कमिश्नरेट आगरा पुलिस ने अवैध शराब तस्करों के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई करते हुए लगभग ₹60 लाख मूल्य की अवैध अंग्रेजी शराब से भरा एक ट्रक जब्त किया है। थाना मलपुरा, साइबर सर्विलांस और काउंटर इंटेलिजेंस टीम की संयुक्त कार्रवाई में 492 पेटियों में बंद कुल 12,108 बोतलें बरामद की गईं। इस अभियान के तहत दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि कथित मुख्य सरगना राहुल अभी भी फरार है। पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई 4 जुलाई को मुखबिर की सूचना पर मलपुरा चौराहा जारुआ कट के पास की गई। घेराबंदी कर पीले तिरपाल से ढके एक टाटा ट्रक को रोका गया, जिसकी तलाशी में विभिन्न ब्रांडों की अवैध अंग्रेजी शराब की पेटियां मिलीं। मौके से आरोपियों के कब्जे से दो मोबाइल फोन और ₹4,200 नकद भी बरामद हुए। पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने बताया कि यह शराब का ट्रक उन्हें पंजाब के जिरकपुर से मिला था और इसे गोरखपुर पहुंचाना था। पुलिस जांच से बचने के लिए उन्हें फर्जी स्क्रैप की बिल्टी दी गई थी, ताकि वे पूछताछ में यही दस्तावेज दिखा सकें। इस खेप को सुरक्षित पहुंचाने के बदले दोनों को ₹25,000 देने का वादा किया गया था। पुलिस ने इस मामले में गुजरात के गांधीनगर निवासी देवड़ा राजू और अजय को गिरफ्तार किया है। हालांकि, इस पूरे नेटवर्क का कथित संचालक राहुल अभी तक फरार है और पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ थाना मलपुरा में आबकारी अधिनियम और बीएनएस की संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
कमिश्नरेट आगरा पुलिस ने अवैध शराब तस्करों के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई करते हुए लगभग ₹60 लाख मूल्य की अवैध अंग्रेजी शराब से भरा एक ट्रक जब्त किया है। थाना मलपुरा, साइबर सर्विलांस और काउंटर इंटेलिजेंस टीम की संयुक्त कार्रवाई में 492 पेटियों में बंद कुल 12,108 बोतलें बरामद की गईं। इस अभियान के तहत दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि कथित मुख्य सरगना राहुल अभी भी फरार है। पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई 4 जुलाई को मुखबिर की सूचना पर मलपुरा चौराहा जारुआ कट के पास की गई। घेराबंदी कर पीले तिरपाल से ढके एक टाटा ट्रक को रोका गया, जिसकी तलाशी में विभिन्न ब्रांडों की अवैध अंग्रेजी शराब की पेटियां मिलीं। मौके से आरोपियों के कब्जे से दो मोबाइल फोन और ₹4,200 नकद भी बरामद हुए। पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने बताया कि यह शराब का ट्रक उन्हें पंजाब के जिरकपुर से मिला था और इसे गोरखपुर पहुंचाना था। पुलिस जांच से बचने के लिए उन्हें फर्जी स्क्रैप की बिल्टी दी गई थी, ताकि वे पूछताछ में यही दस्तावेज दिखा सकें। इस खेप को सुरक्षित पहुंचाने के बदले दोनों को ₹25,000 देने का वादा किया गया था। पुलिस ने इस मामले में गुजरात के गांधीनगर निवासी देवड़ा राजू और अजय को गिरफ्तार किया है। हालांकि, इस पूरे नेटवर्क का कथित संचालक राहुल अभी तक फरार है और पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ थाना मलपुरा में आबकारी अधिनियम और बीएनएस की संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
- कमिश्नरेट आगरा पुलिस ने अवैध शराब तस्करों के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई करते हुए लगभग ₹60 लाख मूल्य की अवैध अंग्रेजी शराब से भरा एक ट्रक जब्त किया है। थाना मलपुरा, साइबर सर्विलांस और काउंटर इंटेलिजेंस टीम की संयुक्त कार्रवाई में 492 पेटियों में बंद कुल 12,108 बोतलें बरामद की गईं। इस अभियान के तहत दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि कथित मुख्य सरगना राहुल अभी भी फरार है। पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई 4 जुलाई को मुखबिर की सूचना पर मलपुरा चौराहा जारुआ कट के पास की गई। घेराबंदी कर पीले तिरपाल से ढके एक टाटा ट्रक को रोका गया, जिसकी तलाशी में विभिन्न ब्रांडों की अवैध अंग्रेजी शराब की पेटियां मिलीं। मौके से आरोपियों के कब्जे से दो मोबाइल फोन और ₹4,200 नकद भी बरामद हुए। पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने बताया कि यह शराब का ट्रक उन्हें पंजाब के जिरकपुर से मिला था और इसे गोरखपुर पहुंचाना था। पुलिस जांच से बचने के लिए उन्हें फर्जी स्क्रैप की बिल्टी दी गई थी, ताकि वे पूछताछ में यही दस्तावेज दिखा सकें। इस खेप को सुरक्षित पहुंचाने के बदले दोनों को ₹25,000 देने का वादा किया गया था। पुलिस ने इस मामले में गुजरात के गांधीनगर निवासी देवड़ा राजू और अजय को गिरफ्तार किया है। हालांकि, इस पूरे नेटवर्क का कथित संचालक राहुल अभी तक फरार है और पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ थाना मलपुरा में आबकारी अधिनियम और बीएनएस की संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।1
- मोहर्रम की दसवीं तारीख, यौमे आशूरा पर वाराणसी के सदर इमामबाड़ा, सरैया में कर्बला के शहीदों की याद में 72 ताबूत उठाए गए। इस दौरान बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने इमाम हुसैन (अ.स.) और उनके 72 साथियों की शहादत को याद करते हुए मातम और पुरसा पेश किया। इस अवसर पर वक्ताओं ने बताया कि 61 हिजरी, 10 मोहर्रम (यौमे आशूरा) को कर्बला की तपती रेत पर इमाम हुसैन (अ.स.) और उनके साथियों ने तीन दिन तक भूखे-प्यासे रहकर इंसानियत, सत्य और न्याय की रक्षा के लिए अपनी जान कुर्बान कर दी थी। उन्होंने ज़ुल्म और अन्याय के सामने सिर झुकाने के बजाय हक़ और इंसाफ़ का रास्ता चुनकर पूरी दुनिया को यह संदेश दिया कि सत्य और इंसानियत की रक्षा के लिए हर कुर्बानी छोटी है। वक्ताओं ने स्पष्ट किया कि निकाले गए ये 72 ताबूत कर्बला के उन 72 शहीदों की स्मृति का प्रतीक हैं, जिनके पार्थिव शरीर तीन दिन तक तपती रेत पर पड़े रहे। वाराणसी के सदर इमामबाड़ा सरैया में यह परंपरा हर वर्ष निभाई जाती है, जहां अकीदतमंद अश्कों और मातम के साथ शहीदों को ख़िराज-ए-अकीदत पेश करते हैं। कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने कहा कि कर्बला का पैगाम किसी एक धर्म या समुदाय तक सीमित न होकर, पूरी मानवता को अन्याय के विरुद्ध डटकर खड़े होने, सत्य का साथ देने और इंसानियत की रक्षा का संदेश देता है। मोहर्रम के इस आयोजन का समापन वाराणसी की गंगा-जमुनी तहज़ीब की विरासत के साथ श्रद्धा और अकीदत के माहौल में हुआ।1
- इलाहाबाद हाई कोर्ट में एक याचिका पर सुनवाई हुई, जो आगरा स्थित ताजमहल परिसर को भगवान श्री अग्रेश्वर महादेव नागनाथेश्वर विराजमान तेजो महालय मंदिर होने का दावा करने वाले मुकदमे से संबंधित है। यह याचिका इस मुकदमे में सर्वे कमिश्नर नियुक्त करने को लेकर दाखिल की गई थी।1
- आगरा में अखिल भारतीय खटीक समाज द्वारा अपने 44वें स्थापना दिवस के अवसर पर 26 जुलाई को सूरसदन प्रेक्षागृह में एक मंडल स्तरीय 'गर्जना सम्मेलन' आयोजित किया जाएगा। इस महत्वपूर्ण सम्मेलन में राजनीतिक भागीदारी, सामाजिक एकजुटता और समाज के अधिकारों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर व्यापक चर्चा और बड़ा मंथन किया जाएगा। सम्मेलन की तैयारियों के मद्देनजर हाल ही में एक पोस्टर विमोचन कार्यक्रम भी आयोजित किया गया था। इस कार्यक्रम में संगठन के पदाधिकारियों ने आगामी 'गर्जना सम्मेलन' की पूरी रूपरेखा साझा की, और इसी दौरान नए पदाधिकारियों के नामों की भी घोषणा की गई, जो समाज के भीतर नई ऊर्जा और दिशा लाने का संकेत है।1
- आगरा की मलपुरा पुलिस ने एक बड़े ऑपरेशन में स्क्रैप के ट्रक में छिपाकर लाई जा रही ₹60 लाख की अवैध अंग्रेजी शराब जब्त की है। यह खेप पंजाब के जिरकपुर से चली थी और गोरखपुर ले जाई जा रही थी, जिसे डिलीवरी मिलने से ठीक पहले आगरा में पकड़ लिया गया। पुलिस ने ट्रक की तलाशी में 492 पेटियों में रखी कुल 12,108 बोतलें अवैध अंग्रेजी शराब बरामद की हैं, जो स्क्रैप की आड़ में तस्करी की जा रही थी। इस बड़ी कार्रवाई के दौरान दो तस्करों को भी गिरफ्तार किया गया है, जिसके बाद एक अंतरराज्यीय शराब तस्करी सिंडिकेट का पर्दाफाश हुआ है। मलपुरा पुलिस की इस बड़ी कामयाबी से पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। जब्त किए गए सामान में शराब के अलावा दो मोबाइल फोन और ₹4,200 नकद भी शामिल हैं। पुलिस की पूछताछ में शराब माफिया के नेटवर्क का खुलासा हुआ है और अब इस सिंडिकेट के सरगना राहुल की तलाश तेज कर दी गई है। कमिश्नरेट पुलिस ने इस बड़ी तस्करी को नाकाम कर दिया है और तस्करी का यह नेटवर्क अब गहन जांच के घेरे में है, जबकि पुलिस पूरे गिरोह की तलाश में जुट गई है।1
- आगरा जिले के शमसाबाद थाना क्षेत्र के कुतकपुर गांव में देर रात एक दुखद घटना सामने आई है, जहाँ कमरे में रखे कूलर में करंट उतरने से पति-पत्नी की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। मृतकों की पहचान 35 वर्षीय जगदीश और उनकी पत्नी करीब 32 वर्षीय शशि के रूप में हुई है, जो गांव में किराना स्टोर की दुकान चलाते थे। यह हादसा देर रात हुआ, लेकिन इसकी जानकारी परिजनों और ग्रामीणों को सुबह तब हुई जब उनके कमरे का दरवाजा नहीं खुला। घटना के बाद परिवार में गहरा सदमा है और पति-पत्नी के चार बच्चे अनाथ हो गए हैं। पूरे गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है। सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। पुलिस अब करंट फैलने के कारणों की विस्तृत जांच में जुटी हुई है।1
- फिरोजाबाद के फरिहा कस्बे में 29 जून से लापता हुई 15 वर्षीय किशोरी का मामला सोमवार को तूल पकड़ गया। किशोरी की बरामदगी में हो रही देरी से नाराज़ व्यापारियों ने विरोध जताते हुए पूरा बाज़ार बंद कर दिया और प्रशासन के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया। परिजनों का आरोप है कि उनकी बेटी को एक विशेष समुदाय का युवक बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया है, लेकिन कई दिन बीत जाने के बावजूद पुलिस उसे बरामद नहीं कर सकी है। परिजनों ने बताया कि वे लगातार थाने के चक्कर लगा रहे हैं। प्रदर्शन के दौरान, क्षेत्राधिकारी (सीओ) जसराना मौके पर पहुंचे और उन्होंने व्यापारियों व स्थानीय लोगों को समझाने का प्रयास किया। इसी बीच, कुछ व्यापारियों और सीओ के बीच तीखी बहस और नोकझोंक हो गई, जिससे कुछ देर के लिए स्थिति तनावपूर्ण बन गई। हालांकि, मौके पर मौजूद पुलिस बल ने तुरंत स्थिति को संभाला और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की।1