*संभागीय आयुक्त राठौड़ ने ली जिला अधिकारियों की बैठक: जनगणना 2027 में आमजन में स्व-गणना की जागरूकता बढ़ाने के दिए निर्देश * नागौर : 23 अप्रैल 2026 : संभागीय आयुक्त अजमेर, डॉ. शक्ति सिंह राठौड़ की अध्यक्षता में गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में जनगणना 2027 की तैयारियों, ग्रीष्म ऋतु में पेयजल आपूर्ति, ऊर्जा आपूर्ति तथा विभिन्न विकास अभियानों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में राठौड़ ने विशेष रूप से जनगणना 2027 के अंतर्गत आमजन की भागीदारी तथा स्व.गणना प्रक्रिया के क्रियान्वन को लेकर अधिकारियों को निर्देश दिए । उन्होंने कहा कि आमजन के बीच स्व.गणना का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए तथा आमजन को स्वयं गणना करने के लिए प्रेरित किया जा सके । उन्होंने सांख्यिकी विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया की उनके विभाग द्वारा संचालित इस महत्वपूर्ण कार्य में अधिक से अधिक जनसहभागिता सुनिश्चित करें, जिससे आंकड़ों की शुद्धता और समयबद्धता बनी रहे। सांख्यिकी विभाग के अधिकारी ने बताया कि जिले में जनगणना 2027 की तैयारियों के तहत फील्ड ट्रेनर्स का प्रशिक्षण पूर्ण किया जा चुका है तथा गणनाकारों और पर्यवेक्षकों के प्रशिक्षण की रूपरेखा तय कर ली गई है। संबंधित विभागों द्वारा आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता, डिजिटल प्लेटफॉर्म की तैयारी और जनजागरूकता गतिविधियों पर भी कार्य किया जा रहा है । राठौड़ ने सभी जिला अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने स्तर पर जनगणना से संबंधित सूचनाओं का प्रभावी प्रचार प्रसार सुनिश्चित करें और स्व-गणना के लिए नागरिकों को तकनीकी सहायता भी उपलब्ध कराएं। बैठक में संभागीय आयुक्त ने अजमेर विद्युत वितरण लिमिटेड के अधिकारियों को गर्मी के मौसम में घरेलू व कृषि विद्युत सप्लाई सुगमता से सुनिश्चित करने को कहा, उन्होंने अधिकारियों को विद्युत विभाग की लंबित वसूली को पूर्ण करने के निर्देश दिए, उन्होंने कहा कि इस कार्य के लिए एवीवीएनएल के अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रशासन की ओर से पूर्ण सहयोग दिया जाएगा । इसके साथ ही ग्रीष्म ऋतु में पेयजल आपूर्ति की समीक्षा करते हुए संभागीय आयुक्त ने जल स्रोतों की सतत मॉनिटरिंग, समयबद्ध टैंकर व्यवस्था और सभी योजनाओं के सुगमता से क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। राठौड़ ने ऊर्जा आपूर्ति के संबंध में निर्बाध विद्युत उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा । उन्होंने जिले में मुख्यमंत्री विकसित ग्राम एवं शहरी अभियान के तहत चल रहे कार्यों की प्रगति की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। संभागीय आयुक्त ने बैठक में अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे सभी योजनाओं के अंतर्गत अपने लक्ष्य पूर्ण करें और उनकी निरंतर मॉनिटरिंग सुनिश्चित करें । बैठक में जिला कलक्टर देवेंद्र कुमार, अतिरिक्त जिला कलक्टर चम्पालाल जीनगर, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अरविंद जाखड़ तथा संबंधित विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे । ---------------
*संभागीय आयुक्त राठौड़ ने ली जिला अधिकारियों की बैठक: जनगणना 2027 में आमजन में स्व-गणना की जागरूकता बढ़ाने के दिए निर्देश * नागौर : 23 अप्रैल 2026 : संभागीय आयुक्त अजमेर, डॉ. शक्ति सिंह राठौड़ की अध्यक्षता में गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में जनगणना 2027 की तैयारियों, ग्रीष्म ऋतु में पेयजल आपूर्ति, ऊर्जा आपूर्ति तथा विभिन्न विकास अभियानों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में राठौड़ ने विशेष रूप से जनगणना 2027 के अंतर्गत आमजन की भागीदारी तथा स्व.गणना प्रक्रिया के क्रियान्वन को लेकर अधिकारियों को निर्देश दिए । उन्होंने कहा कि आमजन के बीच स्व.गणना का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए तथा आमजन को स्वयं गणना करने के लिए प्रेरित किया जा सके । उन्होंने सांख्यिकी विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया की उनके विभाग द्वारा संचालित इस महत्वपूर्ण कार्य में अधिक से अधिक जनसहभागिता सुनिश्चित करें, जिससे आंकड़ों की शुद्धता और समयबद्धता बनी रहे। सांख्यिकी विभाग के अधिकारी ने बताया कि जिले में जनगणना 2027 की तैयारियों के तहत फील्ड ट्रेनर्स का प्रशिक्षण पूर्ण किया जा चुका है तथा गणनाकारों और पर्यवेक्षकों के प्रशिक्षण की रूपरेखा तय कर ली गई है। संबंधित विभागों द्वारा आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता, डिजिटल प्लेटफॉर्म की तैयारी और जनजागरूकता गतिविधियों पर भी कार्य किया जा रहा है । राठौड़ ने सभी जिला अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने स्तर पर जनगणना से संबंधित सूचनाओं का प्रभावी प्रचार प्रसार सुनिश्चित करें और स्व-गणना के लिए नागरिकों को तकनीकी सहायता भी उपलब्ध कराएं। बैठक में संभागीय आयुक्त ने अजमेर विद्युत वितरण लिमिटेड के अधिकारियों को गर्मी के मौसम में घरेलू व कृषि विद्युत सप्लाई सुगमता से सुनिश्चित करने को कहा, उन्होंने अधिकारियों को विद्युत विभाग की लंबित वसूली को पूर्ण करने के निर्देश दिए, उन्होंने कहा कि इस कार्य के लिए एवीवीएनएल के अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रशासन की ओर से पूर्ण सहयोग दिया जाएगा । इसके साथ ही ग्रीष्म ऋतु में पेयजल आपूर्ति की समीक्षा करते हुए संभागीय आयुक्त ने जल स्रोतों की सतत मॉनिटरिंग, समयबद्ध टैंकर व्यवस्था और सभी योजनाओं के सुगमता से क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। राठौड़ ने ऊर्जा आपूर्ति के संबंध में निर्बाध विद्युत उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा । उन्होंने जिले में मुख्यमंत्री विकसित ग्राम एवं शहरी अभियान के तहत चल रहे कार्यों की प्रगति की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। संभागीय आयुक्त ने बैठक में अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे सभी योजनाओं के अंतर्गत अपने लक्ष्य पूर्ण करें और उनकी निरंतर मॉनिटरिंग सुनिश्चित करें । बैठक में जिला कलक्टर देवेंद्र कुमार, अतिरिक्त जिला कलक्टर चम्पालाल जीनगर, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अरविंद जाखड़ तथा संबंधित विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे । ---------------
- नागौर, 23 अप्रैल। जायल उपखंड क्षेत्र में गुरुवार को 132 केवी जीएसएस पर हवाई हमले की सूचना मिलते ही अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही प्रशासन, पुलिस और आपातकालीन सेवाएं तुरंत सक्रिय हो गईं और कुछ ही मिनटों में पूरा अमला मौके पर पहुंच गया। बाद में स्पष्ट हुआ कि यह कार्रवाई एक पूर्व निर्धारित मॉक ड्रिल का हिस्सा थी, जिसका उद्देश्य आपदा की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया और समन्वय की क्षमता को परखना था। जिला कलक्टर के निर्देश पर आयोजित इस अभ्यास में आगजनी और ब्लैक आउट जैसी परिस्थितियों को शामिल किया गया। अतिरिक्त जिला कलक्टर ने बताया कि जैसे ही हमले की सूचना दी गई, पुलिस, सिविल डिफेंस, होमगार्ड, चिकित्सा दल, अग्निशमन विभाग और विद्युत विभाग की टीमें तत्काल मौके पर पहुंचीं और समन्वित तरीके से राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। उपखंड अधिकारी के नेतृत्व में आग पर नियंत्रण, घायलों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने और ब्लैक आउट के दौरान वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करने का अभ्यास किया गया। मॉक ड्रिल के दौरान पुलिस उपाधीक्षक ने ग्रीन कॉरिडोर बनाकर घायलों को तेजी से अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था कराई। छत पर गिरे एक गंभीर घायल सहित तीन लोगों को एंबुलेंस के जरिए तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई गई। अधिकारियों ने घटनास्थल पर सुरक्षा घेरा बनाकर सभी प्रोटोकॉल का पालन किया। आगजनी की स्थिति से निपटने और विद्युत आपूर्ति बाधित होने पर त्वरित बहाली की तैयारियों को भी बारीकी से परखा गया। अभ्यास के दौरान विभागों के बीच बेहतर तालमेल और त्वरित निर्णय क्षमता देखने को मिली। प्रशासन ने बताया कि इस तरह की मॉक ड्रिल समय-समय पर आयोजित की जाती हैं, ताकि वास्तविक आपदा की स्थिति में नुकसान को न्यूनतम किया जा सके। आमजन से अपील की गई है कि ऐसी गतिविधियों के दौरान अफवाहों पर ध्यान न दें और प्रशासन का सहयोग करें।1
- रियान बड़ी, नागौर, राजस्थान * अवैध खनन / परिवहन पर नागौर पुलिस की ताबड़तोड़ कार्रवाई, रोशन मीणा के निर्देशानुसार जिला नागौर में अवैध खनन एवं अवैध परिवहन के विरुद्ध नागौर पुलिस द्वारा लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम मे थाना जसनगर पुलिस ने दौराने गश्त सरहद भैंसड़ा कलां एवं किरों की ढाणी क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए अवैध रूप से बजरी परिवहन कर रहे 02 ट्रैक्टर मय ट्रॉली जब्त किए। पुलिस द्वारा जब्त वाहनों को थान मे खड़ा कर अग्रिम वैधानिक कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है। नागौर पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध खनन एवं परिवहन की गतिविधियो पर पूर्णतः अंकुश लगाने हेतु अभियान निरंतर जारी रहेगा और नियमों की अवहेलना करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।1
- रोशन मीणा के निर्देशानुसार जिला नागौर में अवैध खनन एवं अवैध परिवहन के विरुद्ध नागौर पुलिस द्वारा लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में थाना जसनगर पुलिस ने दौराने गश्त सरहद भैंसड़ा कलां एवं किरों की ढाणी क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए अवैध रूप से बजरी परिवहन कर रहे 02 ट्रैक्टर मय ट्रॉली जब्त किए। पुलिस द्वारा जब्त वाहनों को थाने में खड़ा कर अग्रिम वैधानिक कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है। नागौर पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध खनन एवं परिवहन की गतिविधियों पर पूर्णतः अंकुश लगाने हेतु अभियान निरंतर जारी रहेगा और नियमों की अवहेलना करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।2
- नागौर जिले के जायल उपखंड क्षेत्र में गुरुवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई जब 132 केवी जीएसएस पर हवाई हमले (एयर स्ट्राइक) और बम गिरने की सूचना फैली। सूचना मिलते ही प्रशासन, पुलिस और सभी आपातकालीन सेवाएं तुरंत अलर्ट मोड पर आ गईं और मौके पर पहुंचकर हालात संभाले। जिला कलेक्टर देवेंद्र कुमार के निर्देश पर आयोजित इस मॉक ड्रिल में आगजनी और ब्लैकआउट जैसी स्थिति का वास्तविक अभ्यास किया गया। अतिरिक्त जिला कलेक्टर चंपालाल जीनगर के अनुसार, ड्रिल का उद्देश्य आपदा की स्थिति में विभिन्न विभागों के समन्वय और त्वरित प्रतिक्रिया की जांच करना था। मौके पर पुलिस, सिविल डिफेंस, होमगार्ड, चिकित्सा टीम और अग्निशमन दल ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए घायलों का रेस्क्यू किया। डीएसपी खेमाराम बीजारणिया द्वारा ग्रीन कॉरिडोर बनाकर घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया। ड्रिल के दौरान आग पर काबू पाने, बिजली आपूर्ति बाधित होने की स्थिति में वैकल्पिक व्यवस्था और घायलों को प्राथमिक उपचार देने का सफल अभ्यास किया गया। अधिकारियों ने सुरक्षा घेरा बनाकर पूरे ऑपरेशन को नियंत्रित रखा। बाद में स्पष्ट किया गया कि यह पूरी घटना एक पूर्व निर्धारित मॉक ड्रिल थी, जिसका उद्देश्य आपदा प्रबंधन की तैयारियों को परखना और सुधारना है।3
- “गौ सम्मान की हुंकार: बाजारों से चौक तक जागा जनमानस, 27 अप्रैल को बड़ा जुटान”1
- *जनगणना-2027 के प्रथम चरण में मकान सूचीकरण एवं मकान गणना के संबंध में दिया प्रशिक्षण*1
- नागरिक सुरक्षा को सशक्त बनाने हेतु एयर स्ट्राइक व ब्लैकआउट मॉक ड्रिल 24 अप्रैल को सेन्दडा ब्यावर शीतल कुमारी प्रजापत मॉक ड्रिल के दौरान घबराएं नहीं, यह केवल अभ्यास है नागरिक प्रशासन का सहयोग करें, निर्देशों का पालन करें जागरूक रहें, सुरक्षित रहें—आपकी सतर्कता ही सुरक्षा है नागरिक सुरक्षा को सशक्त बनाने हेतु एयर स्ट्राइक व ब्लैकआउट मॉक ड्रिल 24 अप्रैल को ब्यावर, 23 अप्रैल। नागरिक सुरक्षा तैयारियों को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से 24 अप्रैल 2026 को हवाई हमले (एयर स्ट्राइक) एवं ब्लैकआउट मॉक अभ्यास आयोजित किया जाएगा। यह अभ्यास राजकीय सनातन धर्म महाविद्यालय, ब्यावर में सायं 6:30 से 7:30 बजे तक होगा, जबकि रात्रि 8:00 से 8:20 बजे तक ओके प्लस रेसिडेंसी एवं आसपास के क्षेत्रों में ब्लैकआउट रहेगा। जिला कलेक्टर कमल राम मीना ने बताया कि अग्निशमन सेवा, नागरिक सुरक्षा एवं गृह रक्षा, गृह मंत्रालय भारत सरकार के निर्देशों के अनुरूप यह अभ्यास आयोजित किया जा रहा है। इसका उद्देश्य आपात स्थिति में त्वरित और समन्वित प्रतिक्रिया सुनिश्चित करना है। उन्होंने बताया कि अभ्यास के दौरान सायरन के माध्यम से चेतावनी, ब्लैकआउट प्रबंधन, सुरक्षित निकासी, खोज एवं बचाव सहित विभिन्न आपदा प्रबंधन गतिविधियों का प्रदर्शन किया जाएगा। कार्यक्रम में नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवक, होमगार्ड्स, एनसीसी कैडेट्स तथा अन्य स्थानीय संस्थाओं की सक्रिय भागीदारी रहेगी। मॉक अभ्यास की तैयारियों के मद्देनजर एक समन्वय बैठक आयोजित की गई, जिसमें पुलिस अधीक्षक श्री रतन सिंह ने नागरिक सुरक्षा हवाई हमला (एयर रेड) एवं ब्लैकआउट अभ्यास को लेकर अधिकारियों के साथ विस्तृत चर्चा की। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ निर्धारित दायित्वों का प्रभावी निर्वहन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि अभ्यास सुचारु एवं सफलतापूर्वक संपन्न हो सके। बैठक में अतिरिक्त जिला कलेक्टर श्री ब्रह्म लाल जाट सहित जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। जिला कलेक्टर ने आमजन से अपील की है कि इस दौरान घबराहट की स्थिति से बचें तथा इसे एक अभ्यास के रूप में समझते हुए प्रशासन का सहयोग करें। आयोजन से पूर्व व्यापक जनजागरूकता भी सुनिश्चित की जा रही है, ताकि नागरिक सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़े और किसी प्रकार की भ्रम की स्थिति उत्पन्न न हो।4
- रेन आचार्य सज्जनदास महाराज ने भजनलाल को शर्म आनी चाहिए, खुली चेतावनी दे दी संतो ने संतों की बनाई हुई सरकार मे संत ही सबसे ज्यादा प्रताड़ित !! #भोपालगढ़ #bhopalgarh #iodhpur1