जैसलमेर जिले की पंचायत समिति मोहनगढ़ की ग्राम पंचायत हड्डा के ग्रामीणों ने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के तहत चल रहे कार्यों में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं के गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का दावा है कि नरेगा अधिकारियों और एक कनिष्ठ लिपिक की कथित मिलीभगत के कारण मजदूरों का हक मारा जा रहा है, जिससे उनमें भारी आक्रोश है। ग्रामीणों ने बताया कि पिछले कुछ महीनों से, मस्टरोल जारी होने के बावजूद, उन्हें लगातार 'शून्य' दर्शाकर जमा कर दिया जा रहा है। आरोपों के मुताबिक, अमृत सरोवर के काम में मजदूरों द्वारा कार्य किए जाने के बावजूद, पूरा मस्टरोल शून्य कर दिया गया। मेटों के माध्यम से एलडीसी ने कथित तौर पर प्रत्येक मजदूर से ₹200-₹200 की मांग की, और पैसे न देने पर मस्टरोल शून्य करने की धमकी दी। फरवरी से 28 फरवरी, 1 मार्च से 15 मार्च और 15 मार्च से 31 मार्च के बीच जारी हुए विभिन्न मस्टरोलों को भी इसी तरह शून्य करके राशि हड़प लिए जाने का आरोप है। वर्तमान में चल रहे पखवाड़े (18 जून से 28 जून) में तो बिना किसी मेट की नियुक्ति के ही मनमाने ढंग से ऐसे लोगों के नाम मस्टरोल में जोड़ दिए गए हैं, जो काम पर आ ही नहीं रहे हैं। इसमें 90-95 वर्ष की बुजुर्ग महिलाओं के नाम भी शामिल हैं, जो गांव से 5 किलोमीटर दूर स्थित कार्यस्थल पर जाने में शारीरिक रूप से असमर्थ हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि यह सब फर्जीवाड़ा और भ्रष्टाचार मजदूरों के अधिकारों का हनन है, जिससे उनमें गहरा रोष व्याप्त है।
जैसलमेर जिले की पंचायत समिति मोहनगढ़ की ग्राम पंचायत हड्डा के ग्रामीणों ने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के तहत चल रहे कार्यों में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं के गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का दावा है कि नरेगा अधिकारियों और एक कनिष्ठ लिपिक की कथित मिलीभगत के कारण मजदूरों का हक मारा जा रहा है, जिससे उनमें भारी आक्रोश है। ग्रामीणों ने बताया कि पिछले कुछ महीनों से, मस्टरोल जारी होने के बावजूद, उन्हें लगातार 'शून्य' दर्शाकर जमा कर दिया जा रहा है। आरोपों के मुताबिक, अमृत सरोवर के काम में मजदूरों द्वारा कार्य किए जाने के बावजूद, पूरा मस्टरोल शून्य कर दिया गया। मेटों के माध्यम से एलडीसी ने कथित तौर पर प्रत्येक मजदूर से ₹200-₹200 की मांग की, और पैसे न देने पर मस्टरोल शून्य करने की धमकी दी। फरवरी से 28 फरवरी, 1 मार्च से 15 मार्च और 15 मार्च से 31 मार्च के बीच जारी हुए विभिन्न मस्टरोलों को भी इसी तरह शून्य करके राशि हड़प लिए जाने का आरोप है। वर्तमान में चल रहे पखवाड़े (18 जून से 28 जून) में तो बिना किसी मेट की नियुक्ति के ही मनमाने ढंग से ऐसे लोगों के नाम मस्टरोल में जोड़ दिए गए हैं, जो काम पर आ ही नहीं रहे हैं। इसमें 90-95 वर्ष की बुजुर्ग महिलाओं के नाम भी शामिल हैं, जो गांव से 5 किलोमीटर दूर स्थित कार्यस्थल पर जाने में शारीरिक रूप से असमर्थ हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि यह सब फर्जीवाड़ा और भ्रष्टाचार मजदूरों के अधिकारों का हनन है, जिससे उनमें गहरा रोष व्याप्त है।
- जैसलमेर से एक हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ एक महिला ने अपने देवर पर उसे बंधक बनाने और बेहद अमानवीय परिस्थितियों में कैद रखने के गंभीर आरोप लगाए हैं। भट्टों की ढाणी में इस पूरे मामले का खुलासा तब हुआ जब जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA) की टीम एक रूटीन निरीक्षण के लिए वहाँ पहुँची। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, प्रशासन और DLSA के सचिव ललित पुरोहित के निर्देशन में तत्काल एक बचाव अभियान चलाया गया। टीम ने महिला को सुरक्षित बाहर निकालकर तुरंत इलाज के लिए एक पुनर्वास गृह भेजा। अधिकारियों ने अब इस पूरे मामले की निष्पक्ष जाँच करने और इसमें शामिल दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने के निर्देश जारी किए हैं।1
- राजस्थान में रविंद्र भाटी की गाड़ी का चालान काटे जाने का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद रविंद्र भाटी ने मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री दोनों से इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई है।1
- बाड़मेर जिले में भाजपा नेता स्वरूप सिंह के सम्मान में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया, जहाँ देसी मांगणियार कलाकारों ने अपने लोकगीतों से समां बांध दिया। अपने घरों से बेघर हुए सैकड़ों ग्रामीण नेता स्वरूप सिंह के निवास पर पहुंचे थे, जहाँ उन्होंने अपनी समस्याओं के समाधान की उम्मीद में नेताजी का गर्मजोशी से स्वागत किया। इस दौरान, ग्रामीणों ने देसी मांगणियार गानों की धुन पर जमकर नृत्य किया और नेताजी के समर्थन में नारे भी लगाए। माहौल को देखते हुए, भाजपा नेता स्वरूप सिंह ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि उनकी सभी समस्याओं का जल्द से जल्द समाधान किया जाएगा।1
- बालोतरा में नाकोड़ा ट्रस्ट द्वारा निर्मित भगवान धर्मनाथ मंदिर का वार्षिक ध्वजारोहण समारोह आज साध्वी श्री सूयशा श्रीजी एवं साध्वी श्री प्रेरणा श्रीजी की पावन निश्रा में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस वार्षिक ध्वजारोहण के लाभार्थी शा. रूप कुमार, मोहनराज, मदनराज और धर्मेश कुमार कवास वाला परिवार सुबह 9:30 बजे मंदिर प्रांगण में भक्तिभाव के साथ पहुंचे। इस गरिमामय आयोजन में राजस्थान सरकार के पशुपालन मंत्री श्री जोराराम जी कुमावत और क्षेत्रीय विधायक डॉ. अरुण चौधरी की विशेष उपस्थिति रही। इनके साथ ही, सीपीटी अध्यक्ष रूपचंद सालेचा, उपसभापति पारसमल भंडारी, नाकोड़ा ट्रस्ट के ट्रस्टी गणपति जी बुरड़, पूर्व ट्रस्टी महेंद्र चोपड़ा बीआई, पुरुषोत्तम सेठिया और ओमप्रकाश बाठिया सहित सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालुओं और गणमान्य व्यक्तियों ने इस कार्यक्रम में अपनी सहभागिता दर्ज कराई।4
- जैसलमेर जिले की पंचायत समिति मोहनगढ़ की ग्राम पंचायत हड्डा के ग्रामीणों ने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के तहत चल रहे कार्यों में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं के गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का दावा है कि नरेगा अधिकारियों और एक कनिष्ठ लिपिक की कथित मिलीभगत के कारण मजदूरों का हक मारा जा रहा है, जिससे उनमें भारी आक्रोश है। ग्रामीणों ने बताया कि पिछले कुछ महीनों से, मस्टरोल जारी होने के बावजूद, उन्हें लगातार 'शून्य' दर्शाकर जमा कर दिया जा रहा है। आरोपों के मुताबिक, अमृत सरोवर के काम में मजदूरों द्वारा कार्य किए जाने के बावजूद, पूरा मस्टरोल शून्य कर दिया गया। मेटों के माध्यम से एलडीसी ने कथित तौर पर प्रत्येक मजदूर से ₹200-₹200 की मांग की, और पैसे न देने पर मस्टरोल शून्य करने की धमकी दी। फरवरी से 28 फरवरी, 1 मार्च से 15 मार्च और 15 मार्च से 31 मार्च के बीच जारी हुए विभिन्न मस्टरोलों को भी इसी तरह शून्य करके राशि हड़प लिए जाने का आरोप है। वर्तमान में चल रहे पखवाड़े (18 जून से 28 जून) में तो बिना किसी मेट की नियुक्ति के ही मनमाने ढंग से ऐसे लोगों के नाम मस्टरोल में जोड़ दिए गए हैं, जो काम पर आ ही नहीं रहे हैं। इसमें 90-95 वर्ष की बुजुर्ग महिलाओं के नाम भी शामिल हैं, जो गांव से 5 किलोमीटर दूर स्थित कार्यस्थल पर जाने में शारीरिक रूप से असमर्थ हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि यह सब फर्जीवाड़ा और भ्रष्टाचार मजदूरों के अधिकारों का हनन है, जिससे उनमें गहरा रोष व्याप्त है।1
- जैसलमेर जिले में पिछले 24 घंटों के भीतर दो अलग-अलग स्थानों पर कोबरा सांप देखे जाने की घटनाएँ सामने आई हैं। इनमें से एक कोबरा एक दुकान के अंदर बिस्तर में छिपा हुआ मिला, जिसकी लंबाई लगभग 6 फीट बताई गई है। इस सांप ने दुकान में मौजूद पांच मुर्गियों को डसा है।1