नमस्कार, आप देख रहे हैं वंदे भारत न्यूज़। मैं हूँ आपके साथ रमेंद्र कुमार। बड़ी खबर सोनपुर से है, जहां पूर्व मध्य रेलवे के मान्यता प्राप्त यूनियन ईस्ट सेंट्रल रेलवे इम्प्लाइज यूनियन (ECREU) के बैनर तले डीआरएम कार्यालय के समक्ष विशाल जन आंदोलन सभा का आयोजन किया गया। सभा में रेलवे के निजीकरण, नई श्रम संहिता, एनपीएस और यूपीएस का विरोध करते हुए रेलकर्मियों ने एकजुटता का प्रदर्शन किया। वीओ-1 मंगलवार 28 जुलाई 2026 को सोनपुर स्टेशन से डीआरएम कार्यालय तक रेल कर्मचारियों ने रैली और जुलूस निकाला। इसके बाद आयोजित विशाल सभा की अध्यक्षता मंडल अध्यक्ष कामरेड झुन्नू कुमार ने की, जबकि संचालन मंडल सचिव संदीप पासवान ने किया। सभा में वक्ताओं ने केंद्र सरकार की श्रमिक नीतियों, रेलवे के निजीकरण और नई श्रम संहिता का विरोध करते हुए पुरानी पेंशन योजना यानी ओपीएस बहाल करने की मांग उठाई। बाइट – रत्नेश वर्मा ईसीआरईयू के केंद्रीय संयुक्त सचिव एवं आईआरईएफ के राष्ट्रीय सहायक महासचिव रत्नेश वर्मा ने कहा कि रेलवे कर्मचारी अब मजदूर विरोधी नीतियों के खिलाफ पूरी तरह एकजुट हो चुके हैं। उन्होंने रेलवे में रिक्त पदों पर बहाली, कर्मचारियों की सुरक्षा और यूनियन अधिकारों की रक्षा की मांग की। बाइट – संदीप पासवान मंडल सचिव संदीप पासवान ने कहा कि पेंशन, वेतन वृद्धि, भत्ता और बोनस कर्मचारियों का अधिकार है, जिसे सरकार को स्वतः लागू करना चाहिए। उन्होंने 9 अगस्त को प्रस्तावित जन कन्वेंशन में अधिक से अधिक रेलकर्मियों से भाग लेने की अपील की। वीओ-2 सभा में नई श्रम नीति वापस लेने, एनपीएस और यूपीएस समाप्त कर ओपीएस लागू करने, रेलवे में रिक्त पदों पर भर्ती करने, आउटसोर्सिंग बंद करने, समान काम के लिए समान वेतन देने, आठ घंटे का ड्यूटी रोस्टर लागू करने और कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने सहित 36 सूत्री मांगों को प्रमुखता से उठाया गया। वक्ताओं ने कहा कि रेलवे में कर्मचारियों की भारी कमी है, जिसके कारण कर्मचारियों पर कार्य का अत्यधिक बोझ बढ़ रहा है। ट्रैक पर कार्य करने वाले रेलकर्मियों के लिए जीवन रक्षक उपकरण और एक करोड़ रुपये के बीमा की भी मांग की गई। समापन सभा में डी.पी. श्रीवास्तव, बी.आर. सिंह, संतोष पासवान, अजय साह, मृत्युंजय कुमार, एस.पी. साहू, संजीव मिश्रा सहित कई यूनियन नेताओं ने संबोधित किया। फिलहाल रेलकर्मियों ने स्पष्ट संकेत दिया है कि यदि उनकी मांगों पर विचार नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। कैमरामैन के साथ, रमेंद्र कुमार, वंदे भारत न्यूज़, सोनपुर। नमस्कार, आप देख रहे हैं वंदे भारत न्यूज़। मैं हूँ आपके साथ रमेंद्र कुमार। बड़ी खबर सोनपुर से है, जहां पूर्व मध्य रेलवे के मान्यता प्राप्त यूनियन ईस्ट सेंट्रल रेलवे इम्प्लाइज यूनियन (ECREU) के बैनर तले डीआरएम कार्यालय के समक्ष विशाल जन आंदोलन सभा का आयोजन किया गया। सभा में रेलवे के निजीकरण, नई श्रम संहिता, एनपीएस और यूपीएस का विरोध करते हुए रेलकर्मियों ने एकजुटता का प्रदर्शन किया। वीओ-1 मंगलवार 28 जुलाई 2026 को सोनपुर स्टेशन से डीआरएम कार्यालय तक रेल कर्मचारियों ने रैली और जुलूस निकाला। इसके बाद आयोजित विशाल सभा की अध्यक्षता मंडल अध्यक्ष कामरेड झुन्नू कुमार ने की, जबकि संचालन मंडल सचिव संदीप पासवान ने किया। सभा में वक्ताओं ने केंद्र सरकार की श्रमिक नीतियों, रेलवे के निजीकरण और नई श्रम संहिता का विरोध करते हुए पुरानी पेंशन योजना यानी ओपीएस बहाल करने की मांग उठाई। बाइट – रत्नेश वर्मा ईसीआरईयू के केंद्रीय संयुक्त सचिव एवं आईआरईएफ के राष्ट्रीय सहायक महासचिव रत्नेश वर्मा ने कहा कि रेलवे कर्मचारी अब मजदूर विरोधी नीतियों के खिलाफ पूरी तरह एकजुट हो चुके हैं। उन्होंने रेलवे में रिक्त पदों पर बहाली, कर्मचारियों की सुरक्षा और यूनियन अधिकारों की रक्षा की मांग की। बाइट – संदीप पासवान मंडल सचिव संदीप पासवान ने कहा कि पेंशन, वेतन वृद्धि, भत्ता और बोनस कर्मचारियों का अधिकार है, जिसे सरकार को स्वतः लागू करना चाहिए। उन्होंने 9 अगस्त को प्रस्तावित जन कन्वेंशन में अधिक से अधिक रेलकर्मियों से भाग लेने की अपील की। वीओ-2 सभा में नई श्रम नीति वापस लेने, एनपीएस और यूपीएस समाप्त कर ओपीएस लागू करने, रेलवे में रिक्त पदों पर भर्ती करने, आउटसोर्सिंग बंद करने, समान काम के लिए समान वेतन देने, आठ घंटे का ड्यूटी रोस्टर लागू करने और कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने सहित 36 सूत्री मांगों को प्रमुखता से उठाया गया। वक्ताओं ने कहा कि रेलवे में कर्मचारियों की भारी कमी है, जिसके कारण कर्मचारियों पर कार्य का अत्यधिक बोझ बढ़ रहा है। ट्रैक पर कार्य करने वाले रेलकर्मियों के लिए जीवन रक्षक उपकरण और एक करोड़ रुपये के बीमा की भी मांग की गई। समापन सभा में डी.पी. श्रीवास्तव, बी.आर. सिंह, संतोष पासवान, अजय साह, मृत्युंजय कुमार, एस.पी. साहू, संजीव मिश्रा सहित कई यूनियन नेताओं ने संबोधित किया। फिलहाल रेलकर्मियों ने स्पष्ट संकेत दिया है कि यदि उनकी मांगों पर विचार नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। कैमरामैन के साथ, रमेंद्र कुमार, वंदे भारत न्यूज़, सोनपुर।
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- नमस्कार, आप देख रहे हैं वंदे भारत न्यूज़। मैं हूँ आपके साथ रमेंद्र कुमार। बड़ी खबर सोनपुर से है, जहां पूर्व मध्य रेलवे के मान्यता प्राप्त यूनियन ईस्ट सेंट्रल रेलवे इम्प्लाइज यूनियन (ECREU) के बैनर तले डीआरएम कार्यालय के समक्ष विशाल जन आंदोलन सभा का आयोजन किया गया। सभा में रेलवे के निजीकरण, नई श्रम संहिता, एनपीएस और यूपीएस का विरोध करते हुए रेलकर्मियों ने एकजुटता का प्रदर्शन किया। मंगलवार 28 जुलाई 2026 को सोनपुर स्टेशन से डीआरएम कार्यालय तक रेल कर्मचारियों ने रैली और जुलूस निकाला। इसके बाद आयोजित विशाल सभा की अध्यक्षता मंडल अध्यक्ष कामरेड झुन्नू कुमार ने की, जबकि संचालन मंडल सचिव संदीप पासवान ने किया। सभा में वक्ताओं ने केंद्र सरकार की श्रमिक नीतियों, रेलवे के निजीकरण और नई श्रम संहिता का विरोध करते हुए पुरानी पेंशन योजना यानी ओपीएस बहाल करने की मांग उठाई। ईसीआरईयू के केंद्रीय संयुक्त सचिव एवं आईआरईएफ के राष्ट्रीय सहायक महासचिव रत्नेश वर्मा ने कहा कि रेलवे कर्मचारी अब मजदूर विरोधी नीतियों के खिलाफ पूरी तरह एकजुट हो चुके हैं। उन्होंने रेलवे में रिक्त पदों पर बहाली, कर्मचारियों की सुरक्षा और यूनियन अधिकारों की रक्षा की मांग की। मंडल सचिव संदीप पासवान ने कहा कि पेंशन, वेतन वृद्धि, भत्ता और बोनस कर्मचारियों का अधिकार है, जिसे सरकार को स्वतः लागू करना चाहिए। उन्होंने 9 अगस्त को प्रस्तावित जन कन्वेंशन में अधिक से अधिक रेलकर्मियों से भाग लेने की अपील की। सभा में नई श्रम नीति वापस लेने, एनपीएस और यूपीएस समाप्त कर ओपीएस लागू करने, रेलवे में रिक्त पदों पर भर्ती करने, आउटसोर्सिंग बंद करने, समान काम के लिए समान वेतन देने, आठ घंटे का ड्यूटी रोस्टर लागू करने और कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने सहित 36 सूत्री मांगों को प्रमुखता से उठाया गया। वक्ताओं ने कहा कि रेलवे में कर्मचारियों की भारी कमी है, जिसके कारण कर्मचारियों पर कार्य का अत्यधिक बोझ बढ़ रहा है। ट्रैक पर कार्य करने वाले रेलकर्मियों के लिए जीवन रक्षक उपकरण और एक करोड़ रुपये के बीमा की भी मांग की गई। सभा में डी.पी. श्रीवास्तव, बी.आर. सिंह, संतोष पासवान, अजय साह, मृत्युंजय कुमार, एस.पी. साहू, संजीव मिश्रा सहित कई यूनियन नेताओं ने संबोधित किया। फिलहाल रेलकर्मियों ने स्पष्ट संकेत दिया है कि यदि उनकी मांगों पर विचार नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। कैमरामैन मयंक सिंह के साथ, रमेंद्र कुमार, वंदे भारत न्यूज़, सोनपुर।1
- 💬 क्या आप कभी मणिराम अखाड़ा गए हैं? कमेंट में "जय बाबा मणिराम" जरूर लिखें। बिहार शरीफ का प्रसिद्ध मणिराम अखाड़ा श्रद्धालुओं की गहरी आस्था का केंद्र है। हर वर्ष यहां लगने वाला लंगोटा मेला हजारों श्रद्धालुओं को अपनी ओर आकर्षित करता है। अगर आपने अभी तक इस ऐतिहासिक स्थल के दर्शन नहीं किए हैं, तो यह वीडियो जरूर देखें। 💬 क्या आप कभी मणिराम अखाड़ा गए हैं? कमेंट में "जय बाबा मणिराम" जरूर लिखें।1
- श्री श्री 108❤ ऊं नमः शिवाय ❤ हर हर महादेव जी हर हर ❤ सबका जीवन मंगलमय हो सबके जीवन में खुशियों कि बरसात हो ❤ जय बाबा शिव गुरु विडियो न0-585🚩🌅⛲🪷❤👋1
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