भीलवाड़ा शहर में सुखवाल युवा प्रकोष्ठ की ओर से मंगलवार को विशाल वाहन रैली का आयोजन किया जाएगा। इस रैली की तैयारियों को लेकर युवा प्रकोष्ठ के करीब 100 युवाओं की टोली ने शहर में सघन जनसंपर्क किया। अभियान के तहत युवाओं ने 1100 से 1300 घरों तक पहुंचकर सुखवाल समाज के परिवारों से मुलाकात की और उन्हें रैली में शामिल होने के लिए पीला चावल देकर निमंत्रण पत्र व पेम्पलेट वितरित किए। युवा प्रकोष्ठ के मीडिया प्रभारी विनोद सुखवाल ने बताया कि समाज को संगठित करने और आगामी कार्यक्रमों की जानकारी देने के उद्देश्य से यह पहल की गई है। शहर में निवासरत सभी सुखवाल परिवारों को आमंत्रित किया गया है। यह रैली परशुराम चौराहे से शुरू होकर कलेक्ट्री, कोट चौराहा, रेलवे स्टेशन, पुलिस कंट्रोल रूम, गोल प्याऊ चौराहा, सूचना केंद्र व विभिन्न मार्गों से होती हुई श्रृंगी ऋषि संस्थान चौराहे पर पहुंचेगी।
भीलवाड़ा शहर में सुखवाल युवा प्रकोष्ठ की ओर से मंगलवार को विशाल वाहन रैली का आयोजन किया जाएगा। इस रैली की तैयारियों को लेकर युवा प्रकोष्ठ के करीब 100 युवाओं की टोली ने शहर में सघन जनसंपर्क किया। अभियान के तहत युवाओं ने 1100 से 1300 घरों तक पहुंचकर सुखवाल समाज के परिवारों से मुलाकात की और उन्हें रैली में शामिल होने के लिए पीला चावल देकर निमंत्रण पत्र व पेम्पलेट वितरित किए। युवा प्रकोष्ठ के मीडिया प्रभारी विनोद सुखवाल ने बताया कि समाज को संगठित करने और आगामी कार्यक्रमों की जानकारी देने के उद्देश्य से यह पहल की गई है। शहर में निवासरत सभी सुखवाल परिवारों को आमंत्रित किया गया है। यह रैली परशुराम चौराहे से शुरू होकर कलेक्ट्री, कोट चौराहा, रेलवे स्टेशन, पुलिस कंट्रोल रूम, गोल प्याऊ चौराहा, सूचना केंद्र व विभिन्न मार्गों से होती हुई श्रृंगी ऋषि संस्थान चौराहे पर पहुंचेगी।
- हजारों गौभक्तों की उपस्थिति में जिला कलेक्टर को सौंपा गया गौ सम्मान आवाहन का प्रार्थना पत्र l क्राईम न्यूज, न्यू राजस्थान धरा न्यूज संपादक कुमार प्रवीण सेन भीलवाड़ा। गौ माता को "राष्ट्र माता" घोषित करने एवं गौ संरक्षण को सशक्त बनाने की मांग को लेकर सोमवार को भीलवाड़ा में विशाल गौ सम्मान आवाहन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। संतों, महंतों, महामंडलेश्वरों, जनप्रतिनिधियों एवं हजारों गौभक्तों की उपस्थिति में जिला कलेक्टर को मुख्यमंत्री, राज्यपाल, प्रधानमंत्री एवं राष्ट्रपति के नाम संबोधित प्रार्थना पत्र सौंपा गया। कार्यक्रम की शुरुआत हरी सेवा वाटिका में हुई, जहां सुबह से ही गौभक्तों का आगमन शुरू हो गया था। अल्पाहार के बाद विजय मंत्र संकीर्तन "श्री राम जय राम जय जय राम" तथा देशभक्ति गीतों की संगीतमय प्रस्तुति स्वरम जी त्रिपाठी एवं उनकी टोली ने वाद्य यंत्रों के साथ कराई। इसके बाद गौ-गान के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। जिला प्रचारक संत श्री लाल महाराज ने स्वागत उद्बोधन दिया, जबकि जिला समन्वयक सुनील जागेटिया ने अभियान की जानकारी दी। भीलवाड़ा विधायक अशोक कुमार कोठारी ने अपने संबोधन में गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि गौ संरक्षण हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने विश्वास जताया कि राज्य एवं केंद्र सरकार जनभावनाओं का सम्मान करते हुए सकारात्मक निर्णय लेने का प्रयास करेगी। कार्यक्रम में महामंडलेश्वर श्री हंसराम महाराज, महामंडलेश्वर श्री बाबू गिरी महाराज, जैन संत उपप्रवर्तक सुरेश मुनि महाराज, महंत संत दास महाराज, महंत मोहन शरण शास्त्री, पुजारी हेमराज पोसवाल सहित अनेक संत-महात्माओं ने गौ सेवा एवं संरक्षण का संदेश दिया। सहाड़ा विधायक लादूलाल पितलिया ने भी गौ माता के महत्व पर अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम का संचालन बाबूलाल टाक ने किया। इस अवसर पर जिले से निकली दो पदयात्राएं भी हरी सेवा वाटिका पहुंचीं। एक पदयात्रा महंत सरजू दास महाराज (करेड़ा) के नेतृत्व में तथा दूसरी देवनारायण गौशाला, गलवा से भंवरलाल खारोल के सानिध्य में पहुंची। इसके बाद वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हस्ताक्षर युक्त प्रार्थना पत्रों की पूजा-अर्चना कर उन्हें लाल वस्त्र एवं मयूर पंख से सजाया गया। संतों, जनप्रतिनिधियों एवं पदाधिकारियों ने इन्हें सिर पर धारण कर विशाल प्रार्थना रैली निकाली। रैली में मशक बैंड, एनसीसी कैडेट्स, स्काउट्स, दुर्गा अखाड़ा की बहनें, विभिन्न सांस्कृतिक वेशभूषा में सजे बालक-बालिकाएं, राजस्थानी बैलगाड़ियां, इस्कॉन मंदिर की कीर्तन मंडली एवं भजन मंडलियां आकर्षण का केंद्र रहीं। अंत में प्रतिनिधिमंडल ने जिला कलेक्टर को हजारों हस्ताक्षरों से युक्त प्रार्थना पत्र सौंपा। कार्यक्रम के समापन पर संभाग प्रभारी नंदकिशोर साहू ने आभार व्यक्त किया, जबकि जिला प्रभारी जगदीश4
- भीलवाड़ा शहर में सुखवाल युवा प्रकोष्ठ की ओर से मंगलवार को विशाल वाहन रैली का आयोजन किया जाएगा। इस रैली की तैयारियों को लेकर युवा प्रकोष्ठ के करीब 100 युवाओं की टोली ने शहर में सघन जनसंपर्क किया। अभियान के तहत युवाओं ने 1100 से 1300 घरों तक पहुंचकर सुखवाल समाज के परिवारों से मुलाकात की और उन्हें रैली में शामिल होने के लिए पीला चावल देकर निमंत्रण पत्र व पेम्पलेट वितरित किए। युवा प्रकोष्ठ के मीडिया प्रभारी विनोद सुखवाल ने बताया कि समाज को संगठित करने और आगामी कार्यक्रमों की जानकारी देने के उद्देश्य से यह पहल की गई है। शहर में निवासरत सभी सुखवाल परिवारों को आमंत्रित किया गया है। यह रैली परशुराम चौराहे से शुरू होकर कलेक्ट्री, कोट चौराहा, रेलवे स्टेशन, पुलिस कंट्रोल रूम, गोल प्याऊ चौराहा, सूचना केंद्र व विभिन्न मार्गों से होती हुई श्रृंगी ऋषि संस्थान चौराहे पर पहुंचेगी।2
- राजस्थान सरकार ने फूड प्रोसेसिंग उद्योग में निवेश बढ़ाने के लिए एक नई रणनीति बनाई है। इस रणनीति का उद्देश्य राज्य में फूड प्रोसेसिंग उद्योग को बढ़ावा देना और निवेशकों को आकर्षित करना है। इस पहल के तहत, सरकार विभिन्न प्रोत्साहन और सुविधाएं प्रदान करेगी ताकि उद्योग को विकसित किया जा सके। इस रणनीति के तहत, सरकार ने विशेष आर्थिक क्षेत्रों (SEZ) और औद्योगिक पार्कों में फूड प्रोसेसिंग इकाइयों के लिए रियायती दरों पर भूमि आवंटित करने का फैसला किया है। इसके अलावा, सरकार बिजली, पानी और अन्य आवश्यक सेवाओं की आपूर्ति में भी मदद करेगी। राज्य सरकार का मानना है कि फूड प्रोसेसिंग उद्योग न केवल राज्य की अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देगा बल्कि रोजगार के नए अवसर भी पैदा करेगा। इस रणनीति के लागू होने से राजस्थान फूड प्रोसेसिंग का एक प्रमुख केंद्र बन सकता है। #LatestNews #RajasthanNews #RajasthanWithZee1
- अरनिया घोड़ा गांव के खेतों पर आने-जाने के रास्ते पर अतिक्रमण कर रखा गया है। इस अतिक्रमण के कारण आम जनता को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोग इस समस्या से जूझ रहे हैं, लेकिन कोई भी इस सच्चाई का साथ देने के लिए आगे नहीं आ रहा है। इसके विपरीत, गलत के साथ खड़े रहने वाले लोग ही अधिक दिखाई देते हैं। इस समस्या के कारण ग्रामीणों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है और वे इस अतिक्रमण को हटाने की मांग कर रहे हैं।1
- चित्तौड़गढ़। गो सम्मान आह्वान अभियान के अंतर्गत चित्तौड़गढ़ जिले के गोभक्तों ने 7 लाख से अधिक हस्ताक्षर कर सरकार से स्पष्ट आग्रह किया कि गोहत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए तथा गौ माता को राष्ट्रमाता का सम्मान दिया जाए। जिला संयोजक गौरव सोमानी ने बताया कि लगभग 15 से 20 हजार गोभक्त जिले के विभिन्न क्षेत्रों से इंदिरा गांधी स्टेडियम, चित्तौड़गढ़ में एकत्रित हुए। कार्यक्रम में वैदिक परंपरा के अनुसार अनेक बटुकों एवं संतों की गरिमामयी उपस्थिति रही। जोगणिया माता ट्रस्ट से 108 से अधिक बटुक, अलख वेद गुरुकुल (राशमी) से लगभग 80 बटुक, कल्लाजी वेद पीठ से 108 बटुक तथा मूंगाना धाम से 30 बटुक सहित विभिन्न संस्थाओं के संत एवं आचार्य उपस्थित रहे। 8:00 बजे से 10:00 तक विजय मंत्र का जाप किया गया। गायत्री शक्तिपीठ द्वारा सभी साथियों ने भी सहयोग किया। सभी भारतीय वेशभूषा में परंपरागत रूप में उपस्थित रहे। आरंभ में डॉ सुशीला लड्ढा ने गो वंदना प्रस्तुत की। जप करने के पश्चात सभी संतों के द्वारा आशीर्वचनों से हजारों गो भक्तों का उत्साहवर्धन किया गया। कार्यक्रम का संचालन डॉ सुशीला लड्ढा, डॉ रेनू सोमानी और लीला खंगाल ने किया। जुलूस और पदयात्रा के पहले जिला संयोजक गौरव सोमानी द्वारा सभी को गौ रक्षा का संकल्प दिलाया गया। इस अवसर पर संत दिग्विजयराम जी महाराज (रामद्वारा, चित्तौड़गढ़), श्री 1008 अनुज दास जी महाराज (मूंगाना धाम), आचार्य सुदर्शनाचार्य जी महाराज, आचार्य गो हितेश जी, श्री जोगणियां माता शक्तिपीठ वेद विद्यालय आचार्य श्री नारायण लाल शर्मा संत राधेश्याम जी सुखवाल (श्री राम गौशाला), कैलाश जी मूंदड़ा (कल्लाजी वैदिक विश्वविद्यालय), आचार्य कर्मवीर जी सहित जिले भर से अनेक संत-महात्माओं ने सहभागिता कर गौ सम्मान का संदेश दिया। जिला संयोजक गौरव सोमानी ने बताया कि जिले की प्रत्येक तहसील एवं पंचायत से आए गोभक्तों ने सामूहिक संकल्प लिया कि जब तक गौ माता को राष्ट्रमाता का सम्मान नहीं मिल जाता, तब तक गो सम्मान आह्वान अभियान के माध्यम से लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण तरीके से अपनी आवाज सरकार तक पहुँचाते रहेंगे। कार्यक्रम के दौरान जब मंच पर संतों का सम्मान पुष्पमाला एवं दुपट्टा पहनाकर किया जाने लगा, तब सभी संतों ने विनम्रतापूर्वक सम्मान स्वीकार करने से इंकार करते हुए एक स्वर में कहा— 'जब तक गौ माता को राष्ट्रमाता का सम्मान प्राप्त नहीं हो जाता और गौ माता का उचित सम्मान सुनिश्चित नहीं होता, तब तक हम अपना व्यक्तिगत सम्मान स्वीकार नहीं करेंगे।' संतों के इस संकल्प ने उपस्थित हजारों गोभक्तों में भावनात्मक ऊर्जा का संचार किया और पूरा वातावरण 'गौ माता को राष्ट्रमाता का दर्जा दो' के उद्घोष से गूंज उठा। कार्यक्रम के पश्चात सभी गोभक्तों ने शांतिपूर्वक विशाल जनसमूह के साथ जिला प्रशासन को प्रार्थना-पत्र सौंपकर अपनी जनभावनाओं से अवगत कराया। इसके बाद सभी उपस्थित जनों ने सामूहिक भोजन ग्रहण किया। पूरा कार्यक्रम अनुशासित एवं शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।4
- भीलवाड़ा जिले के पुर कस्बे में स्थित श्री लक्ष्मीनारायण मंदिर की लगभग 62 बीघा कृषि भूमि पर कथित अवैध कब्जे और मंदिर ट्रस्ट की कार्यप्रणाली को लेकर ग्रामीणों एवं दशम सेवा समिति ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग की है। पुर के लक्ष्मीनारायण मंदिर के नाम पर राजस्व रिकॉर्ड में लगभग 62 बीघा कृषि भूमि दर्ज है। आरोप लगाया गया है कि मंदिर के पुजारी एवं ट्रस्ट द्वारा भूमि पर अवैध कब्जे किए गए हैं तथा अन्य लोगों से भी कब्जा करवाया गया है। ज्ञापन में इन कब्जों को हटाने और मंदिर की कृषि भूमि को पुनः मंदिर के नाम दर्ज कराने की मांग की गई है। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि ट्रस्ट द्वारा मंदिर की कृषि भूमि से प्राप्त होने वाले लाभ और आय के उपयोग की भी निष्पक्ष जांच कराई जाए। साथ ही मंदिर परिसर में कथित अवैध ब्लास्टिंग से जर्जर हुई इमारत की मरम्मत एवं जीर्णोद्धार कराने की मांग भी प्रशासन से की गई है। ग्रामीणों और दशम सेवा समिति ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई करने तथा मंदिर की संपत्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।1
- मांडल (भीलवाड़ा)। जयपुर-उदयपुर नेशनल हाईवे-48 पर सोमवार को एक बड़ा सड़क हादसा होते-होते टल गया। जानकारी के अनुसार, सांवरिया सेठ जी के दर्शन कर जयपुर लौट रहे श्रद्धालुओं की थार गाड़ी के सामने अचानक एक गाय आ गई। चालक ने गाय को बचाने का प्रयास किया, जिससे वाहन अनियंत्रित होकर डिवाइडर पर चढ़ गया। हादसे के बाद मौके पर कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। राहत की बात यह रही कि इस दुर्घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई और सभी सवार सुरक्षित रहे। सूचना मिलते ही 108 एम्बुलेंस और मांडल पुलिस तुरंत घटनास्थल पर पहुंची तथा आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई। दुर्घटना के कारण हाईवे पर कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित हुआ, लेकिन मांडल पुलिस के कांस्टेबल रामप्रसाद कुमावत, राजेंद्र प्रसाद तथा 112 पायलट भूपेश ने तत्परता दिखाते हुए यातायात को सुचारु कराया और जाम खुलवाने में अहम भूमिका निभाई। समय रहते चालक की सतर्कता और पुलिस-प्रशासन की त्वरित कार्रवाई से एक बड़ा हादसा टल गया।1