Shuru
Apke Nagar Ki App…
पटना जिले के फतुहा में 2 जुलाई को हुए चर्चित नवीन पासवान हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए मुख्य आरोपी तन्नू कुमार सिंह को गिरफ्तार किया है। पुलिस की शुरुआती जांच में इस हत्या के पीछे की वजह पैसों के लेन-देन का विवाद सामने आई है। आरोपी के कब्जे से पुलिस ने एक यामाहा FZ मोटरसाइकिल भी बरामद की है। इस मामले में संलिप्त अन्य आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस द्वारा पूरे हत्याकांड की हर पहलू से गहनता से जांच की जा रही है।
RUBY JOURNALIST
पटना जिले के फतुहा में 2 जुलाई को हुए चर्चित नवीन पासवान हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए मुख्य आरोपी तन्नू कुमार सिंह को गिरफ्तार किया है। पुलिस की शुरुआती जांच में इस हत्या के पीछे की वजह पैसों के लेन-देन का विवाद सामने आई है। आरोपी के कब्जे से पुलिस ने एक यामाहा FZ मोटरसाइकिल भी बरामद की है। इस मामले में संलिप्त अन्य आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस द्वारा पूरे हत्याकांड की हर पहलू से गहनता से जांच की जा रही है।
More news from बिहार and nearby areas
- समस्तीपुर के विद्यापति नगर थाना क्षेत्र में पुलिस पदाधिकारी की काली करतूत से एक पूरा परिवार उजड़ गया है, जिसके बाद अब यह गंभीर सवाल खड़ा हो गया है कि इसका जिम्मेदार कौन है। इस घटना में एक नया मोड़ सामने आया है, जिसने रक्षक के ही भक्षक बन जाने पर आम जनता के विश्वास को पूरी तरह झकझोर दिया है। इस मामले में एक ऑडियो वायरल हुआ है, जिसने पूरे समाज को हिलाकर रख दिया है। इस वायरल ऑडियो के जरिए पुलिस की काली करतूत का पर्दाफाश हुआ है, जिसके बाद आरोपी को निलंबित भी कर दिया गया है। लेकिन सवाल अब भी वही खड़ा है कि आखिर ऐसी गलती क्यों हुई। पीड़ित महिला का दर्द और पुलिस की मिलीभगत साफ बयां हो रही है, और यही वजह है कि आज पूरा बिहार पूछ रहा है कि इस बर्बादी का असल जिम्मेवार कौन है।1
- बिहार के समस्तीपुर जिले के खानपुर थाना क्षेत्र स्थित ऐतिहासिक चकोठी मठ में हुई भीषण चोरी की घटना ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है। चोरों ने मंदिर के गर्भगृह को निशाना बनाकर करीब 200 वर्ष पुरानी भगवान राम, माता सीता और लक्ष्मण की अष्टधातु की दुर्लभ प्रतिमाओं के साथ सोने और चांदी के कई बहुमूल्य आभूषण चोरी कर लिए हैं। चोरी गई इन ऐतिहासिक प्रतिमाओं और आभूषणों की अनुमानित कीमत करीब डेढ़ करोड़ रुपये बताई जा रही है। यह घटना इसलिए भी बेहद गंभीर है क्योंकि इसी ऐतिहासिक चकोठी मठ में बीते 24 जून को भगवान विष्णु के 24 अवतारों की स्थापना और प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव का भव्य आयोजन हुआ था। इस धार्मिक समारोह में बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी सहित कई जनप्रतिनिधि, संत-महात्मा और हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया था। ऐसे चर्चित और ऐतिहासिक धार्मिक स्थल पर हुई इस बड़ी वारदात ने मंदिरों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस सनसनीखेज चोरी का खुलासा सोमवार की सुबह तब हुआ, जब मठ के महामंडलेश्वर रामसेवक दास शास्त्री हमेशा की तरह ब्रह्म मुहूर्त में पूजा-अर्चन के लिए मंदिर का पट खोलने पहुंचे। उन्होंने देखा कि मंदिर का ताला टूटा हुआ था और अंदर का सामान बिखरा पड़ा था। गर्भगृह से भगवान राम, माता सीता और लक्ष्मण की अष्टधातु प्रतिमाएं तथा उन पर सजे बहुमूल्य आभूषण गायब थे। महामंडलेश्वर के अनुसार, चोरी गई प्रतिमाओं पर सोने का धनुष, स्वर्ण कंगन, माता सीता का स्वर्ण मुकुट, सोने की छतरी, चांदी का मुकुट, किशोरी जी की सोने की चेन तथा लक्ष्मी माता की सोने की चेन जैसे बहुमूल्य आभूषण लगे हुए थे। इसमें अकेले भगवान राम की अष्टधातु प्रतिमा की कीमत लगभग एक करोड़ रुपये है, जबकि अन्य प्रतिमाओं और आभूषणों को मिलाकर कुल डेढ़ करोड़ रुपये की चोरी का अनुमान है। घटना की सूचना मिलते ही खानपुर थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है और साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। पुलिस आसपास के क्षेत्रों में छापेमारी के साथ सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि अपराधियों को जल्द गिरफ्तार किया जा सके। इस बड़ी वारदात के बाद श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश और चिंता का माहौल है, और उन्होंने प्रशासन से दुर्लभ प्रतिमाओं की जल्द बरामदगी और दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है।3
- पटना के मोकामा में गंगा नदी का तेज और विकराल कटाव लगातार जारी है, जिससे स्थानीय लोगों की चिंता काफी बढ़ गई है। मोकामाघाट, औंटा और दरियापुर समेत कई घाटों पर कटाव का कहर तेजी से बढ़ रहा है। स्थानीय ग्रामीणों का दावा है कि मोकामाघाट में रोजाना लगभग 10 से 12 फीट तक जमीन टूटकर गंगा नदी में समाती जा रही है, जिससे लोग बेहद चिंतित हैं। इस गंभीर स्थिति को देखते हुए ग्रामीणों ने प्रशासन से समय रहते आवश्यक सुरक्षात्मक कदम उठाने की गुहार लगाई है। इस पर अंचल प्रशासन ने भी संज्ञान लिया है और संबंधित विभागों को वर्तमान स्थिति से अवगत कराने के साथ-साथ आगे की आवश्यक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।1
- पटना जिले के मोकामा क्षेत्र में गंगा नदी का कटाव लगातार तेज होता जा रहा है। मोकामाघाट, औंटा और दरियापुर समेत कई घाटों पर प्रतिदिन 10 से 12 फीट तक जमीन नदी में समा रही है। इस भयंकर कटाव की वजह से स्थानीय ग्रामीणों में भारी दहशत का माहौल है और अब सरकारी ढांचों पर भी खतरा मंडराने लगा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि सुरक्षा के लिए रखे गए सैंड बैग का प्रशासन द्वारा अब तक कोई उपयोग नहीं किया गया है। इस मामले पर अंचल अधिकारी लवली कुमारी ने बताया कि स्थिति की जानकारी संबंधित विभागों को दे दी गई है और जल्द ही आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।1
- पटना जिले के मोकामा में एक व्यक्ति को जहरीले रसेल वाईपर ने काट लिया है। सांप के काटने की इस घटना के बाद पीड़ित व्यक्ति को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।1
- समस्तीपुर के मोहनपुर प्रखंड क्षेत्र में भारतीय वन्यजीव संस्थान के गंगा प्रहरियों ने एक बड़े अभियान के तहत गंगा नदी में रहने वाले 10 दुर्लभ नरम कवच वाले कछुओं का सफलतापूर्वक रेस्क्यू किया है। इन सभी कछुओं को सुरक्षित रूप से वापस गंगा नदी में छोड़ दिया गया है। इस कार्रवाई को क्षेत्र में अब तक का सबसे बड़ा कछुआ रेस्क्यू अभियान माना जा रहा है। रेस्क्यू किए गए सभी कछुए 'लिसेमिस पंक्टाटा' प्रजाति के हैं, जो स्वच्छ और मीठे पानी में रहते हैं और इनका वजन करीब 500 ग्राम से लेकर 3 किलोग्राम तक था। भारतीय वन्यजीव संस्थान के सहायक समन्वयक कुणाल कुमार सिंह ने जानकारी दी कि मछुआरा समुदाय के कुछ लोगों द्वारा इन कछुओं का लगातार अवैध शिकार किया जा रहा था। इस बात की सूचना मिलते ही गंगा प्रहरियों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए कछुओं को उनके प्राकृतिक आवास में सुरक्षित छोड़ दिया। यह अभियान संस्थान के दिशा-निर्देशों के तहत राज्य के वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के सहयोग से चलाया जा रहा है। वन्यजीवों का अवैध शिकार करना एक कानूनन दंडनीय अपराध है। कछुओं के महत्व के बारे में गंगा प्रहरी बिट्टू कुमार सिंह ने बताया कि इन्हें गंगा नदी का "गिद्ध" भी कहा जाता है, क्योंकि ये मृत जलीय जीवों और जैविक अवशेषों को खाकर नदी की स्वच्छता बनाए रखने में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। इस रेस्क्यू अभियान को सफल बनाने में गंगा प्रहरी जयंत सिंह, राजकुमार सिंह और सोहन सिंह सहित अन्य सदस्यों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।1
- पटना जिले के बाढ़ अंतर्गत भदौर थाना क्षेत्र के शहजादपुर बथोई में दो भाइयों के बीच जमीन विवाद को लेकर जमकर मारपीट हुई है। दोनों भाइयों के बीच भूमि विवाद के चलते बहस हुई, जिसके बाद दोनों पक्षों में जमकर मारपीट हो गई।1