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इस खबर में गुफा वाले बाबा का ज़िक्र किया गया है।
Raja uddin
इस खबर में गुफा वाले बाबा का ज़िक्र किया गया है।
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- आज नरैनी थाना पुलिस को ग्राम खरोंच में एक मंदिर में किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा मूर्ति क्षतिग्रस्त किए जाने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही थाना पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और घटनास्थल का विस्तृत निरीक्षण किया। पुलिस टीम ने इस दौरान भौतिक और फोरेंसिक साक्ष्यों का सावधानीपूर्वक संकलन भी किया। इस मामले में तत्काल तहरीर प्राप्त करते हुए संबंधित धाराओं के तहत एक अभियोग पंजीकृत कर लिया गया है। पुलिस ने घटना को अंजाम देने के संबंध में एक संदिग्ध व्यक्ति को हिरासत में ले लिया है और उससे गहन पूछताछ जारी है। इस पूरी कार्रवाई में पुलिस क्षेत्राधिकारी नरैनी श्री प्रवीण कुमार शामिल रहे।1
- हमीरपुर में जिलाधिकारी अभिषेक गोयल के निर्देश पर ग्राम पंचायतों को प्लास्टिक मुक्त और कूड़े के ढेरों से मुक्त कराने का अभियान शुरू किया गया है। यह अभियान 1 जून से 21 जून तक चलाया जाएगा। शनिवार को ब्लाक कार्यालय सुमेरपुर में ब्लॉक प्रमुख जयनारायण सिंह यादव ने हरी झंडी दिखाकर इस अभियान का शुभारंभ किया। इस अवसर पर स्वच्छ भारत अभियान के एडीओ पंचायत, खंड प्रेरक और सफाई कर्मी सहित कई लोग मौजूद रहे।3
- कानपुर देहात के रूरा थाना क्षेत्र में पुलिस ने जवाहर नवोदय कोचिंग सेंटर से लापता हुए 11 वर्षीय सचिन यादव को सकुशल बरामद कर लिया है। सचिन, जो अजन सिंह पुत्र श्री अमर सिंह यादव निवासी मद्दीपुरवा मजरा उमरन थाना रनिया, जनपद कानपुर देहात के पुत्र हैं, जवाहर नवोदय कोचिंग सेंटर कस्बा रूरा में पढ़ने गए थे और वहीं से कहीं चले गए थे। उनके घर वापस न आने पर उनके पिता अजन सिंह ने रूरा थाने में इस संबंध में तहरीर दी थी। इस शिकायत पर त्वरित कार्यवाही करते हुए, रूरा पुलिस द्वारा मुखबिर खास की सूचना पर गुमशुदा सचिन यादव को उरई स्टेशन से ढूंढ निकाला गया। थाना प्रभारी सुधीर भारद्वाज ने बताया कि बरामद हुए बालक को उसके परिजनों को सुरक्षित सौंप दिया गया है। कानपुर देहात की रूरा पुलिस द्वारा किए गए इस सराहनीय कार्य की परिजनों और आम-जनमानस द्वारा भरपूर प्रशंसा की गई है।1
- महोबा जिले की कबरई नगर पंचायत में स्थित सरकारी जमीन पर एक व्यक्ति, जिसे माफिया रामप्रकाश पाठक बताया गया है, ने कब्जा कर लिया है। यह अतिक्रमण सरकारी नगर पंचायत की भूमि पर किया गया है।1
- घाटमपुर थाना क्षेत्र में पुलिस पर एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर की गाड़ी जबरन सीज करने का गंभीर आरोप लगा है। बताया गया है कि युवक ने गाड़ी के सभी कागजात दिखाए थे, इसके बावजूद पुलिस ने यह कार्रवाई की, जिसका एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। आगापुर गांव का बताया जा रहा यह वायरल वीडियो दिखाता है कि युवक ने अपने वाहन के पूरे दस्तावेज प्रस्तुत किए थे, फिर भी पुलिस ने जबरन वाहन को सीज कर दिया। वीडियो में पुलिसकर्मियों और आमजन के बीच स्पष्ट नोकझोंक देखी जा सकती है, जिसे लोगों ने रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया पर साझा कर दिया। इस वीडियो के वायरल होने के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। मामले को लेकर घाटमपुर थाना प्रभारी मनोज सिंह भदोरिया ने अपनी प्रतिक्रिया दी है, जिसमें उन्होंने पुलिस की कार्रवाई का पक्ष रखा है। थाना प्रभारी भदोरिया के अनुसार, वाहन चेकिंग के दौरान चालक से मौके पर ही वाहन के कागजात मांगे गए थे, जो कि उस समय दिखाए नहीं गए। इसी आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की गई। उन्होंने यह भी बताया कि कार्रवाई पूरी होने के बाद आरोप लगाने वाले युवक के परिजन कागजात लेकर पुलिस के पास पहुंचे थे, लेकिन तब तक वाहन सीज करने की प्रक्रिया पूरी हो चुकी थी।1
- कानपुर में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। किदवई नगर थाना क्षेत्र के कंजड़नपुरवा इलाके में पुलिस ने सुबह तड़के एक व्यापक छापेमारी अभियान चलाया, जिसमें लगभग 150 पुलिसकर्मियों को लगाया गया। इस सुनियोजित ऑपरेशन के तहत पूरे क्षेत्र को घेरकर लगभग 75 घरों की सघन तलाशी ली गई। पुलिस की इस अचानक हुई कार्रवाई से इलाके में हड़कंप मच गया और घरों के बाहर लोगों की भीड़ जमा हो गई। तलाशी के दौरान कई घरों से गांजा बरामद होने की सूचना है, जिसके बाद पुलिस ने 10 संदिग्ध गांजा तस्करों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कंजड़नपुरवा क्षेत्र में लंबे समय से अवैध मादक पदार्थों की खरीद-फरोख्त की शिकायतें मिल रही थीं, जिनके आधार पर यह विशेष अभियान चलाया गया। छापेमारी के दौरान किसी आरोपी को भागने का मौका न मिले, इसके लिए इलाके के प्रमुख रास्तों पर भी पुलिस बल तैनात किया गया था। अधिकारियों ने बताया कि बरामद गांजे की मात्रा और हिरासत में लिए गए लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है। पूछताछ के आधार पर तस्करी से जुड़े अन्य लोगों की भी पहचान की जा रही है, क्योंकि पुलिस को आशंका है कि इस नेटवर्क के तार शहर के अन्य इलाकों से भी जुड़े हो सकते हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नशे के कारोबार में लिप्त लोगों के खिलाफ आगे भी इसी तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। अभियान के बाद पूरे क्षेत्र में पुलिस की मौजूदगी बढ़ा दी गई है और संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जा रही है।1
- हमीरपुर के मौदहा विकास खंड स्थित ग्राम पंचायत गुड़ा के ग्रामीणों ने गंभीर पेयजल संकट से परेशान होकर जिलाधिकारी को संबोधित एक ज्ञापन सौंपा है। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में न केवल पेयजल की गंभीर समस्या बनी हुई है, बल्कि जो पानी उपलब्ध है वह भी पीने योग्य नहीं है। ज्ञापन में यह बात प्रमुखता से उठाई गई है कि नमामि गंगे पेयजल योजना के तहत गांव में नियमित जलापूर्ति नहीं हो रही है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पानी की सप्लाई कभी-कभार केवल औपचारिकता पूरी करने और फोटो खिंचवाने के उद्देश्य से ही चालू की जाती है, जबकि अधिकांश समय उन्हें स्वच्छ पेयजल नहीं मिल पाता। इस कारण ग्रामीणों को दूर-दराज के क्षेत्रों से पानी लाने पर मजबूर होना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि इस समस्या के संबंध में वे कई बार संबंधित अधिकारियों को प्रार्थना पत्र दे चुके हैं, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है, जिससे उनमें नाराजगी बढ़ती जा रही है। ज्ञापन के माध्यम से जिलाधिकारी से मांग की गई है कि ग्राम गुड़ा में जल संस्थान के ट्यूबवेल का नियमित और सुचारु संचालन सुनिश्चित कराया जाए, ताकि ग्रामीणों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध हो सके और उनकी परेशानी दूर हो। ज्ञापन सौंपने वालों में कंचन, चुन्नू देवी, फूल कुमारी, मीना पाल, मातादीन, मेवालाल, रामदीन, धनीराम, श्याम बाबू सहित दर्जनों ग्रामीण शामिल थे। ग्रामीणों ने यह चेतावनी भी दी है कि यदि जल्द ही उनकी समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो वे व्यापक जनआंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे।2
- हमीरपुर जिले के सुमेरपुर कस्बे में वर्णिता संस्था द्वारा विमर्श विविधा कार्यक्रम के तहत 'जिनका देश ऋणी है' पहल के अंतर्गत देशभक्तों की भूमिका को याद किया गया। इसी कड़ी में संस्था के अध्यक्ष डॉ. भवानीदीन ने स्वतंत्रता संघर्ष के सूरमा पं. परमानंद की जयंती पर श्रद्धासुमन अर्पित किए। उन्होंने परमानंद को माँ भारती का एक बेमिसाल रणबांकुरा बताते हुए कहा कि देश के प्रति उनके अविस्मरणीय योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। पं. परमानंद का जन्म 6 जून 1892 को हमीरपुर जिले के राठ स्थित सिकरौधा गाँव में गयाप्रसाद खरे और सगुना देवी के यहाँ हुआ था। वे शुरू से ही देशधर्मी सोच के व्यक्ति थे और गदर पार्टी के संस्थापक सदस्यों में से एक थे। परमानंद ने स्वदेशी आंदोलन से लेकर भारत छोड़ो आंदोलन तक हर आजादी की लड़ाई में अग्रणी भूमिका निभाई। 1915 के गदर संघर्ष में भी उनका प्रभावी प्लान था, लेकिन भितरघात के कारण वह योजना विफल हो गई। उन्हें फाँसी की सज़ा सुनाई गई, जिसे बाद में आजीवन कारावास में बदल दिया गया। उन्होंने सेलुलर जेल में 23 वर्ष बिताए। जेल से मुक्त होने के बाद वे झाँसी में रहने लगे और इसी कारण 'झाँसी वाले' के नाम से पहचाने जाने लगे। पं. परमानंद का निधन 13 अप्रैल 1982 को हुआ। इस कार्यक्रम में अशोक अवस्थी, सिद्धा, प्रेम, सागर, प्रिंस, महावीर प्रजापति, रामनारायन सोनकर, रामबाबू, राहुल, रिचा, भोलू सिंह, पंकज सिंह, सतेन्द्र, अजय गुप्ता सहित कई अन्य लोग शामिल हुए।1
- थाना गजनेर पुलिस ने 'ऑपरेशन मुस्कान' अभियान के तहत एक भटकते हुए नाबालिग बच्चे को उसके परिजनों से सकुशल मिलाया। लगभग 7 वर्ष की आयु का यह बच्चा गजनेर थाना क्षेत्र के गजनेर रायपुर रोड पर निनायां मोड़ पर भटकता हुआ मिला था। बच्चे के परिजनों की जानकारी प्राप्त करने के लिए थाना गजनेर पुलिस ने विभिन्न थानों और सोशल मीडिया ग्रुप्स की सहायता ली, जिसके बाद उनसे संपर्क स्थापित किया गया और उन्हें थाना गजनेर बुलाया गया। थाना प्रभारी सूर्य प्रताप सिंह ने बताया कि बच्चे को उसके परिजनों को सुरक्षित रूप से सुपुर्द कर दिया गया है। जनपद कानपुर देहात पुलिस द्वारा किए गए इस सराहनीय कार्य की बच्चे के परिजनों ने भूरि-भूरि प्रशंसा की।1