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दूखरे पति पर मारपीट और घर से निकालने का आरोप, पीड़िता ने कलेक्टर से लगाई गुहार
उमाशंकर कुशवाहा
दूखरे पति पर मारपीट और घर से निकालने का आरोप, पीड़िता ने कलेक्टर से लगाई गुहार
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- लेव्रा डॉग को मारने को लेकर विवाद झूठी FIR को लेकर दिया ज्ञापन -शिवपुरी शहर के झींगुरा क्षेत्र में लेब्रा डॉग को मारने के बाद कथित रूप से झूठे नाम से एफआईआर दर्ज किए जाने के विरोध में आज पीड़ित पक्ष न्याय की मांग लेकर पुलिस कंट्रोल रूम में आयोजित जनसुनवाई में पहुंचा। दरअसल पूरा मामला 30 जुलाई 2026 की शाम करीब 7 बजे का है। जब एक आरओ वॉटर प्लांट पर एक पालतू कुत्ता मुर्गी पर हमला कर रहा था। इसी दौरान प्लांट के ड्राइवर ने कुत्ते को भगाने के लिए पत्थर फेंका, जिससे उसकी मौत हो गई। पीड़ित पक्ष के गोलू खटीक का आरोप है कि इस घटनाक्रम मे मेरा कोई हाथ न होने के बाबजूद रिपोर्टकर्ताओ ने गोलू खटीक का FIR मे झूठा नाम लिखा दिया है इसलिए आज खटीक समाज ने एकत्रित होकर शिवपुरी पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन देकर निष्पक्ष जाँच की मांग की ।2
- वायरल वीडियो गुना का बताया जा रहा है किसान खाद के लिए परेशान मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री आदरणीय डॉक्टर मोहन यादव जी को गली तक दे डाली सोशल मीडिया पर वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है वायरल वीडियो गुना का बताया जा रहा है किसान खाद के लिए परेशान मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री आदरणीय डॉक्टर मोहन यादव जी को गली तक दे डाली सोशल मीडिया पर वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है1
- शिवपुरी। बैराड़ मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे पटवारी, कहा— मांगें पूरी होने तक नहीं करेंगे काम। शिवपुरी। बैराड़ मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे पटवारी, कहा— मांगें पूरी होने तक नहीं करेंगे काम।1
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- बैराड़ थाना पुलिस ने चलाया वाहन चेकिंग अभियान, कई वाहनों के काटे चालान शिवपुरी,बैराड़: क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और यातायात नियमों का कड़ाई से पालन कराने के उद्देश्य से बैराड़ थाना पुलिस द्वारा लगातार अभियान चलाए जा रहे हैं। इसी क्रम में आज बैराड़ थाना क्षेत्र के भौराना तिराहे पर पुलिस ने एक विशेष चेकिंग पॉइंट लगाकर वाहन चेकिंग अभियान चलाया। इस पूरी कार्रवाई के दौरान थाना प्रभारी सुरेश शर्मा खुद अपनी टीम के साथ मौजूद रहे और सुरक्षा व्यवस्था व यातायात नियमों का जायजा लिया। दस्तावेजों की हुई बारीकी से जांच: अभियान के दौरान पुलिस ने दोपहिया और चारपहिया वाहनों के कागजात, ड्राइविंग लाइसेंस, हेलमेट, बीमा (Insurance), और नंबर प्लेट्स की जांच की। नियम तोड़ने वालों पर शिकंजा: बिना हेलमेट वाहन चलाने वाले, दोपहिया वाहन पर तीन सवारी बैठने वाले और अन्य यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले चालकों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया गया। चालानी कार्रवाई: नियमों का उल्लंघन करने वाले कई वाहनों के मौके पर ही पुलिस द्वारा चालान काटे गए और वाहन चालकों को भविष्य में यातायात नियमों का पूरी तरह पालन करने की सख्त हिदायत दी गई। थाना प्रभारी सुरेश शर्मा ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे सफर के दौरान हमेशा हेलमेट और सीटबेल्ट का इस्तेमाल करें तथा वाहन चलाते समय सभी वैध दस्तावेज अपने साथ रखें।3
- दतिया उपचुनाव: रिटर्निंग ऑफिसर सोनाली राजपूत ने कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह को सौंपा विजय प्रमाण पत्र1
- *करेरा के लालपुर में शिक्षा शर्मसार:* *नशे में धुत्त होकर स्कूल पहुंचा शिक्षक, खड़े होने तक की नहीं सुध, वीडियो वायरल होते ही हड़कंप* *दबंग जितेंद्र परिहार भारत 24 न्यूज़-8007910624* करेरा/शिवपुरी। करेरा तहसील के ग्राम लालपुर स्थित शासकीय माध्यमिक विद्यालय में शिक्षा व्यवस्था को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। यहां पदस्थ एक शिक्षक का नशे की हालत में स्कूल परिसर में लड़खड़ाते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में शिक्षक इस कदर नशे में चूर है कि वह ठीक से खड़े भी नहीं हो पा रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि यह कोई पहली घटना नहीं है, बल्कि शिक्षक रोजाना शराब के नशे में धुत्त होकर स्कूल आता है और पूरे दिन क्लास में सोता रहता है। वायरल हुआ 47 सेकंड का यह वीडियो मंगलवार दोपहर का बताया जा रहा है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि माध्यमिक विद्यालय का शिक्षक स्कूल के बरामदे में दीवार के सहारे खड़ा है। उसकी आंखें लाल हैं, जुबान लड़खड़ा रही है और शरीर का संतुलन बिगड़ा हुआ है। दो-तीन बार वह गिरते-गिरते बचता है। आसपास खड़े बच्चे सहमे हुए हैं तो वहीं कुछ ग्रामीण उसे संभालने की कोशिश कर रहे हैं। बताया जा रहा है कि वीडियो उसी दौरान किसी ग्रामीण ने अपने मोबाइल में कैद किया और फिर उसे सोशल मीडिया पर डाल दिया, जिसके बाद यह आग की तरह फैल गया। *बच्चों का भविष्य दांव पर, रोजाना पीकर आता है शिक्षक* ग्राम लालपुर के ग्रामीणों में इस घटना को लेकर भारी आक्रोश है। ग्रामीण रामस्वरूप यादव, हरिओम परिहार और सरपंच प्रतिनिधि ने बताया कि संबंधित शिक्षक की यह रोज की आदत बन चुकी है। वह सुबह 11 बजे के बाद नशे की हालत में स्कूल पहुंचता है, हाजिरी लगाता है और स्टाफ रूम में जाकर सो जाता है। बच्चों को न तो पढ़ाता है और न ही होमवर्क चेक करता है। कई बार तो वह कक्षा में ही बच्चों के सामने अभद्र भाषा का प्रयोग भी करता है। ग्रामीणों का कहना है कि इस बारे में कई बार संकुल प्राचार्य और बीआरसी को मौखिक रूप से शिकायत की गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। अब जब वीडियो सबूत के तौर पर उनके हाथ लगा है तो उन्होंने कलेक्टर और जिला शिक्षा अधिकारी को लिखित शिकायत वीडियो सहित सौंपी है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि अगर आरोपी शिक्षक पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे स्कूल में ताला डालकर उग्र आंदोलन करेंगे। *पालकों ने कहा - ऐसे गुरु से क्या सीखेंगे हमारे बच्चे* इस मामले से सबसे ज्यादा चिंतित बच्चों के पालक हैं। एक पालक ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि हम अपने बच्चों को मजदूरी करके पढ़ा रहे हैं कि वे कुछ बनें, लेकिन स्कूल में गुरु ही नशेड़ी निकलेगा तो हमारे बच्चे क्या सीखेंगे? स्कूल में करीब 120 बच्चों का भविष्य इस लापरवाह शिक्षक की वजह से अंधकार में है। परीक्षा सिर पर है और कोर्स अभी तक आधा भी पूरा नहीं हुआ है। *अधिकारियों ने कहा- जांच कर होगी कार्रवाई* इस पूरे मामले पर जब करेरा के बीईओ से संपर्क किया गया तो उन्होंने कहा कि लालपुर स्कूल के शिक्षक के नशे में होने का वीडियो मेरे संज्ञान में आया है। यह बेहद गंभीर मामला है। मैं आज ही बीआरसीसी को मौके पर जांच के लिए भेज रहा हूं। वीडियो की सत्यता और ग्रामीणों के बयान के आधार पर प्रतिवेदन बनाकर जिला शिक्षा अधिकारी को भेजा जाएगा और दोषी पाए जाने पर निलंबन की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल यह वीडियो पूरे जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है और लोग शिक्षा विभाग से सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। *करेरा के लालपुर में शिक्षा शर्मसार:* *नशे में धुत्त होकर स्कूल पहुंचा शिक्षक, खड़े होने तक की नहीं सुध, वीडियो वायरल होते ही हड़कंप* *दबंग जितेंद्र परिहार भारत 24 न्यूज़-8007910624* करेरा/शिवपुरी। करेरा तहसील के ग्राम लालपुर स्थित शासकीय माध्यमिक विद्यालय में शिक्षा व्यवस्था को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। यहां पदस्थ एक शिक्षक का नशे की हालत में स्कूल परिसर में लड़खड़ाते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में शिक्षक इस कदर नशे में चूर है कि वह ठीक से खड़े भी नहीं हो पा रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि यह कोई पहली घटना नहीं है, बल्कि शिक्षक रोजाना शराब के नशे में धुत्त होकर स्कूल आता है और पूरे दिन क्लास में सोता रहता है। वायरल हुआ 47 सेकंड का यह वीडियो मंगलवार दोपहर का बताया जा रहा है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि माध्यमिक विद्यालय का शिक्षक स्कूल के बरामदे में दीवार के सहारे खड़ा है। उसकी आंखें लाल हैं, जुबान लड़खड़ा रही है और शरीर का संतुलन बिगड़ा हुआ है। दो-तीन बार वह गिरते-गिरते बचता है। आसपास खड़े बच्चे सहमे हुए हैं तो वहीं कुछ ग्रामीण उसे संभालने की कोशिश कर रहे हैं। बताया जा रहा है कि वीडियो उसी दौरान किसी ग्रामीण ने अपने मोबाइल में कैद किया और फिर उसे सोशल मीडिया पर डाल दिया, जिसके बाद यह आग की तरह फैल गया। *बच्चों का भविष्य दांव पर, रोजाना पीकर आता है शिक्षक* ग्राम लालपुर के ग्रामीणों में इस घटना को लेकर भारी आक्रोश है। ग्रामीण रामस्वरूप यादव, हरिओम परिहार और सरपंच प्रतिनिधि ने बताया कि संबंधित शिक्षक की यह रोज की आदत बन चुकी है। वह सुबह 11 बजे के बाद नशे की हालत में स्कूल पहुंचता है, हाजिरी लगाता है और स्टाफ रूम में जाकर सो जाता है। बच्चों को न तो पढ़ाता है और न ही होमवर्क चेक करता है। कई बार तो वह कक्षा में ही बच्चों के सामने अभद्र भाषा का प्रयोग भी करता है। ग्रामीणों का कहना है कि इस बारे में कई बार संकुल प्राचार्य और बीआरसी को मौखिक रूप से शिकायत की गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। अब जब वीडियो सबूत के तौर पर उनके हाथ लगा है तो उन्होंने कलेक्टर और जिला शिक्षा अधिकारी को लिखित शिकायत वीडियो सहित सौंपी है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि अगर आरोपी शिक्षक पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे स्कूल में ताला डालकर उग्र आंदोलन करेंगे। *पालकों ने कहा - ऐसे गुरु से क्या सीखेंगे हमारे बच्चे* इस मामले से सबसे ज्यादा चिंतित बच्चों के पालक हैं। एक पालक ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि हम अपने बच्चों को मजदूरी करके पढ़ा रहे हैं कि वे कुछ बनें, लेकिन स्कूल में गुरु ही नशेड़ी निकलेगा तो हमारे बच्चे क्या सीखेंगे? स्कूल में करीब 120 बच्चों का भविष्य इस लापरवाह शिक्षक की वजह से अंधकार में है। परीक्षा सिर पर है और कोर्स अभी तक आधा भी पूरा नहीं हुआ है। *अधिकारियों ने कहा- जांच कर होगी कार्रवाई* इस पूरे मामले पर जब करेरा के बीईओ से संपर्क किया गया तो उन्होंने कहा कि लालपुर स्कूल के शिक्षक के नशे में होने का वीडियो मेरे संज्ञान में आया है। यह बेहद गंभीर मामला है। मैं आज ही बीआरसीसी को मौके पर जांच के लिए भेज रहा हूं। वीडियो की सत्यता और ग्रामीणों के बयान के आधार पर प्रतिवेदन बनाकर जिला शिक्षा अधिकारी को भेजा जाएगा और दोषी पाए जाने पर निलंबन की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल यह वीडियो पूरे जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है और लोग शिक्षा विभाग से सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।1
- रन्नौद में एक मृत पिता का मृत्यु प्रमाण पत्र बनाने की बजाय बना दिया बेटे का मृत्यु प्रमाण पत्र शिवपुरी जिले की रन्नौद नगर पंचायत का एक ऐसा मामला सामने आया जिससे नगरपरिषद की पोल खुल गई निस पर यकीन कर पाना भी मुश्किल हो रहा था शिवपुरी कलेक्ट्रेट में आयोजित जनसुनवाई में एक व्यक्ति अपने पिता का नहीं बल्कि खुद का गलत मृत्यु प्रमाण पत्र लेकर कलेक्टर के सामने न्याय मांगने पहुंचा। नगर पंचायत ने जिस व्यक्ति की मौत हुई थी उसकी जगह उसके जीवित बेटे का मृत्यु प्रमाण पत्र जारी कर दिया। हैरानी की बात यह है कि गलती बताने और कई बार आवेदन देने के बावजूद वर्षों तक इस रिकॉर्ड में सुधार नहीं किया गया। अब हालात यह हैं कि सरकारी दस्तावेजों में जीवित व्यक्ति को मृत मान लिया गया है और उसे अपने जिंदा होने का प्रमाण देने के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने पड़ रहे हैं। पिता की मौत हुई, लेकिन मृत बेटा हो गया कोलारस विधानसभा क्षेत्र की रन्नौद तहसील के वार्ड क्रमांक-14, सेसई गांव निवासी गिटला आदिवासी ने जनसुनवाई में कलेक्टर को दिए आवेदन में बताया कि उसके पिता जगनी आदिवासी का अक्टूबर 2022 में निधन हो गया था। पिता की मृत्यु के बाद नगर पंचायत रन्नौद ने मृत्यु प्रमाण पत्र तो जारी किया, लेकिन उसमें मृतक के स्थान पर उसका ही नाम दर्ज कर दिया। गिटला ने बताया कि वह पढ़ा-लिखा नहीं है, इसलिए उस समय वह प्रमाण पत्र में दर्ज नाम पढ़ नहीं सका और दस्तावेज घर पर रख दिया। जब पिता की जमीन का फौती नामांतरण उसके नाम किया जा रहा था, तब उसने अन्य दस्तावेजों के साथ यही मृत्यु प्रमाण पत्र तहसील में जमा किया। जांच के दौरान पटवारी ने बताया कि यह प्रमाण पत्र उसके पिता का नहीं, बल्कि उसके खुद के नाम से जारी किया गया है। यह सुनकर गिटला के पैरों तले जमीन खिसक गई। उसे तब पता चला कि सरकारी रिकॉर्ड में उसके पिता की जगह उसे ही मृत घोषित कर दिया गया है गिटला आदिवासी का कहना है कि उसने गलती सुधारने के लिए रन्नौद नगर पंचायत में आवेदन दिया। अधिकारियों और कर्मचारियों ने जरूरी दस्तावेज भी जमा करा लिए, लेकिन महीनों तक उसे केवल चक्कर ही लगवाए गए। बार-बार अनुरोध करने के बावजूद मृत्यु प्रमाण पत्र में संशोधन नहीं किया गया। उसने इस मामले की शिकायत 181 मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पर भी दर्ज कराई, लेकिन वहां से भी कोई समाधान नहीं मिला। आखिरकार परेशान होकर गिटला मंगलवार को जिला मुख्यालय में आयोजित जनसुनवाई में पहुंचा और कलेक्टर से पूरे मामले की शिकायत की। उसने मांग की है कि नगर पंचायत की गलती तत्काल सुधारी जाए, सही मृत्यु प्रमाण पत्र जारी किया जाए और लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।2