जालौन के कालपी में मोहर्रम के ताजियों को लेकर प्रशासन पूरी तरह सख्त है, जिसके तहत चप्पे-चप्पे पर पुलिस की पैनी निगाह रहेगी। सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के लिए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने सड़कों पर फ्लैग मार्च भी निकाला है। शांति और सौहार्दपूर्ण वातावरण में त्योहार संपन्न कराने के उद्देश्य से भारी पुलिस बल और पीएसी के जवान तैनात किए गए हैं। प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी तरह की भ्रामक खबरों पर ध्यान न दें और अफवाहों से सावधान रहें। माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वाले और अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्यवाही की जाएगी। पुलिस की विशेष टीम सोशल मीडिया पर कड़ी नजर रख रही है, और आपत्तिजनक पोस्ट करने वालों को जेल भेजा जाएगा। प्रशासन ने सुरक्षा को लेकर 'जीरो टॉलरेंस' का रुख अपनाया है और संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत पुलिस को सूचना देने को कहा है। इस संदर्भ में, उप जिलाधिकारी कालपी (जालौन) अमित शेखर और सी ओ कालपी (जालौन) राजेश कमल ने अपनी बाइट्स दी हैं।
जालौन के कालपी में मोहर्रम के ताजियों को लेकर प्रशासन पूरी तरह सख्त है, जिसके तहत चप्पे-चप्पे पर पुलिस की पैनी निगाह रहेगी। सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के लिए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने
सड़कों पर फ्लैग मार्च भी निकाला है। शांति और सौहार्दपूर्ण वातावरण में त्योहार संपन्न कराने के उद्देश्य से भारी पुलिस बल और पीएसी के जवान तैनात किए गए हैं। प्रशासन ने आम जनता से अपील की
है कि वे किसी भी तरह की भ्रामक खबरों पर ध्यान न दें और अफवाहों से सावधान रहें। माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वाले और अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्यवाही
की जाएगी। पुलिस की विशेष टीम सोशल मीडिया पर कड़ी नजर रख रही है, और आपत्तिजनक पोस्ट करने वालों को जेल भेजा जाएगा। प्रशासन ने सुरक्षा को लेकर 'जीरो टॉलरेंस' का रुख अपनाया है और
संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत पुलिस को सूचना देने को कहा है। इस संदर्भ में, उप जिलाधिकारी कालपी (जालौन) अमित शेखर और सी ओ कालपी (जालौन) राजेश कमल ने अपनी बाइट्स दी हैं।
- बिहार के पटना स्थित खान सर की कोचिंग संस्थान में आग लगने की घटना सामने आई है। आग पर नियंत्रण पाने के लिए फायर सिस्टम की सहायता से लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।1
- जालौन के पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह ने कोंच कोतवाली का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अभिलेखों के रखरखाव और रात्रि गश्त व्यवस्था का बारीकी से जायजा लिया। एसपी सिंह ने आईजीआरएस (IGRS) शिकायतों के निस्तारण और वांछित अपराधियों की तत्काल गिरफ्तारी को लेकर कड़े निर्देश जारी किए। उन्होंने कोतवाली परिसर में निर्माणाधीन आवास और बैरक का भी निरीक्षण किया। इसके अतिरिक्त, एसपी ने एक अपराध समीक्षा बैठक भी की, जिसमें उन्होंने पुलिसकर्मियों को आवश्यक कड़े दिशा-निर्देश दिए।1
- जालौन के कालपी में मोहर्रम के ताजियों को लेकर प्रशासन पूरी तरह सख्त है, जिसके तहत चप्पे-चप्पे पर पुलिस की पैनी निगाह रहेगी। सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के लिए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने सड़कों पर फ्लैग मार्च भी निकाला है। शांति और सौहार्दपूर्ण वातावरण में त्योहार संपन्न कराने के उद्देश्य से भारी पुलिस बल और पीएसी के जवान तैनात किए गए हैं। प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी तरह की भ्रामक खबरों पर ध्यान न दें और अफवाहों से सावधान रहें। माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वाले और अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्यवाही की जाएगी। पुलिस की विशेष टीम सोशल मीडिया पर कड़ी नजर रख रही है, और आपत्तिजनक पोस्ट करने वालों को जेल भेजा जाएगा। प्रशासन ने सुरक्षा को लेकर 'जीरो टॉलरेंस' का रुख अपनाया है और संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत पुलिस को सूचना देने को कहा है। इस संदर्भ में, उप जिलाधिकारी कालपी (जालौन) अमित शेखर और सी ओ कालपी (जालौन) राजेश कमल ने अपनी बाइट्स दी हैं।5
- जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय और पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह के निर्देशन में गठित संयुक्त टीमों ने जालौन के उरई शहर में कई कोचिंग संस्थानों का औचक निरीक्षण किया। इस जाँच के दौरान बिना अनुमति संचालित होने, फायर सेफ्टी व्यवस्था न होने, आपातकालीन निकास की कमी और भवन सुरक्षा मानकों की अनदेखी जैसी गंभीर खामियाँ सामने आईं। इन अनियमितताओं पर तत्काल कार्रवाई करते हुए प्रशासन ने एक दर्जन से अधिक कोचिंग संस्थानों को सील कर दिया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक स्वयं मौके पर मौजूद रहे और अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि विद्यार्थियों की सुरक्षा के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि नियमों का पालन न करने वाले संस्थानों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। जनपद में चल रहा यह विशेष अभियान, जो उरई में अवैध और मानकों के विपरीत संचालित कोचिंग संस्थानों पर प्रशासन का बड़ा शिकंजा है, विद्यार्थियों को सुरक्षित और बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने के लिए लगातार जारी रहेगा।1
- यह संदेश उन लोगों को प्रेरित करता है जिनके अरमानों को ठोकरों ने मिटा दिया है और जिन्हें वक्त ने हर मोड़ पर आजमाया है। इसमें कहा गया है कि केवल वही लोग कलम उठाकर एक नया इतिहास लिखेंगे, जिन्होंने अपने सीने में दर्द को सँजोया है और चुनौतियों का सामना किया है।1
- उत्तर प्रदेश के जालौन जिले में नकली कोल्डड्रिंक से भरा एक ट्रक पकड़ा गया है। यह पूरा फर्जी खेल दिल्ली की वरुण बेवरेज कंपनी के नाम पर चल रहा था, जिसका भंडाफोड़ कंपनी मैनेजर की शिकायत के बाद हुआ। पुलिस के अनुसार, UP82T5354 नंबर का यह ट्रक कोंच कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला नई बस्ती स्थित कंजर बाबा के पास रामकिशन अग्रवाल की गोदाम पर नकली कोल्डड्रिंक उतार रहा था। इस पूरे गोरखधंधे में कूटरचित दस्तावेज तैयार कर नकली कोल्डड्रिंक को बाजार में बेचा जा रहा था। कोंच कोतवाली पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए ट्रक को अपने कब्जे में ले लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। इस प्रकरण में वरुण बेवरेज कंपनी, गुरुग्राम के एएसएम राकेश मिश्रा, शिकायतकर्ता आशुतोष व्यास और ट्रक चालक सुरेंदर के बयान दर्ज किए गए हैं।1
- जालौन विकासखंड क्षेत्र के ग्राम शहजादपुरा में सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है, जिससे स्थानीय ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। नालियों की नियमित सफाई न होने के कारण गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है, जिससे कई स्थानों पर जलभराव की गंभीर स्थिति बनी हुई है। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में सफाई व्यवस्था केवल नाम मात्र की है, और कूड़े के ढेर जगह-जगह लगे होने से दुर्गंध फैल रही है, जिससे संक्रामक बीमारियों का खतरा लगातार बढ़ रहा है। गांव में लाखों रुपये की लागत से पानी की टंकी का निर्माण किया गया था, लेकिन इसके बावजूद आज भी अधिकांश घरों तक नलों के माध्यम से पानी की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। इस कारण लोगों को पेयजल के लिए भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, 'जल जीवन मिशन' कागजों में भले ही 'मस्त' हो, लेकिन जमीनी स्तर पर यह 'पस्त' हो चुका है। सड़कों और गलियों में फैले जलभराव के कारण स्कूली बच्चे, बुजुर्ग और राहगीर रोज कठिनाइयों से गुजरते हैं और कई बार फिसलकर चोटिल भी हो चुके हैं। ग्रामीणों ने शिकायत की है कि पिछले पांच वर्षों में गांव में कोई उल्लेखनीय विकास कार्य नहीं कराया गया है, और मूलभूत सुविधाएं जैसे सफाई, जल निकासी तथा पेयजल की स्थिति लगातार बद से बदतर होती जा रही है। उन्होंने ग्राम प्रधान पर विकास कार्यों की उपेक्षा का सीधा आरोप लगाते हुए जिला प्रशासन से इस मामले की जांच करने और आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है। राजेंद्र कुमार फौजी, जीत सिंह, सियाराम, इंद्रजीत सिंह, मोहर सिंह, ब्रह्म प्रकाश, राजा कारन, प्रसनजीत और छोटे सहित कई अन्य ग्रामीणों ने गांव की इन गंभीर समस्याओं के शीघ्र समाधान की पुरजोर मांग उठाई है।1