अमेठी जिले के गौरीगंज थाना क्षेत्र के अंतर्गत आनापुर नेता रोड स्थित एक दुग्ध डेरी को निशाना बनाकर चोरों ने नकदी समेत हजारों रुपये के सामान पर हाथ साफ कर दिया। यह वारदात 10 जुलाई की रात को घटित हुई। पीड़ित डेरी संचालक अभिशेष के अनुसार, चोर कथित तौर पर मास्टर की की मदद से दुकान का ताला खोलकर अंदर दाखिल हुए और आराम से चोरी की वारदात को अंजाम देकर वहां से फरार हो गए। चोरों ने डेरी से करीब 5 हजार रुपये नकद, कांटा-बाट, पंखा, कंप्यूटर का कीबोर्ड, सात बोरी पशु आहार और अन्य जरूरी सामान चोरी कर लिया। शनिवार सुबह जब डेरी संचालक दुकान खोलने पहुंचे तो उन्हें ताला खुला हुआ मिला और अंदर का सारा सामान बिखरा पड़ा था, जिसके बाद उन्होंने तुरंत पुलिस को इस मामले की सूचना दी। सूचना मिलते ही डायल-112 पर तैनात पुलिसकर्मी गंगा प्रसाद सरोज ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया और आसपास के लोगों से पूछताछ की। गौरीगंज कोतवाल रवि कुमार सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। पुलिस घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर और अन्य साक्ष्यों के आधार पर चोरों की पहचान करने में जुटी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस घटना का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
अमेठी जिले के गौरीगंज थाना क्षेत्र के अंतर्गत आनापुर नेता रोड स्थित एक दुग्ध डेरी को निशाना बनाकर चोरों ने नकदी समेत हजारों रुपये के सामान पर हाथ साफ कर दिया। यह वारदात 10 जुलाई की रात को घटित हुई। पीड़ित डेरी संचालक अभिशेष के अनुसार, चोर कथित तौर पर मास्टर की की मदद से दुकान का ताला खोलकर अंदर दाखिल हुए और आराम से चोरी की वारदात को अंजाम देकर वहां से फरार हो गए। चोरों ने डेरी से करीब 5 हजार रुपये नकद, कांटा-बाट, पंखा, कंप्यूटर का कीबोर्ड, सात बोरी पशु आहार और अन्य जरूरी सामान चोरी कर लिया। शनिवार सुबह जब डेरी संचालक दुकान खोलने पहुंचे तो उन्हें ताला खुला हुआ मिला और अंदर का सारा सामान बिखरा पड़ा था, जिसके बाद उन्होंने तुरंत पुलिस को इस मामले की सूचना दी। सूचना मिलते ही डायल-112 पर तैनात पुलिसकर्मी गंगा प्रसाद सरोज ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया और आसपास के लोगों से पूछताछ की। गौरीगंज कोतवाल रवि कुमार सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। पुलिस घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर और अन्य साक्ष्यों के आधार पर चोरों की पहचान करने में जुटी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस घटना का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
- अमेठी के संग्रामपुर विकासखंड क्षेत्र के गोरखापुर खाद वितरण केंद्र पर यूरिया खाद वितरण में भारी अनियमितता और पक्षपात के गंभीर आरोप लगे हैं। किसानों का आरोप है कि केंद्र पर तैनात सचिव कतार में लगे आम किसानों को नजरअंदाज कर रहे हैं और अपने परिचित लोगों को बिना लाइन के ही खाद बांट रहे हैं, जिससे वितरण व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो रही है। किसानों ने बताया कि केंद्र पर सुभाष सिंह नामक एक व्यक्ति, जो किसी भी अधिकृत पद पर नहीं हैं, खाद वितरण की प्रक्रिया में लगातार हस्तक्षेप कर रहे हैं। इस अव्यवस्था के कारण सुबह से अपनी ट्राई साइकिल पर बैठकर खाद मिलने का इंतजार कर रहे कई विकलांग किसानों को घंटों बाद भी खाद उपलब्ध नहीं कराई गई। किसानों के अनुसार, उन्हें बार-बार "अभी खाद देंगे" कहकर टाल दिया गया, जिससे जरूरतमंद और विकलांग किसानों के साथ हुए इस कथित दुर्व्यवहार को लेकर लोगों में भारी आक्रोश है। समय पर यूरिया खाद न मिलने से किसानों की खरीफ फसलों की बोआई प्रभावित हो रही है। ग्रामीणों और किसानों ने प्रशासन से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है। साथ ही, किसानों ने मांग उठाई है कि खाद वितरण व्यवस्था को पारदर्शी बनाया जाए और विकलांग व वरिष्ठ नागरिक किसानों को प्राथमिकता के आधार पर खाद उपलब्ध कराई जाए।4
- अमेठी जनपद के पीपरपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत बालीपुर डुढ़िया गांव में आबादी की भूमि पर निर्माण को लेकर हुए विवाद में एक महिला के साथ मारपीट करने और उन्हें जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया है। गांव की निवासी ममता तिवारी ने पीपरपुर थाने में प्रार्थना पत्र देकर गांव के ही कुछ लोगों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़िता के अनुसार, उनके हिस्से की आबादी की भूमि पर विकास तिवारी द्वारा जबरन निर्माण कराया जा रहा था, जिसके खिलाफ पहले भी शिकायत की गई थी। इस संबंध में बीते 22 जून 2026 को दोनों पक्षों के बीच एक समझौता भी कराया गया था, लेकिन इसके बावजूद समझौते का उल्लंघन कर दोबारा निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया। पीड़िता का आरोप है कि 10 जुलाई 2026 को सुबह करीब 11:30 बजे धनंजय तिवारी, विमल तिवारी, कमल तिवारी सहित अन्य लोग उनके घर के पीछे दीवार पर चद्दर लगा रहे थे। जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो धनंजय तिवारी ने घर में घुसकर उनके साथ मारपीट की, जिससे उनके हाथ और नाक में चोट आई और नाक से खून बहने लगा। इसके साथ ही आरोपियों ने गाली-गलौज करते हुए उनके परिवार को जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़िता ने पीपरपुर थाना पुलिस से इस मामले में निष्पक्ष जांच कर आरोपियों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई करने और अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।1
- अमेठी में लखनऊ से अपहृत बताए जा रहे युवक दीपक सिंह के शव की तलाश शनिवार को भी जारी रही। राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ) की टीम ने पीपरपुर और रामगंज थाना क्षेत्र से निकलने वाली शारदा सहायक खंड-51 की जौनपुर मुख्य शाखा नहर में सघन खोज अभियान चलाया, लेकिन फिलहाल शव बरामद नहीं हो सका है। टीम ने दोनों थाना क्षेत्रों में नहर के किनारों पर कई किलोमीटर तक सघन खोजबीन की है, जिसके बाद अब टीम शिवगढ़ थाना क्षेत्र की ओर बढ़ गई है। इस खोज अभियान की शुरुआत एक गेट मैन से मिली सूचना के आधार पर की गई थी। सुलतानपुर के कोतवाली देहात थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले अलहदादपुर गांव में नहर के गेट पर तैनात गेट मैन ने 23 जून को फाटक के पास एक अज्ञात शव देखे जाने की जानकारी दी थी। निरीक्षक सुभाष चंद्र मिश्र के नेतृत्व में एसडीआरएफ और पुलिस की टीमें लगातार नहर और आसपास के इलाकों में दीपक सिंह की तलाश कर रही हैं।1
- रायबरेली के लालगंज स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में अस्पताल की अव्यवस्थाओं और जनहित से जुड़े मुद्दों पर सवाल पूछने गए एक पत्रकार के साथ कथित अभद्र व्यवहार का मामला सामने आया है। पत्रकार का आरोप है कि वह अस्पताल की कमियों पर सीएचसी अधीक्षक का पक्ष जानने पहुंचे थे, लेकिन अधीक्षक ने कोई जवाब नहीं दिया। इसी दौरान मौके पर मौजूद भाजपा के लालगंज मंडल अध्यक्ष मनोज अवस्थी कथित तौर पर बीच में आ गए और पत्रकार को सवाल पूछने से रोकने लगे। इस पूरी घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिससे क्षेत्र में चर्चा काफी गर्म है। वायरल वीडियो में भाजपा मंडल अध्यक्ष कथित रूप से यह कहते सुनाई दे रहे हैं, "जो करना है करो, जो लिखना है लिखो।" इसके बाद मौके पर माहौल तनावपूर्ण हो गया। पत्रकार ने आरोप लगाया है कि जनहित के सवालों का जवाब देने के बजाय राजनीतिक हस्तक्षेप के जरिए मीडिया पर दबाव बनाने और सच को दबाने की कोशिश की गई है। इस घटना के बाद सरकारी संस्थानों की जवाबदेही और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों के बीच इस बात को लेकर गहरी आपत्ति और चर्चा है कि सरकारी अस्पताल के कामकाज में किसी राजनीतिक पदाधिकारी को हस्तक्षेप करने की क्या आवश्यकता थी। इस पूरे घटनाक्रम के बाद अब स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि सरकारी अस्पताल में एक राजनीतिक पदाधिकारी की क्या भूमिका थी और क्या यह हस्तक्षेप प्रशासनिक मर्यादाओं के अनुकूल था। जनता इस पूरे मामले पर प्रशासन की ओर से कार्रवाई और जवाब का इंतजार कर रही है।2
- रायबरेली के खीरों में स्थित सरस्वती इंटर कॉलेज का खेल मैदान सजकर तैयार हो चुका है, जहाँ अब से कुछ ही देर में वृक्षारोपण महायज्ञ शुरू होने जा रहा है। इस विशेष आयोजन की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दिनेश प्रताप सिंह हैं, जो अब से कुछ ही देर में इस वृक्षारोपण महायज्ञ का शुभारंभ करेंगे।1
- रायबरेली के लालगंज स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में स्वास्थ्य व्यवस्थाओं की बेहद गंभीर खामियां उजागर हुई हैं। जेड न्यूज़ चैनल की टीम द्वारा अस्पताल का औचक निरीक्षण किए जाने पर वहां फैली बदहाली और लापरवाही की हकीकत खुलकर सामने आ गई। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि अस्पताल के कई वार्डों में मरीज बिना बेडशीट के ही बेड पर लेटे हुए थे और वहां के पंखे भी खराब पड़े थे। इसके साथ ही महिला शौचालय पर ताला लटका मिला। पूरे अस्पताल परिसर में जलभराव, भारी गंदगी और बायोमेडिकल कचरा बिखरा हुआ था, जिससे संक्रमण का खतरा बना हुआ है। इसके अलावा परिसर में आवारा कुत्तों की मौजूदगी भी मरीजों के लिए बड़ी चिंता का कारण बनी हुई है। इस अव्यवस्था को लेकर जब सीएचसी अधीक्षक डॉ. अमल पटेल से उनका पक्ष जानने का प्रयास किया गया, तो मौके पर मौजूद भाजपा मंडल अध्यक्ष मनोज अवस्थी ने बीच-बचाव करते हुए टीम को बाद में आने के लिए कह दिया। अस्पताल की इस दयनीय स्थिति को देखकर स्थानीय लोगों ने अस्पताल भवन के निर्माण की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाए हैं और इसकी निष्पक्ष जांच की मांग की है। क्षेत्रीय लोगों ने जिलाधिकारी और सीएमओ से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषी अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई करने की गुहार लगाई है ताकि मरीजों को उचित स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें।4
- उत्तर प्रदेश के अमेठी डिपो में उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (रोडवेज) के कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न लंबित मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। डिपो परिसर में एकत्र होकर कर्मचारियों ने हाथ उठाकर नारेबाजी की और विभागीय अधिकारियों से समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की। प्रदर्शन में शामिल कर्मचारियों का कहना था कि लंबे समय से उनकी कई मांगें लंबित हैं, जिनके समाधान के लिए कई बार विभागीय अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों का जल्द समाधान नहीं किया गया तो वे आंदोलन को और व्यापक करेंगे। इस प्रदर्शन के दौरान राकेश वर्मा, आशीष कुमार, विजय सिंह, हरिचन्द्र, राकेश यादव, दिलीप तिवारी, सतीश शर्मा, रीतेश कुमार और राजीत कुमार सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे और सभी ने एकजुट होकर अपनी आवाज उठाई। हालांकि, यह प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ और बसों का संचालन सामान्य रूप से जारी रहा। कर्मचारियों ने विभागीय अधिकारियों से शीघ्र वार्ता कर समस्याओं का समाधान करने की मांग की है।2
- अमेठी के मुंशीगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत रामनगर स्थित ऐतिहासिक राजा की बावली में शुक्रवार को मिले अज्ञात महिला के शव की शिनाख्त हो गई है। मृतका की पहचान गौरीगंज क्षेत्र के राजापुर कौहार जगदीशवापुर निवासी 65 वर्षीय खैरूल निशां के रूप में हुई है। शव की पहचान होने के बाद से ही मृतका के परिवार में कोहराम मच गया है और पूरे गांव में शोक का माहौल है। मृतका के पुत्र अंजार अली के अनुसार, उनकी मां शुक्रवार दोपहर करीब 12 बजे तक घर पर ही थीं, जिसके बाद वह बिना किसी को कुछ बताए कहीं चली गईं। काफी खोजबीन के बाद भी जब उनका कुछ पता नहीं चला, तो देर रात रामनगर स्थित राजा की बावली में एक महिला का शव मिलने की खबर पाकर परिजन मुंशीगंज पहुंचे। वहां मोर्चरी हाउस में कपड़ों और अन्य पहचान चिह्नों के आधार पर शव की पहचान खैरूल निशां के रूप में की गई। मां की मौत से टूट चुके पुत्र अंजार अली, हजरत अली और मोहम्मद अली का रो-रोकर बुरा हाल है, जबकि उनके पति नियाज अली भी गहरे सदमे में हैं। खैरूल निशां वहां कैसे पहुंचीं और उनके साथ क्या हुआ, इस बारे में परिजनों को कोई जानकारी नहीं है और उन्होंने किसी पर कोई आरोप नहीं लगाया है। मुंशीगंज के प्रभारी निरीक्षक शिवाकांत त्रिपाठी ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम करा दिया गया है और रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल सकेगा। पुलिस फिलहाल सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है।2