सिंघर्र गांव में होली मिलन, फूलडोल महोत्सव का आयोजनः ग्राम प्रधान रजनी तोमर और कन्हैया सिंह तोमर ने किया शुभारंभ सासनी के सिंघर्र गांव में होली के पांच दिन बाद होली मिलन समारोह और फूलडोल महोत्सव का आयोजन किया गया। इस दौरान गांव रंगों और उत्साह से सराबोर रहा। राधा-कृष्ण के प्रेम के प्रतीक इस महोत्सव में पूरा गांव भक्ति और आपसी भाईचारे के रंग में रंगा नजर आया। कार्यक्रम का शुभारंभ ग्राम प्रधान रजनी तोमर और क्षेत्रीय सहकारी समिति मडराक के चेयरमैन पति कुंवर कन्हैया सिंह तोमर ने मुख्य अतिथि के रूप में फीता काटकर किया। अतिथियों ने क्षेत्रवासियों को गुलाल लगाकर होली की शुभकामनाएं दीं समारोह की शुरुआत फूलडोल की विशेष पूजा-अर्चना के साथ हुई। इसके बाद ढोल-नगाड़ों की थाप पर ग्रामीणों ने जमकर नृत्य किया। कार्यक्रम में बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक ने फूलों की होली में उत्साह के साथ भाग लिया। कुंवर कन्हैया सिंह तोमर ने कहा कि ऐसे आयोजन हमारी सांस्कृतिक विरासत को सहेजने के साथ-साथ समाज में समरसता का संदेश देते हैं। उन्होंने प्रेम और सद्भाव के साथ त्योहार मनाने की अपील की। ग्राम प्रधान रजनी तोमर ने उपस्थित महिलाओं और ग्रामीणों का स्वागत करते हुए कहा कि होली खुशियों का त्योहार है, जो आपसी गिले-शिकवे भुलाकर साथ चलने की प्रेरणा देता है। इस अवसर पर कुंवर कन्हैया सिंह तोमर, कोमल सिंह तोमर, मनोज तोमर, हरि सिंह मामा, आकाश तोमर, नागेंद्र दीक्षित, भोला सोलंकी, हरिप्रसाद, धर्म सिंह तोमर, सुभाष चंद्र शर्मा, पवन कुमार शर्मा, हुक्म सिंह, विशाल तोमर, गोपाल, भीम सिंह तोमर, देवेंद्र सिंह तोमर, भुवनेंद्र तोमर, श्याम परमार, दाऊजी महाराज, राजकुमार सिंह सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।
सिंघर्र गांव में होली मिलन, फूलडोल महोत्सव का आयोजनः ग्राम प्रधान रजनी तोमर और कन्हैया सिंह तोमर ने किया शुभारंभ सासनी के सिंघर्र गांव में होली के पांच दिन बाद होली मिलन समारोह और फूलडोल महोत्सव का आयोजन किया गया। इस दौरान गांव रंगों और उत्साह से सराबोर रहा। राधा-कृष्ण के प्रेम के प्रतीक इस महोत्सव में पूरा गांव भक्ति और आपसी भाईचारे के रंग में रंगा
नजर आया। कार्यक्रम का शुभारंभ ग्राम प्रधान रजनी तोमर और क्षेत्रीय सहकारी समिति मडराक के चेयरमैन पति कुंवर कन्हैया सिंह तोमर ने मुख्य अतिथि के रूप में फीता काटकर किया। अतिथियों ने क्षेत्रवासियों को गुलाल लगाकर होली की शुभकामनाएं दीं समारोह की शुरुआत फूलडोल की विशेष पूजा-अर्चना के साथ हुई। इसके बाद ढोल-नगाड़ों की थाप पर ग्रामीणों ने जमकर नृत्य किया। कार्यक्रम में बच्चों से लेकर बुजुर्गों
तक ने फूलों की होली में उत्साह के साथ भाग लिया। कुंवर कन्हैया सिंह तोमर ने कहा कि ऐसे आयोजन हमारी सांस्कृतिक विरासत को सहेजने के साथ-साथ समाज में समरसता का संदेश देते हैं। उन्होंने प्रेम और सद्भाव के साथ त्योहार मनाने की अपील की। ग्राम प्रधान रजनी तोमर ने उपस्थित महिलाओं और ग्रामीणों का स्वागत करते हुए कहा कि होली खुशियों का त्योहार है, जो
आपसी गिले-शिकवे भुलाकर साथ चलने की प्रेरणा देता है। इस अवसर पर कुंवर कन्हैया सिंह तोमर, कोमल सिंह तोमर, मनोज तोमर, हरि सिंह मामा, आकाश तोमर, नागेंद्र दीक्षित, भोला सोलंकी, हरिप्रसाद, धर्म सिंह तोमर, सुभाष चंद्र शर्मा, पवन कुमार शर्मा, हुक्म सिंह, विशाल तोमर, गोपाल, भीम सिंह तोमर, देवेंद्र सिंह तोमर, भुवनेंद्र तोमर, श्याम परमार, दाऊजी महाराज, राजकुमार सिंह सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।
- विधानसभा स्पीकर सतीश महाना होंगे मुख्य अतिथि विशिष्ट अतिथि होंगे स्वतंत्र देव सिंह अलीगढ़। मंगलायतन विश्वविद्यालय में 12 मार्च को 12वें दीक्षांत समारोह का भव्य आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश विधानसभा के स्पीकर सतीश महाना मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे, जबकि उत्तर प्रदेश सरकार के जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह विशिष्ट अतिथि के रूप में समारोह की गरिमा बढ़ाएंगे। वहीं कार्यक्रम की अध्यक्षता वरिष्ठ पत्रकार, माखनलाल चतुर्वेदी विवि के पूर्व कुलपति व कुलाधिपति डा. अच्युतानंद मिश्रा करेंगे। दीक्षांत समारोह में विश्वविद्यालय के विभिन्न संकायों के स्नातक, स्नातकोत्तर तथा शोधार्थियों को उनकी शैक्षणिक उपलब्धियों के लिए उपाधियां प्रदान की जाएंगी तथा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक और अन्य पुरस्कारों से सम्मानित किया जाएगा। दीक्षांत समारोह की तैयारियों को लेकर विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित पत्रकार वार्ता में कुलपति प्रो. पीके दशोरा, कुलसचिव ब्रिगेडियर डा. समरवीर सिंह तथा परीक्षा नियंत्रक प्रो. दिनेश शर्मा ने कार्यक्रम की रूपरेखा साझा की।4
- खाटू श्याम जी को “हारे का सहारा” कहा जाता है। जो भी भक्त सच्चे मन से उन्हें याद करता है, श्याम बाबा उसकी मदद करते हैं। माना जाता है कि श्याम बाबा दुखी और निराश लोगों का सहारा बनते हैं। महाभारत के वीर बर्बरीक ही आज खाटू श्याम के रूप में पूजे जाते हैं। उन्होंने भगवान कृष्ण को अपना शीश दान किया था। उनकी भक्ति और त्याग से प्रसन्न होकर कृष्ण ने उन्हें वरदान दिया। वरदान में कहा गया कि कलयुग में तुम श्याम नाम से पूजे जाओगे। जो भी हारकर तुम्हारे दरबार में आएगा, उसे जीत और सहारा मिलेगा। इसलिए लाखों भक्त खाटू धाम जाकर श्याम बाबा के दर्शन करते हैं। श्याम बाबा की कृपा से भक्तों के जीवन में आशा और विश्वास बना रहता है।2
- अलीगढ़ की दिल जागझोर देने वाली घटना पत्नी का हत्यारा पति अपनी ही बहु बेटे की जान का दुश्मन बना पिता की काली करतूत पुलिस ने नहीं लिखी रिपोर्ट1
- अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त डॉ. कंचन जैन को स्त्री शक्ति सम्मान 2026 से नेपाल में सम्मानितकिया गया।1
- तहसील सिकंदरा राव के गांव चौराहे में एक नव विवाहित आने कमरे में हिंदी पर लटक कर लगाई फांसी विवाहित को 5 साल शादी को हुई है अब तक उनके कोई संतान नहीं है। मौके पर पहुंचकर पुलिस ने कमरे का दरवाजा तोड़कर फंदे पर लटकी हुई सबको उतार कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है पुलिस जांच में छूट गई है।1
- Post by Mohit kumar2
- अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर हाथरस कलेक्ट्रेट में एक अनूठी पहल देखने को मिली। इस दौरान एक छात्रा को प्रतीकात्मक रूप से एक दिन के लिए जिलाधिकारी बनाया गया। छात्रा ने जिलाधिकारी अतुल वत्स के साथ कलेक्ट्रेट में बैठकर जनता दर्शन में आए फरियादियों की समस्याएं सुनीं और उनसे संवाद किया। जिलाधिकारी ने बताया कि महिला सशक्तिकरण के तहत छात्राओं को प्रशासनिक कार्यप्रणाली से परिचित कराने और उनमें नेतृत्व क्षमता विकसित करने के उद्देश्य से यह पहल की गई है।1
- Post by Mohit kumar1
- Post by विष्णु शर्मा शिवकुमार2