मऊ सिविल कोर्ट परिसर में उस वक्त भावुक माहौल बन गया जब 15 वर्षों से अपने अधिकार के लिए संघर्ष कर रहे दो दिव्यांग भाइयों को उनकी पुश्तैनी संपत्ति का अधिकार सौंपा गया। जानकारी के अनुसार, भाइयों ने कलेक्टर जनसुनवाई में आवेदन देकर अपनी समस्या रखी थी। लंबे समय से चल रहे विवाद के बाद प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया। एसडीएम, तहसीलदार और राजस्व विभाग की टीम ने जांच कर कार्रवाई की और आखिरकार दोनों भाइयों को उनका हक दिलाया। महू सिविल कोर्ट परिसर में उस वक्त भावुक माहौल बन गया जब 15 वर्षों से अपने अधिकार के लिए संघर्ष कर रहे दो दिव्यांग भाइयों को उनकी पुश्तैनी संपत्ति का अधिकार सौंपा गया। जानकारी के अनुसार, भाइयों ने कलेक्टर जनसुनवाई में आवेदन देकर अपनी समस्या रखी थी। लंबे समय से चल रहे विवाद के बाद प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया। एसडीएम, तहसीलदार और राजस्व विभाग की टीम ने जांच कर कार्रवाई की और आखिरकार दोनों भाइयों को उनका हक दिलाया। हक मिलने के बाद परिवार के चेहरों पर खुशी साफ नजर आई। उन्होंने प्रशासन का आभार जताते हुए कहा कि वर्षों की मेहनत और संघर्ष के बाद उन्हें न्याय मिला है। हालांकि, इस मामले ने यह सवाल भी खड़ा कर दिया है कि क्या हर जरूरतमंद को इसी तरह समय पर न्याय मिल पा रहा है?
मऊ सिविल कोर्ट परिसर में उस वक्त भावुक माहौल बन गया जब 15 वर्षों से अपने अधिकार के लिए संघर्ष कर रहे दो दिव्यांग भाइयों को उनकी पुश्तैनी संपत्ति का अधिकार सौंपा गया। जानकारी के अनुसार, भाइयों ने कलेक्टर जनसुनवाई में आवेदन देकर अपनी समस्या रखी थी। लंबे समय से चल रहे विवाद के बाद प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया। एसडीएम, तहसीलदार और राजस्व विभाग की टीम ने जांच कर कार्रवाई की और आखिरकार दोनों भाइयों को उनका हक दिलाया। महू सिविल कोर्ट परिसर में उस वक्त भावुक माहौल बन गया जब 15 वर्षों से अपने अधिकार के लिए संघर्ष कर रहे दो दिव्यांग भाइयों को उनकी पुश्तैनी संपत्ति का अधिकार सौंपा गया। जानकारी के अनुसार, भाइयों ने कलेक्टर जनसुनवाई में आवेदन देकर अपनी समस्या रखी थी। लंबे समय से चल रहे विवाद के बाद प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया। एसडीएम, तहसीलदार और राजस्व विभाग की टीम ने जांच कर कार्रवाई की और आखिरकार दोनों भाइयों को उनका हक दिलाया। हक मिलने के बाद परिवार के चेहरों पर खुशी साफ नजर आई। उन्होंने प्रशासन का आभार जताते हुए कहा कि वर्षों की मेहनत और संघर्ष के बाद उन्हें न्याय मिला है। हालांकि, इस मामले ने यह सवाल भी खड़ा कर दिया है कि क्या हर जरूरतमंद को इसी तरह समय पर न्याय मिल पा रहा है?
- ग्रामीण क्षेत्र शिप्रा थाने के बिहाढ़िया में शासकीय जमीन से आती कमल हटाए गए क्षेत्र के राजस्व अधिकारी व पुलिस बल मौजूद था1
- 🚨 ब्रेकिंग न्यूज़ 🚨 निडर भारत न्यूज़ से पत्रकार आकाश कोहली की रिपोर्ट 📍 पीथमपुर सेक्टर नंबर वन – कपिला चौराहा आज सुबह करीब 6:30 बजे पीथमपुर सेक्टर नंबर वन स्थित कपिला चौराहे के पास एक चलती हुई बुलेट मोटरसाइकिल (MP-09-5159) में अचानक भीषण आग लग गई। आग इतनी तेज थी कि देखते ही देखते बाइक धू-धू कर जलने लगी और मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। मौके पर मौजूद लोगों ने तत्परता दिखाते हुए रेत के बोरे डालकर आग पर काबू पाने की कोशिश की, लेकिन आग की लपटें काफी तेज होने के कारण तुरंत सफलता नहीं मिल सकी। स्थिति को गंभीर देखते हुए वाहन मालिक ने तत्काल पानी का टैंकर बुलवाया। पानी के टैंकर की मदद से काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। गनीमत रही कि इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, हालांकि मोटरसाइकिल पूरी तरह जलकर राख हो गई। फिलहाल आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है। प्रारंभिक तौर पर शॉर्ट सर्किट या तकनीकी खराबी को संभावित कारण माना जा रहा है। ⚠️ निडर भारत न्यूज़ की अपील: अभी गर्मी का मौसम पूरी तरह शुरू भी नहीं हुआ है, और वाहन आग पकड़ने की घटनाएं सामने आने लगी हैं। सभी वाहन मालिकों से अनुरोध है कि अपनी गाड़ियों की समय-समय पर सर्विस कराएं, वायरिंग और इंजन की जांच करवाएं तथा सड़क पर किसी भी असामान्य गंध या धुएं को नजरअंदाज न करें। सावधानी ही सुरक्षा है।1
- महू सिविल कोर्ट परिसर में उस वक्त भावुक माहौल बन गया जब 15 वर्षों से अपने अधिकार के लिए संघर्ष कर रहे दो दिव्यांग भाइयों को उनकी पुश्तैनी संपत्ति का अधिकार सौंपा गया। जानकारी के अनुसार, भाइयों ने कलेक्टर जनसुनवाई में आवेदन देकर अपनी समस्या रखी थी। लंबे समय से चल रहे विवाद के बाद प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया। एसडीएम, तहसीलदार और राजस्व विभाग की टीम ने जांच कर कार्रवाई की और आखिरकार दोनों भाइयों को उनका हक दिलाया। हक मिलने के बाद परिवार के चेहरों पर खुशी साफ नजर आई। उन्होंने प्रशासन का आभार जताते हुए कहा कि वर्षों की मेहनत और संघर्ष के बाद उन्हें न्याय मिला है। हालांकि, इस मामले ने यह सवाल भी खड़ा कर दिया है कि क्या हर जरूरतमंद को इसी तरह समय पर न्याय मिल पा रहा है?1
- हम लोगों को धर्म और जाति के नाम पर नहीं पटना है हम सिर्फ और सिर्फ हिंदुस्तानी है।1
- यह रिपोर्ट मध्य प्रदेश के भोपाल (भारत) से है जहाँ शहर के ऐतिहासिक और पर्यावरण-महत्व वाले बड़े तालाब (Upper Lake / बड़ा तालाब) के आसपास बना अतिक्रमण हटाने का प्रयास फिर से जोर पकड़ रहा है। प्रमुख विवरण इस प्रकार हैं:1
- मध्यप्रदेश में शुरू होने वाली है सरकारी बसें, मध्य प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा और सराहनीय कदम उठाया गया है। मुख्यमंत्री मोहन यादव के नेतृत्व में प्रदेश सरकार ने सरकारी बसों को दोबारा सड़कों पर उतारने का फैसला लिया है। यह निर्णय आम जनता को सस्ता, सुरक्षित और व्यवस्थित सफर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से लिया गया है। लंबे समय से यात्रियों को निजी बसों की मनमानी, अनियंत्रित किराया और अव्यवस्थित संचालन जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था। ऐसे में सरकारी बस सेवा एक भरोसेमंद विकल्प के रूप में सामने आ रही है। सरकार की इस पहल से संभावित लाभः किराए पर नियंत्रण और पारदर्शिता नई और आधुनिक बसों का संचालन सुरक्षित और आरामदायक यात्रा डिजिटल टिकटिंग और तय समय सारणी ग्रामीण क्षेत्रों तक बेहतर कनेक्टिविटी मोहन यादव सरकार लगातार बुनियादी सुविधाओं को सशक्त करने पर काम कर रही है। सड़क विकास, निवेश प्रोत्साहन और जनहितकारी योजनाओं के बाद अब परिवहन व्यवस्था को व्यवस्थित करना भी विकास की इसी कड़ी का हिस्सा है। किराए पर नियंत्रण और पारदर्शिता सरकारी बसों की यह पहल प्रदेश में स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देगी और यात्रियों को बेहतर विकल्प उपलब्ध कराएगी। यह कदम आम नागरिक के हित को सर्वोपरि रखते हुए लिया गया है। मध्य प्रदेश में अब सफर होगा ज्यादा सुरक्षित, ज्यादा पारदर्शी और ज्यादा भरोसेमंद।1
- मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में सोशल मीडिया पर हथियार के साथ रील बनाना एक युवक को महंगा पड़ गया। तुकोगंज थाना क्षेत्र में विशाल पारिया (वारिया) नामक युवक ने इंस्टाग्राम पर चाकू लहराते हुए वीडियो पोस्ट किया था, जिसका उद्देश्य क्षेत्र में दहशत और रौब जमाना बताया जा रहा है। सूचना मिलने पर पुलिस ने पंचम की फैल क्षेत्र में चेकिंग के दौरान आरोपी को चाकू सहित गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने आरोपी से विवादित रील डिलीट करवाई और सार्वजनिक रूप से माफी भी मंगवाई। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सोशल मीडिया पर हथियारों का प्रदर्शन और डर फैलाने वाले कंटेंट पर सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।1
- महू से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां एक प्रतिष्ठित रेस्टोरेंट में बच्चों द्वारा चोरी की घटना ने इलाके में चिंता का माहौल बना दिया है। महू के वेटरिनरी कॉलेज स्थित शनि मंदिर के सामने मौजूद उत्तम रेस्टोरेंट में आज शाम करीब 5 बजे कुछ बच्चों ने लगभग 2 हजार रुपये का सामान चोरी कर लिया। बताया जा रहा है कि बच्चे मौका पाकर काउंटर से सामान उठाकर फरार हो गए। घटना के बाद रेस्टोरेंट संचालक और आसपास के व्यापारियों में नाराजगी और चिंता देखने को मिल रही है। छोटी-छोटी चोरियों की बढ़ती घटनाओं ने स्थानीय लोगों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते सख्त कदम नहीं उठाए गए, तो ऐसी घटनाएं आगे और बढ़ सकती हैं। वहीं यह सवाल भी उठ रहा है कि बच्चों में बढ़ती आपराधिक प्रवृत्ति के पीछे आखिर जिम्मेदार कौन है? क्या अभिभावकों और समाज की भी इसमें भूमिका बनती है?1