आकांक्षी ब्लॉकों में बदलाव की नई पहल, अधिकारियों को मिला व्यवहार परिवर्तन का प्रशिक्षण डीएम मधुसूदन हुल्गी ने दिए निर्देश—योजनाओं को घर-घर पहुंचाएं, जागरूकता बढ़ाकर सुनिश्चित करें प्रभावी क्रियान्वयन देवरिया, 31 जुलाई। जनपद के चयनित आकांक्षी ब्लॉकों में सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और जनजागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से कलेक्ट्रेट सभागार में अधिकारियों के लिए व्यवहार परिवर्तन विषयक प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने की। प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों को आकांक्षी ब्लॉकों सहित जनपद में संचालित विभिन्न सरकारी योजनाओं को जमीनी स्तर तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने के लिए कार्ययोजना तैयार करने और व्यवहार परिवर्तन की तकनीकों की जानकारी दी गई। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे आमजन के बीच जाकर योजनाओं का प्रचार-प्रसार करें, लोगों को उनका लाभ लेने के लिए प्रेरित करें तथा संवाद के माध्यम से जनसमस्याओं के समाधान का प्रयास करें। प्रशिक्षण में चयनित आकांक्षी ब्लॉक गौरीबाजार, लार, बरहज, भागलपुर और बनकटा में निर्धारित विभिन्न विकास मानकों की शत-प्रतिशत संतृप्ति, जनजागरूकता बढ़ाने तथा योजनाओं से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करने के प्रभावी उपायों पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रशिक्षण स्वाति और अंशिका पांडेय द्वारा प्रदान किया गया। जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने आकांक्षी ब्लॉकों के नोडल अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रशिक्षण में बताई गई बातों को अपने कार्य व्यवहार में शामिल करें और लोगों तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि व्यवहार परिवर्तन के माध्यम से ही योजनाओं का वास्तविक लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाया जा सकता है। प्रशिक्षण कार्यक्रम में आकांक्षी ब्लॉकों के सभी नामित नोडल अधिकारियों ने प्रतिभाग किया।
आकांक्षी ब्लॉकों में बदलाव की नई पहल, अधिकारियों को मिला व्यवहार परिवर्तन का प्रशिक्षण डीएम मधुसूदन हुल्गी ने दिए निर्देश—योजनाओं को घर-घर पहुंचाएं, जागरूकता बढ़ाकर सुनिश्चित करें प्रभावी क्रियान्वयन देवरिया, 31 जुलाई। जनपद के चयनित आकांक्षी ब्लॉकों में सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और जनजागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से कलेक्ट्रेट सभागार में अधिकारियों के लिए व्यवहार परिवर्तन विषयक प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता
जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने की। प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों को आकांक्षी ब्लॉकों सहित जनपद में संचालित विभिन्न सरकारी योजनाओं को जमीनी स्तर तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने के लिए कार्ययोजना तैयार करने और व्यवहार परिवर्तन की तकनीकों की जानकारी दी गई। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे आमजन के बीच जाकर योजनाओं का प्रचार-प्रसार करें, लोगों को उनका लाभ लेने के लिए प्रेरित करें
तथा संवाद के माध्यम से जनसमस्याओं के समाधान का प्रयास करें। प्रशिक्षण में चयनित आकांक्षी ब्लॉक गौरीबाजार, लार, बरहज, भागलपुर और बनकटा में निर्धारित विभिन्न विकास मानकों की शत-प्रतिशत संतृप्ति, जनजागरूकता बढ़ाने तथा योजनाओं से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करने के प्रभावी उपायों पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रशिक्षण स्वाति और अंशिका पांडेय द्वारा प्रदान किया गया। जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने आकांक्षी ब्लॉकों के नोडल
अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रशिक्षण में बताई गई बातों को अपने कार्य व्यवहार में शामिल करें और लोगों तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि व्यवहार परिवर्तन के माध्यम से ही योजनाओं का वास्तविक लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाया जा सकता है। प्रशिक्षण कार्यक्रम में आकांक्षी ब्लॉकों के सभी नामित नोडल अधिकारियों ने प्रतिभाग किया।
- 20 वर्षों की सेवा के बाद अनिरुद्ध प्रसाद को भावभीनी विदाई, जिला सूचना कार्यालय में सम्मान समारोह आयोजित पत्रकारों, कर्मचारियों और गणमान्य लोगों ने दी शुभकामनाएं, कर्तव्यनिष्ठ सेवा और आत्मीय व्यवहार को किया याद देवरिया। जिला सूचना कार्यालय में लगभग 20 वर्षों तक अपनी सेवाएं देने वाले वरिष्ठ कर्मचारी अनिरुद्ध प्रसाद के सेवानिवृत्त होने पर शुक्रवार को कार्यालय परिसर में विदाई एवं सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर उन्हें पुष्पमालाएं पहनाकर सम्मानित किया गया तथा उनके स्वस्थ, सुखद और दीर्घायु सेवानिवृत्त जीवन की कामना की गई। समारोह की अध्यक्षता पूर्व प्रधानाचार्य एवं ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष पौहारी शरण राय तथा कैप्टन वीरेंद्र सिंह ने की। दोनों वक्ताओं ने कहा कि अनिरुद्ध प्रसाद ने अपने पूरे सेवा काल में कर्तव्यनिष्ठा, अनुशासन और ईमानदारी के साथ कार्य किया। उन्होंने सूचना विभाग के अधिकारियों, कर्मचारियों और पत्रकारों के साथ हमेशा आत्मीय एवं मधुर संबंध बनाए रखे, जो उनकी सबसे बड़ी पहचान रही। इस अवसर पर उपस्थित पत्रकारों, कर्मचारियों और प्रबुद्धजनों ने उनके कार्यों की सराहना करते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। समारोह में राजेंद्र तिवारी, चंद्रप्रकाश पांडेय, अवनीश शंकर राय, अनील तिवारी, विनय तिवारी, विनय सिंह, वीरेश्वर मिश्र सहित सूचना विभाग के ओंकार पांडेय, सोनू कुमार, प्रिंस मिश्रा, पंकज धारिया, रामपति, अनिल मिश्रा, प्रदीप पटेल, बृजेंद्र मिश्रा तथा अन्य गणमान्य लोग और उनके परिजन मौजूद रहे। विदाई समारोह के दौरान भावुक हुए अनिरुद्ध प्रसाद ने कार्यालय परिवार और पत्रकार बंधुओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जिला सूचना कार्यालय में बिताया गया समय और यहां का कार्यानुभव उनके जीवन की अमूल्य धरोहर रहेगा। उन्होंने कहा कि यहां सभी का स्नेह, सहयोग और आत्मीयता उन्हें हमेशा याद रहेगी। कार्यक्रम का संचालन ओंकार पांडेय ने किया।1
- औचक निरीक्षण में बड़ा खुलासा, पढ़ाई गायब... कर्मचारी गहरी नींद में! देवरिया में मुख्य विकास अधिकारी के औचक निरीक्षण में एक संस्कृत महाविद्यालय की बड़ी लापरवाही सामने आई। निरीक्षण के दौरान कर्मचारी कुर्सी पर सोता मिला और महाविद्यालय में पढ़ाई की व्यवस्था भी नहीं मिली। इसके बाद सीडीओ ने जांच के आदेश दे दिए। देवरिया के पांडेयचक स्थित श्री विजय राघव संस्कृत महाविद्यालय का शुक्रवार को मुख्य विकास अधिकारी राजेश कुमार सिंह ने औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण में महाविद्यालय की व्यवस्था बेहद खराब मिली। एक कर्मचारी कार्यालय में कुर्सी पर सोता मिला, जबकि परिसर में पढ़ाई का माहौल और आवश्यक संसाधन नहीं मिले।1
- अगर आप ब्रांडेड कंपनी का देसी घी खरीदकर यह सोच रहे हैं कि वह पूरी तरह असली है,तो सावधान हो जाइए।गोरखपुर में खाद्य सुरक्षा विभाग ने एक बड़े फर्जीवाड़े का पर्दाफाश किया है,जहां नामी कंपनियों के पैकेट में गुणवत्ता विहीन घी भरकर बाजार में सप्लाई किया जा रहा था।छापेमारी में चार कुंतल से अधिक पैक घी बरामद हुआ है।चौरीचौरा कस्बे में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए ब्रांडेड देसी घी की नकली पैकिंग के अवैध कारोबार का खुलासा किया है।सूचना के आधार पर सहायक आयुक्त खाद्य डॉ.सुधीर कुमार के निर्देशन में टीम ने एक किराए के मकान पर छापा मारा, जहां छोटे और बड़े पाउच में नामी कंपनियों की पैकिंग में घटिया गुणवत्ता का घी भरा जा रहा था।छापेमारी के दौरान करीब चार कुंतल से अधिक पैक घी बरामद किया गया।जांच में यह भी सामने आया कि पैकिंग सामग्री दिल्ली से छपकर लाई जाती थी और स्थानीय स्तर पर घी भरकर उसे ब्रांडेड बताकर बाजार में बेचा जाता था।खाद्य विभाग के अनुसार प्रारंभिक जांच में घी में एसेंस मिलाने की भी पुष्टि हुई है। हालांकि अंतिम स्थिति प्रयोगशाला से रिपोर्ट आने के बाद स्पष्ट होगी। मौके से पांच नमूने लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं।फिलहाल विभाग ने आपत्तिजनक सामग्री को जब्त कर कार्रवाई शुरू कर दी है।पकड़े गए लोगों से पूछताछ की जा रही है ताकि इस पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके।खाद्य विभाग ने आम जनता से अपील की है कि यदि कहीं भी मिलावटी या नकली खाद्य पदार्थों की जानकारी मिले तो तुरंत विभाग को सूचित करें। लोगों की सतर्कता और सहयोग से ही ऐसे मिलावटखोरों पर प्रभावी कार्रवाई संभव है। बाइट: डॉ. सुधीर कुमार, सहायक आयुक्त खाद्य1
- गोरखपुर जोन में लागू हुई ऑटोमैटिक ड्यूटी मैनेजमेंट सिस्टम, आधुनिकीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम पुलिस विभाग में ड्यूटी आवंटन की पारंपरिक प्रक्रिया को आधुनिक और पारदर्शी बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। डीजी जोन मुथा अशोक जैन ने अपने कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में बताया कि ‘ऑटोमैटिक ड्यूटी मैनेजमेंट सिस्टम’ को पूरे गोरखपुर जोन में लागू कर दिया गया है। इस नई प्रणाली के जरिए अब पुलिस कर्मियों की ड्यूटी सॉफ्टवेयर के माध्यम से स्वतः निर्धारित होगी, जिससे पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित होगी। डीजी ने बताया कि इस प्रणाली की शुरुआत जनपद बलरामपुर से हुई थी, जहां एसपी बलरामपुर विकास कुमार की तकनीकी पहल पर इसे प्रयोग के तौर पर लागू किया गया। वहां इसकी सफलता के बाद अब इसे पूरे जोन के सभी जनपदों में लागू कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि यह सिस्टम पुलिस विभाग के आधुनिकीकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। नई व्यवस्था के तहत यदि कोई पुलिसकर्मी अवकाश पर जाता है तो उसकी जानकारी सॉफ्टवेयर में अपडेट कर दी जाएगी, जिससे उसकी ड्यूटी स्वतः हट जाएगी। छुट्टी से लौटने के बाद संबंधित कर्मचारी की ड्यूटी फिर से सॉफ्टवेयर के माध्यम से लगनी शुरू हो जाएगी। इससे मैन्युअल हस्तक्षेप कम होगा और ड्यूटी आवंटन में किसी प्रकार की गड़बड़ी या पक्षपात की संभावना समाप्त हो जाएगी।1
- संस्कृत महाविद्यालय की खुली पोल: निरीक्षण में सोता मिला कर्मचारी, पढ़ाई के नहीं मिले सबूत पांडेयचक बरनई स्थित विजय राघव संस्कृत महाविद्यालय में सीडीओ के निरीक्षण में मिलीं गंभीर अनियमितताएं, जिले के सभी संस्कृत महाविद्यालयों के औचक निरीक्षण के निर्देश देवरिया। जिले के पांडेयचक बरनई गांव स्थित विजय राघव संस्कृत महाविद्यालय के निरीक्षण में गंभीर अनियमितताएं सामने आई हैं। प्राथमिक विद्यालय के निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) राजेश कुमार सिंह महाविद्यालय पहुंचे तो वहां की व्यवस्था देखकर हैरान रह गए। निरीक्षण में पठन-पाठन के स्पष्ट प्रमाण नहीं मिले, कई कमरों में फर्नीचर नहीं था और कार्यालय में एक कर्मचारी कुर्सी पर पैर रखकर गहरी नींद में सोता मिला। निरीक्षण के दौरान महाविद्यालय में तीन छोटे-छोटे कमरे मिले, जिनमें दो खुले और एक पर ताला लगा था। खुले कमरों में न तो पर्याप्त फर्नीचर मिला और न ही पढ़ाई से जुड़ी कोई गतिविधि दिखाई दी। अधिकारियों के अनुसार प्रथम दृष्टया महाविद्यालय का संचालन संदिग्ध प्रतीत हुआ। सबसे चौंकाने वाला दृश्य कार्यालय में देखने को मिला, जहां करीब आठ गुणा आठ फीट के कमरे में एक व्यक्ति कुर्सी पर बैठकर मेज पर पैर रखे सोता मिला। अधिकारियों के अनुसार काफी देर तक लोगों की आवाजाही और बातचीत के बावजूद वह नहीं जागा। पूरे घटनाक्रम का वीडियो भी बनाया गया। निरीक्षण के बाद सीडीओ ने जिला विद्यालय निरीक्षक को जिले के सभी संस्कृत महाविद्यालयों का अगले सप्ताह औचक निरीक्षण कराने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि यदि जांच में अनियमितता मिलती है तो संबंधित संस्थानों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए और आवश्यकता पड़ने पर उन्हें बंद कराने की प्रक्रिया भी शुरू की जाए। महाविद्यालय परिसर में बने शौचालय पर भी ताला लगा मिला। नाम पट्टिका के अनुसार इसका निर्माण वर्ष 2023-24 में जिला पंचायत की कार्ययोजना के तहत कराया गया था। इस पर भी जांच के निर्देश दिए गए हैं। सीडीओ ने प्रथम दृष्टया सरकारी धन के दुरुपयोग की आशंका जताते हुए महाविद्यालय की मान्यता, संचालन, छात्र उपस्थिति, पठन-पाठन और सरकारी अनुदान से जुड़े सभी बिंदुओं की विस्तृत जांच कराने का निर्देश दिया है। उन्होंने कहा कि जिले में संचालित सभी संस्कृत महाविद्यालयों का औचक निरीक्षण कराया जाएगा और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी।1
- राम मंदिर चंदा विवाद पर संसद में हंगामा, विपक्ष का प्रदर्शन नई दिल्ली। संसद के मानसून सत्र के दौरान आज विपक्षी सांसदों ने अयोध्या के श्रीराम मंदिर में कथित चंदा चोरी के मामले को लेकर संसद परिसर में विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन में शामिल सांसदों ने इस मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। विरोध के दौरान कुछ सांसदों ने सांकेतिक प्रदर्शन भी किया और आरोप लगाया कि श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़े इस मामले में जवाबदेही तय होनी चाहिए। इस मुद्दे को लेकर लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही भी हंगामे की भेंट चढ़ी तथा विपक्ष ने सरकार से जवाब मांगा।1
- जम्मू-कश्मीर के कुलगाम में पहलगाम जैसा हमला आतंकियों ने ईंट भट्टा मजदूरों के नाम पूछे, 2 हिंदुओं को अलग करके गो*ली मारी, मौ*त,सेना अलर्ट जम्मू-कश्मीर के कुलगाम में पहलगाम जैसा हमला आतंकियों ने ईंट भट्टा मजदूरों के नाम पूछे, 2 हिंदुओं को अलग करके गो*ली मारी, मौ*त,सेना अलर्ट1