े होने से बचें और अपने वाहनों को सुरक्षित स्थानों पर पार्क करें। इस आधुनिक अलर्ट सिस्टम की वजह से लोग समय रहते सतर्क हो गए हैं और क्षेत्र में मौसम के बदलते मिजाज को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है।
- गाजियाबाद के खोड़ा में हुए सूर्या हत्याकांड के मुख्य आरोपी असद को पुलिस ने एक एनकाउंटर में मार गिराया है। खोड़ा और इंदिरापुरम पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में एक सिपाही भी घायल हो गया। यह ऑपरेशन डीसीपी धवल जयसवाल की टीम ने अंजाम दिया, और यह पुलिस कमिश्नर जे रविंदर गौड के कार्यकाल का सातवां फुल एनकाउंटर बताया जा रहा है।1
- गाजियाबाद की खोड़ा कॉलोनी में बकरीद के दिन सूर्य चौहान नामक एक हिंदू लड़के की हत्या के बाद एक हैरान करने वाली और गंभीर कहानी सामने आई है, जिसे मूल पोस्ट में 'हिंदू लड़के की कुर्बानी' बताया गया है। इस घटना से उपजा मामला लगातार गर्माता जा रहा है। जानकारी में यह भी बताया गया है कि खोड़ा कॉलोनी में जितने भी मुसलमान निवासी हैं, वे सभी बाहर के रहने वाले हैं और स्वयं भी इस बात की पुष्टि कर रहे हैं कि वे यहां के स्थानीय निवासी नहीं हैं। सूर्य चौहान का शव पोस्टमार्टम के बाद उनके घर पहुँच गया है, लेकिन उनके परिजनों ने अंतिम संस्कार करने से साफ इनकार कर दिया है। परिवार ने शव को रखने के लिए एक फ्रीजर मंगवाया है और उनका स्पष्ट कहना है कि अंतिम संस्कार सिर्फ तभी होगा जब सभी आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी और उन्हें मौत की सजा मिलेगी। यह देखना होगा कि योगी सरकार इस संवेदनशील मामले में क्या कार्रवाई करती है। यह सिर्फ किसी धर्म विशेष का मामला नहीं है, बल्कि इसमें यह देखना है कि लोग कितनी निर्दयता से एक बच्चे की जान ले सकते हैं और इस जघन्य कृत्य पर प्रशासन कितनी कठोर कार्रवाई करेगा।1
- बुलंदशहर के जिला चिकित्सालय में संविदा कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर सीएमएस कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। इन कर्मचारियों ने आरोप लगाया है कि उन्हें नियमानुसार मिलने वाली मासिक चार छुट्टियां नहीं दी जा रही हैं। उनका कहना है कि संविदा नियमावली के अनुसार उन्हें महीने में चार अवकाश का अधिकार है, लेकिन अस्पताल प्रशासन द्वारा इसका पालन नहीं किया जा रहा है। प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों ने प्रशासन से मांग की है कि उन्हें नियमानुसार छुट्टियां उपलब्ध कराई जाएं और उनकी समस्याओं का जल्द समाधान किया जाए। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया, तो वे अपने आंदोलन को और भी तेज़ करेंगे।4
- एक नागरिक ने बताया है कि 10 दिन पहले एक हैंडपंप के संबंध में शिकायत दर्ज कराई गई थी, लेकिन अब तक उसका कोई समाधान नहीं निकला है। शिकायत के अनुसार, इस हैंडपंप में एक सबमर्सिबल पंप लगा हुआ है। इस समस्या का जल्द से जल्द समाधान कराने का आग्रह किया गया है।1
- शिकारपुर और आसपास के क्षेत्रों में उस समय हड़कम्प मच गया, जब अचानक लोगों के मोबाइल फोन एक तेज सायरन और कंपन के साथ बज उठे। भारत सरकार के राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) द्वारा भेजे गए इस आपातकाल अलर्ट (Emergency Alert) ने एक पल के लिए सबको चौंका दिया। मोबाइल स्क्रीन पर आए इस संदेश में अगले 3 घंटों के भीतर क्षेत्र में भीषण आंधी-तूफान, बिजली कड़कने और ओलावृष्टि की गम्भीर चेतावनी दी गई है। संदेश के अनुसार, हवा की गति शुरुआत में 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटा रहेगी, जो बढ़कर 80 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुँच सकती है। इसके साथ ही मूसलाधार बारिश, बिजली कड़कने और कई स्थानों पर ओलावृष्टि की भी संभावना जताई गई है। जैसे ही यह फ्लैश मैसेज बाजारों, घरों और दफ्तरों में मौजूद लोगों के मोबाइलों पर आया, सैकड़ों मोबाइल एक साथ गूँज उठे, जिससे लोग अपनी-अपनी स्क्रीन देखने लगे। कई लोग शुरुआत में इसे कोई तकनीकी खराबी समझे, लेकिन जब आसपास के सभी मोबाइलों में एक साथ यह अलार्म बजा, तब उन्हें समझ आया कि यह मौसम विभाग और सरकार द्वारा जारी की गई आधिकारिक चेतावनी है। संदेश में स्पष्ट रूप से लिखा था कि अगले 3 घण्टों के दौरान जनपद के कुछ स्थानों पर बिजली कड़कने के साथ तेज आंधी तूफान की चेतावनी है। इस हाई-अलर्ट के बाद प्रशासन ने भी लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। तेज आंधी और 80 किमी प्रति घंटा की रफ्तार वाली हवाओं को देखते हुए लोगों को सलाह दी गई है कि चेतावनी के समय के दौरान घरों से बाहर न निकलें, बड़े पेड़ों, जर्जर दीवारों और बिजली के खम्भों या होर्डिंग्स के नीचे खड़े होने से बचें और अपने वाहनों को सुरक्षित स्थानों पर पार्क करें। इस आधुनिक अलर्ट सिस्टम की वजह से लोग समय रहते सतर्क हो गए हैं और क्षेत्र में मौसम के बदलते मिजाज को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है।1
- बुलंदशहर के औरंगाबाद स्थित इस्माइला के पास एक चलती प्राइवेट बस में भीषण आग लग गई, जिससे यात्रियों के बीच अफरा-तफरी मच गई। यह बस देखते ही देखते आग का गोला बन गई और पूरी तरह जलकर खाक हो गई। राहत की बात यह रही कि बस में सवार सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिसके चलते इस हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई। सूचना मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। थाना प्रभारी मोहम्मद असलम ने स्थिति को संभाला। आशंका जताई जा रही है कि आग शॉर्ट सर्किट के कारण लगी थी।1