मध्य प्रदेश के सागर जिले की केसली तहसील के गौरझामर थाना अंतर्गत नाहर मऊ गांव में एक भीषण आग लगने की दुखद और नाराज़ करने वाली घटना सामने आई है। इस अग्निकांड में कल्याण विश्वकर्मा, जगमोहन विश्वकर्मा और राजू विश्वकर्मा सहित कुल चार घरों को देखते ही देखते भीषण आग ने राख कर दिया, जिससे इन गरीब परिवारों की वर्षों की मेहनत, राशन और सारा सामान नष्ट हो गया। यह उनके लिए एक बहुत बड़ा झटका है। राहत की बात यह रही कि इस अग्निकांड में किसी की जान नहीं गई। ग्रामीणों और सरपंच की त्वरित सूझबूझ से आग को पूरे गांव में फैलने से रोका जा सका, जिसकी सराहना की गई है। घटना के बाद पटवारी, तहसीलदार केसली, मंडल अध्यक्ष जैसे अधिकारी मौके पर पहुंचे। थाना प्रभारी नासिर फारूकी और उनकी टीम ने भी तत्परता दिखाते हुए स्थिति को संभाला। हालांकि, इस पूरे मामले में फायर ब्रिगेड की गंभीर लापरवाही देखने को मिली। सूचना के बावजूद फायर ब्रिगेड लगभग एक घंटे की देरी से पहुंची, जिसे बेहद निंदनीय बताया गया है। एक और चौंकाने वाली बात सामने आई है कि डायल 112 पर हुई बातचीत के दौरान देवरी फायर ब्रिगेड के एक पायलट ने नंबर ब्लॉक कर दिया, जिसका एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसे लापरवाही की मिसाल बताते हुए कहा गया है कि ग्रामीण इलाकों में इतनी देरी बिल्कुल भी स्वीकार्य नहीं है और फायर ब्रिगेड को 15-20 मिनट के भीतर पहुंच जाना चाहिए था। इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की गई है और देवरी फायर ब्रिगेड के जिम्मेदार अधिकारियों, खासकर संबंधित पायलट पर सख्त कार्रवाई करने की अपील की गई है। इसके साथ ही, ग्रामीण क्षेत्रों में फायर स्टेशनों की संख्या बढ़ाने और 24 घंटे वाहनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने की भी मांग उठी है। प्रभावित परिवारों - कल्याण विश्वकर्मा, जगमोहन विश्वकर्मा और राजू विश्वकर्मा को तत्काल आर्थिक सहायता, राशन किट, कपड़े और अन्य आवश्यक सामान मुहैया कराने पर जोर दिया गया है। ग्रामीणों का आक्रोश इस लापरवाही को लेकर पूरी तरह जायज ठहराया गया है।
मध्य प्रदेश के सागर जिले की केसली तहसील के गौरझामर थाना अंतर्गत नाहर मऊ गांव में एक भीषण आग लगने की दुखद और नाराज़ करने वाली घटना सामने आई है। इस अग्निकांड में कल्याण विश्वकर्मा, जगमोहन विश्वकर्मा और राजू विश्वकर्मा सहित कुल चार घरों को देखते ही देखते भीषण आग ने राख कर दिया, जिससे इन गरीब परिवारों की वर्षों की मेहनत, राशन और सारा सामान नष्ट
हो गया। यह उनके लिए एक बहुत बड़ा झटका है। राहत की बात यह रही कि इस अग्निकांड में किसी की जान नहीं गई। ग्रामीणों और सरपंच की त्वरित सूझबूझ से आग को पूरे गांव में फैलने से रोका जा सका, जिसकी सराहना की गई है। घटना के बाद पटवारी, तहसीलदार केसली, मंडल अध्यक्ष जैसे अधिकारी मौके पर पहुंचे। थाना प्रभारी नासिर फारूकी और उनकी टीम ने भी
तत्परता दिखाते हुए स्थिति को संभाला। हालांकि, इस पूरे मामले में फायर ब्रिगेड की गंभीर लापरवाही देखने को मिली। सूचना के बावजूद फायर ब्रिगेड लगभग एक घंटे की देरी से पहुंची, जिसे बेहद निंदनीय बताया गया है। एक और चौंकाने वाली बात सामने आई है कि डायल 112 पर हुई बातचीत के दौरान देवरी फायर ब्रिगेड के एक पायलट ने नंबर ब्लॉक कर दिया, जिसका एक वीडियो भी
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसे लापरवाही की मिसाल बताते हुए कहा गया है कि ग्रामीण इलाकों में इतनी देरी बिल्कुल भी स्वीकार्य नहीं है और फायर ब्रिगेड को 15-20 मिनट के भीतर पहुंच जाना चाहिए था। इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की गई है और देवरी फायर ब्रिगेड के जिम्मेदार अधिकारियों, खासकर संबंधित पायलट पर सख्त कार्रवाई करने की अपील की
गई है। इसके साथ ही, ग्रामीण क्षेत्रों में फायर स्टेशनों की संख्या बढ़ाने और 24 घंटे वाहनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने की भी मांग उठी है। प्रभावित परिवारों - कल्याण विश्वकर्मा, जगमोहन विश्वकर्मा और राजू विश्वकर्मा को तत्काल आर्थिक सहायता, राशन किट, कपड़े और अन्य आवश्यक सामान मुहैया कराने पर जोर दिया गया है। ग्रामीणों का आक्रोश इस लापरवाही को लेकर पूरी तरह जायज ठहराया गया है।
- नरसिंहपुर पुलिस ने सोशल मीडिया पर वायरल एक आत्महत्या संबंधी वीडियो पर त्वरित कार्रवाई करते हुए 20 वर्षीय युवती को समय रहते एक अप्रिय घटना का शिकार होने से बचा लिया। यह घटना तेंदूखेड़ा थाना क्षेत्र के एक गाँव की है, जहाँ एक युवती द्वारा आत्महत्या से संबंधित 11 वीडियो इंस्टाग्राम पर अपलोड किए गए थे। इन वीडियो की जानकारी साइबर सेल नरसिंहपुर को मिलने पर, पुलिस अधीक्षक डॉ. ऋषिकेश मीना ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल एक विशेष टीम का गठन किया। इस टीम ने तकनीकी माध्यमों से युवती के गाँव का पता लगाया और पुलिस की सक्रिय व त्वरित कार्रवाई के कारण युवती को किसी भी अनहोनी से सुरक्षित बचा लिया गया।1
- नरसिंहपुर जिले के रमपुरा में रेत से भरा एक ट्रैक्टर पलट गया, जिसके परिणामस्वरूप ट्रैक्टर चालक की मौके पर ही मौत हो गई।1
- नरसिंहपुर के रेलवे हॉस्पिटल में विश्व पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य में आज दिनांक 27 मई 2026 को एक विशेष स्वच्छता एवं जागरूकता अभियान का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य हॉस्पिटल परिसर को स्वच्छ बनाए रखने के साथ ही पर्यावरण संरक्षण के प्रति जन-जागरूकता को बढ़ावा देना था।1
- मध्य प्रदेश राज्य पशुधन एवं कुक्कुट विकास निगम के अध्यक्ष केशव सिंह बघेल बुधवार को सागर पहुँचे। यहाँ उन्होंने क्षेत्र की गौशालाओं का गहन निरीक्षण किया, जहाँ उन्होंने व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए गौवंश के संरक्षण और उनकी देखभाल से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तृत जानकारी हासिल की। निरीक्षण के दौरान, अध्यक्ष बघेल ने गौशाला प्रबंधन के साथ चर्चा की और पशुओं के लिए उपलब्ध चारे, पानी तथा चिकित्सा सुविधाओं की स्थिति का मूल्यांकन किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि प्रदेश सरकार गौ-संवर्धन और पशुधन विकास के लिए लगातार प्रतिबद्धता से काम कर रही है, और गौशालाओं को बेहतर सुविधाएँ उपलब्ध कराना उसकी प्राथमिकताओं में से एक है। गौशाला से संबंधित भूमि पर अवैध कब्जे के गंभीर मुद्दे पर पूछे जाने पर, केशव सिंह बघेल ने स्वीकार किया कि उन्हें इस संबंध में कई शिकायतें मिली हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि मामले की पूरी जानकारी ली जाएगी और उसके बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। अध्यक्ष ने यह भी कहा कि यदि स्थिति की गंभीरता अपेक्षित हुई, तो इस विषय को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के समक्ष भी प्रस्तुत किया जाएगा, ताकि गौशाला की भूमि और उसके संसाधनों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। यह उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार ने अप्रैल 2026 में केशव सिंह बघेल को मध्य प्रदेश राज्य पशुधन एवं कुक्कुट विकास निगम का अध्यक्ष नियुक्त किया था। अपनी नियुक्ति के बाद से ही, वे विभिन्न जिलों का दौरा कर पशुधन विकास योजनाओं की प्रगति और गौशालाओं की व्यवस्थाओं का लगातार निरीक्षण कर रहे हैं।1
- लिटिल स्टार शैलेश मेमोरियल स्कूल में आयोजित समर कैंप का सफलतापूर्वक समापन हो गया है। इस दौरान कैंप में शामिल हुए बच्चों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।1
- सागर जिला अस्पताल में ईद की छुट्टी के सन्नाटे और भीषण गर्मी के बीच एक दिल छू लेने वाला दृश्य सामने आया, जहाँ एक बीमार माँ का लगभग ढाई साल का मासूम बच्चा अपनी प्यास बुझाने के लिए लगे वाटर कूलर के पास पहुँचा। अस्पताल के माहौल में छाई उदासी और चिंता से बेखबर, बच्चे के गले में सूखती प्यास ने उसे पानी की तलाश में धकेल दिया। जैसे ही ठंडे पानी की धार बही, मासूम के चेहरे पर एक अद्भुत चमक आ गई। बिना किसी संकोच या दुनियादारी की परवाह किए, उस बच्चे ने तुरंत अपने कपड़े उतारे और उसी वाटर कूलर के पानी से नहाने की ज़िद पकड़ ली। ठंडी बूँदें पड़ते ही वह पहले तो सिहर उठा, लेकिन अगले ही पल उसकी खुशी का ठिकाना नहीं रहा। उसके लिए वह वाटर कूलर सिर्फ़ एक मशीन नहीं, बल्कि खुशियों से भरा एक निजी स्विमिंग पूल बन गया था। उसने खिलखिलाते हुए ठंडे पानी का भरपूर आनंद लिया, और फिर दौड़कर अपनी माँ के पास लौट गया। इस हृदयस्पर्शी पल को देखकर वहाँ मौजूद लोग भी भावुक हो उठे और कहने लगे, 'यही तो बचपन है, जो एक बार चला जाए तो फिर कभी लौटकर नहीं आता।' यह घटना दर्शाती है कि परिस्थितियाँ कितनी भी विषम क्यों न हों, खुश रहने और हर पल में आनंद ढूँढने का अद्भुत हुनर सिर्फ़ एक बच्चे के पास होता है। वाकई, बचपन हर फिक्र से बेगाना और खुशियों का एक अनमोल खज़ाना होता है।2
- नरसिंहपुर में एक जेल प्रहरी ने अपनी बेटी के लिए नरसिंहपुर पुलिस पर भरोसा फिर से कायम होने पर खुशी जाहिर की है। यह विश्वास उनके घर में हुई चोरी के बाद पुलिस की कार्रवाई से बहाल हुआ है।1
- ऐतिहासिक गाडरवारा की धरती पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जल्द आगमन हो सकता है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, प्रधानमंत्री का गाडरवारा प्रवास 5 और 6 जून को प्रस्तावित है। इस खबर के सामने आते ही पूरे नरसिंहपुर जिले में उत्साह का माहौल है और राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है। प्रधानमंत्री के संभावित दौरे को देखते हुए स्थानीय प्रशासन पूरी तरह 'अलर्ट मोड' पर आ गया है और युद्धस्तर पर तैयारियाँ शुरू कर दी गई हैं। सुरक्षा व्यवस्था से लेकर कार्यक्रम स्थल के चयन और अन्य आवश्यक प्रबंधों को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों की बैठकों का सिलसिला चल रहा है। हालाँकि, प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से आधिकारिक कार्यक्रम की विस्तृत रूपरेखा अभी सार्वजनिक नहीं की गई है, लेकिन तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए विभागों को दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं। क्षेत्रवासियों को उम्मीद है कि प्रधानमंत्री के इस दौरे से गाडरवारा को विकास कार्यों, प्रमुख अधोसंरचना परियोजनाओं और जनहित की बड़ी योजनाओं की सौगात मिल सकती है। स्थानीय स्तर पर इसे क्षेत्र के विकास को नई गति देने वाले एक बड़े अवसर के रूप में देखा जा रहा है। पूरे नरसिंहपुर जिले की जनता अब प्रधानमंत्री के आधिकारिक दौरे की पुष्टि और उनके संभावित आगमन के दौरान होने वाली घोषणाओं का बेसब्री से इंतजार कर रही है। प्रशासन के स्तर पर चल रही हलचल ने यह स्पष्ट कर दिया है कि यदि दौरा तय होता है, तो यह आयोजन गाडरवारा के लिए ऐतिहासिक होगा।1
- नरसिंहपुर से सतीश विश्वकर्मा की रिपोर्ट स्काई इंडिया टीवी चैनल बरमान सतधारा पुल से दुकान हटाने का मामला गरमाया! गरीब महिलाओं ने कलेक्टर से लगाई गुहार जन सुनवाई मे1